भोजपुर जिले के बिहिया थाना क्षेत्र के टीपुरा गांव में रविवार को दिनदहाड़े बाइक सवार 34 वर्षीय राजेश सिंह उर्फ राजेश यादव की गोली मारकर हत्या कर दी गई। मृतक जगदीशपुर थाना क्षेत्र के रूपबांध गांव के दशरथ सिंह उर्फ दशरथ यादव के बड़े पुत्र थे। राजेश बिहिया के एक निजी अस्पताल में भर्ती अपनी मां का हालचाल जानने के बाद अपने साथी उल्लास यादव के साथ अपाचे बाइक से कटेया की ओर लौट रहे थे। इसी दौरान टीपुरा गांव के समीप घात लगाए तीन बदमाशों ने उनकी बाइक रुकवाकर मारपीट शुरू कर दी। जान बचाने के लिए राजेश पास के एक घर में घुसे, लेकिन हमलावरों ने पीछा कर घर के भीतर और सड़क पर अंधाधुंध फायरिंग कर दी, जिससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही जगदीशपुर एसडीपीओ पंकज कुमार मिश्रा, बिहिया थानाध्यक्ष सुन्देश्वर कुमार दास और जगदीशपुर थानाध्यक्ष सुशांत कुमार मंडल पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल, आरा भेजा और एफएसएल की टीम ने घटनास्थल से खून के नमूने व अन्य साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस को मौके से एक देसी कट्टा और पिस्तौल की एक मैगजीन भी बरामद हुई है। पुलिस के अनुसार, मृतक राजेश के खिलाफ जगदीशपुर, बिहिया, बड़हरा और धनगाई थानों में कई मामले दर्ज थे। इस मामले में परिजनों ने टीपुरा गांव के ही तीन लोगों पर हत्या का आरोप लगाया है और आवेदन मिलने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस वारदात के बाद मृतक के गांव रूपबांध में शोक की लहर दौड़ गई है। राजेश खेती करने के साथ-साथ स्कॉर्पियो चलाकर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। उनके परिवार में मां फुलझारो देवी, पत्नी सीमा देवी, छोटा भाई मुन्ना यादव और छह वर्षीय पुत्र आरुष कुमार हैं। इस हत्याकांड से आक्रोशित लोगों ने बिहिया-जगदीशपुर स्टेट हाईवे पर सड़क जाम कर पुलिस प्रशासन के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की। पुलिस फिलहाल मामले की सभी पहलुओं से जांच कर रही है।
भोजपुर जिले के बिहिया थाना क्षेत्र के टीपुरा गांव में रविवार को दिनदहाड़े बाइक सवार 34 वर्षीय राजेश सिंह उर्फ राजेश यादव की गोली मारकर हत्या कर दी गई। मृतक जगदीशपुर थाना क्षेत्र के रूपबांध गांव के दशरथ सिंह उर्फ दशरथ यादव के बड़े पुत्र थे। राजेश बिहिया के एक निजी अस्पताल में भर्ती अपनी मां का हालचाल जानने के बाद अपने साथी उल्लास यादव के साथ अपाचे बाइक से कटेया की ओर लौट रहे थे। इसी दौरान टीपुरा गांव के समीप घात लगाए तीन बदमाशों ने उनकी बाइक रुकवाकर मारपीट शुरू कर दी। जान बचाने के लिए राजेश पास के एक घर में घुसे, लेकिन हमलावरों ने पीछा कर घर के भीतर और सड़क पर अंधाधुंध फायरिंग कर दी, जिससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही जगदीशपुर एसडीपीओ पंकज कुमार मिश्रा, बिहिया थानाध्यक्ष सुन्देश्वर कुमार दास और जगदीशपुर थानाध्यक्ष सुशांत कुमार मंडल पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के
लिए सदर अस्पताल, आरा भेजा और एफएसएल की टीम ने घटनास्थल से खून के नमूने व अन्य साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस को मौके से एक देसी कट्टा और पिस्तौल की एक मैगजीन भी बरामद हुई है। पुलिस के अनुसार, मृतक राजेश के खिलाफ जगदीशपुर, बिहिया, बड़हरा और धनगाई थानों में कई मामले दर्ज थे। इस मामले में परिजनों ने टीपुरा गांव के ही तीन लोगों पर हत्या का आरोप लगाया है और आवेदन मिलने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस वारदात के बाद मृतक के गांव रूपबांध में शोक की लहर दौड़ गई है। राजेश खेती करने के साथ-साथ स्कॉर्पियो चलाकर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। उनके परिवार में मां फुलझारो देवी, पत्नी सीमा देवी, छोटा भाई मुन्ना यादव और छह वर्षीय पुत्र आरुष कुमार हैं। इस हत्याकांड से आक्रोशित लोगों ने बिहिया-जगदीशपुर स्टेट हाईवे पर सड़क जाम कर पुलिस प्रशासन के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की। पुलिस फिलहाल मामले की सभी पहलुओं से जांच कर रही है।
- बिहार के भोजपुर जिले के जगदीशपुर में बजरंग दल के सेवा सप्ताह के तहत निशुल्क स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया है।1
- बांकीपुर की जनता को अपने लिए कैसा उम्मीदवार चाहिए, यह फैसला अब खुद वहां की जनता को ही करना है। लोगों के बीच यह सवाल उठाया गया है कि वे अपने भविष्य के लिए किस तरह का उम्मीदवार चुनेंगे, क्योंकि इसका अंतिम निर्णय पूरी तरह से मतदाताओं के हाथ में है।1
- Post by CHANDAN KUMAR1
- बिहार के भोजपुर में सर्वोदय हाई स्कूल के शिक्षक धीरज कुमार की एक बहुत अच्छी पहल सामने आई है, जहाँ स्कूल के बच्चे अपने गीत के माध्यम से लोगों को जागरूक कर रहे हैं। शिक्षक धीरज कुमार के इस प्रयास के तहत बच्चों द्वारा गाए गए इस सॉन्ग को देखने और सुनने की बात कही गई है।1
- गोरखपुर में पुलिस द्वारा पूर्व मंत्री मुकेश साहनी के काफिले को रोके जाने के बाद बिहार के भोजपुर जिले के पीरो में राजनीतिक माहौल पूरी तरह गरमा गया है। रविवार की शाम करीब 6:00 बजे हुई इस घटना को लेकर इलाके के चौक-चौराहों से लेकर सोशल मीडिया तक चर्चाओं और तीखी बहस का दौर तेज हो गया है। घटना से नाराज मुकेश साहनी के समर्थकों का आरोप है कि दलितों और गरीबों की आवाज उठाने वाले नेता को निशाना बनाकर उनकी आवाज दबाने की कोशिश की जा रही है। समर्थक इस कार्रवाई को लोकतंत्र पर हमला बता रहे हैं, जबकि विरोधी इसे महज एक प्रशासनिक कार्रवाई करार दे रहे हैं। इस मुद्दे पर पीरो में समर्थक और विरोधी आमने-सामने आ गए हैं और सियासी सरगर्मी चरम पर पहुंच गई है।1
- भोजपुर के आरा में भरत तिवारी के कथित एनकाउंटर मामले की न्यायिक जांच में एक महत्वपूर्ण मोड़ आया है, जहां मामले की जांच कर रहे आयोग के समक्ष भरत तिवारी की भाभी सुमन देवी और घटना के दो प्रत्यक्षदर्शियों मंटू कमकर तथा सत्य नारायण चौधरी ने अपने बयान दर्ज कराए हैं। गवाहों की इस गवाही के बाद से इस पूरे मामले को लेकर नई चर्चाएं काफी तेज हो गई हैं। अब जांच आयोग इन दर्ज किए गए बयानों के साथ-साथ अन्य उपलब्ध साक्ष्यों और तथ्यों का भी विस्तृत परीक्षण करेगा, जिसके बाद आयोग अपनी रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई के संबंध में निर्णय लेगा। चूंकि यह मामला अभी न्यायिक जांच के अधीन है, इसलिए आयोग की अंतिम रिपोर्ट आने तक किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा।1
- भोजपुर के आरा में भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर मामले की न्यायिक जांच के तहत सोमवार को बड़ी गवाही हुई। सेवानिवृत्त न्यायाधीश विनोद कुमार सिन्हा के समक्ष बने न्यायिक जांच आयोग के सामने भरत भूषण तिवारी की भाभी सुमन देवी और सत्यनारायण चौधरी सहित दो लोगों ने अपने बयान दर्ज कराए। यह पूरी गवाही प्रक्रिया करीब 3 घंटे तक चली, जिसके मद्देनजर कार्यालय के बाहर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। इस सुनवाई के दौरान भरत भूषण तिवारी की भाभी सुमन देवी ने अपनी गवाही देते हुए मामले में फांसी की मांग की है। इस एनकाउंटर मामले में सुमन देवी और सत्यनारायण चौधरी से पहले भरत तिवारी के माता और पिता के बयान भी दर्ज किए जा चुके हैं।2
- भोजपुर के जगदीशपुर के पूर्व विधायक राम विष्णु सिंह लोहिया ने मीडिया से बातचीत की है। मीडिया से मुखातिब होते हुए उन्होंने अपनी बातें साझा की हैं।1