दतिया नगर पालिका कार्यालय के समीप शनिवार को एक भव्य समारोह के बीच सर्वसुविधायुक्त नवीन बस स्टैंड भवन का लोकार्पण किया गया। इस बस स्टैंड के निर्माण में ₹5.91 करोड़ की लागत आई है। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि रहे पूर्व गृहमंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने फीता काटकर और शिलापट्ट का अनावरण कर इस नए भवन का औपचारिक शुभारंभ किया। इस अवसर पर आयोजित सभा को संबोधित करते हुए डॉ. मिश्रा ने बताया कि नवीन बस स्टैंड के बनने से क्षेत्र के यात्रियों को आधुनिक एवं बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। उन्होंने इस परियोजना को दतिया के शहरी विकास और यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। नवीन बस स्टैंड भवन में यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए आवश्यक व्यवस्थाएं विकसित की गई हैं, जिससे आवागमन करने वाले लोगों को अधिक सुगम और व्यवस्थित वातावरण प्राप्त होगा। लोकार्पण समारोह में कई जनप्रतिनिधि, विभिन्न सामाजिक संगठनों के पदाधिकारी, भाजपा कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान क्षेत्र के विकास कार्यों और जनसुविधाओं से संबंधित विषयों पर भी चर्चा हुई। इस नए बस स्टैंड को दतिया में यात्री सुविधाओं के विस्तार और शहर के अधोसंरचनात्मक विकास में एक अहम पड़ाव माना जा रहा है।
दतिया नगर पालिका कार्यालय के समीप शनिवार को एक भव्य समारोह के बीच सर्वसुविधायुक्त नवीन बस स्टैंड भवन का लोकार्पण किया गया। इस बस स्टैंड के निर्माण में ₹5.91 करोड़ की लागत आई है। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि रहे पूर्व गृहमंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने फीता काटकर और शिलापट्ट का अनावरण कर इस नए भवन का औपचारिक शुभारंभ किया। इस अवसर पर आयोजित सभा को संबोधित करते हुए डॉ. मिश्रा ने बताया कि नवीन बस स्टैंड के बनने से क्षेत्र के यात्रियों को आधुनिक एवं बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। उन्होंने इस परियोजना को दतिया के शहरी विकास और यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। नवीन बस स्टैंड भवन में यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए आवश्यक व्यवस्थाएं विकसित की गई हैं, जिससे आवागमन करने वाले लोगों को अधिक सुगम और व्यवस्थित वातावरण प्राप्त होगा। लोकार्पण समारोह में कई जनप्रतिनिधि, विभिन्न सामाजिक संगठनों के पदाधिकारी, भाजपा कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान क्षेत्र के विकास कार्यों और जनसुविधाओं से संबंधित विषयों पर भी चर्चा हुई। इस नए बस स्टैंड को दतिया में यात्री सुविधाओं के विस्तार और शहर के अधोसंरचनात्मक विकास में एक अहम पड़ाव माना जा रहा है।
- दतिया में पुलिस ने श्री पीताम्बरा पीठ के नाम पर श्रद्धालुओं से कथित तौर पर ठगी करने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार व्यक्ति की पहचान आगर मालवा जिले के नलखेड़ा निवासी सुनील शर्मा के रूप में हुई है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, आरोपी सुनील शर्मा श्रद्धालुओं को मिर्ची हवन और अन्य धार्मिक अनुष्ठानों के बहाने झांसे में लेकर उनसे आर्थिक ठगी करता था। इस मामले की जांच के दौरान, साइबर सेल और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से पुलिस आरोपी तक पहुंची और उसे गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद, आरोपी सुनील शर्मा को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे दो दिन की पुलिस रिमांड पर लिया गया है। जांच एजेंसियों को उम्मीद है कि पूछताछ के दौरान इस मामले से जुड़े कई महत्वपूर्ण खुलासे हो सकते हैं। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी अकेले काम कर रहा था या उसके साथ अन्य लोग भी जुड़े हुए थे, और रिमांड के दौरान सामने आने वाली जानकारी के आधार पर मामले में और गिरफ्तारियां होने की संभावना जताई जा रही है। सूत्रों का कहना है कि इस कार्रवाई के बाद उन लोगों में हड़कंप मच गया है, जो धार्मिक आस्था का दुरुपयोग करके श्रद्धालुओं को ठगने का काम कर रहे थे। पुलिस ने बताया है कि मामले की जांच जारी है और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।2
- दतिया कोतवाली पुलिस ने दुष्कर्म के एक आरोपी को घटना के मात्र 3 घंटे के भीतर गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है।1
- दतिया में मांझी समाज के प्रतिनिधिमंडल ने बुधवार को जिला कलेक्टर के माध्यम से मुख्यमंत्री को एक ज्ञापन सौंपा। इस ज्ञापन में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) की सूची क्रमांक 12 से तत्कालीन विंध्यप्रदेश की मूल समाहित मांझी जनजाति, जिसमें धीमर, केवट, मल्लाह और भोई समुदाय शामिल हैं, को विलोपित करने की मांग की गई है। मांझी समाज के पदाधिकारियों ने अपने तर्क के समर्थन में 07 जनवरी 1950 को जारी तत्कालीन विंध्यप्रदेश के राजप्रमुख के परिपत्र क्रमांक 97/XIII/F/CENSUS 49 का हवाला दिया, जिसमें मांझी जाति के समक्ष धीमर, केवट, मल्लाह और भोई को अनुसूचित जनजाति में शामिल करने की अनुशंसा की गई थी। इसके अतिरिक्त, जनजाति कार्य विभाग मध्य प्रदेश के आयुक्त के पत्र क्रमांक जा.प्रा.समिति/23/12/2023 में भी धीमर, केवट, मल्लाह और भोई को मूल रूप से मांझी जनजाति में समाहित होना स्वीकार किया गया है। यह मुद्दा मध्य प्रदेश विधानसभा में भी उठ चुका है, जहाँ 13 मार्च 2023 को अतारांकित प्रश्न क्रमांक 1121 के जवाब में तत्कालीन जनजाति कार्य मंत्री सुश्री मीना सिंह माण्डवे ने स्वीकार किया था कि विंध्यप्रदेश के केवट, धीमर, मल्लाह और भोई मांझी जनजाति में ही समाहित हैं और यही मूल मांझी जनजाति है। मांझी समाज के जिला अध्यक्ष पूरन केवट ने बताया कि रीवा, सीधी, शहडोल, सतना, छतरपुर, दतिया और टीकमगढ़ जैसे विंध्यप्रदेश के जिलों में 'मांझी' नाम की कोई अलग जाति नहीं मिलती है; धीमर, केवट, मल्लाह और भोई ही यहाँ मूल समाहित मांझी जनजाति के रूप में मान्य हैं, और ये विंध्यप्रदेश के पुकारू शब्द हैं। समाज ने मुख्यमंत्री से अनुरोध किया है कि संदर्भित दस्तावेजों का गहन अवलोकन कर अन्य पिछड़ा वर्ग की सूची क्रमांक 12 से इन समुदायों को विलोपित किया जाए। ज्ञापन सौंपने वालों में जिला अध्यक्ष पूरन केवट सहित सैकड़ों समाजजन उपस्थित थे, जिस पर कलेक्टर ने ज्ञापन लेकर इसे उचित माध्यम से शासन को भेजने का आश्वासन दिया।1
- दतिया पुलिस ने कॉम्बिंग गश्त के दौरान एक बड़ी कार्रवाई करते हुए 17 जुआरियों को गिरफ्तार किया है। इस दौरान ₹2.80 लाख नकद, 13 मोबाइल फोन और ताश की गड्डियां जब्त की गईं। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक दतिया श्री मयूर खण्डेलवाल के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री सुनील कुमार शिवहरे के मार्गदर्शन और एसडीओपी भाण्डेर श्री पूनमचंद्र यादव के नेतृत्व में की गई। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर, ग्राम खैरी स्थित एक फार्म हाउस में चल रहे जुआ फड़ पर एसडीओपी भाण्डेर पूनम चंद्र यादव के नेतृत्व में भाण्डेर अनुभाग के थाना उनाव, भाण्डेर, सरसई और गोदन की एक संयुक्त पुलिस टीम ने योजनाबद्ध तरीके से दबिश दी। इस कार्रवाई में थाना प्रभारी उनाव उनि यतेंद्र सिंह भदौरिया, थाना प्रभारी भाण्डेर निरीक्षक कोमल परिहार, थाना प्रभारी सरसई उनि आकाश संससिया और थाना प्रभारी गोदन उनि प्रदीप शर्मा सहित पुलिस बल ने मौके पर घेराबंदी कर जुआ खेल रहे लोगों को पकड़ा। पुलिस ने मौके से 17 आरोपियों को गिरफ्तार कर उन पर मामला दर्ज किया है।1
- दतिया में शनिवार को नगर पालिका कार्यालय के समीप 5 करोड़ 91 लाख रुपये की लागत से निर्मित सर्वसुविधायुक्त नवीन बस स्टैंड भवन का भव्य लोकार्पण किया गया। इस भवन का शुभारंभ पूर्व गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने फीता काटकर और शिलापट्टिका का अनावरण कर किया। इस अवसर पर आयोजित समारोह को संबोधित करते हुए डॉ. मिश्रा ने कहा कि नवीन बस स्टैंड के निर्माण से यात्रियों को बेहतर और आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी। उन्होंने बताया कि यह भवन शहर की यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ करने के साथ-साथ यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा को भी बढ़ाएगा। नवीन बस स्टैंड भवन के शुरू होने से दतिया शहर के यात्रियों को प्रतीक्षालय, पेयजल, शौचालय सहित अन्य आवश्यक सुविधाएं एक ही स्थान पर मिल सकेंगी, जिससे उनकी यात्रा और अधिक सुगम एवं सुविधाजनक बनेगी। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधि, सामाजिक संगठनों के पदाधिकारी, भाजपा कार्यकर्ता तथा बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे। लोकार्पण के दौरान लोगों ने नवीन बस स्टैंड भवन का अवलोकन किया और इसे शहर के विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया।1
- गुरु श्री नियमित उस्ताद बेधड़क जी का 40वां कार्यक्रम आयोजित किया गया।1
- दतिया जिले के पंडोखर थाना क्षेत्र के ग्राम सोहन में आम रास्ते पर पानी डालने का विरोध करने पर 78 वर्षीय बुजुर्ग महिला राजदुलारी प्रजापति के साथ मारपीट और धमकी देने का मामला सामने आया है। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, गांव निवासी कल्ला कौरव आम रास्ते पर पानी बहा रहा था, जिससे वहां कीचड़ फैल रहा था और लोगों को आवागमन में परेशानी हो रही थी। जब राजदुलारी प्रजापति ने उसे ऐसा करने से मना किया, तो आरोपी कथित तौर पर भड़क गया। आरोप है कि उसने बुजुर्ग महिला के साथ गाली-गलौज की और मारपीट की। इतना ही नहीं, आरोपी ने उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी। पंडोखर पुलिस ने पीड़िता की शिकायत के आधार पर आरोपी कल्ला कौरव के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने बताया कि मामले की जांच जारी है और जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।1
- दतिया में जुए के एक अड्डे पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 2 आरक्षकों सहित कुल 17 जुआरियों को गिरफ्तार किया है। यह दबिश खैरी माता मंदिर के सामने स्थित एक कोठी में दी गई, जहाँ जुआरी हारजीत का दाँव लगा रहे थे। इस कार्रवाई के दौरान मौके से 2 लाख 80 हजार रुपए की नगदी, 6 तास की गड्डी और 13 मोबाइल फोन बरामद किए गए। गिरफ्तार किए गए जुआरियों में आरक्षक जयपाल पालिया और मुकेश यादव भी शामिल हैं। हालांकि, वृजेंद्र कमरिया और अरुण यादव मौके से फरार होने में कामयाब रहे। यह पूरी कार्रवाई भांडेर एसडीओपी के नेतृत्व में की गई और एसपी मयूर खंडेलवाल के निर्देशों पर जुआरियों के खिलाफ यह बड़ी कार्यवाही अंजाम दी गई।1