झांसी जिले के टहरौली थाना क्षेत्र स्थित बंगरी बंगरा गांव में एक मामूली विवाद ने खूनी संघर्ष का रूप ले लिया, जहाँ फरसा, कुल्हाड़ी और लाठी-डंडों से हुए जानलेवा हमले में कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इस घटना के बाद से गांव में दहशत का माहौल बन गया है। गांव के ही एक दर्जन से अधिक लोगों ने परमानंद आर्य, पंकज आर्य, एक मासूम बच्चे, महिलावती और दो अन्य महिलाओं पर जानलेवा हमला कर दिया। स्थानीय निवासियों का कहना है कि यह हमला पहले से घात लगाकर की गई एक साजिश थी। फरसा और कुल्हाड़ी चलते देख मौके पर हड़कंप मच गया और किसी ने भी झगड़े को रोकने की कोशिश नहीं की। गंभीर रूप से घायल हुए लोगों को उनके परिजन आज शनिवार को दोपहर 3 बजे टहरौली थाने ले गए। मेडिकल परीक्षण के बाद पुलिस ने गंभीर घायलों को झांसी रेफर कर दिया है और आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस अब इस मामले में शामिल आरोपियों की तलाश कर रही है।
झांसी जिले के टहरौली थाना क्षेत्र स्थित बंगरी बंगरा गांव में एक मामूली विवाद ने खूनी संघर्ष का रूप ले लिया, जहाँ फरसा, कुल्हाड़ी और लाठी-डंडों से हुए जानलेवा हमले में कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इस घटना के बाद से गांव में दहशत का माहौल बन गया है। गांव के ही एक दर्जन से अधिक लोगों ने परमानंद आर्य, पंकज आर्य, एक मासूम बच्चे, महिलावती और दो अन्य महिलाओं पर जानलेवा हमला कर दिया। स्थानीय निवासियों का कहना है कि यह हमला पहले से घात लगाकर की गई एक साजिश थी। फरसा और कुल्हाड़ी चलते देख मौके पर हड़कंप मच गया और किसी ने भी झगड़े को रोकने की कोशिश नहीं की। गंभीर रूप से घायल हुए लोगों को उनके परिजन आज शनिवार को दोपहर 3 बजे टहरौली थाने ले गए। मेडिकल परीक्षण के बाद पुलिस ने गंभीर घायलों को झांसी रेफर कर दिया है और आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस अब इस मामले में शामिल आरोपियों की तलाश कर रही है।
- बी.एड. संयुक्त प्रवेश परीक्षा 2026 को निष्पक्ष एवं सकुशल सम्पन्न कराने के उद्देश्य से वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक झाँसी ने बुंदेलखंड विश्वविद्यालय का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने विश्वविद्यालय में सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस संबंध में एसएसपी झाँसी बी.बी.जी.टी.एस.मूर्ति आईपीएस की एक वीडियो बाइट भी जारी की गई है।1
- दिल्ली से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रवक्ता अजय आलोक ने तृणमूल कांग्रेस (TMC) सांसद अभिषेक बनर्जी पर हुए हमले की निंदा करते हुए कहा है कि लोकतंत्र में हिंसा के लिए कोई जगह नहीं है। उन्होंने बताया कि इस मामले में पुलिस ने पाँच लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस की जांच चल रही है, और इस बात पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं कि जब लोग शोक संवेदना व्यक्त करने गए थे, तो उनके हाथ में क्रिकेट का हेलमेट क्यों था। अजय आलोक ने यह भी दावा किया कि इस घटना की जांच में अब टीएमसी के ही लोगों के नाम सामने आ रहे हैं, जिसमें टीएमसी के एक पूर्व विधायक का नाम भी शामिल है।1
- एक पीड़िता ने प्रधान परिवार पर मारपीट करने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़िता का कहना है कि प्रधान परिवार द्वारा उसके साथ मारपीट की गई है, जिसके संबंध में उसने कई गंभीर आरोप भी लगाए हैं।1