जिला ब्यूरो रिपोर्टर राजेश बबेले बीना के ट्रेन मैनेजर पीयूष सिंह को उत्कृष्ट कार्य के लिए डीआरएम पुरस्कार लोकेशन बीना रिपोर्टर राजेश बबेले बीना के ट्रेन मैनेजर पीयूष सिंह को उत्कृष्ट कार्य के लिए डीआरएम पुरस्कार भोपाल में मंडल रेल प्रबंधक पंकज त्यागी ने संरक्षण प्रशस्ति-पत्र और नगद पुरस्कार देकर किया सम्मानित; बीना के तीन रेलकर्मियों को मिला सम्मान राजेश बबेले बीना। रेलवे परिचालन एवं जनहित से जुड़े कार्यों में सजगता और उत्कृष्ट योगदान के लिए बीना के मेल ट्रेन मैनेजर पीयूष कुमार सिंह को मंडल रेल प्रबंधक स्तर का संरक्षण पुरस्कार प्रदान किया गया। सोमवार को भोपाल में आयोजित सम्मान समारोह में मंडल रेल प्रबंधक पंकज त्यागी ने उन्हें संरक्षण प्रशस्ति-पत्र एवं नगद पुरस्कार देकर सम्मानित किया। *बीना के तीन रेलकर्मियों को मिला सम्मान* मंडल स्तर पर उत्कृष्ट कार्य करने वाले रेलकर्मियों को प्रदान किए गए इस सम्मान में बीना के तीन कर्मचारियों का चयन हुआ। इनमें मेल ट्रेन मैनेजर पीयूष कुमार सिंह, वरिष्ठ मालगाड़ी ट्रेन मैनेजर रोहित पवया तथा वरिष्ठ तकनीशियन रवि झा शामिल हैं। सम्मान समारोह के दौरान वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक रोहित मालवीय, वरिष्ठ मंडल संरक्षा अधिकारी अजीत सिंह चौहान तथा वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक-द्वितीय प्रमोद पंडित जाधव ने सम्मानित कर्मचारियों के कार्यों की सराहना करते हुए उनके सतर्क एवं जिम्मेदार कार्य की प्रशंसा की। *रेलवे और जनहित के मामलों में लगातार दिखाई सजगता* पीयूष कुमार सिंह को रेलवे कार्य के दौरान असाधारण सजगता और जनहित से जुड़े मामलों में सक्रिय भूमिका के लिए पूर्व में भी कई बार सम्मानित किया जा चुका है। वर्ष 2020-21 में भोपाल गैस रिसाव की सूचना समय रहते देने के लिए उन्हें मंडल रेल प्रबंधक पुरस्कार के साथ जबलपुर के प्रधान मुख्य संरक्षा अधिकारी स्तर का पुरस्कार भी प्राप्त हुआ था। इसके अलावा वर्ष 2023 में रेलवे ट्रैक के बीच आग लगने की सूचना देने और अग्निशमन यंत्र की उपलब्धता संबंधी सतर्कता के लिए भी उन्हें मंडल रेल प्रबंधक पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। *कई बार मिल चुका है रेलवे का सम्मान* पीयूष कुमार सिंह को वर्ष 2010-11 में भी मंडल रेल प्रबंधक पुरस्कार एवं जबलपुर प्रधान मुख्य परिचालन प्रबंधक पुरस्कार सहित रेलवे स्तर पर कई बार सम्मान प्राप्त हो चुका है। उनके लगातार बेहतर कार्य, समय पर सूचना देने की तत्परता और रेलवे सुरक्षा के प्रति सजगता को देखते हुए उन्हें विभिन्न अवसरों पर सम्मानित किया गया है। *सहकर्मियों और नगरवासियों ने दी बधाई* पीयूष कुमार सिंह के सम्मान पर रेलवे अधिकारियों, कर्मचारियों और स्थानीय नागरिकों ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्हें बधाई दी। लोगों ने कहा कि रेलवे की सुरक्षा के साथ-साथ जनहित के मामलों में उनकी सजगता और तत्परता अन्य कर्मचारियों के लिए भी प्रेरणादायक है। रेलवे एवं जनहित से जुड़े कार्यों में लगातार सक्रिय रहने वाले पीयूष कुमार सिंह के इस सम्मान को बीना के लिए भी गौरव का विषय बताया गया।
जिला ब्यूरो रिपोर्टर राजेश बबेले बीना के ट्रेन मैनेजर पीयूष सिंह को उत्कृष्ट कार्य के लिए डीआरएम पुरस्कार लोकेशन बीना रिपोर्टर राजेश बबेले बीना के ट्रेन मैनेजर पीयूष सिंह को उत्कृष्ट कार्य के लिए डीआरएम पुरस्कार भोपाल में मंडल रेल प्रबंधक पंकज त्यागी ने संरक्षण प्रशस्ति-पत्र और नगद पुरस्कार देकर किया सम्मानित; बीना के तीन रेलकर्मियों को मिला सम्मान राजेश बबेले बीना। रेलवे परिचालन एवं जनहित से जुड़े कार्यों में सजगता और उत्कृष्ट योगदान के लिए बीना के मेल ट्रेन मैनेजर पीयूष कुमार सिंह को मंडल रेल प्रबंधक स्तर का संरक्षण पुरस्कार प्रदान किया गया। सोमवार को भोपाल में आयोजित सम्मान समारोह में मंडल रेल प्रबंधक पंकज त्यागी ने उन्हें संरक्षण प्रशस्ति-पत्र एवं नगद पुरस्कार देकर सम्मानित किया। *बीना के तीन रेलकर्मियों को मिला सम्मान* मंडल स्तर पर उत्कृष्ट कार्य करने वाले रेलकर्मियों को प्रदान किए गए इस सम्मान में बीना के तीन कर्मचारियों का चयन हुआ। इनमें मेल ट्रेन मैनेजर पीयूष कुमार सिंह, वरिष्ठ मालगाड़ी ट्रेन मैनेजर रोहित पवया तथा वरिष्ठ तकनीशियन रवि झा शामिल हैं। सम्मान समारोह के दौरान वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक रोहित मालवीय, वरिष्ठ मंडल संरक्षा अधिकारी अजीत सिंह चौहान तथा वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक-द्वितीय प्रमोद पंडित जाधव ने सम्मानित कर्मचारियों के कार्यों की सराहना करते हुए उनके सतर्क एवं जिम्मेदार कार्य की प्रशंसा की। *रेलवे और जनहित के मामलों में लगातार दिखाई सजगता* पीयूष कुमार सिंह को रेलवे कार्य के दौरान असाधारण सजगता और जनहित
से जुड़े मामलों में सक्रिय भूमिका के लिए पूर्व में भी कई बार सम्मानित किया जा चुका है। वर्ष 2020-21 में भोपाल गैस रिसाव की सूचना समय रहते देने के लिए उन्हें मंडल रेल प्रबंधक पुरस्कार के साथ जबलपुर के प्रधान मुख्य संरक्षा अधिकारी स्तर का पुरस्कार भी प्राप्त हुआ था। इसके अलावा वर्ष 2023 में रेलवे ट्रैक के बीच आग लगने की सूचना देने और अग्निशमन यंत्र की उपलब्धता संबंधी सतर्कता के लिए भी उन्हें मंडल रेल प्रबंधक पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। *कई बार मिल चुका है रेलवे का सम्मान* पीयूष कुमार सिंह को वर्ष 2010-11 में भी मंडल रेल प्रबंधक पुरस्कार एवं जबलपुर प्रधान मुख्य परिचालन प्रबंधक पुरस्कार सहित रेलवे स्तर पर कई बार सम्मान प्राप्त हो चुका है। उनके लगातार बेहतर कार्य, समय पर सूचना देने की तत्परता और रेलवे सुरक्षा के प्रति सजगता को देखते हुए उन्हें विभिन्न अवसरों पर सम्मानित किया गया है। *सहकर्मियों और नगरवासियों ने दी बधाई* पीयूष कुमार सिंह के सम्मान पर रेलवे अधिकारियों, कर्मचारियों और स्थानीय नागरिकों ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्हें बधाई दी। लोगों ने कहा कि रेलवे की सुरक्षा के साथ-साथ जनहित के मामलों में उनकी सजगता और तत्परता अन्य कर्मचारियों के लिए भी प्रेरणादायक है। रेलवे एवं जनहित से जुड़े कार्यों में लगातार सक्रिय रहने वाले पीयूष कुमार सिंह के इस सम्मान को बीना के लिए भी गौरव का विषय बताया गया।
- जिला ब्यूरो रिपोर्टर राजेश बबेले थाने के सामने से बिना रॉयल्टी रेत का ट्रक जब्त, खनिज विभाग की कार्रवाई लोकेशन बीना रिपोर्टर राजेश बबेले थाने के सामने से बिना रॉयल्टी रेत का ट्रक जब्त, खनिज विभाग की कार्रवाई खिमलासा में बेखौफ रेत कारोबार पर उठे सवाल: एक ट्रक पकड़ा, लेकिन दर्जनों ठिकानों पर अब भी बिक्री के आरोप राजेश बबेले बीना/खिमलासा। खिमलासा क्षेत्र में लंबे समय से चर्चा में बने बिना रॉयल्टी रेत कारोबार के बीच खनिज विभाग ने कार्रवाई करते हुए एम-सैंड रेत से भरे एक ट्रक को जब्त किया है। कार्रवाई उस समय हुई, जब बिना वैध दस्तावेजों के रेत से भरा ट्रक खिमलासा थाना के सामने से गुजर रहा था। खनिज विभाग की इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में संचालित कथित अवैध रेत कारोबार को लेकर कई सवाल खड़े हो गए हैं। *खनिज अधिकारी ने की छापामार कार्रवाई* मिली जानकारी के अनुसार खनिज अधिकारी विराज नागवंशी को बिना रॉयल्टी रेत परिवहन की सूचना मिली थी। इसके बाद टीम ने खिमलासा थाना के सामने से गुजर रहे ट्रक क्रमांक यूपी-94-टी-3644 को रोककर जांच की। जांच में आवश्यक दस्तावेज नहीं मिलने पर ट्रक को जब्त कर खिमलासा पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया। *थाने के सामने से गुजरता रहा ट्रक, उठे कई सवाल* कार्रवाई के बाद सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि बिना रॉयल्टी रेत से भरा ट्रक थाना क्षेत्र के मुख्य मार्ग से गुजरता रहा, फिर भी कारोबारियों में किसी प्रकार का भय क्यों नहीं था। स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में लंबे समय से रेत का कारोबार खुलेआम संचालित हो रहा है और रेत को ऊंचे दामों पर बेचे जाने की शिकायतें भी सामने आती रही हैं। *एक दर्जन से अधिक स्थानों पर कारोबार के आरोप* ग्रामीणों और स्थानीय लोगों का आरोप है कि खिमलासा क्षेत्र में एक दर्जन से अधिक स्थानों पर रेत का भंडारण और बिक्री की जा रही है। इनमें कई स्थानों पर वैध रॉयल्टी और अनुमति को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं। लोगों का कहना है कि यदि विभाग व्यापक स्तर पर जांच करे तो बड़े पैमाने पर अनियमितताएं सामने आ सकती हैं। *एक कार्रवाई से नहीं रुकेगा कारोबार* क्षेत्रवासियों का मानना है कि केवल एक ट्रक की जब्ती से रेत के कथित अवैध कारोबार पर पूरी तरह रोक लगाना संभव नहीं होगा। विभाग को रेत के भंडारण स्थलों, परिवहन के स्रोतों और बिक्री केंद्रों की गहन जांच करनी होगी। साथ ही यह भी पता लगाना होगा कि रेत कहां से लाई जा रही है और किस आधार पर उसका व्यापार किया जा रहा है। *अब अगली कार्रवाई पर टिकी निगाहें* खनिज विभाग की इस कार्रवाई के बाद अब लोगों की नजरें आगे की कार्रवाई पर टिकी हैं। यदि लगातार जांच और कार्रवाई होती है तो क्षेत्र में बिना रॉयल्टी रेत के कारोबार पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सकता है। वहीं, यदि कार्रवाई केवल एक ट्रक तक सीमित रहती है, तो अवैध कारोबार पर लगाम लगाना चुनौती बना रहेगा। *क्या खास* - खिमलासा थाना के सामने से बिना रॉयल्टी रेत से भरा ट्रक जब्त - ट्रक क्रमांक यूपी-94-टी-3644 को खनिज विभाग ने पकड़ा - क्षेत्र में एक दर्जन से अधिक स्थानों पर रेत बिक्री के आरोप - विभाग की अगली कार्रवाई पर टिकी लोगों की निगाहें।4
- सागर संभाग के सबसे बड़े रियल एस्टेट समूह कल्पधाम के आयोजन में आप सभी का स्वागत है सागर संभाग के सबसे बड़े रियल एस्टेट समूह कल्पधाम के आयोजन में आप सभी का स्वागत है1
- जैसीनगर के सूखा की बहु डॉ दिव्या द्विवेदी की कहानी तो आपने सुनी होगी लेकिन उनकी बेटी गौरांगी जो मजह 3 साल की है वो मां से भी आगे जाना चाहती है साइंटिस्ट (वैज्ञानिक) बनना चाहती है1
- सागर जिले में ऐसी पंचायत जहां पहले शासकीय राशि से नाडेफ बना दिया फिर उसको हटाने पुनः सरकारी भुक्तान लगा मिटवा दिया "नेता जी ने सफाई अभियान में पहले कचरा फैलाया फिर फोटो खींचने उसी कचरे को साफ कराया" यह राजनेतिक होता है परंतु गौरझामर में पंचायत प्रशासनिक करती दिख रही है मामला है शासकीय राशि के दुरुपयोग का जिसमें बीते 12 सितंबर को अवैध अतिक्रमण हटाने के नाम पर पुलिस थाना गौरझामर के बाउंड्री एवं यात्री प्रतीक्षालय के समीप बना कचरा डालने नाडेफ बना हुआ था जो वीडियो में हटाने के लिए जेसीबी एवं प्रशासनिक अमला लगा हुआ है वही पंचायत सचिव की मौजदूगी में यह कार्य हुआ वीडियो में वह दिख रहे हैं फिर भी उनसे इसका कारण जानना चाहा तो उन्होंने इसके बारे में क्या कहा सुने3
- 40 साल पुराने कांजी हाउस पर भूमाफियाओं की नजर, गौ-सेवा दल ने लगाई प्रशासन को गुहार, बोले - एक तरफ सरकार गौशाला बना रही है, दूसरी तरफ गायों के आश्रय को उजाड़ा जा रहा है लोकेशन:-बीना रिपोर्टर:-राकेश सेन *बीना।* जिस देश में गाय को माता कहा जाता है, उसी बीना में बेजुबानों के इकलौते सहारे को ही उजाड़ने की तैयारी चल रही है। यह दर्द लेकर मंगलवार को गौ सेवा दल बीना के वरिष्ठ सदस्य राजेंद्र यादव और वट्टी के नेतृत्व में सैकड़ों गौ-प्रेमी तहसील में जनसुनवाई में पहुंचे और नायब तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में बताया गया कि कटरा मंदिर के पास शासकीय भूमि खसरा नंबर 187 बीना-इटावा पर पिछले 40 वर्षों से नगर पालिका द्वारा कांजी हाउस संचालित हो रहा है, जहां आवारा घूमने वाले बीमार गाय, बैल और बछड़ों का इलाज और देखभाल की जाती है। आरोप है कि अब कुछ अवैध कॉलोनाइजर इस पुण्य भूमि को अपना बताकर उसे खुर्द-बुर्द करने का प्रयास कर रहे हैं। राजेंद्र सिंह वट्टी ने भावुक होते हुए कहा "एक ओर शासन लाखों खर्च कर गौशालाएं बनवाने का ढिंढोरा पीट रहा है, तो दूसरी ओर शहर के बीचों-बीच मौजूद 40 साल पुराने कांजी हाउस को भू-माफिया निगलने पर तुले हैं। यह सिर्फ जमीन पर कब्जा नहीं, बल्कि बेजुबानों के मुंह से निवाला छीनने जैसा है। उन्होंने कहा कि यह कोई पहला मामला नहीं है। पूरे बीना में यही हाल हो रहा है। देव रघुनाथ बड़ा मंदिर स्थित मोतीचूर नदी को भी अपना हिस्सा बताकर विकास कार्यों में बाधा डाली गई, जिससे कार्य महीनों तक लंबित रहा। अब वही लोग कांजी हाउस की जमीन को हड़पना चाहते हैं। गौ सेवा दल ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन ने तुरंत संज्ञान लेकर इस बेशकीमती शासकीय, गौ-हित और जन-हित की भूमि को नगर पालिका के नाम सुरक्षित नहीं किया और दोषियों पर कार्रवाई नहीं की, तो यह प्रशासन की गौ-भक्ति पर सबसे बड़ा सवाल होगा। उन्होंने मांग की है कि शिकायती आवेदन पर त्वरित कार्रवाई कर भूमि को सुरक्षित किया जाए। इस मौके पर राजेंद्र यादव, अनुराग जैन, सुमित यादव, नवीन भिलवारे, रुपेश यादव सूरज यादव सहित सैकड़ों गौ-सेवक मौजूद रहे।1
- प्रेम प्रसंग में दुस्साहस : होमगार्ड के घर दिनदहाड़े फायरिंग,चार अंतर्राज्यीय आरोपी गिरफ्तार तीन तमंचे,चार कारतूस, 12 बोर की अवैध अदिया व कारतूस बरामद; युवती की दोस्ती को लेकर वारदात को दिया था अंजाम प्रेम प्रसंग में दुस्साहस : होमगार्ड के घर दिनदहाड़े फायरिंग,चार अंतर्राज्यीय आरोपी गिरफ्तार तीन तमंचे,चार कारतूस, 12 बोर की अवैध अदिया व कारतूस बरामद; युवती की दोस्ती को लेकर वारदात को दिया था अंजाम इन्द्रपाल सिंह ‘प्रिइन्द्र’ ललितपुर। थाना बार क्षेत्र के ग्राम गढ़िया में बीते 12 सितंबर को होमगार्ड के घर पर कार सवार बदमाशों द्वारा दिनदहाड़े की गई फायरिंग के मामले में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस अधीक्षक संजीव बाजपेई के निर्देशन में आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए गठित पुलिस टीमों ने कार्रवाई करते हुए मामले में शामिल चार अंतर्राज्यीय आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त अवैध असलहे एवं कारतूस भी बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार पूछताछ और प्रारंभिक जांच में घटना के पीछे प्रेम प्रसंग एवं युवती की दोस्ती को लेकर उपजा विवाद सामने आया है। पुलिस ने चारों आरोपियों के विरुद्ध विधिक कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायालय के समक्ष पेश किया, जहां से जेल भेजे जाने की कार्रवाई की गई। कार सवार होकर पहुंचे थे बदमाश बताया जाता है कि 12 सितंबर को ग्राम गढ़िया में होमगार्ड के घर को निशाना बनाकर कार सवार बदमाशों ने अचानक फायरिंग कर दी थी। दिनदहाड़े गोलियां चलने से गांव में हड़कंप मच गया था। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए थे। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक संजीव बाजपेई ने आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के निर्देश दिए थे। इसके बाद थाना बार पुलिस एवं अन्य पुलिस टीमों ने संभावित स्थानों पर दबिश देने के साथ ही आरोपियों की तलाश शुरू कर दी। पुलिस की जांच आगे बढ़ने पर घटना में शामिल आरोपियों के संबंध में महत्वपूर्ण सुराग हाथ लगे और अंततः चारों को गिरफ्तार कर लिया गया। प्रेम प्रसंग में दोस्ती बनी विवाद की वजह पुलिस की जांच में सामने आया कि मुख्य आरोपी यशप्रताप परमार थाना बार क्षेत्र के एक गांव में स्थित अपनी नानी के घर अक्सर आता-जाता था। इसी दौरान गांव में रहने वाली एक युवती से उसकी जान-पहचान हुई और दोनों के बीच प्रेम प्रसंग शुरू हो गया। समय के साथ दोनों के बीच बातचीत का सिलसिला भी चलने लगा। इसी दौरान आरोपी को जानकारी हुई कि उक्त युवती की होमगार्ड के पुत्र सोनू से दोस्ती हो गई है। युवती की सोनू से बढ़ती नजदीकी की जानकारी मिलने के बाद यशप्रताप नाराज हो गया। पुलिस के मुताबिक, इसी बात को लेकर उसके मन में रंजिश पैदा हुई और उसने अपने साथियों के साथ मिलकर सोनू एवं उसके परिवार पर दबाव बनाने तथा भय का माहौल पैदा करने के उद्देश्य से होमगार्ड के घर पर फायरिंग की घटना को अंजाम दिया। दिनदहाड़े हुई इस दुस्साहसिक वारदात ने गांव में सनसनी फैला दी थी। हालांकि पुलिस की तत्परता से मामले का खुलासा करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। तीन तमंचे और 12 बोर की अदिया बरामद पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त तीन अवैध देशी तमंचे 315 बोर, चार जिंदा कारतूस 315 बोर, एक अवैध अदिया 12 बोर तथा एक जिंदा कारतूस 12 बोर बरामद किया है। बरामद असलहों के आधार पर पुलिस द्वारा आरोपियों के विरुद्ध संबंधित धाराओं में अग्रिम विधिक कार्रवाई की गई है। चारों आरोपी मध्यप्रदेश से जुड़े गिरफ्तार आरोपियों की पहचान यशप्रताप परमार उम्र 19 वर्ष निवासी चिराई, जिला दतिया (मध्यप्रदेश) के रूप में हुई है। इसके अलावा शिवम रावत उम्र 19 वर्ष, अजमेर रावत उर्फ नन्ना उम्र 20 वर्ष तथा सुरेन्द्र रावत उम्र 22 वर्ष, तीनों निवासी ग्राम सड़, जिला शिवपुरी (मध्यप्रदेश) बताए गए हैं। चारों आरोपियों की गिरफ्तारी से पुलिस ने घटना के पीछे छिपे विवाद का खुलासा करने के साथ ही वारदात में प्रयुक्त असलहों को भी बरामद कर लिया है। पुलिस अब आरोपियों के आपराधिक इतिहास एवं घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है। पुलिस की त्वरित कार्रवाई से दिनदहाड़े फायरिंग जैसी गंभीर वारदात का खुलासा होने से क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को लेकर लोगों में भरोसा बढ़ा है।2
- माला सिन्हा की खिमलासा के बीच में नर्सरी के पास मोटरसाइकिल की भारत में एक दो घायल एक को सागर रेफर किया गया घायल 112 की मदद से सिविल अस्पताल लाया गया3
- ( जैसीनगर विकासखण्ड के ग्राम सूखा की बहु डॉक्टर दिव्या परिवार के सहयोग सपोर्ट से जैसीनगर के सरकारी अस्पताल की मेडीकल ऑफीसर बनी) इस परिवार की तरह अगर हर बहु को सास के रूप में मां, ससुर के रूप में पिता, देवर के रूप में भाई और देवरानी के रूप में बहिन मिल जाए तो परिवार स्वर्ग बन जाए आज के समाज में जो घटनाएं घट रही परिवारो में बो न हो धन्यवाद के पात्र पूरे परिवार के सदस्य प्रणाम है ऐसे परिवार को 🙏🙏🙏🙏1