राजस्थान के बालोतरा जिले के पाटोदी क्षेत्र में एक रोडवेज बस और कार की भीषण टक्कर में एक ही परिवार के चार सगे भाइयों की दर्दनाक मौत हो गई। इस हृदयविदारक घटना ने पूरे कोडूका गांव को गहरे शोक में डुबो दिया, जहाँ एक साथ चार बेटों की अर्थी उठी। मृतकों की पहचान उदाराम (39), रेखाराम (35), जोगाराम (31) और विशनाराम (29) के रूप में हुई है। ये चारों भाई मजदूरी के लिए एक ही स्थान पर जा रहे थे, तभी रास्ते में उनकी कार रोडवेज बस से टकरा गई, जिससे चारों की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे की खबर मिलते ही पिता भंवरलाल और मां का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। पिता बार-बार यही कहते रहे, "कल तक मेरे चार बेटे थे, आज एक भी नहीं बचा।" उनकी यह हालत देखकर सांत्वना देने पहुंचे लोग भी भावुक हो उठे। चार भाइयों में से तीन विवाहित थे, और उनके पीछे छोटे-छोटे बच्चे, वृद्ध माता-पिता तथा दादी हैं। परिवार की आजीविका का पूरा जिम्मा इन्हीं चारों भाइयों पर था, जिसके कारण इस हादसे से परिवार गहरे आर्थिक और भावनात्मक संकट में घिर गया है। घटना के बाद ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल मुआवजा, परिवार के एक सदस्य को रोजगार और दोषी चालक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। प्रशासन द्वारा सहायता का आश्वासन दिए जाने के बाद ग्रामीणों का धरना समाप्त हुआ। गांव में गमगीन माहौल के बीच चारों भाइयों का अंतिम संस्कार किया गया।
राजस्थान के बालोतरा जिले के पाटोदी क्षेत्र में एक रोडवेज बस और कार की भीषण टक्कर में एक ही परिवार के चार सगे भाइयों की दर्दनाक मौत हो गई। इस हृदयविदारक घटना ने पूरे कोडूका गांव को गहरे शोक में डुबो दिया, जहाँ एक साथ चार बेटों की अर्थी उठी। मृतकों की पहचान उदाराम (39), रेखाराम (35), जोगाराम (31) और विशनाराम (29) के रूप में हुई है। ये चारों भाई मजदूरी के लिए एक ही स्थान पर जा रहे थे, तभी रास्ते में उनकी कार रोडवेज बस से टकरा गई, जिससे चारों की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे की खबर मिलते ही पिता भंवरलाल और मां का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। पिता बार-बार यही कहते रहे,
"कल तक मेरे चार बेटे थे, आज एक भी नहीं बचा।" उनकी यह हालत देखकर सांत्वना देने पहुंचे लोग भी भावुक हो उठे। चार भाइयों में से तीन विवाहित थे, और उनके पीछे छोटे-छोटे बच्चे, वृद्ध माता-पिता तथा दादी हैं। परिवार की आजीविका का पूरा जिम्मा इन्हीं चारों भाइयों पर था, जिसके कारण इस हादसे से परिवार गहरे आर्थिक और भावनात्मक संकट में घिर गया है। घटना के बाद ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल मुआवजा, परिवार के एक सदस्य को रोजगार और दोषी चालक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। प्रशासन द्वारा सहायता का आश्वासन दिए जाने के बाद ग्रामीणों का धरना समाप्त हुआ। गांव में गमगीन माहौल के बीच चारों भाइयों का अंतिम संस्कार किया गया।
- छिंदवाड़ा जिले की ग्राम पंचायत सिंगोड़ी में सरपंच और सचिव ने मिलकर शासकीय बजट पर डाका डाला है। इन दोनों ने कथित तौर पर बिना किसी सड़क का निर्माण किए ही पूरी शासकीय राशि निकाल ली है।1
- छिंदवाड़ा जिले में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर, कलेक्टर हरेंद्र नारायन ने सभी शहरवासियों और जिलेवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने इस महत्वपूर्ण दिन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि योग करने से एकाग्रता बढ़ती है, स्वास्थ्य बेहतर होता है और हमें एक संतुलित जीवन जीने का महत्वपूर्ण संदेश प्राप्त होता है। कलेक्टर हरेंद्र नारायन ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे योग को अपनी दैनिक जीवनशैली का हिस्सा बनाएं, ताकि वे स्वस्थ और निरोगी रह सकें।1
- एक शिकायत दर्ज की गई है, जिसमें जल्द से जल्द गाँव में नल जल की सुविधा उपलब्ध कराने की माँग की गई है।1
- सहसवान में खंड विकास अधिकारी के खिलाफ पिछले 11 दिनों से चला आ रहा धरना 20 जून को समाप्त हो गया। यह विरोध प्रदर्शन कुल 11 दिनों तक चला।1
- छिंदवाड़ा जिले के अमरवाड़ा अंतर्गत पौनार गाँव में फादर्स डे के अवसर पर एक चौंकाने वाली और हृदय विदारक घटना सामने आई है, जहाँ एक 'कलयुगी' बेटे ने अपने ही वृद्ध पिता को घर से बेदखल कर दिया है। बेटे के इस क्रूर कृत्य ने पिता को दो वक्त की रोटी के लिए मोहताज कर दिया है। घर से निकाले जाने के बाद पीड़ित पिता दर-दर की ठोकरें खा रहे हैं और अपना भरण-पोषण पड़ोसियों से माँग कर रहे हैं। इस दुखद स्थिति में उनकी पत्नी भी उन्हें छोड़कर चली गई है, जिससे उनकी मुश्किलें और बढ़ गई हैं। अपनी दयनीय दशा को देखते हुए, पीड़ित पिता ने अब अधिकारियों से मदद की गुहार लगाई है।1
- नर्मदापुरम् पिपरिया के पचमढ़ी रोड स्थित हेलीपैड ग्राउंड में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर, 21 जून को शनिवार के दिन संकल्प फाउंडेशन द्वारा एक सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में 100 से अधिक विद्यार्थियों और नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए योग, प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास किया। योगाभ्यास का संचालन आर्ट ऑफ लिविंग के शिक्षक राजेश दुबे के कुशल मार्गदर्शन में किया गया। उन्होंने इस अवसर पर योग को भारत की प्राचीन और गौरवशाली परंपरा बताया, जिसे आज पूरी दुनिया अपना रही है। राजेश दुबे ने नियमित योग से शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य में सुधार होने और व्यक्ति के स्वस्थ जीवनशैली की ओर अग्रसर होने के महत्व पर विशेष जोर दिया। इस वर्ष अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की थीम ‘स्वस्थ आयु के लिए योग’ (Yoga for Healthy Ageing) के अनुरूप, प्रतिभागियों को विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान की विधियों का अभ्यास कराया गया। कार्यक्रम के दौरान यह महत्वपूर्ण संदेश दिया गया कि योग को दैनिक जीवन का अभिन्न अंग बनाकर एक स्वस्थ समाज का निर्माण किया जा सकता है। इस कार्यक्रम में संकल्प फाउंडेशन के अध्यक्ष केसर सिंह चौधरी, उपाध्यक्ष लोटन सिंह रघुवंशी, बलराम पाटर, रामगोपाल अहिरवार, जितेंद्र पुर्विया और श्यामलाल कहार सहित बड़ी संख्या में संस्था के सदस्य एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे। संकल्प फाउंडेशन ने योग के माध्यम से स्वस्थ जीवन, पर्यावरण संरक्षण और जनकल्याण का संदेश देते हुए सभी नागरिकों से नियमित रूप से योगाभ्यास करने की अपील की।2
- Post by Jagtapal Yadav g1
- तामिया के चोरापठार क्षेत्र में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) के तहत सड़क निर्माण में एक बड़ी लापरवाही और भ्रष्टाचार सामने आया है। इस योजना के तहत बनी सड़क को 'जर्जर' बताया जा रहा है, जो कथित तौर पर भ्रष्टाचार का परिणाम है। यह स्थिति तामिया में विकास के दावों की सच्चाई उजागर करती है।1