जालौन के कोटरा थाना क्षेत्र के ग्राम पुर में एक 65 वर्षीय बुजुर्ग किसान अर्जुन सिंह की तालाब में डूबने से मौत हो गई। शुक्रवार रात को हुए इस हादसे के बाद शनिवार सुबह गोताखोरों की मदद से उनका शव तालाब से बाहर निकाला गया। परिजनों के अनुसार, अर्जुन सिंह शुक्रवार रात करीब 8 बजे अपने खेत पर फसल देखने गए थे। खेत का निरीक्षण करने के बाद देर शाम घर लौटते समय गांव के पास स्थित तालाब के किनारे उनका पैर फिसल गया। संतुलन बिगड़ने से वह गहरे पानी में गिर गए और डूब गए। काफी देर तक अर्जुन सिंह के घर न लौटने पर परिजनों ने ग्रामीणों के साथ मिलकर रात में ही उनकी तलाश शुरू की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। शनिवार सुबह फिर से खोजबीन शुरू की गई और आशंका के आधार पर तालाब में तलाश करने पर गोताखोरों ने सुबह करीब 9 बजे उनका शव बरामद किया। अर्जुन सिंह अपने पीछे पुत्र पंकज सिंह और मिथुन सिंह सहित भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। घटना के बाद कोटरा थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर आवश्यक कार्रवाई की और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। प्रभारी निरीक्षक विमलेश कुमार ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह तालाब में डूबने से हुई दुर्घटनावश मृत्यु का मामला प्रतीत होता है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
जालौन के कोटरा थाना क्षेत्र के ग्राम पुर में एक 65 वर्षीय बुजुर्ग किसान अर्जुन सिंह की तालाब में डूबने से मौत हो गई। शुक्रवार रात को हुए इस हादसे के बाद शनिवार सुबह गोताखोरों की मदद से उनका शव तालाब से बाहर निकाला गया। परिजनों के अनुसार, अर्जुन सिंह शुक्रवार रात करीब 8 बजे अपने खेत पर फसल देखने गए थे। खेत का निरीक्षण करने के बाद देर शाम घर लौटते समय गांव के पास स्थित तालाब के किनारे उनका पैर फिसल गया। संतुलन बिगड़ने से वह गहरे पानी में गिर गए और डूब गए। काफी देर तक अर्जुन सिंह के घर न लौटने पर परिजनों ने ग्रामीणों के साथ मिलकर रात में ही उनकी तलाश शुरू की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। शनिवार सुबह फिर से खोजबीन शुरू की गई और आशंका के आधार पर तालाब में तलाश करने पर गोताखोरों ने सुबह करीब 9 बजे उनका शव बरामद किया। अर्जुन सिंह अपने पीछे पुत्र पंकज सिंह और मिथुन सिंह सहित भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। घटना के बाद कोटरा थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर आवश्यक कार्रवाई की और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। प्रभारी निरीक्षक विमलेश कुमार ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह तालाब में डूबने से हुई दुर्घटनावश मृत्यु का मामला प्रतीत होता है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
- उरई में रिंकू सिंह राही की वापसी की मांग अब और तेज हो गई है। इस मांग को लेकर सैकड़ों युवाओं ने सड़कों पर उतरकर जबरदस्त शक्ति प्रदर्शन किया। अपनी आवाज बुलंद करते हुए युवाओं ने डीएम को तीसरा ज्ञापन सौंपा है और रिंकू सिंह राही की वापसी की मांग को जोरदार तरीके से दोहराया है।2
- जालौन तहसील से स्थानांतरित किए गए आईएएस रिंकू सिंह राही की दोबारा तैनाती की मांग को लेकर शनिवार को जालौन के करीब एक सैकड़ा युवाओं ने उरई में कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया। पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, जालौन से निकले युवाओं का यह जत्था जालौन तिराहे से जुलूस के रूप में कलेक्ट्रेट तक पहुंचा। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने जोरदार नारेबाजी करते हुए जिलाधिकारी राजेश कुमार पांडेय को चार सूत्रीय ज्ञापन सौंपा। सौंपे गए ज्ञापन में मांग की गई है कि आईएएस रिंकू सिंह राही को दोबारा जालौन तहसील में तैनात किया जाए। इसके साथ ही, प्रदेश सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत उन सभी विभागों और व्यक्तियों की जांच पूरी कराई जाए, जिनकी जांच रिंकू सिंह राही कर रहे थे। युवाओं ने उनके खिलाफ लगाए गए आरोपों की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों पर कार्रवाई की भी मांग की है। इसके अतिरिक्त, आईएएस राही द्वारा प्रत्येक गांव और मोहल्ले के लिए बनाए गए उन व्हाट्सएप ग्रुपों को फिर से संचालित करने की मांग की गई, जिनके माध्यम से लोगों की समस्याओं का घर बैठे समाधान होता था। इस प्रदर्शन में प्रद्युम्न दीक्षित इटहिया, दीपराज, वसीम, जुबैर, आकाश, आयुष, मोहम्मद शौकीन, मोहम्मद हारून और रामआसरे समेत बड़ी संख्या में युवा मौजूद रहे।1
- जालौन के कोंच में पर्यावरण संरक्षण और हरियाली बढ़ाने के उद्देश्य से रविवार सुबह 10 बजे कोंच कोतवाली परिसर, एसडीएम आवास, सीओ आवास और क्षेत्र की सभी पुलिस चौकियों पर विशेष वृक्षारोपण अभियान चलाया गया। कोतवाली परिसर में आयोजित कार्यक्रम में उपजिलाधिकारी (एसडीएम) हेमंत पटेल, क्षेत्राधिकारी (सीओ) परमेश्वर प्रसाद और कोतवाली प्रभारी ब्रजेश बहादुर सिंह ने पौधे रोपकर इस अभियान का शुभारंभ किया। इस दौरान अधिकारियों ने कहा कि पेड़ हमारे जीवन का आधार हैं और पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के लिए प्रत्येक व्यक्ति को अपने जीवन में कम से कम एक पौधा अवश्य लगाना चाहिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि बढ़ती गर्मी, प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। अभियान के दौरान पुलिस विभाग की ओर से लोगों को पौधे भी वितरित किए गए और उनसे अपने घरों, विद्यालयों, सार्वजनिक स्थलों तथा खाली जमीन पर पौधे लगाकर उनका संरक्षण करने का आग्रह किया गया। इस मौके पर क्राइम इंस्पेक्टर अरुण कुमार, उपनिरीक्षक अशोक कुमार, सागर चौकी प्रभारी सुमित पांडेय, राहुल कुमार और अभिषेक भदौरिया सहित बड़ी संख्या में पुलिस अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी उपस्थित लोगों ने पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लेते हुए अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनकी नियमित देखभाल करने का संदेश दिया।1
- उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने जालौन में महावृक्षारोपण अभियान के तहत पौधारोपण किया। इस दौरान उन्होंने प्रदेशवासियों से अधिक से अधिक पेड़ लगाने और उनकी उचित देखभाल करने की अपील की। कैबिनेट मंत्री ने पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए कहा कि वृक्ष हमारे जीवन का आधार हैं और स्वच्छ पर्यावरण के लिए हर नागरिक की भागीदारी आवश्यक है। उन्होंने लोगों का आह्वान किया कि वे एक पौधा लगाकर हरित और समृद्ध उत्तर प्रदेश के निर्माण में अपना योगदान दें। इसके साथ ही उन्होंने "हर घर एक पेड़ लगाओ" का नारा देकर हरित यूपी का संदेश प्रसारित किया।1
- जालौन के उरई में इथेनॉल पर बोलने वाले हर आम आदमी को सरकार द्वारा 'एंटी-नेशनल' और 'पेट्रोल लॉबी' जैसी तरह-तरह की गालियां दी जा रही हैं। सरकार के इस रवैए पर तीखा हमला करते हुए कहा गया है कि इतना अहंकार ठीक नहीं है। इसी कड़ी में आज पेट्रोल पंपों और सर्विस स्टेशनों पर जाकर आम लोगों से सीधी बात की जाएगी और उनकी समस्याओं को सबके साथ साझा किया जाएगा।1
- उत्तर प्रदेश सरकार के जलशक्ति मंत्री स्वतंत्रदेव सिंह ने जालौन पहुंचकर 'वृक्षारोपण महायज्ञ 2026' अभियान का शुभारंभ किया है। इस दौरान उन्होंने 'एक पेड़ मां के नाम' मुहिम के तहत खुद वृक्षारोपण किया और लोगों को पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस महत्वपूर्ण वृक्षारोपण अभियान की शुरुआत रगौली गांव से की गई, जबकि कार्यक्रम का आयोजन जालौन के नवीन गल्ला मंडी के पास आटा में किया गया। जलशक्ति मंत्री अपने इस दौरे के दौरान विभिन्न अन्य कार्यक्रमों में भी शामिल होंगे। इस विशेष कार्यक्रम में जिले के नोडल अधिकारी इंद्र विक्रम सिंह मुख्य रूप से शामिल हुए। उनके साथ ही जिला पंचायत अध्यक्ष, स्थानीय जनप्रतिनिधि, जिलाधिकारी (डीएम), पुलिस अधीक्षक (एसपी) समेत तमाम आला अधिकारी भी इस मौके पर मौजूद रहे।6
- जालौन के थाना एट क्षेत्र में हुई लूट की सनसनीखेज वारदात का पुलिस ने महज 72 घंटे के भीतर सफल खुलासा कर दिया है। अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी के नेतृत्व में थाना एट पुलिस, स्वाट और सर्विलांस की संयुक्त टीम ने त्वरित कार्यवाही करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लूटी गई मोटरसाइकिल, नकदी, घटना में इस्तेमाल की गई बलेनो कार और अवैध तमंचा बरामद किया है। यह वारदात 7 जुलाई की रात को हुई थी। थाना एट क्षेत्र के रहने वाले लक्ष्मी नारायण ने 10 जुलाई को थाने में तहरीर देकर बताया था कि जब वह अपनी मोटरसाइकिल से जा रहे थे, तभी एक बलेनो कार में सवार 3-4 अज्ञात बदमाशों ने उनकी बाइक के आगे कार लगाकर रास्ता रोक लिया। बदमाशों ने उनके साथ मारपीट की और उनकी मोटरसाइकिल, मोबाइल फोन तथा ₹8,000 नकद लूटकर फरार हो गए। शिकायत मिलने के बाद मुकदमा दर्ज कर पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर टीमों का गठन किया गया था। शनिवार को चेकिंग अभियान के दौरान पुलिस ने तीन संदिग्धों को हिरासत में लिया और पूछताछ के आधार पर उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान झांसी निवासी विवेक अहिरवार (20 वर्ष), विनय कुमार (22 वर्ष) और साकिर (20 वर्ष) के रूप में हुई है। पुलिस ने इनके पास से लूटी गई मोटरसाइकिल, ₹4,500 नकदी, घटना में प्रयुक्त बलेनो कार, एक 315 बोर का अवैध तमंचा और दो कारतूस बरामद किए हैं। बरामदगी के आधार पर मुकदमे में धारा 317(2) बीएनएस की बढ़ोतरी की गई है। गिरफ्तार आरोपी विवेक अहिरवार के खिलाफ पहले से भी एक आपराधिक मुकदमा दर्ज है। अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी ने बताया कि तकनीकी साक्ष्यों, सर्विलांस और मुखबिर की मदद से इस घटना का सफल खुलासा किया गया है और जिले में अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। इस बड़ी कामयाबी और उत्कृष्ट कार्य के लिए पुलिस अधीक्षक जालौन ने संयुक्त पुलिस टीम को ₹15,000 का नकद पुरस्कार देने की घोषणा की है।4
- उत्तर प्रदेश के जालौन जिले के उरई शहर में कोंच रोड स्थित एक चर्चित रेस्टोरेंट पर शनिवार को महिला कल्याण विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने अचानक छापेमारी की। लगातार मिल रही शिकायतों के आधार पर की गई इस कार्रवाई के दौरान रेस्टोरेंट परिसर में चार युवतियां और दो युवक मौजूद मिले। इनमें से दो युवतियों की उम्र को लेकर अधिकारियों को संदेह हुआ, जिसके बाद उन्हें आयु सत्यापन, पूछताछ और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया के लिए महिला थाना भेज दिया गया। इस कार्रवाई के दौरान संयुक्त टीम ने रेस्टोरेंट के संचालन से जुड़े लाइसेंस, कर्मचारियों का विवरण, पहचान पत्र और अन्य आवश्यक दस्तावेजों की गहन जांच की है ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि रेस्टोरेंट नियमों के अनुरूप चल रहा है या नहीं। छापेमारी की सूचना मिलते ही रेस्टोरेंट के बाहर स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई, जिससे कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। अधिकारियों के अनुसार, जांच अभी प्रारंभिक चरण में है और फिलहाल किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि की पुष्टि नहीं हुई है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जांच पूरी होने के बाद यदि कोई नियम उल्लंघन या अनियमितता पाई जाती है तो कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही अधिकारियों ने आम जनता से अपील की है कि वे जांच पूरी होने से पहले किसी भी तरह की अफवाह पर विश्वास न करें।3