बड़वानी जिले के सेंधवा में पुलिस ने आगामी मोहर्रम त्योहार और नीट (NEET) परीक्षा के मद्देनजर दोहरी सुरक्षा व्यवस्था के तहत बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस अधीक्षक बड़वानी श्री पद्मविलोचन शुक्ल के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बड़वानी श्री धीरज बब्बर एवं एसडीओपी सेंधवा श्री अजय वाघमारे के मार्गदर्शन में, शहर थाना प्रभारी निरीक्षक दिनेशसिंह कुशवाह की उपस्थिति में, शांतिपूर्ण मोहर्रम और नीट परीक्षा की शुचिता व कानून-व्यवस्था सुनिश्चित करने के उद्देश्य से फ्लैग मार्च और सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। एसडीओपी सेंधवा श्री अजय वाघमारे के नेतृत्व में सेंधवा शहर पुलिस बल, नगर पालिका और विद्युत विभाग के अधिकारियों की एक संयुक्त टीम ने जुलूस के मुख्य मार्गों और संवेदनशील क्षेत्रों में फ्लैग मार्च निकाला। इस दौरान मार्ग पर साफ-सफाई, लटकती विद्युत लाइनों की स्थिति और सार्वजनिक प्रकाश व्यवस्था का बारीकी से जायजा लिया गया ताकि त्योहार के दौरान कोई असुविधा न हो। पुलिस प्रशासन ने मोहर्रम जुलूस मार्ग की सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम बताते हुए कहा कि असामाजिक तत्वों पर पैनी नजर रखने के लिए पूरे मार्ग को सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में रखा गया है। नीट परीक्षा में किसी भी संदिग्ध गतिविधि या गड़बड़ी को रोकने के लिए, पुलिस टीमों ने शहर के विभिन्न होटलों, लॉज और सरायों में अचानक दबिश दी। जांच के दौरान, रुकने वाले व्यक्तियों के पहचान-पत्रों और होटल के एंट्री रजिस्टरों का मिलान किया गया। होटल संचालकों को बिना वैध आईडी प्रूफ के किसी को भी कमरा न देने और किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने के सख्त निर्देश दिए गए हैं। पुलिस ने आमजन से मोहर्रम का त्योहार आपसी भाईचारे और शांति के साथ मनाने, भ्रामक अफवाहों पर ध्यान न देने तथा शहर में शांति व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस प्रशासन का सहयोग करने की अपील की है, साथ ही किसी भी संदिग्ध वस्तु या व्यक्ति के दिखाई देने पर तत्काल शहर थाना या डायल 112 पर सूचना देने को कहा है। इस विशेष अभियान और फ्लैग मार्च के दौरान एसडीओपी श्री अजय वाघमारे, थाना प्रभारी सेंधवा शहर श्री दिनेश सिंह कुशवाह, नगर पालिका के श्री विशाल जोशी एवं टीम, विद्युत विभाग के जेई श्री नीलकंठ सहित सेंधवा शहर थाने का पुलिस बल उपस्थित रहा।
बड़वानी जिले के सेंधवा में पुलिस ने आगामी मोहर्रम त्योहार और नीट (NEET) परीक्षा के मद्देनजर दोहरी सुरक्षा व्यवस्था के तहत बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस अधीक्षक बड़वानी श्री पद्मविलोचन शुक्ल के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बड़वानी श्री धीरज बब्बर एवं एसडीओपी सेंधवा श्री अजय वाघमारे के मार्गदर्शन में, शहर थाना प्रभारी निरीक्षक दिनेशसिंह कुशवाह की उपस्थिति में, शांतिपूर्ण मोहर्रम और नीट परीक्षा की शुचिता व कानून-व्यवस्था सुनिश्चित करने के उद्देश्य से फ्लैग मार्च और सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। एसडीओपी सेंधवा श्री अजय वाघमारे के नेतृत्व में सेंधवा शहर पुलिस बल, नगर पालिका और विद्युत विभाग के अधिकारियों की एक संयुक्त टीम ने जुलूस के मुख्य मार्गों और संवेदनशील क्षेत्रों में फ्लैग मार्च निकाला। इस दौरान मार्ग पर साफ-सफाई, लटकती विद्युत लाइनों की स्थिति और सार्वजनिक प्रकाश व्यवस्था का बारीकी से जायजा लिया गया ताकि त्योहार के दौरान कोई असुविधा न हो। पुलिस प्रशासन ने मोहर्रम जुलूस मार्ग की सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम बताते हुए कहा कि असामाजिक तत्वों पर पैनी नजर रखने के लिए पूरे मार्ग को सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में रखा गया है। नीट परीक्षा में
किसी भी संदिग्ध गतिविधि या गड़बड़ी को रोकने के लिए, पुलिस टीमों ने शहर के विभिन्न होटलों, लॉज और सरायों में अचानक दबिश दी। जांच के दौरान, रुकने वाले व्यक्तियों के पहचान-पत्रों और होटल के एंट्री रजिस्टरों का मिलान किया गया। होटल संचालकों को बिना वैध आईडी प्रूफ के किसी को भी कमरा न देने और किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने के सख्त निर्देश दिए गए हैं। पुलिस ने आमजन से मोहर्रम का त्योहार आपसी भाईचारे और शांति के साथ मनाने, भ्रामक अफवाहों पर ध्यान न देने तथा शहर में शांति व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस प्रशासन का सहयोग करने की अपील की है, साथ ही किसी भी संदिग्ध वस्तु या व्यक्ति के दिखाई देने पर तत्काल शहर थाना या डायल 112 पर सूचना देने को कहा है। इस विशेष अभियान और फ्लैग मार्च के दौरान एसडीओपी श्री अजय वाघमारे, थाना प्रभारी सेंधवा शहर श्री दिनेश सिंह कुशवाह, नगर पालिका के श्री विशाल जोशी एवं टीम, विद्युत विभाग के जेई श्री नीलकंठ सहित सेंधवा शहर थाने का पुलिस बल उपस्थित रहा।
- नीट (NEET) परीक्षा से पहले स्थानीय प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। इस संबंध में, कलेक्टर और एसपी ने मिलकर परीक्षा की तैयारियों का जायजा लिया और उनकी गहनता से जांच की।1
- मध्यप्रदेश के निवाली नगर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के पांचवें दिन भक्ति और आस्था का ऐसा अद्भुत संगम देखने को मिला कि दोनों विशाल पंडाल छोटे पड़ गए। शनिवार, 20 जून को कथा श्रवण के लिए हजारों श्रद्धालु भीषण गर्मी में भी पंडाल के बाहर खड़े रहे, जिसके लिए आयोजकों ने कूलर और एसी की विशेष व्यवस्था की। जैसे-जैसे कथा अपने अंतिम चरण में पहुँच रही है, मातृशक्ति सहित श्रद्धालुओं की संख्या में लगातार बढ़ोतरी हो रही है, जिसके चलते आने वाले दिनों में पंडाल की सीमा बढ़ाने का अनुमान है। पूरे नगर में 'ओम नमो भगवते वासुदेवाय' का पावन उद्घोष गूँज रहा है और केसरिया पताकाओं से सजे वाहनों की आवाजाही से निवाली क्षेत्र एक बड़े तीर्थस्थल जैसा प्रतीत हो रहा है। इस दौरान पानसेमल क्षेत्र के लोकप्रिय विधायक श्याम बरडे और राज्यसभा सांसद सुमेरसिंह सिसोदिया ने भी कथा में उपस्थित होकर व्यासपीठ से आशीर्वाद लिया। दोपहर 2 बजे परम पूज्य पंडित किशोर नागर जी महाराज ('बड़े गुरु जी') की कथा का शुभारंभ हुआ, इससे पूर्व इंदौर से आए भूतड़ा जी ने उनका भावपूर्ण स्वागत-वंदन किया। व्यासपीठ से पंडित किशोर नागर जी ने भक्त और भगवान के दिव्य संबंधों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि दिव्यांग भक्त और अबोध बालक के आँसुओं में साक्षात भगवान बसते हैं। उन्होंने मनुष्य को जीवन में झुककर चलने की सीख दी, जिससे पापों का शमन होता है, और अपनी सोच को इतना पावन रखने को कहा कि गंदे नाले में भी गंगा मैया के दर्शन हो सकें। महाराज श्री ने पूतना मोक्ष के प्रसंग को समझाते हुए बताया कि चाकू या कुल्हाड़ी के घाव तो भर जाते हैं, लेकिन 'अपने ही जूते' से लगे घाव कभी नहीं भरते, जिसका सीधा अर्थ है कि अपनों द्वारा दिए गए घाव जीवन भर रहते हैं और आज समाज में अपनों से ही सर्वाधिक डर है, वे ही आपका नाम कटवाने में लगे हैं। उन्होंने शबरी माता के प्रसंग का उल्लेख करते हुए कहा कि भगवान राम के पूछने पर शबरी जी ने कहा था कि 'अपनों को भूलो और दूसरों को याद करो'। महाराज जी ने जोर देकर कहा कि कथा केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि हृदय धोने का महापात्र है, जिसकी पूर्णता तभी होती है जब वक्ता के बोलते समय श्रोताओं की आँखों से प्रेमाश्रु बहें। कथा के दौरान महाराज श्री ने जब प्रभु और भक्त के रिश्ते को समझाते हुए कहा कि जिस प्रकार किसी विवाह या विशेष आयोजन में भोजनालय वाला दूसरों को मुफ्त में भोजन कराता है, ठीक वैसे ही जब परमात्मा का भक्त इस भवसागर में परेशान होता है, तो प्रभु स्वयं धरती पर उतरकर उसे पार लगाते हैं। इस दौरान 'जीवन पछतावा है, ना आवा है ना जावा है' और 'मेरा क्या बिगड़ेगा गिरधारी, जाएगी लाज तुम्हारी' जैसे भजनों पर पंडाल में उपस्थित हजारों श्रद्धालु भावविभोर होकर झूमे। वहीं, भरत-कैकेयी संवाद और पूतना मोक्ष के प्रसंग को महाराज श्री ने इतने सहज और करुण भाव से प्रस्तुत किया कि पंडाल में मौजूद हर आँख नम हो गई। इस महाआयोजन की सबसे खूबसूरत तस्वीर यह है कि निवाली का हर छोटा-बड़ा परिवार बिना किसी संकोच और शर्म के, जी-जान से सेवा कार्य में जुटा रहा, हर इंसान खुद को धन्य मानकर सेवा कर रहा था। आज के इस विशाल भंडारे और भोजन की संपूर्ण व्यवस्था निवाली के राठौड़ समाज द्वारा बेहद सुचारू रूप से की गई, जिसकी सभी ने सराहना की। कथा में कल भगवान श्री कृष्ण की बाल लीलाओं एवं छप्पन भोग प्रसंग का विशेष आकर्षण रहेगा।4
- नागलवाड़ी उद्वहन सिंचाई परियोजना से पर्याप्त पानी न मिलने से नाराज़ किसानों ने दोमाडा स्थित डिवीजन कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन किया है। किसानों का आरोप है कि इस परियोजना पर करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद, इसका लाभ अधिकतर किसानों तक नहीं पहुँच पाया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि बिजली आपूर्ति में बाधा, तकनीकी खामियों और अव्यवस्थित संचालन के कारण खेतों तक पानी नहीं पहुँच रहा है। इसके अलावा, कई जगहों पर जल वितरण पेटियां भी खेतों से 1,000 से 2,000 फीट दूर स्थापित की गई हैं, जिससे सिंचाई करने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। धरनारत किसानों ने परियोजना में हुए कथित भ्रष्टाचार की निष्पक्ष जांच, जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई और नियमित रूप से सिंचाई के लिए पानी उपलब्ध कराने की कड़ी मांग की। किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी ये माँगें नहीं मानी गईं, तो वे अपने आंदोलन को और भी उग्र करेंगे।1
- पानसेमल स्थित श्री अटल बिहारी वाजपेई शासकीय महाविद्यालय में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर सामूहिक योगाभ्यास का सफल आयोजन किया गया। इसी दौरान, एक विधायक ने महाविद्यालय के निकट चल रहे पुलिया निर्माण कार्य का अवलोकन भी किया और इस संबंध में आवश्यक निर्देश जारी किए।1
- बड़वानी जिले में तेज़ रफ़्तार और बेलगाम डंपर मौत का रूप धारण कर रहे हैं, जिससे आम नागरिकों की जान पर गंभीर ख़तरा बना हुआ है।1
- बड़वानी जिला मुख्यालय पर 21 जून को आयोजित होने वाली नीट (NEET) परीक्षा को सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद है। इसी क्रम में, कलेक्टर श्रीमती जयति सिंह ने शनिवार को बड़वानी शहर में बनाए गए विभिन्न परीक्षा केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने केंद्रों पर प्रकाश व्यवस्था, बैरिकेडिंग, बैठक व्यवस्था और कंट्रोल रूम का जायजा लिया और सुरक्षा के मद्देनजर एसडीएम को आवश्यक निर्देश दिए। निरीक्षण के समय अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री धीरज बब्बर, एसडीएम श्री भूपेन्द्र रावत, नोडल व डिप्टी कलेक्टर श्री शक्तिसिंह चौहान और सिटी को-ऑर्डिनेटर कुन्दन राठौर भी उपस्थित थे। इस वर्ष जिले के कुल 3,845 अभ्यर्थी नीट परीक्षा में सम्मिलित हो रहे हैं, जिनके लिए शहर में 11 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5.15 बजे तक आयोजित की जाएगी। इस बार एनटीए (NTA) द्वारा सभी सामान्य अभ्यर्थियों को 15 मिनट का अतिरिक्त समय दिया जा रहा है, जबकि प्रमाणित दिव्यांग अभ्यर्थियों को एक घंटे का अतिरिक्त समय मिलेगा। सिटी को-ऑर्डिनेटर कुन्दन राठौर ने बताया कि अभ्यर्थियों को एडमिट कार्ड का प्रिंट-आउट, पोस्ट कार्ड साइज फोटो और वैध पहचान पत्र (जैसे पैन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, वोटर आईडी या आधार कार्ड) साथ लाना अनिवार्य है। परीक्षा हॉल में एनटीए द्वारा ही काला बॉल पॉइंट पेन प्रदान किया जाएगा। परीक्षा में गड़बड़ी रोकने के लिए सख्त नियमों का पालन करना होगा, जिसके तहत केंद्रों पर बायोमेट्रिक जांच की जाएगी। फ्रिस्किंग प्रक्रिया के दौरान छात्र का फिंगरप्रिंट और लाइव फोटो के माध्यम से बायोमेट्रिक सत्यापन किया जाएगा। यदि तकनीकी कारणों से बायोमेट्रिक फेल होता है, तो छात्र अंडरटेकिंग फॉर्म भरकर परीक्षा दे सकेंगे। तलाशी में समय बचाने के लिए कड़ा ड्रेस कोड भी लागू रहेगा, जिसके तहत परीक्षार्थियों को हल्के रंग के, आधी बाजू वाले कपड़े पहनने होंगे। बंद जूते पहनना पूरी तरह प्रतिबंधित है, केवल चप्पल या सैंडल ही मान्य होंगे। परीक्षार्थियों की सुविधा के लिए केंद्रों पर सामान रखने हेतु क्लॉक रूम और अभिभावकों के लिए प्रतीक्षा कक्ष भी बनाए गए हैं।3
- सनावद में सुमन साहित्य समिति ने पद्मश्री रामनारायण उपाध्याय, जिन्हें 'रामा दादा' खंडवा के नाम से भी जाना जाता है, की पुण्यतिथि के अवसर पर प्रिंस यशवन्त शारदा भवन में एक काव्य गोष्ठी का आयोजन किया। गोष्ठी का शुभारंभ रामचंद्र पगारे द्वारा विमला वंदना की प्रस्तुति से हुआ। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता मध्य प्रदेश लेखक संघ, भोपाल के अध्यक्ष शायर जाकिर हुसैन अमि ने की, जबकि नर्मदा फाउंडेशन के अध्यक्ष राजेंद्र प्रसाद बर्वे मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जिन्होंने 'रामा दादा' के जीवन पर विस्तृत प्रकाश डाला। इस अवसर पर कवियों ने 'रामा दादा' के व्यक्तित्व और साहित्यिक योगदान पर अपने विचार व्यक्त किए। कवि डॉ. धन्नालाल चौधरी धवल ने बताया कि 'दादा' पहले व्यक्ति थे जिन्होंने निमाड़ी भाषा के प्रसार का प्रयास किया। कवि हुकुमचंद कटारिया आदर्श ने उन्हें मन से निर्मल बताया, वहीं स्टेशन मास्टर राधेश्याम सिंह ने पद्मश्री उपाध्याय जी को धुन का पक्का व्यक्ति कहा। कवि श्याम दीक्षित ने उन्हें "साहित्यिक नभ में चमक रहे कालमुखी के सितारे" की उपाधि दी, जबकि कवि प्रेमलाल बिरला प्रेम ने इस बात पर जोर दिया कि 'रामा दादा' ने आजीवन निमाड़ी साहित्य की सेवा की। गोष्ठी के दौरान कवि मंगल प्रसाद साल्वे ने पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए कहा कि "पौधे लगाकर हम पर्यावरण की रक्षा करेंगे"। काव्य गोष्ठी का संचालन कवि श्याम दीक्षित ने किया। कार्यक्रम के अंत में दिवंगत पद्मश्री शायर बशीर बद्र जी, भोपाल को भी श्रद्धांजलि अर्पित की गई।1
- सेंधवा शहर के जोगवाड़ा रोड पर एक बार फिर विवाद भड़क उठा है, जिसमें धारदार हथियारों के हमले में तीन लोग घायल हो गए। यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब बीते कल के विवाद के संबंध में पाँच लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था।1