समस्तीपुर जिले के चकमहेसी थाना क्षेत्र के नामापुर दरियापार गांव में मंगलवार देर रात अपराधियों ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दो युवकों की हत्या कर दी, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। मृतकों की पहचान प्रभात कुमार चौधरी और सन्नी कुमार के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, बागमती नदी पर बन रहे पुल के पास 8 से 10 की संख्या में घात लगाए अपराधियों ने एक स्कॉर्पियो को रोककर अंधाधुंध गोलियां चलाईं। इस हमले में प्रभात और सन्नी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनके अन्य साथी किसी तरह अपनी जान बचाकर भागने में सफल रहे। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस, एफएसएल टीम और दरभंगा रेंज के डीआईजी मौके पर पहुंचे और जाँच शुरू की। घटनास्थल से पुलिस ने दो लोडेड मैगजीन और कई खोखे बरामद किए हैं। पुलिस इस मामले में गैंगवार सहित सभी संभावित पहलुओं पर गहनता से जाँच कर रही है। सूत्रों के मुताबिक, मृतक प्रभात चौधरी पर पहले से ही कई आपराधिक मामले दर्ज थे, और वर्ष 2023 में भी कोर्ट पेशी के दौरान उन पर जानलेवा हमला हुआ था, जिसमें वे बच गए थे। समस्तीपुर में लगातार बढ़ती आपराधिक घटनाओं ने जिले की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
समस्तीपुर जिले के चकमहेसी थाना क्षेत्र के नामापुर दरियापार गांव में मंगलवार देर रात अपराधियों ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दो युवकों की हत्या कर दी, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। मृतकों की पहचान प्रभात कुमार चौधरी और सन्नी कुमार के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, बागमती नदी पर बन रहे पुल के पास 8 से 10 की संख्या में घात लगाए अपराधियों ने एक स्कॉर्पियो को रोककर अंधाधुंध गोलियां चलाईं। इस हमले में प्रभात और सन्नी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनके अन्य साथी किसी तरह अपनी जान बचाकर भागने में सफल रहे। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस, एफएसएल टीम और दरभंगा रेंज के डीआईजी मौके पर पहुंचे और जाँच शुरू की। घटनास्थल से पुलिस ने दो लोडेड मैगजीन और कई खोखे बरामद किए हैं। पुलिस इस मामले में गैंगवार सहित सभी संभावित पहलुओं पर गहनता से जाँच कर रही है। सूत्रों के मुताबिक, मृतक प्रभात चौधरी पर पहले से ही कई आपराधिक मामले दर्ज थे, और वर्ष 2023 में भी कोर्ट पेशी के दौरान उन पर जानलेवा हमला हुआ था, जिसमें वे बच गए थे। समस्तीपुर में लगातार बढ़ती आपराधिक घटनाओं ने जिले की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
- दरभंगा जिले के हायाघाट प्रखंड अंतर्गत चंदनपट्टी पंचायत में सरकार की पहल के तहत एक सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में जिला पदाधिकारी, अंचलाधिकारी, प्रखंड विकास पदाधिकारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद थे, जिसका उद्देश्य आम लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान करना था। हालांकि, अन्य पंचायतों की तुलना में चंदनपट्टी पंचायत में लोगों की उपस्थिति काफी कम रही। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि उन्हें शिविर की पूर्व सूचना नहीं मिल पाई थी, जिसके कारण अधिकांश लोग अपनी समस्याएँ लेकर वहाँ नहीं पहुँच सके। ग्रामीणों ने बताया कि उनकी पंचायत में कई जनसमस्याएँ लंबित हैं, लेकिन जानकारी के अभाव में वे अपनी शिकायतें दर्ज नहीं करा पाए। इस स्थिति को देखते हुए ग्रामीणों ने जिला पदाधिकारी से मांग की है कि चंदनपट्टी पंचायत में सहयोग शिविर का आयोजन दोबारा किया जाए। उन्होंने यह भी अनुरोध किया है कि इस बार व्यापक प्रचार-प्रसार के माध्यम से लोगों को पहले से सूचना दी जाए, ताकि अधिक से अधिक ग्रामीण अपनी समस्याओं के समाधान के लिए शिविर में पहुँच सकें।1
- बिहार के दरभंगा ज़िले के जाले में एक BDO की पत्नी की संदिग्ध मौत के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की है। इस घटना में संलिप्त एक दरोगा प्रेमिका को गिरफ्तार कर लिया गया है, जिसे पुलिस ने अब जेल भेज दिया है।1
- यूट्यूबर मनीष कश्यप ने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी की E20 इथेनॉल पेट्रोल नीति पर गंभीर सवाल उठाए थे। कश्यप ने दावा किया था कि इस नीति के कारण उनकी नई फॉर्च्यूनर/इनोवा कार का इंजन खराब हो गया है। इस दावे पर केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने 'नवभारत विकसित भारत लीडरशिप कॉन्क्लेव' में करारा पलटवार किया है। गडकरी ने खुलासा किया कि टोयोटा कंपनी द्वारा की गई जांच में मनीष कश्यप की गाड़ी के अंदर मिलावटी पेट्रोल और पानी पाया गया। इस झूठे प्रचार और ईंधन में मिलावट के आरोप में टोयोटा कंपनी ने मनीष कश्यप के खिलाफ FIR भी दर्ज करा दी है।1
- बिहार के दरभंगा जिले में एक दर्दनाक हादसा सामने आया है, जहाँ एक बिना ड्राइवर के ट्रैक्टर ने एक महिला को रौंद दिया। इस भीषण दुर्घटना में महिला की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई है।1
- बिहार के समस्तीपुर में देर रात एक चर्चित शराब कारोबारी प्रभात चौधरी और उसके एक साथी की ताबड़तोड़ गोलीबारी कर हत्या कर दी गई। मृतकों के शरीर गोलियों से छलनी पाए गए। इस दोहरी हत्या के पीछे शराब कारोबार में वर्चस्व को लेकर विवाद और पैसों का लेनदेन मुख्य कारण होने की आशंका जताई जा रही है।1
- यह पोस्ट इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) में लगे 'काले कांच' के कारण वोटों की चोरी होने की आशंका को दर्शाती है, यह बताया गया है कि कैसे यह संभव हो सकता है। इसी गंभीर चिंता के चलते ईवीएम को रद्द करने की पुरज़ोर मांग उठाई गई है, और इस मुद्दे को लेकर जंतर मंतर, दिल्ली जैसे स्थानों पर भी ध्यान आकर्षित किया गया है।1
- बिहार के समस्तीपुर जिले में दिनदहाड़े एक सनसनीखेज डबल मर्डर की वारदात सामने आई है। जानकारी के अनुसार, दो युवकों को उनके घर से बुलाया गया और फिर उनकी गोली मारकर हत्या कर दी गई।1
- दरभंगा के लहंरियसराय में कथित देह व्यापार का खुलासा हुआ है, जिसकी पोल स्पेशल क्राइम पुलिस ने खोली। इस कार्रवाई के तहत, पुलिस ने तीन महिलाओं और एक पुरुष को गिरफ्तार किया है।1
- दरभंगा के चंदनपट्टी पंचायत के चंचल नगर में एक निर्माणाधीन प्लॉट पर हुए जोरदार विस्फोट से इलाके में हड़कंप मच गया है। इस हादसे में दो मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें इलाज के लिए डीएमसीएच भेजा गया है। घटना की सूचना मिलते ही कई थानों की पुलिस के साथ डीएसपी, एसपी, एसएसपी और मिथिला क्षेत्र के डीआईजी सहित एफएसएल की टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। बताया जा रहा है कि जिस प्लॉट पर यह विस्फोट हुआ है, वह पहले से ही एक जमीन विवाद का केंद्र रहा है। जमीन मालिक सहीद के अनुसार, उन्होंने वर्ष 2008 में नियाज से यह जमीन खरीदी थी, लेकिन वर्ष 2025 में उसी जमीन की दोबारा रजिस्ट्री रफीक के नाम पर कर दी गई। इस मामले को लेकर पहले से ही कांड संख्या 44/2026 दर्ज है और दोनों पक्षों के बीच विवाद चल रहा है। घायल मजदूरों की पहचान चंचल नगर निवासी कमलेश, जो सियाकांत पासवान के बेटे हैं, और रामबाबू पासवान, जो लक्ष्मी पासवान के बेटे हैं, के रूप में हुई है। घायल मजदूरों के परिजनों ने बताया कि सुबह दोनों प्लॉट पर शटरिंग खोलने गए थे। काम के दौरान उन्हें प्लॉट पर एक संदिग्ध झोला दिखा, जिसे वे किसी का खाना समझकर उठाने लगे। जैसे ही उन्होंने उसे खोलने की कोशिश की, उसमें जोरदार विस्फोट हो गया। इस धमाके में एक मजदूर का हाथ बुरी तरह जख्मी हो गया, जबकि दूसरा मजदूर भी गंभीर रूप से घायल हुआ। वरीय पुलिस अधीक्षक जगुनाथ रेड्डी ने जानकारी देते हुए बताया कि घटना की सूचना मिलने पर थाना अध्यक्ष मौके पर पहुंचे और वरीय अधिकारियों के साथ एफएसएल टीम को बुलाया गया। एफएसएल टीम घटनास्थल से विस्फोट से जुड़े अवशेष एकत्र कर रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि फिलहाल यह साफ नहीं है कि यह बम विस्फोट है या किसी अन्य कारण से धमाका हुआ है। स्थिति पूरी तरह से एफएसएल रिपोर्ट आने के बाद ही साफ हो पाएगी, और आवश्यकता पड़ने पर नमूनों को पटना एफएसएल भी भेजा जाएगा। फिलहाल पुलिस जमीन विवाद, विस्फोट के सही कारण और इसके पीछे किसी संभावित साजिश सहित सभी पहलुओं से गहन जांच कर रही है। जांच रिपोर्ट के आधार पर ही आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।1