*प्रेस विज्ञप्ति* *मेरठ में राष्ट्रीय लोकदल ने आयोजित किया सामाजिक समरसता सम्मेलन।* *सामाजिक न्याय, समान अवसर और आपसी भाईचारे को मजबूत करने का लिया संकल्प।* *बहुजन समाज पार्टी, समाजवादी पार्टी और कांग्रेस छोड़कर आए सैकड़ों लोगों ने आज राष्ट्रीय लोकदल का धामा दामन* *कार्यक्रम के आयोजक दीपक गून क्षेत्रीय अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(एससी/एसटी) प्रकोष्ठ रहे।* मेरठ। राष्ट्रीय लोकदल द्वारा जनपद मेरठ में अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ द्वारा सामाजिक समरसता सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में समाज के सभी वर्गों के बीच आपसी भाईचारा, समानता, सामाजिक न्याय और सम्मान की भावना को मजबूत करने पर जोर दिया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राष्ट्रीय महासचिव (संगठन) त्रिलोक त्यागी रहे। विशिष्ट अतिथियों के रूप में राष्ट्रीय अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ ओ. पी. सागर, राष्ट्रीय सचिव प्रबुद्ध कुमार, प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ एवं पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, पूर्व विधायक विनोद हरित तथा प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल (सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे व क्षेत्रीय अध्यक्ष हस्तिनापुर क्षेत्र तरसपाल मलिक व मण्डल अध्यक्ष इंदरवीर भाटी उपस्थित रहे। *कार्यक्रम की अध्यक्षता अनुसूचित जाति/जनजाति आयोग के सदस्य नरेंद्र खजूरी ने की तथा संचालन राष्ट्रीय लोकदल अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ, हस्तिनापुर क्षेत्र के क्षेत्रीय अध्यक्ष दीपक गून ने किया।* मुख्य अतिथि त्रिलोक त्यागी ने कहा कि सामाजिक समरसता केवल एक नारा नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति को सम्मान और समान अवसर देने की भावना है। अनुसूचित जाति समाज ने देश के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया है और संगठन में उनके कार्यकर्ताओं को उनकी मेहनत, योग्यता और योगदान के अनुरूप जिम्मेदारी और सम्मान मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक न्याय और सामाजिक समरसता एक-दूसरे के पूरक हैं और समाज को मजबूत बनाने के लिए सभी वर्गों को साथ लेकर चलना आवश्यक है। अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओ. पी. सागर ने कहा कि अनुसूचित जाति समाज के अधिकारों, सम्मान और भागीदारी को मजबूत करने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने चाहिए। संगठन के माध्यम से समाज के लोगों की समस्याओं को सामने लाने और *प्रेस विज्ञप्ति* *मेरठ में राष्ट्रीय लोकदल ने आयोजित किया सामाजिक समरसता सम्मेलन।* *सामाजिक न्याय, समान अवसर और आपसी भाईचारे को मजबूत करने का लिया संकल्प।* *बहुजन समाज पार्टी, समाजवादी पार्टी और कांग्रेस छोड़कर आए सैकड़ों लोगों ने आज राष्ट्रीय लोकदल का धामा दामन* *कार्यक्रम के आयोजक दीपक गून क्षेत्रीय अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(एससी/एसटी) प्रकोष्ठ रहे।* मेरठ। राष्ट्रीय लोकदल द्वारा जनपद मेरठ में अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ द्वारा सामाजिक समरसता सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में समाज के सभी वर्गों के बीच आपसी भाईचारा, समानता, सामाजिक न्याय और सम्मान की भावना को मजबूत करने पर जोर दिया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राष्ट्रीय महासचिव (संगठन) त्रिलोक त्यागी रहे। विशिष्ट अतिथियों के रूप में राष्ट्रीय अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ ओ. पी. सागर, राष्ट्रीय सचिव प्रबुद्ध कुमार, प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ एवं पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, पूर्व विधायक विनोद हरित तथा प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल (सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे व क्षेत्रीय अध्यक्ष हस्तिनापुर क्षेत्र तरसपाल मलिक व मण्डल अध्यक्ष इंदरवीर भाटी उपस्थित रहे। *कार्यक्रम की अध्यक्षता अनुसूचित जाति/जनजाति आयोग के सदस्य नरेंद्र खजूरी ने की तथा संचालन राष्ट्रीय लोकदल अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ, हस्तिनापुर क्षेत्र के क्षेत्रीय अध्यक्ष दीपक गून ने किया।* मुख्य अतिथि त्रिलोक त्यागी ने कहा कि सामाजिक समरसता केवल एक नारा नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति को सम्मान और समान अवसर देने की भावना है। अनुसूचित जाति समाज ने देश के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया है और संगठन में उनके कार्यकर्ताओं को उनकी मेहनत, योग्यता और योगदान के अनुरूप जिम्मेदारी और सम्मान मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक न्याय और सामाजिक समरसता एक-दूसरे के पूरक हैं और समाज को मजबूत बनाने के लिए सभी वर्गों को साथ लेकर चलना आवश्यक है। *प्रेस विज्ञप्ति* *मेरठ में राष्ट्रीय लोकदल ने आयोजित किया सामाजिक समरसता सम्मेलन।* *सामाजिक न्याय, समान अवसर और आपसी भाईचारे को मजबूत करने का लिया संकल्प।* *बहुजन समाज पार्टी, समाजवादी पार्टी और कांग्रेस छोड़कर आए सैकड़ों लोगों ने आज राष्ट्रीय लोकदल का धामा दामन* *कार्यक्रम के आयोजक दीपक गून क्षेत्रीय अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(एससी/एसटी) प्रकोष्ठ रहे।* मेरठ। राष्ट्रीय लोकदल द्वारा जनपद मेरठ में अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ द्वारा सामाजिक समरसता सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में समाज के सभी वर्गों के बीच आपसी भाईचारा, समानता, सामाजिक न्याय और सम्मान की भावना को मजबूत करने पर जोर दिया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राष्ट्रीय महासचिव (संगठन) त्रिलोक त्यागी रहे। विशिष्ट अतिथियों के रूप में राष्ट्रीय अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ ओ. पी. सागर, राष्ट्रीय सचिव प्रबुद्ध कुमार, प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ एवं पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, पूर्व विधायक विनोद हरित तथा प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल (सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे व क्षेत्रीय अध्यक्ष हस्तिनापुर क्षेत्र तरसपाल मलिक व मण्डल अध्यक्ष इंदरवीर भाटी उपस्थित रहे। *कार्यक्रम की अध्यक्षता अनुसूचित जाति/जनजाति आयोग के सदस्य नरेंद्र खजूरी ने की तथा संचालन राष्ट्रीय लोकदल अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ, हस्तिनापुर क्षेत्र के क्षेत्रीय अध्यक्ष दीपक गून ने किया।* मुख्य अतिथि त्रिलोक त्यागी ने कहा कि सामाजिक समरसता केवल एक नारा नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति को सम्मान और समान अवसर देने की भावना है। अनुसूचित जाति समाज ने देश के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया है और संगठन में उनके कार्यकर्ताओं को उनकी मेहनत, योग्यता और योगदान के अनुरूप जिम्मेदारी और सम्मान मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक न्याय और सामाजिक समरसता एक-दूसरे के पूरक हैं और समाज को मजबूत बनाने के लिए सभी वर्गों को साथ लेकर चलना आवश्यक है। अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओ. पी. सागर ने कहा कि अनुसूचित जाति समाज के अधिकारों, सम्मान और भागीदारी को मजबूत करने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने चाहिए। संगठन के माध्यम से समाज के लोगों की समस्याओं को सामने लाने और कार्यकर्ताओं को अपनी बात रखने का अवसर देने की आवश्यकता है। राष्ट्रीय सचिव राष्ट्रीय लोकदल प्रबुद्ध कुमार ने कहा कि चौधरी चरण सिंह जी की विचारधारा गांव, किसान और मेहनतकश समाज के सम्मान से जुड़ी रही है। समाज की प्रगति तभी संभव है जब सभी वर्गों को साथ लेकर चला जाए और संगठन में प्रत्येक कार्यकर्ता को सम्मान मिले। प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ एवं पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी ने कहा कि अनुसूचित जाति समाज ने देश और प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। समाज के युवाओं को शिक्षा, रोजगार और नेतृत्व के अवसर उपलब्ध कराने के साथ-साथ सामाजिक भेदभाव को समाप्त करने की दिशा में भी लगातार प्रयास होना चाहिए। पूर्व विधायक एवं राष्ट्रीय महासचिव(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) विनोद हरित ने कहा कि समाज की विविधता ही उसकी ताकत है। सामाजिक समरसता के लिए जरूरी है कि सभी वर्ग एक-दूसरे के अधिकारों और भावनाओं का सम्मान करें। उन्होंने कहा कि आपसी भाईचारा और सामाजिक एकता को मजबूत करना सभी की जिम्मेदारी है। प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे ने कहा कि सामाजिक न्याय के लिए समाज के सभी वर्गों की भागीदारी आवश्यक है। महिलाओं, दलितों, पिछड़ों, अतिपिछड़ों और अल्पसंख्यक समाज को सम्मान और समान अवसर मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक समरसता केवल मंचों तक सीमित न रहे, बल्कि गांव और समाज के प्रत्येक स्तर पर दिखाई दे और आने वाले 2027 के विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय लोकदल को मुख्यधारा में लाना *मेरठ में राष्ट्रीय लोकदल ने आयोजित किया सामाजिक समरसता सम्मेलन।* *सामाजिक न्याय, समान अवसर और आपसी भाईचारे को मजबूत करने का लिया संकल्प।* *बहुजन समाज पार्टी, समाजवादी पार्टी और कांग्रेस छोड़कर आए सैकड़ों लोगों ने आज राष्ट्रीय लोकदल का धामा दामन* *कार्यक्रम के आयोजक दीपक गून क्षेत्रीय अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(एससी/एसटी) प्रकोष्ठ रहे।* मेरठ। राष्ट्रीय लोकदल द्वारा जनपद मेरठ में अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ द्वारा सामाजिक समरसता सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में समाज के सभी वर्गों के बीच आपसी भाईचारा, समानता, सामाजिक न्याय और सम्मान की भावना को मजबूत करने पर जोर दिया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राष्ट्रीय महासचिव (संगठन) त्रिलोक त्यागी रहे। विशिष्ट अतिथियों के रूप में राष्ट्रीय अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ ओ. पी. सागर, राष्ट्रीय सचिव प्रबुद्ध कुमार, प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ एवं पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, पूर्व विधायक विनोद हरित तथा प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल (सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे व क्षेत्रीय अध्यक्ष हस्तिनापुर क्षेत्र तरसपाल मलिक व मण्डल अध्यक्ष इंदरवीर भाटी उपस्थित रहे। *कार्यक्रम की अध्यक्षता अनुसूचित जाति/जनजाति आयोग के सदस्य नरेंद्र खजूरी ने की तथा संचालन राष्ट्रीय लोकदल अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ, हस्तिनापुर क्षेत्र के क्षेत्रीय अध्यक्ष दीपक गून ने किया।* मुख्य अतिथि त्रिलोक त्यागी ने कहा कि सामाजिक समरसता केवल एक नारा नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति को सम्मान और समान अवसर देने की भावना है। अनुसूचित जाति समाज ने देश के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया है और संगठन में उनके कार्यकर्ताओं को उनकी मेहनत, योग्यता और योगदान के अनुरूप जिम्मेदारी और सम्मान मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक न्याय और सामाजिक समरसता एक-दूसरे के पूरक हैं और समाज को मजबूत बनाने के लिए सभी वर्गों को साथ लेकर चलना आवश्यक है। अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओ. पी. सागर ने कहा कि अनुसूचित जाति समाज के अधिकारों, सम्मान और भागीदारी को मजबूत करने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने चाहिए। संगठन के माध्यम से समाज के लोगों की समस्याओं को सामने लाने और कार्यकर्ताओं को अपनी बात रखने का अवसर देने की आवश्यकता है। राष्ट्रीय सचिव राष्ट्रीय लोकदल प्रबुद्ध कुमार ने कहा कि चौधरी चरण सिंह जी की विचारधारा गांव, किसान और मेहनतकश समाज के सम्मान से जुड़ी रही है। समाज की प्रगति तभी संभव है जब सभी वर्गों को साथ लेकर चला जाए और संगठन में प्रत्येक कार्यकर्ता को सम्मान मिले। प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ एवं पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी ने कहा कि अनुसूचित जाति समाज ने देश और प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। समाज के युवाओं को शिक्षा, रोजगार और नेतृत्व के अवसर उपलब्ध कराने के साथ-साथ सामाजिक भेदभाव को समाप्त करने की दिशा में भी लगातार प्रयास होना चाहिए। पूर्व विधायक एवं राष्ट्रीय महासचिव(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) विनोद हरित ने कहा कि समाज की विविधता ही उसकी ताकत है। सामाजिक समरसता के लिए जरूरी है कि सभी वर्ग एक-दूसरे के अधिकारों और भावनाओं का सम्मान करें। उन्होंने कहा कि आपसी भाईचारा और सामाजिक एकता को मजबूत करना सभी की जिम्मेदारी है। प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे ने कहा कि सामाजिक न्याय के लिए समाज के सभी वर्गों की भागीदारी आवश्यक है। महिलाओं, दलितों, पिछड़ों, अतिपिछड़ों और अल्पसंख्यक समाज को सम्मान और समान अवसर मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक समरसता केवल मंचों तक सीमित न रहे, बल्कि गांव और समाज के प्रत्येक स्तर पर दिखाई दे और आने वाले 2027 के विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय लोकदल को मुख्यधारा में लाना है। सम्मेलन में वक्ताओं ने कहा कि समाज की मजबूती आपसी सम्मान, संवाद और भाईचारे से होती है। सभी वर्गों को साथ लेकर चलने और सामाजिक दूरी को कम करने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने की आवश्यकता है। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने सामाजिक न्याय, समान अवसर, आपसी भाईचारे और समाज के प्रत्येक वर्ग के सम्मान को मजबूत करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से त्रिलोक त्यागी राष्ट्रीय महासचिव(संगठन), राष्ट्रीय सचिव प्रबुद्ध कुमार,विधायक गुलाम मोहम्मद,राष्ट्रीय अध्यक्ष(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) ओ. पी सागर,राष्ट्रीय महासचिव(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) विनोद हरित, प्रदेश अध्यक्ष(अनुसूचित जाति /जनजाति प्रकोष्ठ) भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे,सुनील रोहटा,आतिर रिज़वी,रामवीर दहिया,डॉ दीपक तोमर, प्रताप लोईया,संजय पनवाड़ी,संजय रसूलपुर,विवेक बाफ़र, गौरव जिटोली,ओडी त्यागी, ऋचा सिंह,ओमकार भदौड़ा, डॉ. देवेंद्र गौतम,इन्द्राणी त्यागी,आशीष उर्फ़ पिंटू, अक्षय अतलपुर, सोहराब ग्यास, रमेश काकड़ा, भूषण चौहान, योगेंद्र तालियान, नरेश मल्लापुर,सुभाष जाटव, मोहित गौतम, अंजू चौधरी, उर्मिला चौधरी,अमित शामली, सुनील मंत्री हापुड़, बिजेंद्र गौतमबुद्ध नगर आदि मुख्य रूप से उपस्थित रहे।की मजबूती आपसी सम्मान, संवाद और भाईचारे से होती है। सभी वर्गों को साथ लेकर चलने और सामाजिक दूरी को कम करने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने की आवश्यकता है। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने सामाजिक न्याय, समान अवसर, आपसी भाईचारे और समाज के प्रत्येक वर्ग के सम्मान को मजबूत करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से त्रिलोक त्यागी राष्ट्रीय महासचिव(संगठन), राष्ट्रीय सचिव प्रबुद्ध कुमार,विधायक गुलाम मोहम्मद,राष्ट्रीय अध्यक्ष(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) ओ. पी सागर,राष्ट्रीय महासचिव(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) विनोद हरित, प्रदेश अध्यक्ष(अनुसूचित जाति /जनजाति प्रकोष्ठ) भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे,सुनील रोहटा,आतिर रिज़वी,रामवीर दहिया,डॉ दीपक तोमर, प्रताप लोईया,संजय पनवाड़ी,संजय रसूलपुर,विवेक बाफ़र, गौरव जिटोली,ओडी त्यागी, ऋचा सिंह,ओमकार भदौड़ा, डॉ. देवेंद्र गौतम,इन्द्राणी त्यागी,आशीष उर्फ़ पिंटू, अक्षय अतलपुर, सोहराब ग्यास, रमेश काकड़ा, भूषण चौहान, योगेंद्र तालियान, नरेश मल्लापुर,सुभाष जाटव, मोहित गौतम, अंजू चौधरी, उर्मिला चौधरी,अमित शामली, सुनील मंत्री हापुड़, बिजेंद्र गौतमबुद्ध नगर आदि मुख्य रूप से उपस्थित रहे। अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओ. पी. सागर ने कहा कि अनुसूचित जाति समाज के अधिकारों, सम्मान और भागीदारी को मजबूत करने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने चाहिए। संगठन के माध्यम से समाज के लोगों की समस्याओं को सामने लाने और कार्यकर्ताओं को अपनी बात रखने का अवसर देने की आवश्यकता है। राष्ट्रीय सचिव राष्ट्रीय लोकदल प्रबुद्ध कुमार ने कहा कि चौधरी चरण सिंह जी की विचारधारा गांव, किसान और मेहनतकश समाज के सम्मान से जुड़ी रही है। समाज की प्रगति तभी संभव है जब सभी वर्गों को साथ लेकर चला जाए और संगठन में प्रत्येक कार्यकर्ता को सम्मान मिले। प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ एवं पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी ने कहा कि अनुसूचित जाति समाज ने देश और प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। समाज के युवाओं को शिक्षा, रोजगार और नेतृत्व के अवसर उपलब्ध कराने के साथ-साथ सामाजिक भेदभाव को समाप्त करने की दिशा में भी लगातार प्रयास होना चाहिए। पूर्व विधायक एवं राष्ट्रीय महासचिव(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) विनोद हरित ने कहा कि समाज की विविधता ही उसकी ताकत है। सामाजिक समरसता के लिए जरूरी है कि सभी वर्ग एक-दूसरे के अधिकारों और भावनाओं का सम्मान करें। उन्होंने कहा कि आपसी भाईचारा और सामाजिक एकता को मजबूत करना सभी की जिम्मेदारी है। प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे ने कहा कि सामाजिक न्याय के लिए समाज के सभी वर्गों की भागीदारी आवश्यक है। महिलाओं, दलितों, पिछड़ों, अतिपिछड़ों और अल्पसंख्यक समाज को सम्मान और समान अवसर मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक समरसता केवल मंचों तक सीमित न रहे, बल्कि गांव और समाज के प्रत्येक स्तर पर दिखाई दे और आने वाले 2027 के विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय लोकदल को मुख्यधारा में लाना है। सम्मेलन में वक्ताओं ने कहा कि समाज की मजबूती आपसी सम्मान, संवाद और भाईचारे से होती है। सभी वर्गों को साथ लेकर चलने और सामाजिक दूरी को कम करने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने की आवश्यकता है। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने सामाजिक न्याय, समान अवसर, आपसी भाईचारे और समाज के प्रत्येक वर्ग के सम्मान को मजबूत करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से त्रिलोक त्यागी राष्ट्रीय महासचिव(संगठन), राष्ट्रीय सचिव प्रबुद्ध कुमार,विधायक गुलाम मोहम्मद,राष्ट्रीय अध्यक्ष(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) ओ. पी सागर,राष्ट्रीय महासचिव(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) विनोद हरित, प्रदेश अध्यक्ष(अनुसूचित जाति /जनजाति प्रकोष्ठ) भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे,सुनील रोहटा,आतिर रिज़वी,रामवीर दहिया,डॉ दीपक तोमर, प्रताप लोईया,संजय पनवाड़ी,संजय रसूलपुर,विवेक बाफ़र, गौरव जिटोली,ओडी त्यागी, ऋचा सिंह,ओमकार भदौड़ा, डॉ. देवेंद्र गौतम,इन्द्राणी त्यागी,आशीष उर्फ़ पिंटू, अक्षय अतलपुर, सोहराब ग्यास, रमेश काकड़ा, भूषण चौहान, योगेंद्र तालियान, नरेश मल्लापुर,सुभाष जाटव, मोहित गौतम, अंजू चौधरी, उर्मिला चौधरी,अमित शामली, सुनील मंत्री हापुड़, बिजेंद्र गौतमबुद्ध नगर आदि मुख्य रूप से उपस्थित रहे।कार्यकर्ताओं को अपनी बात रखने का अवसर देने की आवश्यकता है। राष्ट्रीय सचिव राष्ट्रीय लोकदल प्रबुद्ध कुमार ने कहा कि चौधरी चरण सिंह जी की विचारधारा गांव, किसान और मेहनतकश समाज के सम्मान से जुड़ी रही है। समाज की प्रगति तभी संभव है जब सभी वर्गों को साथ लेकर चला जाए और संगठन में प्रत्येक कार्यकर्ता को सम्मान मिले। प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ एवं पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी ने कहा कि अनुसूचित जाति समाज ने देश और प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। समाज के युवाओं को शिक्षा, रोजगार और नेतृत्व के अवसर उपलब्ध कराने के साथ-साथ सामाजिक भेदभाव को समाप्त करने की दिशा में भी लगातार प्रयास होना चाहिए। पूर्व विधायक एवं राष्ट्रीय महासचिव(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) विनोद हरित ने कहा कि समाज की विविधता ही उसकी ताकत है। सामाजिक समरसता के लिए जरूरी है कि सभी वर्ग एक-दूसरे के अधिकारों और भावनाओं का सम्मान करें। उन्होंने कहा कि आपसी भाईचारा और सामाजिक एकता को मजबूत करना सभी की जिम्मेदारी है। प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे ने कहा कि सामाजिक न्याय के लिए समाज के सभी वर्गों की भागीदारी आवश्यक है। महिलाओं, दलितों, पिछड़ों, अतिपिछड़ों और अल्पसंख्यक समाज को सम्मान और समान अवसर मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक समरसता केवल मंचों तक सीमित न रहे, बल्कि गांव और समाज के प्रत्येक स्तर पर दिखाई दे और आने वाले 2027 के विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय लोकदल को मुख्यधारा में लाना है। सम्मेलन में वक्ताओं ने कहा कि समाज की मजबूती आपसी सम्मान, संवाद और भाईचारे से होती है। सभी वर्गों को साथ लेकर चलने और सामाजिक दूरी को कम करने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने की आवश्यकता है। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने सामाजिक न्याय, समान अवसर, आपसी भाईचारे और समाज के प्रत्येक वर्ग के सम्मान को मजबूत करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से त्रिलोक त्यागी राष्ट्रीय महासचिव(संगठन), राष्ट्रीय सचिव प्रबुद्ध कुमार,विधायक गुलाम मोहम्मद,राष्ट्रीय अध्यक्ष(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) ओ. पी सागर,राष्ट्रीय महासचिव(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) विनोद हरित, प्रदेश अध्यक्ष(अनुसूचित जाति /जनजाति प्रकोष्ठ) भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे,सुनील रोहटा,आतिर रिज़वी,रामवीर दहिया,डॉ दीपक तोमर, प्रताप लोईया,संजय पनवाड़ी,संजय रसूलपुर,विवेक बाफ़र, गौरव जिटोली,ओडी त्यागी, ऋचा सिंह,ओमकार भदौड़ा, डॉ. देवेंद्र गौतम,इन्द्राणी त्यागी,आशीष उर्फ़ पिंटू, अक्षय अतलपुर, सोहराब ग्यास, रमेश काकड़ा, भूषण चौहान, योगेंद्र तालियान, नरेश मल्लापुर,सुभाष जाटव, मोहित गौतम, अंजू चौधरी, उर्मिला चौधरी,अमित शामली, सुनील मंत्री हापुड़, बिजेंद्र गौतमबुद्ध नगर आदि मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
*प्रेस विज्ञप्ति* *मेरठ में राष्ट्रीय लोकदल ने आयोजित किया सामाजिक समरसता सम्मेलन।* *सामाजिक न्याय, समान अवसर और आपसी भाईचारे को मजबूत करने का लिया संकल्प।* *बहुजन समाज पार्टी, समाजवादी पार्टी और कांग्रेस छोड़कर आए सैकड़ों लोगों ने आज राष्ट्रीय लोकदल का धामा दामन* *कार्यक्रम के आयोजक दीपक गून क्षेत्रीय अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(एससी/एसटी) प्रकोष्ठ रहे।* मेरठ। राष्ट्रीय लोकदल द्वारा जनपद मेरठ में अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ द्वारा सामाजिक समरसता सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में समाज के सभी वर्गों के बीच आपसी भाईचारा, समानता, सामाजिक न्याय और सम्मान की भावना को मजबूत करने पर जोर दिया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राष्ट्रीय महासचिव (संगठन) त्रिलोक त्यागी रहे। विशिष्ट अतिथियों के रूप में राष्ट्रीय अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ ओ. पी. सागर, राष्ट्रीय सचिव प्रबुद्ध कुमार, प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ एवं पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, पूर्व विधायक विनोद हरित तथा प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल (सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे व क्षेत्रीय अध्यक्ष हस्तिनापुर क्षेत्र तरसपाल मलिक व मण्डल अध्यक्ष इंदरवीर भाटी उपस्थित रहे। *कार्यक्रम की अध्यक्षता अनुसूचित जाति/जनजाति आयोग के सदस्य नरेंद्र खजूरी ने की तथा संचालन राष्ट्रीय लोकदल अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ, हस्तिनापुर क्षेत्र के क्षेत्रीय अध्यक्ष दीपक गून ने किया।* मुख्य अतिथि त्रिलोक त्यागी ने कहा कि सामाजिक समरसता केवल एक नारा नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति को सम्मान और समान अवसर देने की भावना है। अनुसूचित जाति समाज ने देश के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया है और संगठन में उनके कार्यकर्ताओं को उनकी मेहनत, योग्यता और योगदान के अनुरूप जिम्मेदारी और सम्मान मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक न्याय और सामाजिक समरसता एक-दूसरे के पूरक हैं और समाज को मजबूत बनाने के लिए सभी वर्गों को साथ लेकर चलना आवश्यक है। अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओ. पी. सागर ने कहा कि अनुसूचित जाति समाज के अधिकारों, सम्मान और भागीदारी को मजबूत करने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने चाहिए। संगठन के माध्यम से समाज के लोगों की समस्याओं को सामने लाने और *प्रेस विज्ञप्ति* *मेरठ में राष्ट्रीय लोकदल ने आयोजित किया सामाजिक समरसता सम्मेलन।* *सामाजिक न्याय, समान अवसर और आपसी भाईचारे को मजबूत करने का लिया संकल्प।* *बहुजन समाज पार्टी, समाजवादी पार्टी और कांग्रेस छोड़कर आए सैकड़ों लोगों ने आज राष्ट्रीय लोकदल का धामा दामन* *कार्यक्रम के आयोजक दीपक गून क्षेत्रीय अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(एससी/एसटी) प्रकोष्ठ रहे।* मेरठ। राष्ट्रीय लोकदल द्वारा जनपद मेरठ में अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ द्वारा सामाजिक समरसता सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में समाज के सभी वर्गों के बीच आपसी भाईचारा, समानता, सामाजिक न्याय और सम्मान की भावना को मजबूत करने पर जोर दिया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राष्ट्रीय महासचिव (संगठन) त्रिलोक त्यागी रहे। विशिष्ट अतिथियों के रूप में राष्ट्रीय अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ ओ. पी. सागर, राष्ट्रीय सचिव प्रबुद्ध कुमार, प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ एवं पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, पूर्व विधायक विनोद हरित तथा प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल (सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे व क्षेत्रीय अध्यक्ष हस्तिनापुर क्षेत्र तरसपाल मलिक व मण्डल अध्यक्ष इंदरवीर भाटी उपस्थित रहे। *कार्यक्रम की अध्यक्षता अनुसूचित जाति/जनजाति आयोग के सदस्य नरेंद्र खजूरी ने की तथा संचालन राष्ट्रीय लोकदल अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ, हस्तिनापुर क्षेत्र के क्षेत्रीय अध्यक्ष दीपक गून ने किया।* मुख्य अतिथि त्रिलोक त्यागी ने कहा कि सामाजिक समरसता केवल एक नारा नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति को सम्मान और समान अवसर देने की भावना है। अनुसूचित जाति समाज ने देश के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया है और संगठन में उनके कार्यकर्ताओं को उनकी मेहनत, योग्यता और योगदान के अनुरूप जिम्मेदारी और सम्मान मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक न्याय और सामाजिक समरसता एक-दूसरे के पूरक हैं और समाज को मजबूत बनाने के लिए सभी वर्गों को साथ लेकर चलना आवश्यक है। *प्रेस विज्ञप्ति* *मेरठ में राष्ट्रीय लोकदल ने आयोजित किया सामाजिक समरसता सम्मेलन।* *सामाजिक न्याय, समान अवसर और आपसी भाईचारे को मजबूत करने का लिया संकल्प।* *बहुजन समाज पार्टी, समाजवादी पार्टी और कांग्रेस छोड़कर आए सैकड़ों लोगों ने आज राष्ट्रीय लोकदल का धामा दामन* *कार्यक्रम के आयोजक दीपक गून क्षेत्रीय अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(एससी/एसटी) प्रकोष्ठ रहे।* मेरठ। राष्ट्रीय लोकदल द्वारा जनपद मेरठ में अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ द्वारा सामाजिक समरसता सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में समाज के सभी वर्गों के बीच आपसी भाईचारा, समानता, सामाजिक न्याय और सम्मान की भावना को मजबूत करने पर जोर दिया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राष्ट्रीय महासचिव (संगठन) त्रिलोक त्यागी रहे। विशिष्ट अतिथियों के रूप में राष्ट्रीय अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ ओ. पी. सागर, राष्ट्रीय सचिव प्रबुद्ध कुमार, प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ एवं पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, पूर्व विधायक विनोद हरित तथा प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल (सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे व क्षेत्रीय अध्यक्ष हस्तिनापुर क्षेत्र तरसपाल मलिक व मण्डल अध्यक्ष इंदरवीर भाटी उपस्थित रहे। *कार्यक्रम की अध्यक्षता अनुसूचित जाति/जनजाति आयोग के सदस्य नरेंद्र खजूरी ने की तथा संचालन राष्ट्रीय लोकदल अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ, हस्तिनापुर क्षेत्र के क्षेत्रीय अध्यक्ष दीपक गून ने किया।* मुख्य अतिथि त्रिलोक त्यागी ने कहा कि सामाजिक समरसता केवल एक नारा नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति को सम्मान और समान अवसर देने की भावना है। अनुसूचित जाति समाज ने देश के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया है और संगठन में उनके कार्यकर्ताओं को उनकी मेहनत, योग्यता और योगदान के अनुरूप जिम्मेदारी और सम्मान मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक न्याय और सामाजिक समरसता एक-दूसरे के पूरक हैं और समाज को मजबूत बनाने के लिए सभी वर्गों को साथ लेकर चलना आवश्यक है। अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओ. पी. सागर ने कहा कि अनुसूचित जाति समाज के अधिकारों, सम्मान और भागीदारी को मजबूत करने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने चाहिए। संगठन के माध्यम से समाज के लोगों की समस्याओं को सामने लाने और कार्यकर्ताओं को अपनी बात रखने का अवसर देने की आवश्यकता है। राष्ट्रीय सचिव राष्ट्रीय लोकदल प्रबुद्ध कुमार ने कहा कि चौधरी चरण सिंह जी की विचारधारा गांव, किसान और मेहनतकश समाज के सम्मान से जुड़ी रही है। समाज की प्रगति तभी संभव है जब सभी वर्गों को साथ लेकर चला जाए और संगठन में प्रत्येक कार्यकर्ता को सम्मान मिले। प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ एवं पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी ने कहा कि अनुसूचित जाति समाज ने देश और प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। समाज के युवाओं को शिक्षा, रोजगार और नेतृत्व के अवसर उपलब्ध कराने के साथ-साथ सामाजिक भेदभाव को समाप्त करने की दिशा में भी लगातार प्रयास होना चाहिए। पूर्व विधायक एवं राष्ट्रीय महासचिव(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) विनोद हरित ने कहा कि समाज की विविधता ही उसकी ताकत है। सामाजिक समरसता के लिए जरूरी है कि सभी वर्ग एक-दूसरे के अधिकारों और भावनाओं का सम्मान करें। उन्होंने कहा कि आपसी भाईचारा और सामाजिक एकता को मजबूत करना सभी की जिम्मेदारी है। प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे ने कहा कि सामाजिक न्याय के लिए समाज के सभी वर्गों की भागीदारी आवश्यक है। महिलाओं, दलितों, पिछड़ों, अतिपिछड़ों और अल्पसंख्यक समाज को सम्मान और समान अवसर मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक समरसता केवल मंचों तक सीमित न रहे, बल्कि गांव और समाज के प्रत्येक स्तर पर दिखाई दे और आने वाले 2027 के विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय लोकदल को मुख्यधारा में लाना *मेरठ में राष्ट्रीय लोकदल ने आयोजित किया सामाजिक समरसता सम्मेलन।* *सामाजिक न्याय, समान अवसर और आपसी भाईचारे को मजबूत करने का लिया संकल्प।* *बहुजन समाज पार्टी, समाजवादी पार्टी और कांग्रेस छोड़कर आए सैकड़ों लोगों ने आज राष्ट्रीय लोकदल का धामा दामन* *कार्यक्रम के आयोजक दीपक गून क्षेत्रीय अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(एससी/एसटी) प्रकोष्ठ रहे।* मेरठ। राष्ट्रीय लोकदल द्वारा जनपद मेरठ में अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ द्वारा सामाजिक समरसता सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में समाज के सभी वर्गों के बीच आपसी भाईचारा, समानता, सामाजिक न्याय और सम्मान की भावना को मजबूत करने पर जोर दिया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राष्ट्रीय महासचिव (संगठन) त्रिलोक त्यागी रहे। विशिष्ट अतिथियों के रूप में राष्ट्रीय अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ ओ. पी. सागर, राष्ट्रीय सचिव प्रबुद्ध कुमार, प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ एवं पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, पूर्व विधायक विनोद हरित तथा प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल (सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे व क्षेत्रीय अध्यक्ष हस्तिनापुर क्षेत्र तरसपाल मलिक व मण्डल अध्यक्ष इंदरवीर भाटी उपस्थित रहे। *कार्यक्रम की अध्यक्षता अनुसूचित जाति/जनजाति आयोग के सदस्य नरेंद्र खजूरी ने की तथा संचालन राष्ट्रीय लोकदल अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ, हस्तिनापुर क्षेत्र के क्षेत्रीय अध्यक्ष दीपक गून ने किया।* मुख्य अतिथि त्रिलोक त्यागी ने कहा कि सामाजिक समरसता केवल एक नारा नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति को सम्मान और समान अवसर देने की भावना है। अनुसूचित जाति समाज ने देश के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया है और संगठन में उनके कार्यकर्ताओं को उनकी मेहनत, योग्यता और योगदान के अनुरूप जिम्मेदारी और सम्मान मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक न्याय और सामाजिक समरसता एक-दूसरे के पूरक हैं और समाज को मजबूत बनाने के लिए सभी वर्गों को साथ लेकर चलना आवश्यक है। अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओ. पी. सागर ने कहा कि अनुसूचित जाति समाज के अधिकारों, सम्मान और भागीदारी को मजबूत करने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने चाहिए। संगठन के माध्यम से समाज के लोगों की समस्याओं को सामने लाने और कार्यकर्ताओं को अपनी बात रखने का अवसर देने की आवश्यकता है। राष्ट्रीय सचिव राष्ट्रीय लोकदल प्रबुद्ध कुमार ने कहा कि चौधरी चरण सिंह जी की विचारधारा गांव, किसान और मेहनतकश समाज के सम्मान से जुड़ी रही है। समाज की प्रगति तभी संभव है जब सभी वर्गों को साथ लेकर चला जाए और संगठन में प्रत्येक कार्यकर्ता को सम्मान मिले। प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ एवं पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी ने कहा कि अनुसूचित जाति समाज ने देश और प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। समाज के युवाओं को शिक्षा, रोजगार और नेतृत्व के अवसर उपलब्ध कराने के साथ-साथ सामाजिक भेदभाव को समाप्त करने की दिशा में भी लगातार प्रयास होना चाहिए। पूर्व विधायक एवं राष्ट्रीय महासचिव(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) विनोद हरित ने कहा कि समाज की विविधता ही उसकी ताकत है। सामाजिक समरसता के लिए जरूरी है कि सभी वर्ग एक-दूसरे के अधिकारों और भावनाओं का सम्मान करें। उन्होंने कहा कि आपसी भाईचारा और सामाजिक एकता को मजबूत करना सभी की जिम्मेदारी है। प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे ने कहा कि सामाजिक न्याय के लिए समाज के सभी वर्गों की भागीदारी आवश्यक है। महिलाओं, दलितों, पिछड़ों, अतिपिछड़ों और अल्पसंख्यक समाज को सम्मान और समान अवसर मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक समरसता केवल मंचों तक सीमित न रहे, बल्कि गांव और समाज के प्रत्येक स्तर पर दिखाई दे और आने वाले 2027 के विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय लोकदल को मुख्यधारा में लाना है। सम्मेलन में वक्ताओं ने कहा कि समाज की मजबूती आपसी सम्मान, संवाद और भाईचारे से होती है। सभी वर्गों को साथ लेकर चलने और सामाजिक दूरी को कम करने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने की आवश्यकता है। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने सामाजिक न्याय, समान अवसर, आपसी भाईचारे और समाज के प्रत्येक वर्ग के सम्मान को मजबूत करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से त्रिलोक त्यागी राष्ट्रीय महासचिव(संगठन), राष्ट्रीय सचिव प्रबुद्ध कुमार,विधायक गुलाम मोहम्मद,राष्ट्रीय अध्यक्ष(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) ओ. पी सागर,राष्ट्रीय महासचिव(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) विनोद हरित, प्रदेश अध्यक्ष(अनुसूचित जाति /जनजाति प्रकोष्ठ) भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे,सुनील रोहटा,आतिर रिज़वी,रामवीर दहिया,डॉ दीपक तोमर, प्रताप लोईया,संजय पनवाड़ी,संजय रसूलपुर,विवेक बाफ़र, गौरव जिटोली,ओडी त्यागी, ऋचा सिंह,ओमकार भदौड़ा, डॉ. देवेंद्र गौतम,इन्द्राणी त्यागी,आशीष उर्फ़ पिंटू, अक्षय अतलपुर, सोहराब ग्यास, रमेश काकड़ा, भूषण चौहान, योगेंद्र तालियान, नरेश मल्लापुर,सुभाष जाटव, मोहित गौतम, अंजू चौधरी, उर्मिला चौधरी,अमित शामली, सुनील मंत्री हापुड़, बिजेंद्र गौतमबुद्ध नगर आदि मुख्य रूप से उपस्थित रहे।की मजबूती आपसी सम्मान, संवाद और भाईचारे से होती है। सभी वर्गों को साथ लेकर चलने और सामाजिक दूरी को कम करने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने की आवश्यकता है। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने सामाजिक न्याय, समान अवसर, आपसी भाईचारे और समाज के प्रत्येक वर्ग के सम्मान को मजबूत करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से त्रिलोक त्यागी राष्ट्रीय महासचिव(संगठन), राष्ट्रीय सचिव प्रबुद्ध कुमार,विधायक गुलाम मोहम्मद,राष्ट्रीय अध्यक्ष(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) ओ. पी सागर,राष्ट्रीय महासचिव(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) विनोद हरित, प्रदेश अध्यक्ष(अनुसूचित जाति /जनजाति प्रकोष्ठ) भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे,सुनील रोहटा,आतिर रिज़वी,रामवीर दहिया,डॉ दीपक तोमर, प्रताप लोईया,संजय पनवाड़ी,संजय रसूलपुर,विवेक बाफ़र, गौरव जिटोली,ओडी त्यागी, ऋचा सिंह,ओमकार भदौड़ा, डॉ. देवेंद्र गौतम,इन्द्राणी त्यागी,आशीष उर्फ़ पिंटू, अक्षय अतलपुर, सोहराब ग्यास, रमेश काकड़ा, भूषण चौहान, योगेंद्र तालियान, नरेश मल्लापुर,सुभाष जाटव, मोहित गौतम, अंजू चौधरी, उर्मिला चौधरी,अमित शामली, सुनील मंत्री हापुड़, बिजेंद्र गौतमबुद्ध नगर आदि मुख्य रूप से उपस्थित रहे। अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओ. पी. सागर ने कहा कि अनुसूचित जाति समाज के अधिकारों, सम्मान और भागीदारी को मजबूत करने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने चाहिए। संगठन के माध्यम से समाज के लोगों की समस्याओं को सामने लाने और कार्यकर्ताओं को अपनी बात रखने का अवसर देने की आवश्यकता है। राष्ट्रीय सचिव राष्ट्रीय लोकदल प्रबुद्ध कुमार ने कहा कि चौधरी चरण सिंह जी की विचारधारा गांव, किसान और मेहनतकश समाज के सम्मान से जुड़ी रही है। समाज की प्रगति तभी संभव है जब सभी वर्गों को साथ लेकर चला जाए और संगठन में प्रत्येक कार्यकर्ता को सम्मान मिले। प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ एवं पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी ने कहा कि अनुसूचित जाति समाज ने देश और प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। समाज के युवाओं को शिक्षा, रोजगार और नेतृत्व के अवसर उपलब्ध कराने के साथ-साथ सामाजिक भेदभाव को समाप्त करने की दिशा में भी लगातार प्रयास होना चाहिए। पूर्व विधायक एवं राष्ट्रीय महासचिव(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) विनोद हरित ने कहा कि समाज की विविधता ही उसकी ताकत है। सामाजिक समरसता के लिए जरूरी है कि सभी वर्ग एक-दूसरे के अधिकारों और भावनाओं का सम्मान करें। उन्होंने कहा कि आपसी भाईचारा और सामाजिक एकता को मजबूत करना सभी की जिम्मेदारी है। प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे ने कहा कि सामाजिक न्याय के लिए समाज के सभी वर्गों की भागीदारी आवश्यक है। महिलाओं, दलितों, पिछड़ों, अतिपिछड़ों और अल्पसंख्यक समाज को सम्मान और समान अवसर मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक समरसता केवल मंचों तक सीमित न रहे, बल्कि गांव और समाज के प्रत्येक स्तर पर दिखाई दे और आने वाले 2027 के विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय लोकदल को मुख्यधारा में लाना है। सम्मेलन में वक्ताओं ने कहा कि समाज की मजबूती आपसी सम्मान, संवाद और भाईचारे से होती है। सभी वर्गों को साथ लेकर चलने और सामाजिक दूरी को कम करने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने की आवश्यकता है। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने सामाजिक न्याय, समान अवसर, आपसी भाईचारे और समाज के प्रत्येक वर्ग के सम्मान को मजबूत करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से त्रिलोक त्यागी राष्ट्रीय महासचिव(संगठन), राष्ट्रीय सचिव प्रबुद्ध कुमार,विधायक गुलाम मोहम्मद,राष्ट्रीय अध्यक्ष(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) ओ. पी सागर,राष्ट्रीय महासचिव(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) विनोद हरित, प्रदेश अध्यक्ष(अनुसूचित जाति /जनजाति प्रकोष्ठ) भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे,सुनील रोहटा,आतिर रिज़वी,रामवीर दहिया,डॉ दीपक तोमर, प्रताप लोईया,संजय पनवाड़ी,संजय रसूलपुर,विवेक बाफ़र, गौरव जिटोली,ओडी त्यागी, ऋचा सिंह,ओमकार भदौड़ा, डॉ. देवेंद्र गौतम,इन्द्राणी त्यागी,आशीष उर्फ़ पिंटू, अक्षय अतलपुर, सोहराब ग्यास, रमेश काकड़ा, भूषण चौहान, योगेंद्र तालियान, नरेश मल्लापुर,सुभाष जाटव, मोहित गौतम, अंजू चौधरी, उर्मिला चौधरी,अमित शामली, सुनील मंत्री हापुड़, बिजेंद्र गौतमबुद्ध नगर आदि मुख्य रूप से उपस्थित रहे।कार्यकर्ताओं को अपनी बात रखने का अवसर देने की आवश्यकता है। राष्ट्रीय सचिव राष्ट्रीय लोकदल प्रबुद्ध कुमार ने कहा कि चौधरी चरण सिंह जी की विचारधारा गांव, किसान और मेहनतकश समाज के सम्मान से जुड़ी रही है। समाज की प्रगति तभी संभव है जब सभी वर्गों को साथ लेकर चला जाए और संगठन में प्रत्येक कार्यकर्ता को सम्मान मिले। प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ एवं पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी ने कहा कि अनुसूचित जाति समाज ने देश और प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। समाज के युवाओं को शिक्षा, रोजगार और नेतृत्व के अवसर उपलब्ध कराने के साथ-साथ सामाजिक भेदभाव को समाप्त करने की दिशा में भी लगातार प्रयास होना चाहिए। पूर्व विधायक एवं राष्ट्रीय महासचिव(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) विनोद हरित ने कहा कि समाज की विविधता ही उसकी ताकत है। सामाजिक समरसता के लिए जरूरी है कि सभी वर्ग एक-दूसरे के अधिकारों और भावनाओं का सम्मान करें। उन्होंने कहा कि आपसी भाईचारा और सामाजिक एकता को मजबूत करना सभी की जिम्मेदारी है। प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे ने कहा कि सामाजिक न्याय के लिए समाज के सभी वर्गों की भागीदारी आवश्यक है। महिलाओं, दलितों, पिछड़ों, अतिपिछड़ों और अल्पसंख्यक समाज को सम्मान और समान अवसर मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक समरसता केवल मंचों तक सीमित न रहे, बल्कि गांव और समाज के प्रत्येक स्तर पर दिखाई दे और आने वाले 2027 के विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय लोकदल को मुख्यधारा में लाना है। सम्मेलन में वक्ताओं ने कहा कि समाज की मजबूती आपसी सम्मान, संवाद और भाईचारे से होती है। सभी वर्गों को साथ लेकर चलने और सामाजिक दूरी को कम करने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने की आवश्यकता है। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने सामाजिक न्याय, समान अवसर, आपसी भाईचारे और समाज के प्रत्येक वर्ग के सम्मान को मजबूत करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से त्रिलोक त्यागी राष्ट्रीय महासचिव(संगठन), राष्ट्रीय सचिव प्रबुद्ध कुमार,विधायक गुलाम मोहम्मद,राष्ट्रीय अध्यक्ष(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) ओ. पी सागर,राष्ट्रीय महासचिव(अनुसूचित जाति/जनजाति प्रकोष्ठ) विनोद हरित, प्रदेश अध्यक्ष(अनुसूचित जाति /जनजाति प्रकोष्ठ) भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, प्रदेश अध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल(सामाजिक न्याय मंच) सुश्री संगीता दोहरे,सुनील रोहटा,आतिर रिज़वी,रामवीर दहिया,डॉ दीपक तोमर, प्रताप लोईया,संजय पनवाड़ी,संजय रसूलपुर,विवेक बाफ़र, गौरव जिटोली,ओडी त्यागी, ऋचा सिंह,ओमकार भदौड़ा, डॉ. देवेंद्र गौतम,इन्द्राणी त्यागी,आशीष उर्फ़ पिंटू, अक्षय अतलपुर, सोहराब ग्यास, रमेश काकड़ा, भूषण चौहान, योगेंद्र तालियान, नरेश मल्लापुर,सुभाष जाटव, मोहित गौतम, अंजू चौधरी, उर्मिला चौधरी,अमित शामली, सुनील मंत्री हापुड़, बिजेंद्र गौतमबुद्ध नगर आदि मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
- भगत सिंह जयंती पर प्रधानमंत्री को खून से लिखा पत्र — मेरठ को बचाने की भावुक अपील* भगत सिंह जयंती के अवसर पर शैंकी वर्मा ने प्रधानमंत्री जी के नाम अपने खून से एक पत्र लिखकर मेरठ में चल रही बुलडोजर/ध्वस्तीकरण की कार्रवाई को लेकर अपनी चिंता व्यक्त की। पत्र के माध्यम से प्रधानमंत्री जी से अपील की गई कि मेरठ शहर को उजड़ने से बचाने के लिए केंद्र स्तर पर मामले की गंभीरता से जानकारी ली जाए और प्रभावित परिवारों एवं व्यापारियों की स्थिति पर संवेदनशीलता से विचार किया जाए। *शैंकी वर्मा ने कहा कि भगत सिंह ने देश के लिए अपना जीवन न्योछावर किया था। आज उनकी जयंती पर खून से पत्र लिखना किसी राजनीतिक प्रदर्शन से अधिक मेरठ की जनता के दर्द और चिंता को प्रधानमंत्री तक पहुँचाने का प्रतीक है।* उन्होंने प्रधानमंत्री जी से कहा कि मेरठ को केवल एक शहर नहीं, बल्कि लाखों लोगों के घर, रोजगार और जीवन से जुड़ी पहचान के रूप में देखा जाए। कानून और न्यायिक आदेशों का सम्मान करते हुए प्रभावित लोगों की समस्याओं के समाधान के लिए मानवीय और संवैधानिक रास्ता निकाला जाए। *“भगत सिंह की जयंती पर मेरा यह रक्त-पत्र प्रधानमंत्री जी तक मेरठ की आवाज पहुँचाने का प्रयास है—मेरठ को बचाइए, मेरठ के लोगों की पीड़ा सुनिए।”* — शैंकी वर्मा आज केवल एक मेरठवासी1
- breaking news today namskar dekhiye aaj ki taja khabre breaking news2
- मेरठ में फ्लाईओवर से नीचे गिरा ट्रक, पेड़ों में अटका; टला बड़ा हादसा मेरठ के परतापुर फ्लाईओवर पर तेज रफ्तार ट्रक अचानक अनियंत्रित होकर फ्लाईओवर की रेलिंग तोड़ते हुए नीचे जा गिरा। बताया जा रहा है कि चालक को नींद की झपकी आने के बाद ट्रक बेकाबू हुआ। गनीमत रही कि फ्लाईओवर के नीचे पेड़ों के बीच ट्रक अटक गया। हादसे में किसी जनहानि की सूचना नहीं है। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल रहा और लोग भी सहम गए। #Meerut #Paratapur #TruckAccident #MeerutNews #RoadAccident #FlyoverAccident #TrafficNews #UPNews #UttarPradesh #ERadioIndia1
- हरदोई : पुल धंसा, बड़े वाहनों का आवागमन रोका........... हरदोई। हरदोई-सीतापुर नेशनल हाईवे-330 डी पर सई नदी पर बना पुल दोनों तरफ से धंस गया। पुल की स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने एहतियातन बड़े वाहनों का आवागमन रोक दिया है। पुल के क्षतिग्रस्त होने की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। अधिकारियों ने संबंधित विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों को हाईवे और पुल की स्थिति को जल्द दुरुस्त कराने के निर्देश दिए हैं। प्रशासन की ओर से फिलहाल बड़े वाहनों को पुल से गुजरने से रोक दिया गया है, ताकि किसी तरह की दुर्घटना न हो। पुल के दोनों ओर धंसाव होने से राहगीरों और वाहन चालकों में भी चिंता का माहौल है। प्रशासन ने वाहन चालकों से पुल के पास सावधानी बरतने और सुरक्षा व्यवस्था में सहयोग करने की अपील की है। उपजिलाधिकारी सदर मयंक कुंडू ने बताया कि मौके पर स्थिति का निरीक्षण किया गया है और संबंधित विभाग को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।3
- yaha nainital me hotal ka kaam Mila hai mujhe aap ko agar ac se related agar koi bhi kaam karana hoto mujhe call ya message kare thankyou call number 8899698180 mera number hai Rahul ac 8899698180 meerut hapur mujaffarnagar khatauli mawana ganganagar partapur me kahi bhi kaam hoto mai kardunga1
- अखिलेश यादव का बड़ा बयान 🔥 मंदिर और चढ़ावे की चोरी पर बोले1
- महराजगंज ब्रेकिंग* कच्चा मकान गिरने से मलबे में दबकर वृद्ध महिला की दर्दनाक मौत तीन दिनों से लगातार हो रही भीषण बारिश से कच्चा मकान भर-भरा-कर ढहा स्थानीय ग्रामीणों ने मृतका के पति को सुरक्षित निकाला बाहर मलबे के नीचे दबने से 59 वर्षीय महिला की मौके पर ही हुई दर्दनाक मौत घटना की सूचना मिलते ही राजस्व विभाग समेत स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची, स्थिति का लिया जायजा महराजगंज के कोल्हुई थाना क्षेत्र के जिगिनिहा गांव में हुआ यह दर्दनाक हादसा *बाइट- प्रेमशंकर पाण्डेय, उपजिलाधिकारी*2
- राम सहाय इंटर कॉलेज में POCSO जागरूकता अभियान, बच्चों को बताए कानूनी अधिकार मेरठ के राम सहाय इंटर कॉलेज में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से POCSO अधिनियम के संबंध में विशेष जागरूकता अभियान चलाया गया। कार्यक्रम में न्यायाधीश दिनेश कुमार दिवाकर ने विद्यार्थियों को POCSO अधिनियम 2012 के प्रावधानों और कानूनी परिणामों की जानकारी दी। विद्यार्थियों को लैंगिक अपराधों से बचाव, अपने कानूनी अधिकारों और किसी भी शोषण या अपराध की स्थिति में तत्काल सूचना देने के बारे में जागरूक किया गया। कार्यक्रम में 18 वर्ष से कम आयु के बच्चों को मिलने वाले विशेष कानूनी संरक्षण की जानकारी भी दी गई। अभियान के दौरान चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 और NALSA हेल्पलाइन 15100 की जानकारी भी साझा की गई। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक कर सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित करना रहा। #Meerut #POCSO #ChildSafety #LegalAwareness #DLSA #ChildRights #ChildHelpline1098 #NALSA #MeerutNews #ERadioIndia1