ब्लॉक कांग्रेस कमेटी और भारतीय किसान यूनियन के तत्वावधान में मंगलवार को राजिम में एक विशाल ट्रैक्टर रैली निकाली गई और चक्काजाम किया गया। यह प्रदर्शन किसानों को हो रही खाद की किल्लत, बढ़ती महंगाई, पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दाम, एमएसपी (न्यूनतम समर्थन मूल्य) की कानूनी गारंटी और खाद की कालाबाजारी पर रोक सहित विभिन्न मांगों को लेकर आयोजित किया गया था। इस प्रदर्शन में पूर्व विधायक और प्रथम पंचायत मंत्री अमितेष शुक्ल शामिल हुए, जिनके साथ सैकड़ों कांग्रेसी कार्यकर्ता मौजूद थे। भारतीय किसान यूनियन की ओर से तेजराम विद्रोही के नेतृत्व में राजिम क्षेत्र के बड़ी संख्या में किसान भी इस आयोजन का हिस्सा बने। किसानों ने राजिम कृषि उपज मंडी से पंडित सुंदर लाल शर्मा चौक तक ट्रैक्टर रैली निकाली, जिसके बाद चौक पर प्रदर्शनकारियों ने चक्काजाम कर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। किसानों का कहना है कि बुवाई का सीजन होने के बावजूद उन्हें खाद नहीं मिल पा रही है और कालाबाजारी के कारण दोगुने दाम चुकाने पड़ रहे हैं। उनका यह भी आरोप है कि महंगाई और डीजल के दामों ने खेती को घाटे का सौदा बना दिया है, जबकि एमएसपी की कानूनी गारंटी न मिलने से वे ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं। प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं की गईं, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। चक्काजाम के दौरान मौके पर प्रशासनिक अधिकारी और बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा।
ब्लॉक कांग्रेस कमेटी और भारतीय किसान यूनियन के तत्वावधान में मंगलवार को राजिम में एक विशाल ट्रैक्टर रैली निकाली गई और चक्काजाम किया गया। यह प्रदर्शन किसानों को हो रही खाद की किल्लत, बढ़ती महंगाई, पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दाम, एमएसपी (न्यूनतम समर्थन मूल्य) की कानूनी गारंटी और खाद की कालाबाजारी पर रोक सहित विभिन्न मांगों को लेकर आयोजित
किया गया था। इस प्रदर्शन में पूर्व विधायक और प्रथम पंचायत मंत्री अमितेष शुक्ल शामिल हुए, जिनके साथ सैकड़ों कांग्रेसी कार्यकर्ता मौजूद थे। भारतीय किसान यूनियन की ओर से तेजराम विद्रोही के नेतृत्व में राजिम क्षेत्र के बड़ी संख्या में किसान भी इस आयोजन का हिस्सा बने। किसानों ने राजिम कृषि उपज मंडी से पंडित सुंदर लाल शर्मा चौक
तक ट्रैक्टर रैली निकाली, जिसके बाद चौक पर प्रदर्शनकारियों ने चक्काजाम कर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। किसानों का कहना है कि बुवाई का सीजन होने के बावजूद उन्हें खाद नहीं मिल पा रही है और कालाबाजारी के कारण दोगुने दाम चुकाने पड़ रहे हैं। उनका यह भी आरोप है कि महंगाई और डीजल के दामों ने खेती
को घाटे का सौदा बना दिया है, जबकि एमएसपी की कानूनी गारंटी न मिलने से वे ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं। प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं की गईं, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। चक्काजाम के दौरान मौके पर प्रशासनिक अधिकारी और बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा।
- विश्व रक्तदान दिवस के पावन अवसर पर गरियाबंद पुलिस विभाग में पदस्थ आरक्षक अखिलेश वैष्णव को राजभवन में एक गरिमामय समारोह में महामहिम राज्यपाल द्वारा सम्मानित किया गया है। यह सम्मान उन्हें उनके 50वें रक्तदान और निरंतर नि:स्वार्थ रक्तदान कार्यों के लिए प्रदान किया गया, जो उनकी उत्कृष्ट एवं अनुकरणीय सेवाओं को दर्शाता है।2
- खरोरा में विशेष आवश्यकता वाले बच्चों की पहचान के उद्देश्य से प्रधानपाठकों का एक दिवसीय प्रशिक्षण संपन्न हुआ। जिला परियोजना कार्यालय समग्र शिक्षा रायपुर, छत्तीसगढ़ के निर्देशानुसार कार्यालय विकासखंड स्रोत केंद्र तिल्दा-नेवरा द्वारा शासकीय पीएम श्री भरत देवांगन उच्चतर माध्यमिक विद्यालय खरोरा में यह आयोजन किया गया था। इस प्रशिक्षण का मुख्य लक्ष्य समावेशी शिक्षा के अंतर्गत 0 से 18 वर्ष आयु वर्ग के विशेष आवश्यकता वाले बच्चों की पहचान, नामांकन और उन्हें आवश्यक शैक्षणिक सहयोग प्रदान करने हेतु विकासखंड स्तर पर सर्वेक्षण कराना है। प्रशिक्षण के दौरान प्रशिक्षक लखेश्वर कुमार वर्मा और रामकरण वर्मा ने आवश्यक जानकारी दी। संकुल स्रोत केंद्र तिल्दा के अधिकारी सुविधा सिंह ने सर्वेक्षण की प्रक्रिया और उसके उद्देश्यों को विस्तारपूर्वक समझाया। उन्होंने दिव्यांगता के विभिन्न प्रकारों जैसे दृष्टि बाधिता, कम दृष्टि, कुष्ठ रोग से मुक्त व्यक्ति, श्रवण बाधिता, चलन बाधिता, बौनापन, बौद्धिक दिव्यांगता, मानसिक रोग, ऑटिज्म स्पेक्ट्रम डिसऑर्डर, सेरेब्रल पाल्सी, मस्कुलर डिस्ट्रॉफी, पार्किंसंस रोग, विशिष्ट अधिगम अक्षमता, मल्टीपल स्कलेरोसिस, वाक एवं भाषा दिव्यांगता, थैलेसीमिया, हीमोफीलिया, सिकल सेल रोग, बहु-दिव्यांगता तथा तेजाब हमले से पीड़ित व्यक्तियों सहित अन्य श्रेणियों के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रदान की। इस प्रशिक्षण में ईल्दा के प्राचार्य सी.के. वर्मा, घिवरा की प्राचार्य ईश्वरी पांडे, शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला छड़िया के प्रधानपाठक धीरेंद्र कुमार वर्मा सहित खरोरा, पचरी, बेलदार सिवनी, ईल्दा, घिवरा, कनकी, मोहरेंगा और भड़हा संकुल के प्रधानपाठक उपस्थित रहे। इस प्रशिक्षण के माध्यम से विशेष आवश्यकता वाले बच्चों की समय पर पहचान कर उन्हें शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने तथा समावेशी शिक्षा को प्रभावी बनाने पर विशेष जोर दिया गया।3
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विदेशी दौरों को लेकर एक बार फिर राजनीतिक बहस तेज हो गई है, जिसमें यह सवाल उठाया जा रहा है कि इतने अधिक विदेशी दौरों और उन पर हुए भारी खर्च के बाद भारत को वास्तव में क्या हासिल हुआ है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, प्रधानमंत्री की विदेश यात्राओं पर विभिन्न वर्षों में करोड़ों रुपये खर्च हुए हैं। संसद में उपलब्ध कराई गई जानकारी के मुताबिक, अकेले 2021 से 2024 के बीच प्रधानमंत्री की विदेश यात्राओं पर लगभग 295 करोड़ रुपये की राशि खर्च की गई। सरकार का तर्क है कि ये विदेश यात्राएं केवल खर्च नहीं बल्कि कूटनीतिक निवेश हैं, जिन्होंने भारत की वैश्विक छवि को मजबूत किया है और विभिन्न देशों के साथ सहयोग को बढ़ावा दिया है। इन यात्राओं के दौरान भारत ने कई राष्ट्रों के साथ व्यापार, निवेश, रक्षा सहयोग और रणनीतिक संबंधों को सुदृढ़ करने का प्रयास किया है। हालांकि, आलोचक और विपक्ष इन यात्राओं की लागत और उनके परिणामों पर लगातार जवाब मांग रहे हैं, विशेष रूप से इस बात पर सवाल उठा रहे हैं कि इन दौरों का आम जनता, रोजगार सृजन और महंगाई जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर सीधा असर कितना पड़ा है। अब इस बहस का मुख्य केंद्र यही है कि विदेश नीति के इन प्रयासों का वास्तविक लाभ भारतीय अर्थव्यवस्था और देश के आम नागरिकों तक कितनी मात्रा में पहुँच पाया है।1
- छत्तीसगढ़ के मनेन्द्रगढ़-भरतपुर-चिरमिरी जिले में मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत नवविवाहिताओं को दिए गए मंगलसूत्रों को लेकर एक बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। कई महिलाओं ने आरोप लगाया है कि शादी के दौरान मिले ये मंगलसूत्र कुछ ही दिनों में काले पड़ गए। जांच कराने पर दावा किया गया है कि इन मंगलसूत्रों में चांदी की जगह गिलट का इस्तेमाल किया गया था। इस खुलासे के बाद, प्रभावित नवविवाहिताओं ने अब नए मंगलसूत्र खरीदने के लिए राशि उपलब्ध कराने की मांग की है। मामला सामने आने के बाद, कलेक्टर ने तत्काल प्रभाव से पूरे प्रकरण की जांच के आदेश जारी कर दिए हैं। वहीं, स्थानीय लोगों ने भी इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है।1
- बीरगांव ब्लॉक कांग्रेस कमेटी ने 10 जून को सुशासन तिहार के अवसर पर विरोध प्रदर्शन किया।1
- भाजपा तिल्दा शहर मंडल द्वारा तिल्दा-नेवरा नगर में एक मीडिया संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम केंद्र सरकार के "12 साल विश्वास के, विकास के, जनकल्याण के" अभियान के अंतर्गत हुआ, जिसमें छत्तीसगढ़ राज्य खाद्य आयोग के अध्यक्ष (राज्यमंत्री दर्जा) संदीप शर्मा ने मुख्य वक्ता के रूप में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। मीडिया संवाद के दौरान संदीप शर्मा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार के 12 वर्षों की उपलब्धियों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि जनधन योजना, स्वच्छ भारत मिशन के तहत शौचालय निर्माण, उज्ज्वला योजना से गैस कनेक्शन वितरण, किसान सम्मान निधि, सिंचाई सुविधाओं का विस्तार और किसानों के लिए विभिन्न योजनाओं जैसे कार्यक्रमों से आम नागरिकों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन आया है। शर्मा ने यह भी उल्लेख किया कि केंद्र सरकार देश के अविकसित क्षेत्रों की पहचान कर वहां आधारभूत सुविधाओं के विकास पर सक्रिय रूप से कार्य कर रही है, जिसके परिणामस्वरूप सड़क, परिवहन, रेल, मेट्रो, हवाई अड्डों और स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। उन्होंने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के नेतृत्व में सड़क परिवहन क्षेत्र में हुए विकास कार्यों का विशेष रूप से जिक्र किया। इस अवसर पर भाजपा रायपुर ग्रामीण जिला प्रभारी सुरेंद्र पटनी, भाजपा रायपुर ग्रामीण जिलाध्यक्ष श्याम नारंग, जिला पंचायत सदस्य स्वाति वर्मा, नगर पालिका अध्यक्ष चंद्रकला वर्मा और डॉ. खुमान वर्मा सहित भाजपा के कई पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। भाजपा महिला मोर्चा तिल्दा शहर मंडल की अध्यक्ष और वार्ड क्रमांक 21 की पार्षद रानी सौरभ जैन की विशेष सहभागिता रही, जिनके आमंत्रण पर क्षेत्र के प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक एवं वेब मीडिया से जुड़े अनेक पत्रकार भी कार्यक्रम में शामिल हुए। कार्यक्रम के अंत में, नगर पालिका अध्यक्ष चंद्रकला वर्मा के जन्मदिन के अवसर पर केक काटा गया और उन्हें शुभकामनाएं दी गईं।1
- बलरामपुर-रामानुजगंज जिले की पस्ता पुलिस ने नशीले मादक इंजेक्शनों के साथ एक 54 वर्षीय व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई धारा 21 (सी) एनडीपीएस एक्ट के तहत की गई है। आरोपी की पहचान ग्राम बासेन निवासी अतिकुर रहमान, पिता जसिमुद्दीन के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, दिनांक 13.06.2026 को मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक व्यक्ति बिना नंबर प्लेट की बैंगनी-सफेद रंग की यामाहा मोटरसाइकिल पर शंकरगढ़ से परता की ओर नशीली मादक इंजेक्शन लेकर आ रहा है। इस सूचना पर थाना प्रभारी पस्ता ने वरिष्ठ अधिकारियों को सूचित करने के बाद ग्राम बासेन के कोदोडीपा कोलावाड़ी पहुंचकर घेराबंदी की। कुछ देर बाद, एक व्यक्ति बिना नंबर प्लेट की इसी तरह की यामाहा मोटरसाइकिल पर चौक की तरफ आता दिखा, जिसे रोककर पूछताछ की गई। पूछताछ के दौरान उसने अपना नाम अतिकुर रहमान बताया। जब उससे नशीले इंजेक्शन रखने के संबंध में पूछा गया तो वह टालमटोल करने लगा और असामान्य व्यवहार करने लगा। आरोपी अतिकुर रहमान की मोटरसाइकिल की डिग्गी की तलाशी लेने पर उसमें से 04 सीलबंद पैकेट मिले। इनमें से 02 सीलबंद पैकेट में Pheniramine Maleate Injection I.P. Avil इंजेक्शन की कुल 50 शीशियां मिलीं, जिनकी कीमत लगभग ₹1107.5 बताई गई है। अन्य 02 पैकेट में BUPRENORPHINE Injection I.P. REXOGESIC इंजेक्शन की कुल 50 नग (प्रत्येक पैकेट में 25 नग) बरामद हुए। इन सभी नशीले इंजेक्शनों को विधिवत आरोपी के कब्जे से जब्त कर लिया गया। इसके अतिरिक्त, आरोपी के पास से एक एंड्रॉयड मोटोरोला रूटीन टच मोबाइल और बिना नंबर प्लेट की बैंगनी-सफेद रंग की यामाहा मोटरसाइकिल भी जब्त की गई। अतिकुर रहमान का यह कृत्य धारा 21 (सी) एनडीपीएस एक्ट के तहत पाया गया, जिसके बाद उसे विधिवत न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।2
- राजिम में भारतीय किसान यूनियन ने रविवार को एक समीक्षा बैठक की, जिसमें खरीफ फसल की तैयारी में जुटे किसानों ने खाद की मात्रा में शासन द्वारा की गई कटौती को लेकर गहरी नाराजगी जताई। इस बैठक में आगामी बड़े आंदोलन की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की गई। यह बैठक 12 जून को हुई विशाल ट्रैक्टर रैली के बाद बुलाई गई थी, जिसमें राष्ट्रीय और प्रदेश स्तरीय पदाधिकारियों ने भाग लिया। पदाधिकारियों और किसानों ने खाद की किल्लत, कालाबाजारी और अन्य समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की। उनका कहना था कि बुवाई का समय होने के बावजूद सोसायटियों में खाद उपलब्ध नहीं है, क्योंकि शासन ने खाद का कोटा कम कर दिया है। इस मजबूरी के कारण किसानों को निजी दुकानों से महंगे दाम पर खाद खरीदनी पड़ रही है। बैठक में तय किया गया कि यदि किसानों की मांगें नहीं मानी गईं तो आने वाले दिनों में जिला और प्रदेश स्तर पर उग्र प्रदर्शन किए जाएंगे, जिसके लिए एक बड़े आंदोलन की रूपरेखा तैयार की गई है। इस अवसर पर राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य कृष्णा नरवाल, छत्तीसगढ़ प्रभारी प्रवीण क्रांति, महासचिव तेजराम विद्रोही, प्रदेश सचिव कमल कुशवाह और जिलाध्यक्ष मदन लाल साहू सहित यूनियन के अन्य पदाधिकारी तथा सैकड़ों किसान मौजूद रहे। सभी ने एकजुट होकर अपनी लड़ाई लड़ने का संकल्प लिया।3