गुमला के कामडरा प्रखंड अंतर्गत गुरजंडीह गाँव में स्थानीय महिलाओं को कृषि के क्षेत्र में आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने के उद्देश्य से एक विशेष कार्यशाला का आयोजन किया गया। पीजेएए (PJAA) लाभार्थी कुंती देवी के आवास पर आयोजित इस कार्यशाला में महिलाओं को मिर्च और टमाटर की उन्नत नर्सरी तैयार करने का प्रशिक्षण दिया गया। यह पूरी पहल Nudge संस्था के ब्लॉक लीड मुकेश कुमार रजक के मार्गदर्शन और JSLPS से (NJS) संगीता देवी के सहयोग से संपन्न हुई। इस कार्यशाला की सबसे बड़ी विशेषता यह रही कि नर्सरी तैयार करने के लिए पूरी तरह से घर में उपलब्ध स्थानीय संसाधनों का उपयोग किया गया, जिससे इस पर कोई अतिरिक्त खर्च नहीं आया। प्रशिक्षण के दौरान महिलाओं को वैज्ञानिक और सरल तकनीकों के जरिए कम लागत में स्वस्थ और मजबूत पौधे तैयार करना सिखाया गया। इसके अलावा, पौधों को खराब मौसम और बारिश से बचाने के लिए उन्हें प्लास्टिक से ढकने का तरीका भी बताया गया। वर्तमान में नीले प्लास्टिक का उपयोग किया गया है, लेकिन भविष्य में पौधों के बेहतर विकास और धूप की सही उपलब्धता के लिए सफेद प्लास्टिक का उपयोग करने का सुझाव दिया गया है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के साथ-साथ उन्हें उद्यमी बनाना भी है, ताकि वे अतिरिक्त पौधों को स्थानीय बाजारों में बेचकर अपनी आर्थिक स्थिति में सुधार ला सकें। इस नई तकनीक को सीखने के बाद गाँव की अन्य महिलाओं में भी काफी उत्साह देखा जा रहा है और वे अब अपने घरों में छोटी नर्सरी लगाकर खेती को एक लाभदायक व्यवसाय के रूप में विकसित करने के लिए प्रेरित हो रही हैं।
गुमला के कामडरा प्रखंड अंतर्गत गुरजंडीह गाँव में स्थानीय महिलाओं को कृषि के क्षेत्र में आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने के उद्देश्य से एक विशेष कार्यशाला का आयोजन किया गया। पीजेएए (PJAA) लाभार्थी कुंती देवी के आवास पर आयोजित इस कार्यशाला में महिलाओं को मिर्च और टमाटर की उन्नत नर्सरी तैयार करने का प्रशिक्षण दिया गया। यह पूरी पहल Nudge संस्था के ब्लॉक लीड मुकेश कुमार रजक के मार्गदर्शन और JSLPS से (NJS) संगीता देवी के सहयोग से संपन्न हुई। इस कार्यशाला की सबसे बड़ी विशेषता यह रही कि नर्सरी तैयार करने के लिए पूरी तरह से घर में उपलब्ध स्थानीय संसाधनों का उपयोग किया गया, जिससे इस पर कोई अतिरिक्त खर्च नहीं आया। प्रशिक्षण के दौरान महिलाओं को वैज्ञानिक और सरल तकनीकों के जरिए कम लागत में स्वस्थ और मजबूत पौधे तैयार करना
सिखाया गया। इसके अलावा, पौधों को खराब मौसम और बारिश से बचाने के लिए उन्हें प्लास्टिक से ढकने का तरीका भी बताया गया। वर्तमान में नीले प्लास्टिक का उपयोग किया गया है, लेकिन भविष्य में पौधों के बेहतर विकास और धूप की सही उपलब्धता के लिए सफेद प्लास्टिक का उपयोग करने का सुझाव दिया गया है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के साथ-साथ उन्हें उद्यमी बनाना भी है, ताकि वे अतिरिक्त पौधों को स्थानीय बाजारों में बेचकर अपनी आर्थिक स्थिति में सुधार ला सकें। इस नई तकनीक को सीखने के बाद गाँव की अन्य महिलाओं में भी काफी उत्साह देखा जा रहा है और वे अब अपने घरों में छोटी नर्सरी लगाकर खेती को एक लाभदायक व्यवसाय के रूप में विकसित करने के लिए प्रेरित हो रही हैं।
- झारखंड के सिमडेगा जिले के कोलेबिरा से एक वीडियो सामने आया है, जिसे लेकर सोशल मीडिया पर काफी आक्रोश देखा जा रहा है। वीडियो में गंगा के प्रति अनादर की स्थिति को दर्शाया गया है, जिसे लेकर लोगों में गहरी नाराजगी है। गंगा को मां मानने वाले लोगों ने इस घटना पर तीखी प्रतिक्रिया दी है और इसे बेहद शर्मनाक बताया है। इस वीडियो को अधिक से अधिक लोगों तक साझा करने की अपील की जा रही है ताकि लोग देख सकें कि देश में क्या हो रहा है।1
- झारखंड के खूंटी जिले में झारखंड क्षेत्रीय कार्यकर्ता प्रतियोगिता परीक्षा 2024 के आयोजन को लेकर उपायुक्त ने समीक्षा बैठक की है।1
- लोहरदगा के जंगल में पुटू की तलाश के दौरान अचानक एक गोजर सामने आ गया। जंगल के बीच पुटू खोजने की इस कोशिश के दौरान अचानक गोजर के सामने आ जाने से लोग बेहद हैरान और अचंभित नजर आए।1
- गुमला के चैनपुर प्रखंड मुख्यालय में आए दिन लगने वाले जाम और अवैध अतिक्रमण को लेकर स्थानीय प्रशासन बेहद सख्त हो गया है। बीते गुरुवार को साप्ताहिक बाजार के दौरान स्थानीय लोगों को होने वाली भारी परेशानी और समय की बर्बादी को लेकर 'पब्लिक न्यूज' ने इस खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। इस खबर का संज्ञान लेते हुए चैनपुर प्रशासन और पुलिस बल ने संयुक्त रूप से सड़कों पर उतरकर अतिक्रमणकारियों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। अंचल अधिकारी दिनेश गुप्ता के नेतृत्व में प्रशासनिक टीम ने कुरुमगढ़ मोड़, बैंक रोड, बस स्टैंड, अलबर्ट एक्का चौक और सोहन चौक का सघन दौरा किया। अभियान के दौरान सड़क किनारे अवैध रूप से दुकान लगाने वाले दुकानदारों और बेतरतीब तरीके से वाहन पार्किंग करने वालों को सख्त हिदायत दी गई। अंचल अधिकारी ने दो टूक शब्दों में कहा कि सड़क पर किसी भी तरह का अवैध कब्जा या अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। दुकानदार अपनी सीमा में रहें और वाहन चालक तय स्थान पर ही गाड़ियां खड़ी करें। इसके बाद भी नियमों का उल्लंघन करने वालों पर प्रशासन सख्त कानूनी और दंडात्मक कार्रवाई करेगा। इस विशेष अतिक्रमण हटाओ सह चेतावनी अभियान में अंचल अधिकारी दिनेश गुप्ता के साथ मुख्य रूप से अंचल निरीक्षक नरेंद्र सेठ, अमीन उमाशंकर कुमार, एएसआई संतोष धर्मपाल लुगुन और चैनपुर थाना के सशस्त्र जवान व अन्य अधिकारी मौजूद थे। प्रशासन की इस त्वरित कार्रवाई से स्थानीय नागरिकों और राहगीरों ने राहत की सांस ली है। लोगों का कहना है कि मुख्य चौराहों पर अवैध कब्जे और गलत पार्किंग के कारण होने वाले हादसों के खतरे पर अब लगाम लगने की उम्मीद है।1
- झारखंड के गुमला में परिसदन भवन के सभाकक्ष में शनिवार को राज्य सूचना आयुक्त डॉ. तनुज खत्री की अध्यक्षता में सूचना का अधिकार (आरटीआई) अधिनियम, 2005 के अनुपालन और क्रियान्वयन की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में जिले के विभिन्न विभागों के पदाधिकारी अपने-अपने विभागों की अद्यतन रिपोर्ट के साथ शामिल हुए। बैठक के दौरान आरटीआई के प्रभावी क्रियान्वयन, लंबित मामलों के निष्पादन और आम नागरिकों को समयबद्ध व गुणवत्तापूर्ण सूचना देने को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। राज्य सूचना आयुक्त डॉ. तनुज खत्री ने अधिकारियों को कड़े निर्देश देते हुए कहा कि फरियादियों को तय समय-सीमा के भीतर सही, सटीक और पूर्ण सूचना उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने सभी जन सूचना पदाधिकारियों (पीआईओ) से आरटीआई आवेदनों को गंभीरता से लेने और समयबद्ध निष्पादन करने की बात कही। उन्होंने स्पष्ट किया कि नागरिकों को छोटी-मोटी तकनीकी या प्रक्रियागत कमियों की वजह से सूचना से वंचित नहीं रखा जाना चाहिए। साथ ही, पारदर्शिता को बढ़ावा देने के लिए अधिनियम के तहत अधिक से अधिक जानकारियां डिजिटल माध्यम और सार्वजनिक पोर्टलों पर उपलब्ध कराई जाएं। डॉ. खत्री ने सभी विभागों को अपने कार्यालयों में पीआईओ की अद्यतन सूची प्रदर्शित करने और आरटीआई के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए जिले के प्रमुख स्थलों पर होर्डिंग लगाने का सुझाव दिया। बैठक में लंबित मामलों की समीक्षा भी की गई, जिसमें वर्ष 2025-26 में प्राप्त सभी 28 मामलों के सफल निष्पादन और वर्ष 2026-27 में प्राप्त 8 में से 4 मामलों के निष्पादन पर चर्चा हुई। गुमला जिले में विगत दो वर्षों के दौरान हुए बेहतर निष्पादन पर संतोष व्यक्त करते हुए राज्य सूचना आयुक्त ने शेष मामलों को भी जल्द निपटाने के निर्देश दिए। इस बैठक में अपर समाहर्ता गुमला राजीव नीरज, भूमि सुधार उप समाहर्ता राजीव कुमार, सिविल सर्जन डॉ. शंभूनाथ चौधरी, डीएसपी मुख्यालय, जिला योजना पदाधिकारी रमण कुमार सहित जिला कृषि, मत्स्य, शिक्षा, खेल और नगर परिषद के विभिन्न अधिकारी और कर्मी उपस्थित थे।1
- खूंटी के अड़की प्रखंड स्थित बोहंडा मैदान में शहीद रमेश सिंह मुंडा के शहादत दिवस के अवसर पर आयोजित पांच दिवसीय हॉकी प्रतियोगिता का गुरुवार को भव्य समापन हुआ। इस टूर्नामेंट में आसपास के विभिन्न गांवों की कुल 48 टीमों ने हिस्सा लिया और खेल भावना व अनुशासन का शानदार प्रदर्शन किया। समापन समारोह की शुरुआत शहीद रमेश सिंह मुंडा की तस्वीर पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि देने के साथ हुई। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि और शहीद रमेश सिंह मुंडा के साथी शशि भूषण सिंह मुंडा ने युवाओं से खेल को अपनाने और नशामुक्त समाज के निर्माण में भूमिका निभाने का आह्वान किया। अड़की के प्रखंड विकास पदाधिकारी गुलजार अंजुम ने विशिष्ट अतिथि के रूप में प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन ग्रामीण क्षेत्रों की खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करते हैं। प्रतियोगिता के फाइनल मुकाबले में साके की टीम ने खिताब अपने नाम किया, जबकि मारला की टीम उपविजेता रही। विजेता और उपविजेता टीमों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया, साथ ही भाग लेने वाली सभी टीमों को पारंपरिक रूप से खासी भेंट कर उनका उत्साहवर्धन किया गया। इस आयोजन का संचालन झारखंड मुक्ति मोर्चा के बोहंडा पंचायत अध्यक्ष रतन सिंह मुंडा के नेतृत्व में किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और ग्रामीणों की उपस्थिति रही।1
- लोहरदगा जिले के सेन्हा थाना क्षेत्र के तोड़ार पंचायत अंतर्गत तोड़ार गांव में गुरुवार को माता-पिता के बीच चल रहे विवाद को शांत कराने पहुंचे बेटे पर पिता ने धारदार दबिया से हमला कर दिया। बताया जा रहा है कि घरेलू विवाद में माता-पिता के बीच झगड़ा काफी बढ़ गया था। जब पुत्र संदीप उराँव इस विवाद को शांत कराने के लिए वहां पहुंचा, तो पिता का गुस्सा फूट पड़ा और उन्होंने धारदार दबिया से अपने बेटे पर हमला कर दिया, जिससे पुत्र गंभीर हो गया। इस घटना के बाद, मां ने पुत्र मोह में तथा सच्चाई का साथ देते हुए अपने पति के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराई। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी पति को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।1