सोनभद्र के दुद्धी कस्बे की निवासी ममता मौर्य नामक विधवा महिला अपनी जमीन की नाप-जोख (पैमाइस) न होने से परेशान है, जबकि उनकी शिकायत अब भी अनसुनी बनी हुई है। महिला अपनी स्वामित्व वाली दो बिस्वा भूमियों पर नया मकान बनवा रही थीं, लेकिन विरोधियों ने निर्माण कार्य रोक दिया है। यह मामला जून माह के पहले शनिवार को आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी चर्चित गौड़ के समक्ष रखा गया था। जिलाधिकारी ने मामले के निस्तारण हेतु टीम गठित करने का निर्देश दिया, जिसके बाद दुद्धी के उप-जिलाधिकारी ने भी टीम गठित करने का आदेश दिया। हालांकि, निस्तारण की अवधि समाप्त होने के बावजूद समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ। इसके बाद, माह के तीसरे शनिवार को दूसरे समाधान दिवस पर पुनः शिकायत दर्ज कराई गई, जिस पर उप-जिलाधिकारी ने मामले को तहसीलदार को सौंप दिया। ममता मौर्य का आरोप है कि जिलाधिकारी के आदेश पर नोडल अधिकारी ने केवल टीम गठित होने का दिखावा किया, लेकिन मौके पर जमीन का निस्तारण नहीं कराया गया। इस कारण विरोधी पक्ष अब भी उनके निर्माण में बाधा डाल रहे हैं और वह मानसिक रूप से तनाव में हैं। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से त्वरित नाप-जोख कराकर उनके निर्माण को बाधारहित करने और उनके अधिकारों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। मामले की उचित जांच और तेजी से निपटान के लिए स्थानीय प्रशासन से स्पष्ट कार्रवाई की अपेक्षा की जा रही है।
सोनभद्र के दुद्धी कस्बे की निवासी ममता मौर्य नामक विधवा महिला अपनी जमीन की नाप-जोख (पैमाइस) न होने से परेशान है, जबकि उनकी शिकायत अब भी अनसुनी बनी हुई है। महिला अपनी स्वामित्व वाली दो बिस्वा भूमियों पर नया मकान बनवा रही थीं, लेकिन विरोधियों ने निर्माण कार्य रोक दिया है। यह मामला जून माह के पहले शनिवार को आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी चर्चित गौड़ के समक्ष रखा गया था। जिलाधिकारी ने मामले के निस्तारण हेतु टीम गठित करने का निर्देश दिया, जिसके बाद दुद्धी के उप-जिलाधिकारी ने भी टीम गठित करने का आदेश दिया। हालांकि, निस्तारण की अवधि समाप्त होने के बावजूद समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ। इसके बाद, माह के तीसरे शनिवार को दूसरे समाधान दिवस पर पुनः शिकायत दर्ज कराई गई, जिस पर उप-जिलाधिकारी ने मामले को तहसीलदार को सौंप दिया। ममता मौर्य का आरोप है कि जिलाधिकारी के आदेश पर नोडल अधिकारी ने केवल टीम गठित होने का दिखावा किया, लेकिन मौके पर जमीन का निस्तारण नहीं कराया गया। इस कारण विरोधी पक्ष अब भी उनके निर्माण में बाधा डाल रहे हैं और वह मानसिक रूप से तनाव में हैं। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से त्वरित नाप-जोख कराकर उनके निर्माण को बाधारहित करने और उनके अधिकारों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। मामले की उचित जांच और तेजी से निपटान के लिए स्थानीय प्रशासन से स्पष्ट कार्रवाई की अपेक्षा की जा रही है।
- बोल बम सेवा समिति ने अपने सम्मानित सदस्यों को उनके जन्मदिन के अवसर पर विशेष रूप से सम्मानित किया है। समिति की ओर से सभी सदस्यों को अंग वस्त्र और प्रशस्ति पत्र भेंट कर उनके भविष्य के लिए हार्दिक शुभकामनाएं और मंगल कामनाएँ दी गईं। इस अवसर पर बोल बम सेवा समिति परिवार ने अपनी एकजुटता और सम्मान की भावना का प्रदर्शन किया, जिसकी कुछ झलकियां भी प्रस्तुत की गई हैं।1
- सोनभद्र के दुद्धी में शनिवार दोपहर करीब एक बजे 'दुद्धी को जिला बनाओ विकास कराओ चुनावी वादा पूरा करो' के बैनर तले, दुद्धी को जिला बनाने की मांग को लेकर एक बड़ा प्रदर्शन किया गया। कचहरी गेट के मुख्य द्वार पर दुद्धी को जिला बनाओ संघर्ष समिति के पदाधिकारियों और अधिवक्ताओं ने जोरदार तरीके से प्रदर्शन करते हुए जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने सरकार पर चुनावी वादे पूरे न करने का आरोप लगाया। मोर्चा के पदाधिकारियों ने बताया कि विधानसभा चुनाव के दौरान प्रदेश और केंद्र के मंत्रियों व नेताओं ने दुद्धी को जिला बनाने का वादा किया था। उन्होंने मांग की कि इस वादे को तुरंत पूरा किया जाए और दुद्धी को शीघ्र जिला घोषित किया जाए, ताकि क्षेत्र का समुचित विकास हो सके। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि पूरा क्षेत्र विकास की प्रतीक्षा कर रहा है, लेकिन विकास की राह बहुत दूर तक दिखाई नहीं दे रही है, और लोग बेरोजगार घूम रहे हैं। पदाधिकारियों ने यह भी कहा कि दुद्धी पिछले कई दशकों से जिला बनाने की मांग कर रहा है और सभी मानदंडों को पूरा करता है, इसके बावजूद इस भारी राजस्व देने वाले क्षेत्र को जिला का दर्जा नहीं मिला है। संघर्ष समिति ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांग पूरी नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। इस अवसर पर पूर्व सिविल बार अध्यक्ष प्रभु सिंह कुशवाहा, जितेंद्र श्रीवास्तव, विष्णुकांत तिवारी, वरुणोदय जौहरी, जय प्रकाश अग्रहरि, श्रीचंद, अमरावती देवी, वीरेंद्र कुमार, आदर्श कुमार, राकेश अग्रहरि, राजेंद्र चंद्रवंशी, जीवनराम चंद्रवंशी और अभिनव जायसवाल सहित कई संघर्ष समिति के लोग और स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।3
- सोनभद्र के कचनरवा में पानी की टंकी और सौर ऊर्जा प्रणाली स्थापित करने के उद्देश्य से की गई बोरिंग के बावजूद, छह महीने बीत जाने के बाद भी इस काम में कोई प्रगति नहीं हुई है। बोरिंग का कार्य हुए आधा वर्ष हो चुका है, लेकिन अभी तक टंकी या सौर ऊर्जा से संबंधित कोई भी आगे का निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका है।1
- रॉबर्ट्सगंज (सोनभद्र) में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस (21 जून) की पूर्व संध्या, यानी 20 जून 2026 को, अलग पूर्वांचल राज्य की मांग को लेकर संघर्षरत संगठन पूर्वांचल राज्य जनमोर्चा द्वारा एक महत्वपूर्ण संगोष्ठी का आयोजन किया गया। तहसील रॉबर्ट्सगंज स्थित अधिवक्ता भवन में हुई इस संगोष्ठी की अध्यक्षता वरिष्ठ अधिवक्ता मुस्ताक अली एडवोकेट ने की। संगोष्ठी में पूर्वांचल राज्य जनमोर्चा के महासचिव पवन कुमार सिंह एडवोकेट ने भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर योग को शारीरिक, मानसिक एवं आध्यात्मिक स्वास्थ्य के लिए आवश्यक बताया। उन्होंने एक स्वस्थ समाज और सशक्त राष्ट्र के निर्माण में योग की भूमिका पर जोर देते हुए सभी नागरिकों से नियमित योग अपनाने का आह्वान किया। सिंह ने यह भी कहा कि जिस प्रकार योग शरीर और मन को संतुलित करता है, ठीक उसी प्रकार क्षेत्रीय विकास और सामाजिक संतुलन के लिए पूर्वांचल राज्य की स्थापना भी आवश्यक है। संगठन के राष्ट्रीय सचिव राजेश कुमार यादव एड ने योग को केवल व्यायाम नहीं बल्कि जीवन जीने की एक वैज्ञानिक पद्धति करार दिया और इसे तनावमुक्त व स्वस्थ जीवन का प्रभावी माध्यम बताया। श्री जायसवाल ने युवाओं से योग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने की अपील करते हुए इस बात पर जोर दिया कि पूर्वांचल राज्य जनमोर्चा क्षेत्र के समग्र विकास, युवाओं के रोजगार, शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार के लिए निरंतर संघर्षरत है। बैठक का संचालन कर रहे डीबीए सोनभद्र के महामंत्री राजेंद्र कुमार यादव एडवोकेट ने योग को भारतीय सभ्यता की पहचान बताते हुए इसे जन-जन तक पहुंचाने की आवश्यकता पर बल दिया। इस संगोष्ठी में रमेश चंद्र सिंह, संजीव कुमार, सुरेश सिंह कुशवाहा, टीटू प्रसाद गुप्ता, राजकुमार पटेल, सुरेश सिंह पटेल, आदर्श देव पांडेय, संतोष चतुर्वेदी और संतोष कुमार सहित कई अन्य लोगों ने भी अपने विचार साझा किए। अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की पूर्व संध्या पर पूर्वांचल राज्य जनमोर्चा की यह बैठक सफलतापूर्वक संपन्न हुई।2
- केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने अपने सोनभद्र दौरे के दौरान जिले में चल रही विकास योजनाओं की समीक्षा की। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि सोनभद्र एक आकांक्षी जिले के रूप में तेजी से प्रगति कर रहा है और आने वाले समय में विकास के क्षेत्र में अपनी एक नई पहचान स्थापित करेगा। मंत्री ने केंद्र सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं से गरीब, किसान और वंचित वर्ग को मिल रहे लाभों का भी उल्लेख किया।1
- एक वीडियो में देखा जा सकता है कि मोदी जी का डंका बज रहा है। बताया गया है कि यह उनके घूमने से हो रहा है।1
- एक पोस्ट में कुछ लोगों की सोच पर गहरा आश्चर्य और निराशा व्यक्त की गई है। पोस्ट में कहा गया है कि यह समझना मुश्किल है कि ऐसे लोग कहाँ से सोचते हैं, और उनकी शिक्षा को लेकर भी सवाल उठाया गया है कि क्या उन्होंने पढ़ाई की है या नहीं।1
- सोनभद्र के कोन थाना क्षेत्र के मुख्य सड़क मार्ग पर एक अनियंत्रित बाइक का संतुलन बिगड़ने के कारण एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के बाद उसे निजी साधन से डाला क्लीनिक ले जाया गया जहाँ उसका प्राथमिक इलाज कराया गया। युवक की गंभीर हालत को देखते हुए, उसे तुरंत एंबुलेंस के ज़रिए चोपन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया। हालांकि, चोपन में इलाज के दौरान जब घायल मरीज की हालत और बिगड़ने लगी, तो डॉक्टरों ने उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया।3