मैनपुरी के बेवर थाना क्षेत्र के ग्राम मुड़ई में शुक्रवार रात लकड़ी के विवाद को लेकर दो पक्षों के बीच जमकर विवाद हो गया। यह कहासुनी देखते ही देखते गाली-गलौज और फिर लाठी-डंडे व ईंट-पत्थर चलने तक जा पहुंची, जिससे एक दिव्यांग युवक सहित कुल तीन लोग घायल हो गए। इस मारपीट का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हो रहा है, जो क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। पीड़ितों में अजीत (दिव्यांग, पुत्र तुलसीराम), शिव कुमार (पुत्र राधेश्याम) और तुलसीराम (पुत्र राजाराम), सभी ग्राम मुड़ई के निवासी हैं। उन्होंने आरोप लगाया है कि रामवीर सिंह सक्सेना, टिंकू, मंगली (पुत्रगण सिपाही लाल) और सुमित (पुत्र टिंकू), निवासी मुड़ई, उनके घर में घुस आए और उन पर लाठी-डंडों व ईंट-पत्थरों से हमला किया। पीड़ितों ने यह भी आरोप लगाया है कि मारपीट के दौरान हमलावरों ने उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी। स्थानीय लोगों के अनुसार, दोनों पक्षों के बीच पुरानी रंजिश चली आ रही थी, जिसके कारण इस विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। घटना के बाद पीड़ित पक्ष ने बेवर थाने पहुंचकर नामजद आरोपितों के खिलाफ तहरीर दी है और कार्रवाई के साथ-साथ न्याय की मांग की है। पुलिस ने बताया है कि शिकायत प्राप्त हो चुकी है और वायरल वीडियो तथा अन्य साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच की जा रही है। पुलिस के अनुसार, जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर विधिक कार्रवाई की जाएगी।
मैनपुरी के बेवर थाना क्षेत्र के ग्राम मुड़ई में शुक्रवार रात लकड़ी के विवाद को लेकर दो पक्षों के बीच जमकर विवाद हो गया। यह कहासुनी देखते ही देखते गाली-गलौज और फिर लाठी-डंडे व ईंट-पत्थर चलने तक जा पहुंची, जिससे एक दिव्यांग युवक सहित कुल तीन लोग घायल हो गए। इस मारपीट का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हो रहा है, जो क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। पीड़ितों में अजीत (दिव्यांग, पुत्र तुलसीराम), शिव
कुमार (पुत्र राधेश्याम) और तुलसीराम (पुत्र राजाराम), सभी ग्राम मुड़ई के निवासी हैं। उन्होंने आरोप लगाया है कि रामवीर सिंह सक्सेना, टिंकू, मंगली (पुत्रगण सिपाही लाल) और सुमित (पुत्र टिंकू), निवासी मुड़ई, उनके घर में घुस आए और उन पर लाठी-डंडों व ईंट-पत्थरों से हमला किया। पीड़ितों ने यह भी आरोप लगाया है कि मारपीट के दौरान हमलावरों ने उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी। स्थानीय लोगों के अनुसार, दोनों पक्षों के बीच पुरानी रंजिश चली आ
रही थी, जिसके कारण इस विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। घटना के बाद पीड़ित पक्ष ने बेवर थाने पहुंचकर नामजद आरोपितों के खिलाफ तहरीर दी है और कार्रवाई के साथ-साथ न्याय की मांग की है। पुलिस ने बताया है कि शिकायत प्राप्त हो चुकी है और वायरल वीडियो तथा अन्य साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच की जा रही है। पुलिस के अनुसार, जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर विधिक कार्रवाई की जाएगी।
- बिहार में पुलिस पर 'फर्जी एनकाउंटर' का गंभीर आरोप लगा है, जहाँ 'बिहार के लाल' भरत तिवारी की पुलिस गोलीबारी में जान चली गई है। बताया गया है कि भरत तिवारी ने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया था, इसके बावजूद पुलिसकर्मियों ने उन पर चार गोलियाँ चलाईं, जिससे उनकी मौत हो गई। इस घटना के दौरान वहाँ मौजूद जनता लगातार पुलिस से गोली न चलाने की गुहार लगाती रही, लेकिन पुलिसकर्मियों ने जनता की एक भी आवाज नहीं सुनी और गोलीबारी जारी रखी। भारतीय युवा कांग्रेस पश्चिमी उत्तर प्रदेश के मैनपुरी जिला उपाध्यक्ष मोहम्मद नदीम सिद्दीकी ने भारत सरकार से इस कथित फर्जी एनकाउंटर की गहन जाँच कराने और इसमें शामिल दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा देने की पुरजोर अपील की है। इस घटना को लेकर भाजपा शासित बिहार में पुलिस की कार्रवाई पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं, और आरोप है कि पुलिस ने बर्बरता की सभी हदें पार कर दी हैं।1
- अलीगढ़ में ज्ञापन फाड़ने के गंभीर आरोपों के बाद सियासी माहौल गरमा गया है, जिसके जवाब में भारतीय कश्यप सेना ने मोर्चा खोल दिया है। इस पूरे मामले में मछुआ समाज भी भारतीय कश्यप सेना के साथ खड़ा है। यह मोर्चा प्रताप सिंह खालसा के नेतृत्व में न्याय की मांग को लेकर शुरू किया गया है, क्योंकि ज्ञापन फाड़ने के आरोपों ने क्षेत्र की राजनीति में हलचल मचा दी है। कश्यप समाज और संगठन के सदस्य 'जय संविधान' और 'जय भारत' के नारों के साथ लोगों के लिए न्याय की पुकार कर रहे हैं, और इसी कड़ी में '1 जुलाई आंदोलन' का आह्वान भी किया गया है। भारतीय कश्यप सेना इस पूरे मामले में न्याय मिलने तक अपनी लड़ाई जारी रखने पर अडिग है।1
- मैनपुरी के घिरोर में पुलिस, एंटी व्हीकल थैफ्ट और सर्विलांस टीम ने एक संयुक्त कार्रवाई करते हुए अंतरजनपदीय बाइक चोर गिरोह के दो शातिर चोरों को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने उनके कब्जे से कुल 8 चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की हैं।1
- मैनपुरी कोतवाली क्षेत्र के घंटाघर और बजाजा बाजार में नगर पालिका प्रशासन की देखरेख में एक विशेष 'पन्नी हटाओ जागरूक अभियान' चलाया गया। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य पॉलीथिन प्रतिबंध के प्रति लोगों में जागरूकता फैलाना था। अभियान के दौरान, नगर पालिका की टीम ने बाजार में दुकानदारों को प्रतिबंधित पन्नी (पॉलीथिन) का उपयोग न करने के लिए जागरूक किया। नियमों का उल्लंघन करते पाए गए कुछ दुकानदारों के चालान भी काटे गए। नगर पालिका अधिकारियों ने दुकानदारों को भविष्य में प्रतिबंधित पॉलीथिन का उपयोग न करने की सख्त हिदायत दी, और चेतावनी दी कि यदि कोई दुकानदार नियमों का उल्लंघन करता पाया गया तो उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान व्यापारियों से कपड़े और कागज के थैलों का उपयोग करने की भी अपील की गई। नगर पालिका द्वारा चलाए गए इस अभियान का लक्ष्य पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना और शहर को पॉलीथिन मुक्त बनाना है।1
- मैनपुरी कोतवाली क्षेत्र के घंटाघर और बजाज बाजार में नगर पालिका प्रशासन की देखरेख में 'पन्नी हटाओ जागरूक अभियान' चलाया गया। इस विशेष जागरूकता अभियान का मुख्य उद्देश्य पॉलीथिन के उपयोग पर प्रतिबंध लागू करना था। अभियान के दौरान, नगर पालिका की टीम ने बाजार में दुकानदारों को प्रतिबंधित पॉलीथिन का उपयोग न करने के लिए जागरूक किया। नियमों का उल्लंघन करते पाए गए कुछ दुकानदारों के चालान भी काटे गए, और अधिकारियों ने उन्हें भविष्य में ऐसी पॉलीथिन का उपयोग न करने की सख्त हिदायत दी। अधिकारियों ने चेतावनी भी दी कि यदि कोई दुकानदार नियमों का उल्लंघन करता पाया गया तो उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। नगर पालिका द्वारा चलाए गए इस अभियान का उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना और शहर को पॉलीथिन मुक्त बनाना है। अभियान के दौरान व्यापारियों से कपड़े और कागज के थैलों का उपयोग करने की अपील भी की गई।2
- जनपद मैनपुरी में वाहन चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत, थाना घिरोर पुलिस, एंटी व्हीकल थेफ्ट (एवीटी) टीम और सर्विलांस टीम को एक बड़ी सफलता मिली है। संयुक्त कार्रवाई में एक अंतरजनपदीय बाइक चोर गिरोह का भंडाफोड़ किया गया, जिसमें दो शातिर सदस्यों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से चोरी की आठ मोटरसाइकिलें बरामद की गईं। मैनपुरी पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में तथा अपर पुलिस अधीक्षक नगर व ग्रामीण और क्षेत्राधिकारी के पर्यवेक्षण में चलाए जा रहे इस अभियान के अंतर्गत, थाना घिरोर पुलिस ने 20 जून, 2026 को महाकाल बाबा के पास वाहन चेकिंग के दौरान इन दो संदिग्ध व्यक्तियों को पकड़ा। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान इटावा जनपद के जसवंतनगर थाना क्षेत्र स्थित नगला फक्कड़पुरा निवासी गुलफान पुत्र सिराज खान और कटरा बिल्लोचांद निवासी असलम कुरैशी पुत्र जमील के रूप में हुई है। पुलिस पूछताछ में खुलासा हुआ कि ये आरोपी विभिन्न जनपदों में वाहन चोरी की वारदातों को अंजाम देकर चोरी की मोटरसाइकिलों को बेचने की फिराक में थे। इस मामले में थाना घिरोर पर मुकदमा संख्या 170/26 के तहत संबंधित धाराओं में अभियोग पंजीकृत किया गया है। पुलिस ने बरामद वाहनों के संबंध में विस्तृत जांच शुरू कर दी है और गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश भी तेज कर दी गई है। पुलिस अधिकारियों ने इस कार्रवाई के लिए टीम की सराहना करते हुए कहा कि अपराधियों के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा और वाहन चोरी जैसी घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाया जाएगा।1
- बिहार में पुलिस पर एक गंभीर आरोप लगा है, जहाँ दावा किया गया है कि "बिहार के लाल" भरत तिवारी का पुलिस ने फर्जी एनकाउंटर कर दिया। जानकारी के अनुसार, भरत तिवारी ने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया था, लेकिन इसके बावजूद बिहार पुलिस ने उन्हें चार गोलियाँ मारीं। बताया गया है कि इस पूरी घटना के दौरान वहाँ मौजूद जनता लगातार पुलिसकर्मियों से गोली न चलाने की अपील करती रही, मगर किसी भी पुलिसकर्मी ने लोगों की इस आवाज़ को नहीं सुना। इस मामले को लेकर भारत सरकार से अपील की गई है कि भरत तिवारी के इस कथित फर्जी एनकाउंटर की निष्पक्ष जाँच कराई जाए और इसमें शामिल सभी दोषियों को कड़ी से कड़ी सज़ा दी जाए। यह मांग भारतीय युवा कांग्रेस पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जिला उपाध्यक्ष, मोहम्मद नदीम सिद्दीकी द्वारा उठाई गई है।1
- जिलाधिकारी महोदय और पुलिस अधीक्षक महोदय ने "संपूर्ण समाधान दिवस" के अवसर पर तहसील घिरोर में पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ मिलकर फरियादियों और शिकायतकर्ताओं की समस्याओं को सुना। इस दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों को इन समस्याओं के समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।1
- अलीगढ़ स्थित एसपी कार्यालय में उस समय तीखी नोकझोंक और हंगामा देखने को मिला, जब भारतीय कश्यप सेना संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रताप सिंह खालसा अपने समर्थकों के साथ वहां ज्ञापन देने पहुंचे थे। आरोप है कि इस दौरान एसपी के पीआरओ आदित्य कुमार ने संगठन का ज्ञापन लेकर फाड़ दिया, जिससे विवाद बढ़ गया। ज्ञापन फाड़े जाने की सूचना मिलते ही मौके पर मौजूद संगठन के समर्थक आक्रोशित हो उठे और उनकी पुलिस अधिकारियों से तीखी नोकझोंक शुरू हो गई। इस घटना के कारण एसपी कार्यालय परिसर में कुछ समय तक तनावपूर्ण माहौल बना रहा। संगठन के पदाधिकारियों ने इस पूरे प्रकरण को लोकतांत्रिक अधिकारों का अपमान बताते हुए तत्काल कार्रवाई की मांग की है। हालांकि, मामले को लेकर पुलिस प्रशासन की ओर से अभी तक किसी भी आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार किया जा रहा है।1