तमकुहीराज तहसील सभागार में शनिवार को एसडीएम आकांक्षा मिश्रा की अध्यक्षता में सम्पूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस दौरान कुल 37 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें से 5 राजस्व मामलों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। शेष 32 शिकायतों को संबंधित विभागों को सौंपकर समयबद्ध समाधान के निर्देश दिए गए। एसडीएम आकांक्षा मिश्रा सुबह 10 बजे ही सभागार पहुंच गईं, जबकि अन्य विभागीय अधिकारी लगभग सवा 10 बजे पहुंचे। इस पर एसडीएम ने अधिकारियों को समयपालन के प्रति सख्त रहने का निर्देश दिया। समाधान दिवस में राजस्व विभाग की 16, पुलिस विभाग की 10, पूर्ति विभाग की 5 और अन्य विभागों से संबंधित 6 शिकायतें प्राप्त हुईं। कार्यक्रम के दौरान फार्मर रजिस्ट्री में लापरवाही और किसानों के फोन न उठाने की शिकायत सामने आई। इस पर एसडीएम ने संबंधित लेखपाल प्रमोद यादव पर नाराजगी व्यक्त करते हुए कार्यशैली में सुधार के निर्देश दिए। वहीं, तुर्कपट्टी थाने से सब-इंस्पेक्टर के स्थान पर हेड कांस्टेबल के पहुंचने पर भी उन्होंने असंतोष जताया और सीओ जयंत यादव से इस संबंध में शिकायत की। एक अन्य मामले में एसडीएम आकांक्षा मिश्रा ने लेखपाल खालिद सिद्दीकी को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। समाधान दिवस के दौरान अधिकारियों ने फरियादियों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और त्वरित निस्तारण का आश्वासन दिया। हालांकि, दुदही और सेवरही के बीडीओ के दोपहर करीब 1 बजे ही कार्यक्रम से चले जाने को लेकर भी चर्चा रही। एसडीएम ने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे जन शिकायतों के प्रति संवेदनशील रहें और लंबित मामलों का शीघ्र व पारदर्शी निस्तारण सुनिश्चित करें।
तमकुहीराज तहसील सभागार में शनिवार को एसडीएम आकांक्षा मिश्रा की अध्यक्षता में सम्पूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस दौरान कुल 37 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें से 5 राजस्व मामलों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। शेष 32 शिकायतों को संबंधित विभागों को सौंपकर समयबद्ध समाधान के निर्देश दिए गए। एसडीएम आकांक्षा मिश्रा सुबह 10 बजे ही सभागार पहुंच गईं, जबकि अन्य विभागीय अधिकारी लगभग सवा 10 बजे पहुंचे। इस पर एसडीएम ने अधिकारियों को समयपालन के प्रति सख्त रहने का निर्देश दिया। समाधान दिवस में राजस्व विभाग की 16, पुलिस विभाग की 10, पूर्ति विभाग की 5 और अन्य विभागों से संबंधित 6 शिकायतें प्राप्त हुईं। कार्यक्रम के दौरान फार्मर रजिस्ट्री में लापरवाही और किसानों के फोन न उठाने की शिकायत सामने आई। इस पर एसडीएम ने संबंधित लेखपाल प्रमोद यादव पर नाराजगी व्यक्त करते हुए कार्यशैली में सुधार के निर्देश दिए। वहीं, तुर्कपट्टी थाने से सब-इंस्पेक्टर के स्थान पर हेड कांस्टेबल के पहुंचने पर भी उन्होंने असंतोष जताया और सीओ जयंत यादव से इस संबंध में शिकायत की। एक अन्य मामले में एसडीएम आकांक्षा मिश्रा ने लेखपाल खालिद सिद्दीकी को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। समाधान दिवस के दौरान अधिकारियों ने फरियादियों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और त्वरित निस्तारण का आश्वासन दिया। हालांकि, दुदही और सेवरही के बीडीओ के दोपहर करीब 1 बजे ही कार्यक्रम से चले जाने को लेकर भी चर्चा रही। एसडीएम ने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे जन शिकायतों के प्रति संवेदनशील रहें और लंबित मामलों का शीघ्र व पारदर्शी निस्तारण सुनिश्चित करें।
- पश्चिमी चंपारण के नूतन प्रखंड स्थित मच्छरगामा चौक के बगल में छबीला यादव के इकलौते पुत्र राधेश्याम यादव का चाकू गोद कर हत्या अपने पिता के इकलौते पुत्र थे राधेश्याम1
- Post by धर्मेंद्र गुप्ता1
- बैरिया थाना क्षेत्र के मच्छरगावां गांव में शुक्रवार रात करीब 10 बजे असामाजिक तत्वों ने एक युवक की चाकू मारकर हत्या कर दी, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान छबिला यादव के पुत्र 25 वर्षीय राधेश्याम यादव के रूप में हुई है। घटना के बाद शनिवार को पोस्टमार्टम के उपरांत जैसे ही शव गांव पहुंचा, ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा। गुस्साए लोगों ने जगदीशपुर, नौतन और मंगलपुर को जोड़ने वाले मुख्य हाईवे को जाम कर दिया और बीच सड़क पर आगजनी कर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों की मांग थी कि आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की जाए तथा घटनास्थल पर वरीय पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी सुनिश्चित की जाए। करीब एक घंटे तक चले इस जाम और हंगामे की सूचना पर नौतन और बैरिया थानों की पुलिस मौके पर पहुंची। इसके बाद सदर एसडीपीओ-2 रजनीकांत प्रियदर्शी भी मच्छरगावां पहुंचे और स्थिति को संभालते हुए ग्रामीणों को समझा-बुझाकर शांत कराया। पुलिस के आश्वासन के बाद परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार कर दिया। परिजनों के अनुसार राधेश्याम यादव की शादी करीब दो वर्ष पूर्व मुफस्सिल थाना क्षेत्र के सनसरैया गांव में हुई थी, लेकिन दांपत्य जीवन में कोई संतान नहीं थी। घटना के बाद गांव में शोक और आक्रोश का माहौल बना हुआ है, जबकि ग्रामीण पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाने में जुटे रहे। इधर सदर एसडीपीओ-2 रजनीकांत प्रियदर्शी ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया गया। प्रारंभिक जांच में महिला से छेड़खानी को लेकर विवाद की बात सामने आई है। घटना में संलिप्त लोगों की पहचान कर ली गई है और उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है जबकि एक नाबालिग को निरुद्ध किया गया है।1
- कुशीनगर। जनपद के तुर्कपट्टी स्थित सूर्य भूमि पर बेटियों के सपनों का संसार बसने जा रहा है.. ” एक बार फिर संवेदना, सामाजिक जिम्मेदारी और मानवीय सरोकार का अद्भुत संगम देखने को मिलेगा। केडी शाही जनजागृति संस्थान, तुर्कपट्टी महुअवा के तत्वावधान में आगामी 26 अप्रैल को तुर्कपट्टी स्थित सूर्य मंदिर परिसर में निर्धन कन्याओं के लिए सामूहिक विवाह का भव्य आयोजन किया जाएगा। बतादे कि वर्ष 2003 से शुरू हुई यह पहल अब एक परंपरा बन चुकी है, जिसने सैकड़ों गरीब परिवारों के चेहरे पर खुशियां बिखेरी हैं। संस्थान द्वारा अब तक 650 से अधिक निर्धन कन्याओं का विवाह पूरे सम्मान और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ संपन्न कराया जा चुका है। इस वर्ष भी 21 कन्याओं के हाथ पीले किए जाएंगे, जहां हर बेटी को अपने जीवन की नई शुरुआत गरिमा और सम्मान के साथ मिलेगी। शनिवार को पडरौना के हीरो एजेंसी पर में आयोजित प्रेसवार्ता में केडी शाही जनजागृति संस्थान के अध्यक्ष अजय कुमार गुप्ता, प्रबंधक सुधीर शाही कार्यक्रम संयोजक शैलेन्द्र दत्त शुक्ल व महिला प्रतिनिधि कंचन गुप्त डाॅ. सीबी सिंह संयुक्त रुप से बताया कि यह आयोजन सिर्फ एक विवाह कार्यक्रम नहीं, बल्कि समाज के कमजोर वर्गों के प्रति एक मजबूत संकल्प है। उन्होंने कहा कि “हर बेटी को सम्मानपूर्वक विदा करना हमारा कर्तव्य है, और यही हमारी संस्था का उद्देश्य भी है।” उन्होंने कहा कि सूर्यमंदिर परिसर की में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विवाह की सभी रस्में पूरी की जाएंगी। वहीं, मंदिर के बाहर सामुदायिक भवन में बारातियों और घरातियों के लिए भव्य भोजन की व्यवस्था की गई है। आयोजन में शामिल हर कन्या को न केवल सम्मानजनक विदाई की जाएगी, बल्कि उनके गृहस्थ जीवन की शुरुआत के लिए आवश्यक सहयोग भी प्रदान किया जाएगा।इसकी सभी तैयारियां पूरी कर ली गयी है।1
- बेतिया के संत जेवियर स्कूल में विस्फोट, छात्र घायल; जांच में जुटी पुलिस और FSL बेतिया से बड़ी खबर है, जहां शहर के संत जेवियर स्कूल बेतिया में शनिवार सुबह वॉशरूम के अंदर हुए विस्फोट से एक छात्र घायल हो गया। घटना के बाद स्कूल परिसर में हड़कंप मच गया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, कक्षा 8C के एक नाबालिग छात्र ने ही वॉशरूम में विस्फोटक पदार्थ रखा था। विस्फोट के दौरान वह खुद भी उसकी चपेट में आकर घायल हो गया। स्कूल प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई करते हुए संबंधित छात्र को निष्कासित कर दिया। घायल छात्र को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया, जहां उसकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है। हैरानी की बात यह रही कि इस घटना की सूचना स्कूल प्रशासन द्वारा पुलिस को नहीं दी गई। बाद में पीड़ित छात्र के परिजनों ने डायल 112 पर कॉल कर पुलिस को जानकारी दी। सूचना मिलते ही सदर-1 एसडीपीओ विवेक दीप पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। उनके साथ मुफस्सिल थाना की टीम और फॉरेंसिक विशेषज्ञ भी घटनास्थल पर जांच के लिए पहुंचे। फॉरेंसिक जांच में प्रारंभिक तौर पर यह सामने आया है कि विस्फोट में इस्तेमाल किया गया पदार्थ सामान्य पटाखा नहीं था, बल्कि उससे अधिक प्रभावी और बड़ा था। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि छात्र के पास यह सामग्री कहां से और कैसे पहुंची। घटना के बाद स्कूल की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की गहन जांच की जा रही है और जल्द ही सच्चाई सामने लाई जाएगी।1
- पडरौना, कुशीनगर। पडरौना क्षेत्र के संत रविदास नगर वार्ड नंबर 1 अंतर्गत बंधु छपरा में हुए भीषण सड़क हादसे ने पूरे इलाके को शोक में डुबो दिया। पडरौना-रामकोला मार्ग पर पार्थ रिसॉर्ट के समीप अज्ञात वाहन की टक्कर से बाइक सवार ससुर-दामाद की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। मृतकों की पहचान मनोज खटीक (25 वर्ष) और मोती लाल खटीक (50 वर्ष) के रूप में हुई है। दोनों आपस में ससुर-दामाद थे। जानकारी के अनुसार, मनोज कुसुमुहा के निवासी थे और उनके पिता का नाम रोहित बताया गया है। मनोज बाइक चला रहे थे और उनके साथ मोती लाल सवार थे। दोनों कुसुमुहा स्थित रिश्तेदारी से होकर रामकोला इलाज कराने गए थे और वहां से वापस बंधु छपरा लौट रहे थे। इसी दौरान रास्ते में तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक में जोरदार टक्कर मार दी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार हादसा इतना भयावह था कि टक्कर लगते ही दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए और मौके पर ही उनकी मौत हो गई।बताया जा रहा है कि मोती लाल के शरीर को गंभीर क्षति पहुंची, जिसमें उनका एक हाथ अलग हो गया और सिर पर गहरी चोट आई। घटना में घायल महिला निशिका को तत्काल जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है और हालत गंभीर बनी हुई है। हादसे के बाद मृतक मनोज के परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। वह राजमिस्त्री का कार्य कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। उनके निधन से पत्नी कौशल्या और चार छोटे-छोटे बच्चे—लकी, सुनैना, निशा और अंकेश—बेसहारा हो गए हैं। घर में कोहराम मचा हुआ है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं मोती लाल खटीक, जिनके पिता का नाम बंशी प्रसाद बताया गया है, पडरौना में रहकर सब्जी बेचकर परिवार चलाते थे। उनके तीन बेटे हैं, जो बाहर रहकर मजदूरी करते हैं। उनके निधन से परिवार पूरी तरह से टूट गया है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस अज्ञात वाहन की तलाश में जुटी है तथा आसपास के सीसीटीवी कैमरों की जांच की जा रही है।4
- पश्चिम चंपारण जिले के नरकटियागंज अनुमंडल क्षेत्र में शराबबंदी कानून के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर बड़ी कार्रवाई की गई है। विभिन्न थानों के कुल 8 कांडों में जब्त 4583 लीटर शराब को मजिस्ट्रेट की निगरानी में विनष्ट कर दिया गया। इसमें 4463 लीटर विदेशी शराब और 120 लीटर देसी शराब शामिल थी। पूरी कार्रवाई उत्पाद विभाग की देखरेख में पारदर्शी तरीके से संपन्न हुई, जहां जेसीबी मशीन के जरिए शराब को नष्ट किया गया। इस दौरान संबंधित थानों के अधिकारी और पुलिस बल मौके पर मौजूद रहे। उत्पाद निरीक्षक दिलीप कुमार सिंह ने बताया कि सभी जब्त शराब को पहले न्यायालय में प्रस्तुत किया गया था। न्यायालय से विनष्टीकरण का आदेश मिलने के बाद नियमानुसार यह कार्रवाई की गई। उन्होंने साफ कहा कि शराबबंदी कानून के उल्लंघन पर आगे भी इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। वहीं, शिकारपुर थाना प्रभारी ज्वाला कुमार सिंह ने जानकारी दी कि तीन अलग-अलग मामलों में जब्त अंग्रेजी शराब, जिसमें ट्रक से बरामद खेप भी शामिल थी, को एक साथ नष्ट किया गया। प्रशासन की इस कार्रवाई का उद्देश्य जब्त शराब के दोबारा दुरुपयोग को रोकना और राज्य में पूर्ण शराबबंदी कानून को सख्ती से लागू करना है।1
- बक्सर के वीर कुंवर सिंह सेतु पर शराब तस्करी का अनोखा मामला सामने आया है। एक युवक ने अपने शरीर पर टेट्रा पैक बांधकर सप्लाई की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उसे पकड़ लिया और मामला उजागर हो गया।1
- *पडरौना में दर्दनाक सड़क हादसा: ससुर-दामाद की मौत, महिला घायल* पडरौना, कुशीनगर। पडरौना क्षेत्र के संत रविदास नगर वार्ड नंबर 1 अंतर्गत बंधु छपरा में हुए भीषण सड़क हादसे ने पूरे इलाके को शोक में डुबो दिया। पडरौना-रामकोला मार्ग पर पार्थ रिसॉर्ट के समीप अज्ञात वाहन की टक्कर से बाइक सवार ससुर-दामाद की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। मृतकों की पहचान मनोज खटीक (25 वर्ष) और मोती लाल खटीक (50 वर्ष) के रूप में हुई है। दोनों आपस में ससुर-दामाद थे। जानकारी के अनुसार, मनोज कुसुमुहा के निवासी थे और उनके पिता का नाम रोहित बताया गया है। मनोज बाइक चला रहे थे और उनके साथ मोती लाल सवार थे। दोनों कुसुमुहा स्थित रिश्तेदारी से होकर रामकोला इलाज कराने गए थे और वहां से वापस बंधु छपरा लौट रहे थे। इसी दौरान रास्ते में तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक में जोरदार टक्कर मार दी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार हादसा इतना भयावह था कि टक्कर लगते ही दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए और मौके पर ही उनकी मौत हो गई।बताया जा रहा है कि मोती लाल के शरीर को गंभीर क्षति पहुंची, जिसमें उनका एक हाथ अलग हो गया और सिर पर गहरी चोट आई। घटना में घायल महिला निशिका को तत्काल जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है और हालत गंभीर बनी हुई है। हादसे के बाद मृतक मनोज के परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। वह राजमिस्त्री का कार्य कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। उनके निधन से पत्नी कौशल्या और चार छोटे-छोटे बच्चे—लकी, सुनैना, निशा और अंकेश—बेसहारा हो गए हैं। घर में कोहराम मचा हुआ है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं मोती लाल खटीक, जिनके पिता का नाम बंशी प्रसाद बताया गया है, पडरौना में रहकर सब्जी बेचकर परिवार चलाते थे। उनके तीन बेटे हैं, जो बाहर रहकर मजदूरी करते हैं। उनके निधन से परिवार पूरी तरह से टूट गया है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस अज्ञात वाहन की तलाश में जुटी है तथा आसपास के सीसीटीवी कैमरों की जांच की जा रही है।4