मंगलपुर थाना क्षेत्र के पदमपुर गांव के निवासी एक युवक का शव रविवार सुबह गांव से दूर जंगल में एक बबूल के पेड़ पर रस्सी के सहारे लटका हुआ मिला। घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया, जबकि फोरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर आवश्यक साक्ष्य जुटाए। इस दुखद घटना के बाद मृतक के परिवार में कोहराम मचा हुआ है। जानकारी के अनुसार, मृतक की पहचान पदमपुर निवासी अरविंद उर्फ कल्लू (25) के रूप में हुई है, जो नशे का आदी था। उसकी शादी करीब दो वर्ष पहले लक्ष्मी देवी से हुई थी। परिवार में उसकी पत्नी के अलावा माँ लज्जा देवी और छोटे भाई विकास तथा धर्मेंद्र हैं। परिजनों ने बताया कि करीब डेढ़ वर्ष पूर्व बाहर काम करने के दौरान उसका सड़क हादसा हो गया था, जिसमें वह घायल हो गया था। तब से वह घर पर ही रह रहा था। परिजनों के मुताबिक, शनिवार दोपहर को अरविंद नशे की हालत में घर से निकला था। देर शाम तक वापस न लौटने पर परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की और रात भर खोजबीन की गई, लेकिन उसका कोई पता नहीं चल सका। रविवार सुबह ग्रामीणों ने जंगल की ओर तलाश की तो गांव से लगभग 500 मीटर दूर घनी झाड़ियों के बीच बबूल के पेड़ से उसका शव रस्सी के सहारे लटका हुआ मिला। शव मिलने की सूचना से पत्नी लक्ष्मी देवी बदहवास हो गईं, वहीं माँ और दोनों भाइयों का रो-रोकर बुरा हाल था। पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और एसआई मिलन सिरोही ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए रवाना किया। इसके साथ ही, घटनास्थल से महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाने के लिए फोरेंसिक टीम को भी बुलाया गया। हल्का इंचार्ज मिलन सिरोही ने रविवार सुबह 11 बजे बताया कि प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
मंगलपुर थाना क्षेत्र के पदमपुर गांव के निवासी एक युवक का शव रविवार सुबह गांव से दूर जंगल में एक बबूल के पेड़ पर रस्सी के सहारे लटका हुआ मिला। घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया, जबकि फोरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर आवश्यक साक्ष्य जुटाए। इस दुखद घटना के बाद मृतक के परिवार में कोहराम मचा हुआ है। जानकारी के अनुसार, मृतक की पहचान पदमपुर निवासी अरविंद उर्फ कल्लू (25) के रूप में हुई है, जो नशे का आदी था। उसकी शादी करीब दो वर्ष पहले लक्ष्मी देवी से हुई थी। परिवार में उसकी पत्नी के अलावा माँ लज्जा देवी और छोटे भाई विकास तथा धर्मेंद्र हैं। परिजनों ने बताया कि करीब डेढ़ वर्ष पूर्व बाहर काम करने के दौरान उसका सड़क हादसा हो गया था, जिसमें वह घायल हो गया था। तब से वह घर पर ही रह रहा था। परिजनों के मुताबिक, शनिवार दोपहर को अरविंद नशे की हालत में घर से निकला था। देर शाम तक वापस न लौटने पर परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की और रात भर खोजबीन की गई, लेकिन उसका कोई पता नहीं चल सका। रविवार सुबह ग्रामीणों ने जंगल की ओर तलाश की तो गांव से लगभग 500 मीटर दूर घनी झाड़ियों के बीच बबूल के पेड़ से उसका शव रस्सी के सहारे लटका हुआ मिला। शव मिलने की सूचना से पत्नी लक्ष्मी देवी बदहवास हो गईं, वहीं माँ और दोनों भाइयों का रो-रोकर बुरा हाल था। पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और एसआई मिलन सिरोही ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए रवाना किया। इसके साथ ही, घटनास्थल से महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाने के लिए फोरेंसिक टीम को भी बुलाया गया। हल्का इंचार्ज मिलन सिरोही ने रविवार सुबह 11 बजे बताया कि प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
- शुक्रवार शाम करीब 7 बजे, सिकंदरा थाना क्षेत्र के खोजाफूल गांव के पास नेशनल हाईवे पर एक अज्ञात वाहन की टक्कर से बाइक पर सवार तीन लोग घायल हो गए। इस हादसे के बाद घायलों को एंबुलेंस की सहायता से सीएचसी सिकंदरा में भर्ती कराया गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, मंशापुर तुतुआपुर गांव निवासी राजकुमार अपने भाई दीपक और परिवार की सदस्य मिथलेश, जो रण सिंह की पुत्री हैं, के साथ बाइक से डेरापुर से अपने गांव लौट रहे थे। इसी दौरान खोजाफूल गांव के पास नेशनल हाईवे पर पीछे से आए एक अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक में जोरदार टक्कर मार दी। सीएचसी सिकंदरा में ड्यूटी पर मौजूद चिकित्सक डॉ. आनंद गुप्ता ने प्राथमिक उपचार के बाद राजकुमार और दीपक की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज अकबरपुर रेफर कर दिया, जबकि तीसरे घायल का उपचार सीएचसी में ही किया गया। पुलिस इस मामले की जांच में जुटी है और टक्कर मारने वाले अज्ञात वाहन की तलाश कर रही है।1
- औरैया से मिली जानकारी के अनुसार, घरेलू गैस सिलेंडर की कीमतों में 29 रुपये की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इस मूल्य वृद्धि से औरैया के आम लोगों की चिंता बढ़ गई है, जिसके चलते उनका घरेलू बजट प्रभावित हुआ है।1
- बैरी सवाई में श्रीमद्भागवत कथा का भव्य शुभारंभ हो गया है, जहाँ श्रद्धालु भक्ति में सराबोर हो गए। कथा के प्रथम दिवस पर पंडित हिमांशु द्विवेदी ने भागवत महिमा का श्रवण कराया, जिसे सुनने के लिए कथा पंडाल में श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। इस दौरान पूरा क्षेत्र भजन-कीर्तन की मधुर ध्वनि से गूंज उठा। कथा व्यास पंडित हिमांशु द्विवेदी ने बताया कि श्रीमद्भागवत कथा के श्रवण से धर्म, ज्ञान और भक्ति का मार्ग प्रशस्त होता है, और भगवान की भक्ति से जीवन में सकारात्मक परिवर्तन आता है। बैरी सवाई पूरी तरह से भक्तिमय धाम बन गया है, जहाँ आस्था की बयार बह रही है और भक्तजन आध्यात्मिक आनंद ले रहे हैं। कथा के प्रथम दिवस का समापन आरती और प्रसाद वितरण के साथ हुआ, वहीं द्वितीय दिवस पर भी भक्तजन कथा श्रवण के लिए उत्साहपूर्वक पहुँचे।1
- दिल्ली में हुए हालिया अग्निकांड की घटना के बाद, उत्तर प्रदेश अग्निशमन एवं आपात सेवा विभाग ने सतर्कता बढ़ा दी है। इसी क्रम में, पुलिस महानिदेशक अग्निशमन एवं आपात सेवा, उत्तर प्रदेश के निर्देशों का पालन करते हुए, औरैया जनपद में अग्नि सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक विशेष अभियान शुरू किया गया है। इस अभियान के अंतर्गत, प्रभारी अग्निशमन अधिकारी के नेतृत्व में एफएसएसओ देवेंद्र तिवारी और उनकी टीम ने जालौन रोड स्थित विभिन्न होटलों का सघन निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान, टीम ने होटलों में स्थापित अग्निशमन उपकरणों की क्रियाशीलता की जांच की तथा आपातकालीन निकास मार्गों एवं सुरक्षा व्यवस्थाओं का भी अवलोकन किया। अग्निशमन विभाग की टीम ने होटल संचालकों और वहां मौजूद लोगों को आग लगने जैसी आपात स्थितियों से बचाव के उपायों की विस्तृत जानकारी दी। इसके अतिरिक्त, अग्निशमन उपकरणों के सही उपयोग और उनके समय-समय पर उचित रखरखाव के संबंध में भी आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए गए। प्रभारी अग्निशमन अधिकारी ने बताया कि जनपद में अग्नि सुरक्षा मानकों का अनुपालन सुनिश्चित करने और किसी भी संभावित दुर्घटना को समय रहते रोकने के साथ-साथ जनहानि से बचाव के उद्देश्य से यह अभियान लगातार जारी रहेगा।2
- आज जनपद औरैया के फफूंद क्षेत्र के नरिया का पुरवा गांव में एक भावुक और प्रेरणादायक दृश्य देखने को मिला, जहाँ एक बेटे ने अपने स्वर्गीय पिता की स्मृति को हमेशा जीवित रखने के लिए गांव के बाहर एक भव्य स्मृति द्वार का निर्माण कराया। उत्तर प्रदेश सरकार के ऊर्जा मंत्री के बेटे राजा भैया उर्फ रनवीर राजपूत ने इस स्मृति द्वार का उद्घाटन किया। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीण, गणमान्य नागरिक और क्षेत्र के लोग उपस्थित रहे। यह पहल नरिया का पुरवा निवासी अनिल कुमार राजपूत ने की है, जो वर्तमान में पुलिस विभाग में एस ओ जी स्पेशलिस्ट के पद पर तैनात हैं और गाजियाबाद में अपनी कार्यशैली के कारण विशेष पहचान रखते हैं। उन्होंने अपने स्वर्गीय पिता घासीराम राजपूत की पुण्यतिथि पर यह भव्य स्मृति द्वार बनवाया है। इस द्वार का उद्देश्य केवल एक व्यक्ति की स्मृति को सहेजना नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को अपने माता-पिता के सम्मान और संस्कारों का संदेश देना भी है। अनिल कुमार राजपूत ने बताया कि उनके पिता ने उन्हें ईमानदारी, मेहनत और समाज सेवा का रास्ता दिखाया, और आज वह जिस मुकाम पर हैं, उसमें उनके पिता के संस्कारों का सबसे बड़ा योगदान है। स्वर्गीय घासीराम राजपूत अपने सरल स्वभाव और समाज के प्रति समर्पण के लिए जाने जाते थे। उद्घाटन समारोह के दौरान गांव में उत्सव जैसा माहौल देखने को मिला, जहाँ दूर-दूर से आए लोगों ने इस पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि आज के समय में जब लोग अपने माता-पिता को भूल जाते हैं, ऐसे में यह कार्य समाज के लिए एक मिसाल है। ऊर्जा मंत्री के बेटे राजा भैया उर्फ रनवीर राजपूत ने स्मृति द्वार का उद्घाटन करते हुए परिवार की इस पहल की सराहना की और कहा कि माता-पिता का सम्मान भारतीय संस्कृति की पहचान है, और ऐसे कार्य समाज को सकारात्मक दिशा देने का काम करते हैं। इस अवसर पर एक श्रद्धांजलि सभा का भी आयोजन किया गया, जहाँ लोगों ने स्वर्गीय घासीराम राजपूत को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके जीवन से जुड़े संस्मरण भी साझा किए। ग्रामीणों का कहना है कि यह स्मृति द्वार केवल ईंट और पत्थरों का ढांचा नहीं, बल्कि एक बेटे की अपने पिता के प्रति श्रद्धा, सम्मान और प्रेम का प्रतीक है, जो आने वाली पीढ़ियों को भी अपने माता-पिता के सम्मान और संस्कारों की प्रेरणा देता रहेगा।4
- औरैया की सैनिक कॉलोनी में शॉर्ट सर्किट से लगी भीषण आग में अपना सब कुछ गंवा चुके दीपू पोरवाल के परिवार की मदद के लिए श्री पोरवाल सभा रजि. औरैया आगे आई है। 2 मई की रात को शॉर्ट सर्किट के कारण लगी इस आग में परिवार का पूरा घरेलू सामान जलकर राख हो गया था, और दीपू पोरवाल की वृद्ध माता सुशीला देवी भी झुलस गई थीं। घटना की जानकारी मिलने पर पोरवाल सभा के पदाधिकारियों ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर उन्हें सहायता का भरोसा दिया था। इसी क्रम में, शनिवार को सभा के एक प्रतिनिधिमंडल ने पीड़ित परिवार के घर पहुंचकर उन्हें आवश्यक घरेलू सामान, खाद्यान्न और दैनिक उपयोग की वस्तुएं भेंट कीं। भेंट की गई सामग्री में चारपाई, गद्दा, पंखा, गैस चूल्हा, कपड़े और राशन सहित अन्य आवश्यक सामग्री शामिल थी। संस्था की इस मानवीय पहल से पीड़ित परिवार के चेहरों पर मुस्कान लौट आई और कॉलोनीवासियों ने भी इस सहयोग की जमकर सराहना की। इस कार्यक्रम में पोरवाल सभा के अध्यक्ष आनंद नाथ गुप्ता एडवोकेट, आनंद गुप्ता डाबर, कपिल गुप्ता, राजीव पोरवाल (रानू) सहित कई समाजसेवी और दानदाता मौजूद रहे। पोरवाल सभा की इस मदद से आग पीड़ित परिवार को नया हौसला मिला है, जिससे वे संकट की घड़ी में उनके लिए मसीहा बनकर उभरी है।2
- शनिवार को भीषण गर्मी के बीच मंगलपुर क्षेत्र के 33 केवी विद्युत लाइन में तकनीकी खराबी आने से मंगलपुर फीडर से जुड़े कई गांवों की बिजली आपूर्ति लगभग छह घंटे तक बाधित रही। अचानक बिजली गुल होने के कारण लोगों को गर्मी और उमस का सामना करना पड़ा, जिससे उन्हें भारी परेशानी हुई। जानकारी के अनुसार, शनिवार सुबह करीब चार बजे 33 केवी लाइन में यह फाल्ट आया था, जिसके बाद विद्युत विभाग की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और मरम्मत कार्य शुरू किया। लाइनमैन मदन उर्फ सिंटू, भुल्लन, धर्मवीर और बीरेंद्र ने कड़ी मेहनत कर खराबी का पता लगाया और उसे दुरुस्त करने में जुटे रहे। लगातार कई घंटों की मशक्कत के बाद आखिरकार फाल्ट को ठीक कर लिया गया। अवर अभियंता के डी वर्मा ने शनिवार दोपहर दो बजे बताया कि 33 केवी लाइन में फाल्ट के कारण बिजली आपूर्ति बाधित हुई थी, जिसे विभागीय कर्मचारियों के प्रयासों से दूर कर लिया गया है और विद्युत आपूर्ति बहाल करने की प्रक्रिया पूरी कर दी गई है। उन्होंने यह भी बताया कि बढ़ती गर्मी के कारण बिजली की मांग में लगातार वृद्धि हो रही है, जिससे लाइनों पर अतिरिक्त दबाव पड़ रहा है और तकनीकी खराबी की संभावना बढ़ जाती है। विभाग की टीम ऐसे फाल्टों को जल्द से जल्द ठीक कर निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने का प्रयास कर रही है।1
- शासन के निर्देशानुसार, शनिवार को सिकंदरा तहसील परिसर में मुख्य विकास अधिकारी विधान जायसवाल की अध्यक्षता में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस समाधान दिवस में विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 62 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से एक शिकायत का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। शेष शिकायतों को संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के लिए सौंप दिया गया। मुख्य विकास अधिकारी ने सभी अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जन शिकायतों का निस्तारण समयबद्ध, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण ढंग से सुनिश्चित किया जाए, ताकि आम जनता को अनावश्यक कठिनाइयों का सामना न करना पड़े। उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी। दोपहर 2 बजे तक प्राप्त शिकायतों को सुनने के बाद, अधिकारियों को उनके शीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए गए। इस अवसर पर उप जिलाधिकारी प्रदुम्न कुमार, क्षेत्राधिकारी प्रिया सिंह, तहसीलदार राकेश चंद्र सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।1
- दिल्ली में हाल ही में हुई अग्निकांड की घटना के बाद उत्तर प्रदेश अग्निशमन एवं आपात सेवा विभाग सतर्क हो गया है। इसी के मद्देनजर, पुलिस महानिदेशक अग्निशमन एवं आपात सेवा, उत्तर प्रदेश के निर्देशों का पालन करते हुए, जनपद औरैया में अग्नि सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक विशेष अभियान चलाया गया। इस अभियान के तहत, औरैया में होटलों की सघन निरीक्षण कर अग्नि सुरक्षा व्यवस्था की जांच की गई।1