वाराणसी के बेनियाबाग स्थित राजनारायण स्मारक पार्क में आयोजित होने वाली पारंपरिक बकरीद बकरा मंडी इस बार विवादों के घेरे में आ गई है। मंडी के ठेकेदार साजिद खान ने नगर निगम, स्मार्ट सिटी और पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए दावा किया है कि ठेके की अवधि समाप्त होने से तीन दिन पहले ही बिना किसी लिखित आदेश के मंडी को जबरन बंद करा दिया गया। जानकारी के अनुसार, इस वर्ष यह मंडी 24 लाख 50 हजार रुपये के ठेके पर आवंटित की गई थी, जिसकी अवधि 16 मई 2026 से 27 मई 2026 तक निर्धारित थी। ठेकेदार साजिद खान के मुताबिक, प्रशासन ने शुरुआत से ही कार्य में बाधा डाली, पहले एनओसी जारी करने में देरी की और 18 मई को अनुमति मिलने के बाद मंडी को व्यवस्थित करने में करीब 5 लाख रुपये अतिरिक्त खर्च हुए। इसके बावजूद, 25 मई की सुबह पुलिस और नगर निगम की टीम ने मौके पर पहुँचकर मंडी को बंद करा दिया। ठेकेदार ने बताया कि 18 मई से 24 मई तक मंडी शांतिपूर्ण तरीके से संचालित हो रही थी और इसमें वाराणसी समेत दूर-दराज के जिलों से व्यापारी व पशुपालक पहुँच रहे थे। उन्होंने आरोप लगाया कि जब अधिकारियों से ठेका अवधि 27 मई तक होने की बात कही गई, तो कोई लिखित आदेश नहीं दिखाया गया और मौखिक रूप से 'सनातन धर्म को ठेस पहुंचने' जैसी बातें कहकर मंडी बंद करा दी गई। साजिद खान ने सवाल उठाया है कि यदि प्रशासन को मंडी के आयोजन पर कोई आपत्ति थी, तो यह बात ठेका देने से पहले ही स्पष्ट की जानी चाहिए थी। उन्होंने कहा कि सरकार को पूरी ठेका राशि और टैक्स जमा करने के बावजूद समय से पहले मंडी बंद कराना गलत है, जिससे उन्हें लाखों रुपये का आर्थिक नुकसान हुआ है। ठेकेदार ने मांग की है कि समय से पहले निरस्त किए गए ठेके की राशि वापस की जाए और हुए आर्थिक नुकसान की भरपाई की जाए। इस कार्रवाई से न केवल ठेकेदार बल्कि दूर-दराज से आए पशुपालकों और छोटे व्यापारियों को भी भारी आर्थिक क्षति हुई है। फिलहाल, पूरे मामले में नगर निगम, स्मार्ट सिटी और पुलिस प्रशासन की आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार किया जा रहा है।
वाराणसी के बेनियाबाग स्थित राजनारायण स्मारक पार्क में आयोजित होने वाली पारंपरिक बकरीद बकरा मंडी इस बार विवादों के घेरे में आ गई है। मंडी के ठेकेदार साजिद खान ने नगर निगम, स्मार्ट सिटी और पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए दावा किया है कि ठेके की अवधि समाप्त होने से तीन दिन पहले ही बिना किसी लिखित आदेश के मंडी को जबरन बंद करा दिया गया। जानकारी के अनुसार, इस वर्ष यह मंडी 24 लाख 50 हजार रुपये के ठेके पर आवंटित की गई थी, जिसकी अवधि 16 मई 2026 से 27 मई 2026 तक निर्धारित थी। ठेकेदार साजिद खान के मुताबिक, प्रशासन ने शुरुआत से ही कार्य में बाधा डाली, पहले एनओसी जारी करने में देरी की और 18 मई को अनुमति मिलने के बाद मंडी को व्यवस्थित करने में करीब 5 लाख रुपये अतिरिक्त खर्च हुए। इसके बावजूद, 25 मई की सुबह पुलिस और नगर निगम की टीम ने मौके पर पहुँचकर मंडी को बंद करा दिया। ठेकेदार ने बताया कि 18 मई से 24 मई तक मंडी शांतिपूर्ण तरीके से संचालित हो रही थी और इसमें वाराणसी समेत दूर-दराज के जिलों से व्यापारी व पशुपालक पहुँच रहे थे। उन्होंने आरोप लगाया कि जब अधिकारियों से ठेका अवधि 27 मई तक होने की बात कही गई, तो कोई लिखित आदेश नहीं दिखाया गया और मौखिक रूप से 'सनातन धर्म को ठेस पहुंचने' जैसी बातें कहकर मंडी बंद करा दी गई। साजिद खान ने सवाल उठाया है कि यदि प्रशासन को मंडी के आयोजन पर कोई आपत्ति थी, तो यह बात ठेका देने से पहले ही स्पष्ट की जानी चाहिए थी। उन्होंने कहा कि सरकार को पूरी ठेका राशि और टैक्स जमा करने के बावजूद समय से पहले मंडी बंद कराना गलत है, जिससे उन्हें लाखों रुपये का आर्थिक नुकसान हुआ है। ठेकेदार ने मांग की है कि समय से पहले निरस्त किए गए ठेके की राशि वापस की जाए और हुए आर्थिक नुकसान की भरपाई की जाए। इस कार्रवाई से न केवल ठेकेदार बल्कि दूर-दराज से आए पशुपालकों और छोटे व्यापारियों को भी भारी आर्थिक क्षति हुई है। फिलहाल, पूरे मामले में नगर निगम, स्मार्ट सिटी और पुलिस प्रशासन की आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार किया जा रहा है।
- अपर पुलिस अधीक्षक ऑपरेशन ने चकिया थाना क्षेत्र में स्थित एक ज्वेलर्स शॉप में लूट की घटना को अंजाम देने वाले शातिर बदमाशों के साथ हुई पुलिस टीम की मुठभेड़ के संबंध में एक वक्तव्य जारी किया है।1
- उत्तर प्रदेश के आगरा में, तेजो महालय ताजमहल में ईद की नमाज़ को लेकर अखिल भारत हिंदू महासभा के कार्यकर्ताओं में गहरा आक्रोश देखा गया। इस विरोध प्रदर्शन के चलते पुलिस ने महासभा के कई प्रमुख नेताओं और दर्जनों कार्यकर्ताओं को नज़रबंद कर दिया। अखिल भारत हिंदू महासभा के महानगर अध्यक्ष विशाल कुमार को उनके शाहगंज स्थित निवास पर सुबह से ही नज़रबंद रखा गया। इसी प्रकार, आगरा ज़िला अध्यक्ष मीरा राठौर, महिला मोर्चा ज़िला अध्यक्ष नीतू ठाकुर, और महानगर अध्यक्ष महिला मोर्चा निशा ठाकुर सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं को भी हिरासत में लिया गया। शाहगंज थाना इंस्पेक्टर ने पुलिस बल के साथ मिलकर ताजमहल में नमाज़ का विरोध करने जा रहे इन कार्यकर्ताओं को जबरन रोका। पुलिस की मौजूदगी के बीच भी कार्यकर्ताओं ने “बम बम भोले”, “जय श्री राम” और “ताजमहल में नमाज़ नहीं होने देंगे” जैसे नारे लगाए। ज़िला अध्यक्ष मीरा राठौर ने सवाल उठाया कि अगर महाशिवरात्रि के अवसर पर ताजमहल को मुफ्त नहीं किया जा सकता, तो ईद की नमाज़ के लिए तीन घंटे के लिए इसे मुफ्त क्यों किया गया। महिला मोर्चा महानगर अध्यक्ष निशा ठाकुर और नितेश भारद्वाज ने ताजमहल के अंदर नमाज़ का तीव्र विरोध करते हुए स्पष्ट किया कि आने वाले समय में हिंदू महासभा ताजमहल को गंगाजल से शुद्ध करने का काम करेगी। इस दौरान मनीष पंडित जी, मंडल अध्यक्ष विपिन राठौर, बाबू भाई, ओम प्रकाश ताऊजी, नंदू भाई, आरती राजपूत, रेखा देवी, ज़िला मीडिया प्रभारी बबलू निषाद, सागर चौहान, सिकंदर भाई, मनीष कुमार, ऋषभ भाई, और महेश भाई उर्फ गांधी सहित कई प्रमुख कार्यकर्ता उपस्थित रहे।1
- Post by Santosh Jatav1
- महाराष्ट्र के मुंबई शहर में बकरा ईद के अवसर पर कुछ लोग सूअर लेकर पहुँचे। इन लोगों ने एक सीधा और स्पष्ट संदेश देते हुए कहा कि 'तुम बकरा लो, हम सूअर लेंगे'।1
- एक व्यक्ति ने माननीय मुख्यमंत्री श्री योगी जी से हाथ जोड़कर गुहार लगाई है, जिसमें उन्होंने अपने ही बहू-बेटे की कथित 'माफियागिरी' और 'दबंगई' पर बुलडोजर चलाने के निर्देश जारी करने का आग्रह किया है। यह अपील मुख्यमंत्री से उनके परिवार के सदस्यों के इन कृत्यों पर उचित कार्रवाई करने के लिए की गई है।1
- चंदौली के पुलिस अधीक्षक ने आगामी बकरीद पर्व को शांतिपूर्ण और सफलतापूर्वक संपन्न कराए जाने के संबंध में अपना वक्तव्य जारी किया है।1
- आगरा की जामा मस्जिद में ईद की नमाज अदा की गई, जिसके बाद अमन, चैन और भाईचारे का संदेश दिया गया। त्योहार को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट रहा और सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद दिखाई दी। इस दौरान मस्जिद तथा उसके आसपास के क्षेत्रों में पुलिस बल तैनात रहा और अधिकारियों द्वारा लगातार निगरानी की गई।1
- उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी (सपा) पर तंज कसते हुए कहा कि "तब तारों पर कपड़े सूखते थे"।1
- आगरा में एक ट्रांसफार्मर में अचानक आग लग गई। यह घटना बिजली के करंट के कारण हुई, जिससे ट्रांसफार्मर में आग भड़क उठी।1