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आँखों के लिए ममेरा वाला सुरमा बनाने की सलाह दी गई है।
प्रमोद कुमार कश्यप
आँखों के लिए ममेरा वाला सुरमा बनाने की सलाह दी गई है।
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- निवेदक संकलन पंडित कुंजबिहारी वशिष्ठ, ज्योतिषाचार्य और सूर्यदेव उपासक, ने श्रीराम मंदिर स्थापना के बाद अपने ही हिंदू भाइयों द्वारा कथित तौर पर "चंदा चोरी" किए जाने पर तीव्र रोष व्यक्त किया है। उन्होंने सवाल उठाया है कि क्या सनातन संस्कारी हिन्दुत्व को इस प्रकार की "चंदा चोरी" करके सभी भारतीय मूल के हिंदू श्रीराम भक्तजनों के मुंह पर कालिख पोतना शोभा देता है। पंडित वशिष्ठ ने मांग की है कि इस "चंदा चोरी" में नेतृत्व लिप्त सभी व्यक्तियों पर "हिन्दुत्व धर्म द्रोह" और "राष्ट्र द्रोह" का मुकदमा दर्ज किया जाना चाहिए। उन्होंने माननीय नरेंद्र मोदी और योगी आदित्यनाथ को सनातन धर्म अनुयायियों के सच्चे रामराज्य लोकतांत्रिक देश के विश्व धरातल पर नायक बताते हुए इस मामले में आवश्यक कार्रवाई की अपील की है।1
- Google Photos में एक ऐसा गुप्त फ़ीचर सामने आया है, जिसे देखकर उपयोगकर्ता हैरान रह जाएँगे। यह जानकारी साझा की गई है कि रोमिता तिवारी AI और तकनीक से जुड़े ऐसे ही दैनिक सुझाव देती हैं। ऐसे में, दर्शकों को सलाह दी गई है कि वे रोज़ाना नए AI और तकनीकी टिप्स के लिए रोमिता तिवारी को फॉलो करें। साथ ही, जो लोग Google की और भी छिपी हुई तरकीबें जानना चाहते हैं, उनसे 'PHOTO' कमेंट करने का आग्रह किया गया है, और सामग्री को लाइक, सेव व शेयर करने के लिए भी प्रोत्साहित किया गया है।1
- नजीबाबाद में एक सार्वजनिक मंच से असदुद्दीन ओवैसी ने अखिलेश यादव पर जमकर निशाना साधा। इस दौरान उन्होंने अखिलेश यादव पर एक बड़ा राजनीतिक हमला किया।1
- उत्तर प्रदेश के अयोध्या में अधिवक्ताओं ने एक विशेष घोषणा और चेतावनी जारी की है। उन्होंने चंपत राय, अनिल मिश्रा और गोपाल राव को तीन दिनों के भीतर अयोध्या छोड़कर चले जाने या उन्हें जेल भेजने की मांग की है। अधिवक्ताओं ने स्पष्ट किया है कि यदि यह मांग पूरी नहीं हुई, तो वे पूरे अयोध्या को जाम कर देंगे। उन्होंने आगे कहा कि वे कुछ भी कर सकते थे, लेकिन चंदा चोरी नहीं करनी चाहिए थी।1
- गाजियाबाद के मसूरी क्षेत्र की आकाश नगर कॉलोनी, ग्राम पंचायत रसूलपुर सिकरोडा में बिजली की खुली और जर्जर तारों के साथ-साथ जगह-जगह तिरछे खड़े बिजली के पोल से लगातार दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ रहा है। पोल के तिरछे होने के कारण तार और नीचे झूल रहे हैं, जिससे जानलेवा हादसों की आशंका बढ़ गई है। इसी गंभीर समस्या के समाधान के लिए सोमवार, 29 जून 2026 को राष्ट्रीय सैनिक संस्था, गोविंदपुरम मंडल ने मंडल अध्यक्ष लेफ्टिनेंट वेद प्रकाश शर्मा (R) के नेतृत्व में विद्युत वितरण खंड, PVVNL गाजियाबाद के SDO को एक ज्ञापन सौंपा। यह ज्ञापन SDC विक्रम सिंह सिसोदिया द्वारा प्राप्त किया गया। संस्था की प्रमुख मांगों में सभी खुली व जर्जर तारों को आधुनिक AB केबल से बदलने, बढ़ती आबादी के अनुसार नई LT लाइन और ट्रांसफार्मर की व्यवस्था करने, सभी तिरछे पोल को तुरंत सीधा कर फाउंडेशन मजबूत करने और शेष विद्युत लाइनों को इंसुलेट कर भविष्य की दुर्घटनाओं को रोकने की बात शामिल थी। लेफ्टिनेंट वेद प्रकाश शर्मा (R) ने इस अवसर पर जोर दिया कि उपभोक्ता की सुरक्षा सर्वोपरि है और विद्युत सुरक्षा नियम 2023-2024 के तहत विभाग की जिम्मेदारी है कि इस जर्जर और खतरनाक व्यवस्था को तुरंत ठीक किया जाए। उन्होंने बताया कि कॉलोनी के हजारों निवासी पिछले कई वर्षों से इस समस्या से जूझ रहे हैं और बरसात में स्थिति और भी भयावह हो जाती है। प्रशासन से जनहित में 7 दिन के अंदर ठोस कार्रवाई की मांग करते हुए, उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कार्रवाई नहीं हुई तो संस्था को मजबूरन धरना-प्रदर्शन का रास्ता अपनाना पड़ेगा। इस दौरान मीडिया प्रभारी धीरेंद्र त्रिपाठी, शिव कुमार शर्मा, दुष्यंत कुमार, फूल सिंह, फूलवा सहित कई पदाधिकारी और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।3
- वट पूर्णिमा के विशेष अवसर पर बागपत स्थित पुरा महादेव मंदिर में महादेव शिव पूजन का आयोजन किया गया, जिसमें भक्तजनों का भारी जनसैलाब उमड़ पड़ा। इस पूजन में पंडित कुंजबिहारी वशिष्ठ उपस्थित रहे, जो एक प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य और सूर्यदेव उपासक हैं। वह पुरा महादेव मंदिर, बागपत के पूर्व सलाहकार होने के साथ-साथ अखिल भारतवर्षीय ब्राह्मण महासभा (पंजीकृत 1939) एनसीआर भारत के मीडिया कार्यक्रम प्रभारी भी हैं।1
- उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में शहर कोतवाली क्षेत्र के कैप्टन मनोज पांडेय चौराहा के पास स्थित एक 25 साल पुराने दुर्गा मंदिर को सड़क चौड़ीकरण अभियान के तहत बुलडोजर से ढहा दिया गया। इस कार्रवाई से स्थानीय लोगों ने गहरी नाराजगी व्यक्त की है, विशेषकर इसलिए क्योंकि यह खरमास के दौरान की गई। मंदिर गिराए जाने की कार्रवाई शनिवार को शुरू हुई थी। इस दौरान, एसडीएम हाथ जोड़े खड़ी देखी गईं, जबकि नायब तहसीलदार ने स्वयं हथौड़ी और छेनी का उपयोग कर मंदिर में स्थापित मूर्ति को अलग किया। बताया गया कि सरकारी बुलडोजर के ड्राइवर ने मंदिर के ढांचे को तोड़ने से इनकार कर दिया था, जिसके बाद एक निजी ड्राइवर को बुलाकर ध्वस्तीकरण का कार्य पूरा कराया गया। प्रशासन के अनुसार, सड़क चौड़ीकरण के लिए मंदिर को हटाना आवश्यक था। मंदिर से निकाली गई मूर्ति को शहर के ही शक्ति मंदिर में रखा गया है।1