logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

बुंदेलखंड और महाकौशल क्षेत्र को जोड़ने वाला राज्यमार्ग-48 इन दिनों आवारा मवेशियों के कारण जानलेवा साबित हो रहा है। कटनी जिले के बहोरीबंद और बाकल क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले कुआं, पिपरिया, बहोरीबंद, पटना, बरही, बरतरा, बाकल, मझगवां और पटोरी जैसे गांवों के सामने सड़कों पर दिन-रात 50 से 100 मवेशियों के झुंड डेरा जमाए रहते हैं। इसके चलते तेज रफ्तार वाहनों और मवेशियों की आपसी भिड़ंत से लगभग हर दिन भीषण दुर्घटनाएं हो रही हैं, जिनमें लोग असमय काल के गाल में समा रहे हैं या फिर गंभीर रूप से घायल हो रहे हैं। बारिश के मौसम में यह खतरा और अधिक गंभीर हो चुका है। रात के समय मवेशी सड़क की गर्म सतह पर बैठ जाते हैं, जिससे अंधेरे और बारिश के बीच वाहन चालकों को संभलने का मौका नहीं मिलता और वाहन अनियंत्रित होकर हादसे का शिकार हो जाते हैं। बहोरीबंद विकासखंड में संचालित पांचों गौशालाएं इस समस्या को दूर करने में पूरी तरह नाकाम और महज दिखावा साबित हो रही हैं। इन गौशालाओं की क्षमता केवल 100-100 पशुओं की है, जबकि सड़कों और खेतों में इससे कई गुना अधिक मवेशी खुलेआम घूम रहे हैं। इस विकट समस्या के पीछे प्रशासन, ग्राम पंचायतों और पशुपालकों की घोर लापरवाही साफ नजर आ रही है। पशुपालक अपने मवेशियों को खुला छोड़ रहे हैं, और जिम्मेदार विभाग इन्हें हटाने के लिए कोई प्रभावी अभियान नहीं चला रहे हैं। सड़क हादसों के साथ-साथ ये मवेशी खेतों में घुसकर खरीफ की फसलों को भी लगातार चबा रहे हैं, जिससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। लगातार मिल रही शिकायतों के बावजूद प्रशासन की तरफ से अब तक कोई स्थायी और प्रभावी कदम नहीं उठाया गया है।

3 hrs ago
user_गोकुल पटेल
गोकुल पटेल
Local News Reporter बहोरीबंद, कटनी, मध्य प्रदेश•
3 hrs ago
9c8381b2-a7d3-48b3-9f5d-b3940aa4abaf

बुंदेलखंड और महाकौशल क्षेत्र को जोड़ने वाला राज्यमार्ग-48 इन दिनों आवारा मवेशियों के कारण जानलेवा साबित हो रहा है। कटनी जिले के बहोरीबंद और बाकल क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले कुआं, पिपरिया, बहोरीबंद, पटना, बरही, बरतरा, बाकल, मझगवां और पटोरी जैसे गांवों के सामने सड़कों पर दिन-रात 50 से 100 मवेशियों के झुंड डेरा जमाए रहते हैं। इसके चलते तेज रफ्तार वाहनों और मवेशियों की आपसी भिड़ंत से लगभग हर दिन भीषण दुर्घटनाएं हो रही हैं, जिनमें लोग असमय काल के गाल में समा रहे हैं या फिर गंभीर रूप से घायल हो रहे हैं। बारिश के मौसम में यह खतरा और अधिक गंभीर हो चुका है। रात के समय मवेशी सड़क की गर्म सतह पर बैठ जाते हैं, जिससे अंधेरे और बारिश के बीच वाहन चालकों को संभलने का मौका नहीं मिलता और वाहन अनियंत्रित होकर हादसे का

874c8bc9-f627-4803-bc16-5eccc6127c47

शिकार हो जाते हैं। बहोरीबंद विकासखंड में संचालित पांचों गौशालाएं इस समस्या को दूर करने में पूरी तरह नाकाम और महज दिखावा साबित हो रही हैं। इन गौशालाओं की क्षमता केवल 100-100 पशुओं की है, जबकि सड़कों और खेतों में इससे कई गुना अधिक मवेशी खुलेआम घूम रहे हैं। इस विकट समस्या के पीछे प्रशासन, ग्राम पंचायतों और पशुपालकों की घोर लापरवाही साफ नजर आ रही है। पशुपालक अपने मवेशियों को खुला छोड़ रहे हैं, और जिम्मेदार विभाग इन्हें हटाने के लिए कोई प्रभावी अभियान नहीं चला रहे हैं। सड़क हादसों के साथ-साथ ये मवेशी खेतों में घुसकर खरीफ की फसलों को भी लगातार चबा रहे हैं, जिससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। लगातार मिल रही शिकायतों के बावजूद प्रशासन की तरफ से अब तक कोई स्थायी और प्रभावी कदम नहीं उठाया गया है।

More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
  • छिंदवाड़ा सांसद विवेक बंटी साहू की 14 दिवसीय मैहर पदयात्रा का दसवां दिन जारी है। इस यात्रा के दौरान सांसद ने कटनी जिले में प्रवेश किया। तेज बारिश के बावजूद यह पदयात्रा लगातार आगे बढ़ रही है, जिसके दौरान सांसद द्वारा कुछ खास संवाद भी किए गए।
    1
    छिंदवाड़ा सांसद विवेक बंटी साहू की 14 दिवसीय मैहर पदयात्रा का दसवां दिन जारी है। इस यात्रा के दौरान सांसद ने कटनी जिले में प्रवेश किया। तेज बारिश के बावजूद यह पदयात्रा लगातार आगे बढ़ रही है, जिसके दौरान सांसद द्वारा कुछ खास संवाद भी किए गए।
    user_Lakhan Sahu
    Lakhan Sahu
    Farmer रायपुर, पन्ना, मध्य प्रदेश•
    22 hrs ago
  • कटनी जिले की बरही तहसील के ग्राम कनौर में प्रशासनिक व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। यहां सार्वजनिक निस्तार मार्ग की भूमि पर 10 वर्ष की लीज समाप्त होने और कलेक्टर न्यायालय व तहसीलदार के स्पष्ट आदेश जारी होने के बावजूद आज भी क्रेशर का संचालन धड़ल्ले से जारी है। इस मामले ने प्रशासनिक कार्रवाई की प्रभावशीलता पर प्रश्नचिह्न लगा दिए हैं और लोग पूछ रहे हैं कि आखिर कलेक्टर के आदेश को किसका संरक्षण प्राप्त है। यह पूरा मामला ग्राम कनौर के खसरा नंबर 861 का है, जिसे राजस्व अभिलेखों में सार्वजनिक निस्तार मार्ग यानी "रास्ता कच्चा" दर्ज किया गया है। इस भूमि पर वर्ष 2015 में सीमित अवधि के लिए अनुमति दी गई थी, जिसकी वैधता 28 जुलाई 2025 को समाप्त हो चुकी है। इसके बाद 3 जून 2026 को कलेक्टर न्यायालय ने अपने आदेश में स्पष्ट किया था कि लीज समाप्त होने के साथ ही अनुमति स्वतः समाप्त हो गई है और वहां से मशीनरी व अन्य सामग्री हटाकर रास्ता खाली कराया जाए। इस आदेश के बाद तहसीलदार ने भी कब्जा हटाने के लिए सात दिन का समय देते हुए निर्देश जारी किए थे। ग्रामीणों का आरोप है कि इन तमाम आदेशों की अनदेखी करते हुए क्रेशर संचालक तिलकराज ग्रोवर द्वारा आज भी क्रेशर का संचालन किया जा रहा है, जिससे किसानों और ग्रामीणों का आवागमन पूरी तरह प्रभावित हो रहा है। ग्रामीणों ने इस मामले में निष्पक्ष जांच और प्रभावी कार्रवाई की मांग की है। साथ ही, उन्होंने क्षेत्र में संचालित अन्य क्रेशरों की वैधता और दस्तावेजों की जांच के लिए एक विशेष अभियान चलाने की मांग उठाई है। हालांकि इस मामले से जुड़ी एक रिट याचिका हाईकोर्ट में भी विचाराधीन रही है, लेकिन कलेक्टर के आदेश में सार्वजनिक उपयोग की भूमि को खाली कराना आवश्यक बताया गया है। ऐसे में अब सबसे बड़ा सवाल यही बना हुआ है कि सात दिन का नोटिस खत्म होने के बाद भी कब्जा क्यों बरकरार है और प्रशासन के आदेशों का पालन कब होगा।
    2
    कटनी जिले की बरही तहसील के ग्राम कनौर में प्रशासनिक व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। यहां सार्वजनिक निस्तार मार्ग की भूमि पर 10 वर्ष की लीज समाप्त होने और कलेक्टर न्यायालय व तहसीलदार के स्पष्ट आदेश जारी होने के बावजूद आज भी क्रेशर का संचालन धड़ल्ले से जारी है। इस मामले ने प्रशासनिक कार्रवाई की प्रभावशीलता पर प्रश्नचिह्न लगा दिए हैं और लोग पूछ रहे हैं कि आखिर कलेक्टर के आदेश को किसका संरक्षण प्राप्त है।

यह पूरा मामला ग्राम कनौर के खसरा नंबर 861 का है, जिसे राजस्व अभिलेखों में सार्वजनिक निस्तार मार्ग यानी "रास्ता कच्चा" दर्ज किया गया है। इस भूमि पर वर्ष 2015 में सीमित अवधि के लिए अनुमति दी गई थी, जिसकी वैधता 28 जुलाई 2025 को समाप्त हो चुकी है। इसके बाद 3 जून 2026 को कलेक्टर न्यायालय ने अपने आदेश में स्पष्ट किया था कि लीज समाप्त होने के साथ ही अनुमति स्वतः समाप्त हो गई है और वहां से मशीनरी व अन्य सामग्री हटाकर रास्ता खाली कराया जाए। इस आदेश के बाद तहसीलदार ने भी कब्जा हटाने के लिए सात दिन का समय देते हुए निर्देश जारी किए थे।

ग्रामीणों का आरोप है कि इन तमाम आदेशों की अनदेखी करते हुए क्रेशर संचालक तिलकराज ग्रोवर द्वारा आज भी क्रेशर का संचालन किया जा रहा है, जिससे किसानों और ग्रामीणों का आवागमन पूरी तरह प्रभावित हो रहा है। ग्रामीणों ने इस मामले में निष्पक्ष जांच और प्रभावी कार्रवाई की मांग की है। साथ ही, उन्होंने क्षेत्र में संचालित अन्य क्रेशरों की वैधता और दस्तावेजों की जांच के लिए एक विशेष अभियान चलाने की मांग उठाई है। हालांकि इस मामले से जुड़ी एक रिट याचिका हाईकोर्ट में भी विचाराधीन रही है, लेकिन कलेक्टर के आदेश में सार्वजनिक उपयोग की भूमि को खाली कराना आवश्यक बताया गया है। ऐसे में अब सबसे बड़ा सवाल यही बना हुआ है कि सात दिन का नोटिस खत्म होने के बाद भी कब्जा क्यों बरकरार है और प्रशासन के आदेशों का पालन कब होगा।
    user_Balkishan Namdev
    Balkishan Namdev
    Electrician कटनी (मुरवारा), कटनी, मध्य प्रदेश•
    3 hrs ago
  • कटनी के खिरहनी ओवरब्रिज पर शनिवार को नगर निगम की टीम द्वारा आवारा गौवंश को पकड़ने की कार्रवाई के दौरान भारी जाम लग गया, जिससे राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। इस कार्रवाई के दौरान गायों और बैलों को वाहन में चढ़ाते समय कथित रूप से बेहद कठोर और असंवेदनशील तरीके अपनाए गए। मौके पर मौजूद प्रत्यक्षदर्शियों और स्थानीय लोगों ने नगर निगम की इस कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं और इस अमानवीय व्यवहार के खिलाफ अपनी गहरी नाराजगी व्यक्त की है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि शासन स्तर पर गौवंश को पूजनीय और संरक्षण के योग्य बताया जाता है, लेकिन उन्हें पकड़ने की कार्रवाई मानवीय और पशु कल्याण के नियमों के अनुरूप नहीं की जा रही है। लोगों ने प्रशासन से पुरजोर मांग की है कि गौवंश को पकड़ने और उन्हें स्थानांतरित करने की पूरी प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित, सुरक्षित और संवेदनशील बनाया जाए, ताकि बेजुबान पशुओं को कोई अनावश्यक पीड़ा न हो और ओवरब्रिज पर यातायात भी बाधित न हो। इस पूरे मामले का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसकी स्थानीय स्तर पर काफी चर्चा हो रही है, हालांकि इस वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है। नागरिकों ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराकर आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है।
    2
    कटनी के खिरहनी ओवरब्रिज पर शनिवार को नगर निगम की टीम द्वारा आवारा गौवंश को पकड़ने की कार्रवाई के दौरान भारी जाम लग गया, जिससे राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। इस कार्रवाई के दौरान गायों और बैलों को वाहन में चढ़ाते समय कथित रूप से बेहद कठोर और असंवेदनशील तरीके अपनाए गए। मौके पर मौजूद प्रत्यक्षदर्शियों और स्थानीय लोगों ने नगर निगम की इस कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं और इस अमानवीय व्यवहार के खिलाफ अपनी गहरी नाराजगी व्यक्त की है।

स्थानीय नागरिकों का कहना है कि शासन स्तर पर गौवंश को पूजनीय और संरक्षण के योग्य बताया जाता है, लेकिन उन्हें पकड़ने की कार्रवाई मानवीय और पशु कल्याण के नियमों के अनुरूप नहीं की जा रही है। लोगों ने प्रशासन से पुरजोर मांग की है कि गौवंश को पकड़ने और उन्हें स्थानांतरित करने की पूरी प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित, सुरक्षित और संवेदनशील बनाया जाए, ताकि बेजुबान पशुओं को कोई अनावश्यक पीड़ा न हो और ओवरब्रिज पर यातायात भी बाधित न हो।

इस पूरे मामले का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसकी स्थानीय स्तर पर काफी चर्चा हो रही है, हालांकि इस वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है। नागरिकों ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराकर आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है।
    user_आदिशक्ति माँ विंध्यवासिनी मंदि
    आदिशक्ति माँ विंध्यवासिनी मंदि
    Classified ads newspaper publisher कटनी (मुरवारा), कटनी, मध्य प्रदेश•
    3 hrs ago
  • कटनी के दमोह सागर रोड पर स्थित हरदुआ रेलवे स्टेशन बस स्टैंड के पास सड़कों की स्थिति बेहद जर्जर हो चुकी है। यहाँ सड़कों पर बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं और पुलिया भी पूरी तरह से जाम पड़ी है। इस बदहाली के कारण इस मार्ग पर लगातार हादसे हो रहे हैं, जिससे यहाँ से गुजरने वाले राहगीरों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
    1
    कटनी के दमोह सागर रोड पर स्थित हरदुआ रेलवे स्टेशन बस स्टैंड के पास सड़कों की स्थिति बेहद जर्जर हो चुकी है। यहाँ सड़कों पर बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं और पुलिया भी पूरी तरह से जाम पड़ी है। इस बदहाली के कारण इस मार्ग पर लगातार हादसे हो रहे हैं, जिससे यहाँ से गुजरने वाले राहगीरों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
    user_User3347
    User3347
    Grain Trader कटनी, मध्य प्रदेश•
    6 hrs ago
  • कटनी जिले में अवैध शराब के कारोबार पर शिकंजा कसते हुए स्लीमनाबाद पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। पुलिस ने चेकिंग के दौरान एक मारुति इको कार से 10 पेटी अवैध देसी शराब बरामद की और मौके से पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जब्त की गई शराब और वाहन की कुल कीमत करीब 4 लाख 50 हजार रुपये आंकी गई है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक के निर्देशन और विशेष अभियान के तहत 9 जुलाई को शारदा मार्बल के सामने की गई, जहाँ सफेद रंग की मारुति इको कार (क्रमांक MP 20 ZA 1151) की तलाशी के दौरान 8 पेटी देसी मसाला शराब और 2 पेटी देसी शराब बरामद हुई। पुलिस ने इस मामले में उमेश दीक्षित, जय कुमार पटेल, नीरज पटेल, सनित पटेल और आनंद उर्फ सोनू पटेल को गिरफ्तार किया है। स्लीमनाबाद थाने में सभी आरोपियों के खिलाफ अपराध क्रमांक 453/2026 के तहत आबकारी अधिनियम की धारा 34(2) में मामला दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश कर दिया गया है। इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी के नेतृत्व में उपनिरीक्षक सिद्धार्थ राय, प्रधान आरक्षक तेज प्रकाश सिंह, प्रेम शंकर पटेल, लखन पटेल तथा आरक्षक मनीष पटेल और रोहित पाटकर की टीम शामिल रही। जिले में अवैध शराब के खिलाफ पुलिस का अभियान लगातार जारी है और इस सफलता को शराब तस्करी पर एक बड़ी चोट माना जा रहा है।
    1
    कटनी जिले में अवैध शराब के कारोबार पर शिकंजा कसते हुए स्लीमनाबाद पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। पुलिस ने चेकिंग के दौरान एक मारुति इको कार से 10 पेटी अवैध देसी शराब बरामद की और मौके से पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जब्त की गई शराब और वाहन की कुल कीमत करीब 4 लाख 50 हजार रुपये आंकी गई है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक के निर्देशन और विशेष अभियान के तहत 9 जुलाई को शारदा मार्बल के सामने की गई, जहाँ सफेद रंग की मारुति इको कार (क्रमांक MP 20 ZA 1151) की तलाशी के दौरान 8 पेटी देसी मसाला शराब और 2 पेटी देसी शराब बरामद हुई।

पुलिस ने इस मामले में उमेश दीक्षित, जय कुमार पटेल, नीरज पटेल, सनित पटेल और आनंद उर्फ सोनू पटेल को गिरफ्तार किया है। स्लीमनाबाद थाने में सभी आरोपियों के खिलाफ अपराध क्रमांक 453/2026 के तहत आबकारी अधिनियम की धारा 34(2) में मामला दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश कर दिया गया है। इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी के नेतृत्व में उपनिरीक्षक सिद्धार्थ राय, प्रधान आरक्षक तेज प्रकाश सिंह, प्रेम शंकर पटेल, लखन पटेल तथा आरक्षक मनीष पटेल और रोहित पाटकर की टीम शामिल रही। जिले में अवैध शराब के खिलाफ पुलिस का अभियान लगातार जारी है और इस सफलता को शराब तस्करी पर एक बड़ी चोट माना जा रहा है।
    user_Koushal tiwari
    Koushal tiwari
    Carpenter बहोरीबंद, कटनी, मध्य प्रदेश•
    23 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.