रायसेन जिले में पशुओं के चारे की संभावित कमी को देखते हुए जिला प्रशासन द्वारा भूसे के जिले से बाहर परिवहन पर रोक लगाने के आदेश जारी किए गए थे, लेकिन इन नियमों की खुलेआम अनदेखी की जा रही है। सूत्रों और ग्रामीणों से मिली जानकारी के अनुसार, प्रशासन की यह रोक बेअसर साबित हो रही है और जिले से धड़ल्ले से भूसा बाहर भेजा जा रहा है, जिससे प्रशासनिक निगरानी और कार्रवाई की प्रभावशीलता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, रात के समय और विभिन्न मार्गों से बड़ी मात्रा में भूसे से भरे ट्रक और ट्रैक्टर-ट्रॉलियां जिले की सीमा से बाहर भेजी जा रही हैं। प्रशासन ने किसानों और पशुपालकों के हितों को ध्यान में रखते हुए भूसे के बाहरी परिवहन पर प्रतिबंध लगाया था, ताकि जिले में पर्याप्त मात्रा में चारा उपलब्ध रह सके। ग्रामीणों का कहना है कि जिले के कई क्षेत्रों से प्रतिदिन बड़ी मात्रा में भूसा बाहर भेजा जा रहा है और यदि समय रहते इस पर प्रभावी नियंत्रण नहीं किया गया, तो आगामी दिनों में पशुपालकों को चारे के संकट का सामना करना पड़ सकता है। किसानों ने आरोप लगाया है कि जिम्मेदार विभागों को इसकी जानकारी होने के बावजूद सख्त कार्रवाई नहीं की जा रही है। स्थानीय किसानों और पशुपालकों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि जिले की सीमाओं और प्रमुख मार्गों पर जांच चौकियां सक्रिय की जाएं तथा भूसे के अवैध परिवहन में संलिप्त लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए। उनका कहना है कि प्रतिबंध केवल कागजों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि उसका प्रभाव जमीनी स्तर पर भी दिखाई देना चाहिए। इस वर्ष भीषण गर्मी और मौसम की अनिश्चितता के कारण पहले ही पशु चारे को लेकर चिंता बनी हुई है। ऐसे में यदि भूसे का बड़े पैमाने पर बाहरी परिवहन जारी रहा, तो जिले में चारे की उपलब्धता प्रभावित हो सकती है, जिससे पशुपालकों की परेशानियां बढ़ना तय माना जा रहा है। अब देखना यह होगा कि जिला प्रशासन अपने ही आदेशों के पालन को सुनिश्चित करने के लिए क्या कदम उठाता है और भूसे के अवैध परिवहन पर कब तक प्रभावी रोक लग पाती है।
रायसेन जिले में पशुओं के चारे की संभावित कमी को देखते हुए जिला प्रशासन द्वारा भूसे के जिले से बाहर परिवहन पर रोक लगाने के आदेश जारी किए गए थे, लेकिन इन नियमों की खुलेआम अनदेखी की जा रही है। सूत्रों और ग्रामीणों से मिली जानकारी के अनुसार, प्रशासन की यह रोक बेअसर साबित हो रही है और जिले से धड़ल्ले से भूसा बाहर भेजा जा रहा है, जिससे प्रशासनिक निगरानी और कार्रवाई की प्रभावशीलता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, रात के समय और विभिन्न मार्गों से बड़ी मात्रा में भूसे से भरे ट्रक और ट्रैक्टर-ट्रॉलियां जिले की सीमा से बाहर भेजी जा रही हैं। प्रशासन ने किसानों और पशुपालकों के हितों को ध्यान में रखते हुए भूसे के बाहरी परिवहन पर प्रतिबंध लगाया था, ताकि जिले में पर्याप्त मात्रा में चारा उपलब्ध रह सके। ग्रामीणों का कहना है कि जिले के कई क्षेत्रों से प्रतिदिन बड़ी मात्रा में भूसा बाहर भेजा जा रहा है और यदि समय रहते इस पर प्रभावी नियंत्रण नहीं किया गया, तो आगामी दिनों में पशुपालकों को चारे के संकट का सामना करना पड़ सकता है। किसानों ने आरोप लगाया है कि जिम्मेदार विभागों को इसकी जानकारी होने के बावजूद सख्त कार्रवाई नहीं की जा रही है। स्थानीय किसानों और पशुपालकों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि जिले की सीमाओं और प्रमुख मार्गों पर जांच चौकियां सक्रिय की जाएं तथा भूसे के अवैध परिवहन में संलिप्त लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए। उनका कहना है कि प्रतिबंध केवल कागजों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि उसका प्रभाव जमीनी स्तर पर भी दिखाई देना चाहिए। इस वर्ष भीषण गर्मी और मौसम की अनिश्चितता के कारण पहले ही पशु चारे को लेकर चिंता बनी हुई है। ऐसे में यदि भूसे का बड़े पैमाने पर बाहरी परिवहन जारी रहा, तो जिले में चारे की उपलब्धता प्रभावित हो सकती है, जिससे पशुपालकों की परेशानियां बढ़ना तय माना जा रहा है। अब देखना यह होगा कि जिला प्रशासन अपने ही आदेशों के पालन को सुनिश्चित करने के लिए क्या कदम उठाता है और भूसे के अवैध परिवहन पर कब तक प्रभावी रोक लग पाती है।
- रायसेन की अंजना यादव ने माउंट एवरेस्ट की चोटी पर भारत का तिरंगा झंडा सफलतापूर्वक फहराकर एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है।1
- मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इंदौर पुलिस कमिश्नर द्वारा प्रस्तुत तीन नए पुलिस थानों की स्थापना के प्रस्ताव को अपनी स्वीकृति दे दी है। इस निर्णय के तहत, कानून-व्यवस्था और जनसुरक्षा को और अधिक सुदृढ़ करने के उद्देश्य से, इन नए थानों में निर्धारित मापदंडों के अनुरूप पर्याप्त पुलिसकर्मियों की तैनाती भी सुनिश्चित की जाएगी।1
- रायसेन नगर पालिका परिषद ने एक शानदार पहल करते हुए 'स्वच्छता चौपाटी' का निर्माण किया है, जो इंदौर की प्रसिद्ध 'छप्पन' की तर्ज पर विकसित हो रही है। इस चौपाटी के साथ ही, यहाँ फ्री ऑक्सीजन पार्क की भी बेहतरीन व्यवस्था की गई है, जो रायसेन के निवासियों को आकर्षित कर रही है। नगर पालिका की यह पहल शहर में स्वच्छता और स्वास्थ्य के लिए एक अनूठी व्यवस्था प्रदान कर रही है।1
- विदिशा जिले के ग्राम किरमची रुस्सली में बीती रात तेज आंधी और हवाओं के कारण एक दुखद हादसा हो गया। इस दौरान एक पेड़ धराशाई हो गया, जिसकी एक टहनी बाहर खुले में सो रहे 85 वर्षीय बुजुर्ग के ऊपर जा गिरी, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। परिजन तुरंत बुजुर्ग को गंभीर हालत में मेडिकल कॉलेज लेकर पहुँचे, जहाँ डॉक्टरों ने जाँच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। आज, मेडिकल कॉलेज में मृतक बुजुर्ग का पोस्टमार्टम कराया गया, जिसके उपरांत शव परिजनों को सौंप दिया गया।4
- शाजापुर जिले के शुजालपुर में एक सभा को संबोधित करते हुए, मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कांग्रेस पर करारा हमला बोला। सीएम यादव ने कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष को 'दो कोड़ी का' बताते हुए कहा कि उन्होंने आजादी के बाद से अब तक ऐसा 'रद्दी अध्यक्ष' नहीं देखा। मुख्यमंत्री ने अपनी बात जारी रखते हुए यह भी टिप्पणी की कि कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष खुद 40 हजार वोटों के अंतर से चुनाव हारे थे, और यह वही पार्टी है जिसका उम्मीदवार लोकसभा चुनाव से भाग गया था।1
- रायसेन में नाना काल भैरव के पीठाधीश्वर पर रंगदारी वसूलने का गंभीर आरोप लगाया गया है। इस मामले में पीड़ितों ने सीधे केंद्रीय कृषि मंत्री से शिकायत की है। पीड़ितों का यह भी आरोप है कि स्थानीय पुलिस उनकी शिकायतों पर कोई सुनवाई नहीं कर रही है, जिसके कारण उन्हें केंद्रीय मंत्री से गुहार लगानी पड़ी।1
- भोपाल के बरखेड़ी पुल पुख्ता चौराहे पर स्थित मस्जिद बादशाह बाहु के सामने देर रात एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। लगभग 8 से 10 अज्ञात युवकों ने एक अकेले युवक पर धारदार हथियार से जानलेवा हमला कर दिया। इस अचानक हुए हमले के कारण पूरे क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया, जिसने एक बार फिर बदमाशों के बुलंद हौसले को उजागर किया। हमले में वह युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। स्थानीय लोगों की मदद से उसे तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहाँ उसका इलाज जारी है और उसकी हालत चिंताजनक बताई जा रही है। जब आसपास मौजूद लोगों ने इस घटना का विरोध किया और अपना आक्रोश व्यक्त किया, तो आरोपी अपनी गाड़ी मौके पर ही छोड़कर अन्य वाहनों की सहायता से भाग निकले। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुँची और मामले की जाँच शुरू कर दी। पुलिस ने फरार हुए आरोपियों की तलाश भी तेज कर दी है।1