पटना जिले के टेका बिगहा टाल क्षेत्र में पुलिस और एसटीएफ की एक संयुक्त कार्रवाई में एक अवैध मिनी गन फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया गया है। इस दौरान मौके से चार लोगों को गिरफ्तार किया गया, जबकि भारी मात्रा में तैयार और अर्द्धनिर्मित हथियारों के साथ उन्हें बनाने में उपयोग होने वाले उपकरण बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, 29 मई 2026 को एसटीएफ को गुप्त सूचना मिली थी कि आकाश होटल से लगभग तीन किलोमीटर दक्षिण, धोवा नदी के किनारे झाड़ियों में कुछ लोग अवैध रूप से हथियारों का निर्माण और बिक्री कर रहे हैं। इस सूचना के आधार पर वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया, जिसने क्षेत्र की घेराबंदी कर इस संचालित मिनी गन फैक्ट्री का खुलासा किया। छापेमारी के दौरान विजय प्रसाद (57), धनंजय कुमार (32), सकलदीप प्रसाद (60) और मिथिलेश बिंद (55) को गिरफ्तार किया गया। ये सभी आरोपी नालंदा जिले के चिकसौरा थाना क्षेत्र अंतर्गत बैरीगंज गांव के निवासी हैं। मौके से दो तैयार देशी कट्टे, तीन अर्द्धनिर्मित कट्टे, कारतूस के खोखे, ड्रिल मशीन, वेल्डिंग और कटिंग उपकरण, स्प्रिंग, छेनी, हथौड़ी, रेती सहित बड़ी संख्या में हथियार निर्माण सामग्री जब्त की गई। पूछताछ में यह भी खुलासा हुआ है कि एक स्थानीय व्यक्ति इन कारीगरों को हथियार बनाने के लिए इस जगह पर लेकर आया था, जिसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है। पुलिस गिरफ्तार आरोपियों के आपराधिक इतिहास की भी जांच कर रही है। इस कार्रवाई को अवैध हथियार निर्माण और तस्करी के खिलाफ एक बड़ी सफलता माना जा रहा है।
पटना जिले के टेका बिगहा टाल क्षेत्र में पुलिस और एसटीएफ की एक संयुक्त कार्रवाई में एक अवैध मिनी गन फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया गया है। इस दौरान मौके से चार लोगों को गिरफ्तार किया गया, जबकि भारी मात्रा में तैयार और अर्द्धनिर्मित हथियारों के साथ उन्हें बनाने में उपयोग होने वाले उपकरण बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, 29 मई 2026 को एसटीएफ को गुप्त सूचना मिली थी कि आकाश होटल से लगभग तीन किलोमीटर दक्षिण, धोवा नदी के किनारे झाड़ियों में कुछ लोग अवैध रूप से हथियारों का निर्माण और बिक्री कर रहे हैं। इस सूचना के आधार पर वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया, जिसने क्षेत्र की घेराबंदी कर इस संचालित मिनी गन फैक्ट्री का खुलासा किया। छापेमारी के दौरान विजय प्रसाद (57), धनंजय कुमार (32), सकलदीप प्रसाद (60) और मिथिलेश बिंद (55) को गिरफ्तार किया गया। ये सभी आरोपी नालंदा जिले के चिकसौरा थाना क्षेत्र अंतर्गत बैरीगंज गांव के निवासी हैं। मौके से दो तैयार देशी कट्टे, तीन अर्द्धनिर्मित कट्टे, कारतूस के खोखे, ड्रिल मशीन, वेल्डिंग और कटिंग उपकरण, स्प्रिंग, छेनी, हथौड़ी, रेती सहित बड़ी संख्या में हथियार निर्माण सामग्री जब्त की गई। पूछताछ में यह भी खुलासा हुआ है कि एक स्थानीय व्यक्ति इन कारीगरों को हथियार बनाने के लिए इस जगह पर लेकर आया था, जिसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है। पुलिस गिरफ्तार आरोपियों के आपराधिक इतिहास की भी जांच कर रही है। इस कार्रवाई को अवैध हथियार निर्माण और तस्करी के खिलाफ एक बड़ी सफलता माना जा रहा है।
- बिहार सरकार के श्रम संसाधन विभाग के निर्देश पर मॉडल स्कूल उत्क्रमित उच्चतर माध्यमिक विद्यालय गौरा में विश्व बाल श्रम निषेध दिवस के उपलक्ष्य में एक वाद-विवाद प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। उप श्रमायुक्त, पटना द्वारा 29 मई, 2026 को जारी पत्र के आलोक में यह प्रतियोगिता 5 जून, 2026 तक विद्यालय स्तर पर सम्पन्न कराई गई। इस प्रतियोगिता का विषय "वर्तमान संदर्भ में बाल श्रम का मुद्दा" रखा गया था, जिसमें कक्षा 9 से 12 तक के छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया। इसी क्रम में, विद्यालय की वरीय शिक्षिका मधु कुमारी ने "बाल श्रम की स्थिति" पर आधारित एक जागरूकता सत्र भी लिया। उन्होंने अंतर्राष्ट्रीय श्रम संगठन के आंकड़ों का हवाला देते हुए बताया कि वर्ष 2000 में विश्वभर में 24.6 करोड़ बच्चे मजदूरी कर रहे थे, जिनमें से विगत 17 वर्षों में 9.4 करोड़ बच्चों को बाल मजदूरी से मुक्त कराया गया है। चिंताजनक तथ्य यह है कि कुल बाल मजदूरों में से लगभग 48% बच्चे 5 से 11 वर्ष की आयु के हैं। इसके अतिरिक्त, 2011 की जनगणना के अनुसार, भारत में आज भी 10.1 मिलियन बच्चे मजदूरी करने को विवश हैं। इस दौरान बच्चों को स्मार्ट क्लास में बाल श्रम से संबंधित आंकड़े भी दिखाए गए। विद्यालय की प्रधानाध्यापक रंजू कुमारी ने जानकारी दी कि विद्यालय स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली छात्रा खुशी कुमारी का नाम प्रमंडल स्तर की प्रतियोगिता के लिए 9 जून, 2026 तक उप श्रमायुक्त कार्यालय को भेजा जाएगा। राज्य स्तरीय मुख्य कार्यक्रम का आयोजन 12 जून, 2026 को दशरथ मांझी श्रम नियोजन संस्थान, पटना में किया जाएगा, जिसमें खुशी कुमारी भी शामिल होंगी। इस आयोजन के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए शिक्षक अविनाश शास्त्री ने कहा कि इसका मुख्य लक्ष्य बच्चों को बाल श्रम जैसी सामाजिक कुरीति के प्रति संवेदनशील बनाना और समाज में जागरूकता का प्रसार करना है। उन्होंने उम्मीद जताई कि प्रतियोगिता के माध्यम से बच्चे इस ज्वलंत मुद्दे पर तार्किक चिंतन करेंगे और समाधान के उपाय सुझाएंगे।3
- उमानाथ में हुए नाव हादसे से प्रभावित परिवारों से मिलने के लिए जनप्रतिनिधि पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवारों को ढांढस बंधाया और उन्हें हर संभव सहायता प्रदान करने के साथ-साथ उचित मुआवजा दिलाने का भी आश्वासन दिया।1
- देश की राजनीति में एक बड़ा उलटफेर देखा जा रहा है, जहाँ कर्नाटक में सिद्धारमैया का इस्तीफा, पंजाब में आम आदमी पार्टी (आप) की ऐतिहासिक जीत और बिहार में शराबबंदी पर सुप्रीम कोर्ट की सख्त टिप्पणी ने सियासी माहौल को गरमा दिया है। इन घटनाओं के चलते राजनीतिक हलकों में भूचाल-सी स्थिति बन गई है। यह स्थिति इस बात को लेकर गंभीर सवाल खड़े करती है कि आखिर देश की राजनीति किस दिशा में जा रही है। लोगों से अपील की गई है कि वे इन घटनाक्रमों की पूरी खबर देखें और इस संबंध में अपनी राय साझा करें।1
- बाढ़ अनुमंडल कार्यालय में शनिवार को लगभग 2 बजे नोडल पदाधिकारी सह अनुमंडल पदाधिकारी गरिमा लोहिया की देखरेख में नगर परिषद् बाढ़ के सशक्त स्थायी समिति का चुनाव संपन्न हुआ। इस चुनाव में वार्ड संख्या 2 के पार्षद देवराज शर्मा, वार्ड संख्या 19 के पार्षद संजय प्रसाद और वार्ड नंबर 25 की पार्षद रिंकू देवी को समिति का सदस्य चुन लिया गया है। उल्लेखनीय है कि बाढ़ नगर परिषद् की सशक्त स्थायी समिति में अध्यक्ष और उपाध्यक्ष सहित कुल पांच सदस्य होते हैं। यह समिति नगर परिषद् क्षेत्र के विकास में अहम भूमिका निभाती है। नगर परिषद् उपाध्यक्ष प्रतिनिधि रवि विद्यार्थी ने बताया कि पहले नगर परिषद् के अध्यक्ष ही इन सदस्यों का चयन करते थे, लेकिन अब सरकार के नए नियमों के अनुसार पार्षदों द्वारा इनका चुनाव किया गया है। उन्होंने विश्वास जताया कि नवनिर्वाचित सदस्य जनता के हित में शहर के विकास के लिए अपनी भूमिका निभाएंगे। सभी नवनिर्वाचित सदस्यों ने एकजुट होकर काम करने का संकल्प व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि पहले भी विकास के कार्य हुए हैं और अब और भी बेहतर तरीके से विकास कार्य किए जाएंगे।1
- मुंगेर प्रक्षेत्र के डीआईजी राकेश कुमार ने शनिवार को शेखपुरा पहुंचकर साइबर थाना का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि जिले के कुछ क्षेत्रों में साइबर अपराध से जुड़ी गतिविधियां चिन्हित की गई हैं, जिनके खिलाफ लगातार छापेमारी और कार्रवाई जारी है। डीआईजी ने अगले वर्ष तक शेखपुरा को साइबर अपराध मुक्त जिला बनाने का प्रयास करने की बात कही। निरीक्षण के दौरान डीआईजी राकेश कुमार ने थानाध्यक्ष को सभी संचिकाओं को अद्यतन रखने तथा लंबित मामलों के निष्पादन में तेजी लाने का निर्देश दिया। उन्होंने मीडिया को बताया कि वर्तमान में साइबर थाना में 80 मामले लंबित हैं, जबकि 50 मामलों का सफलतापूर्वक निष्पादन किया जा चुका है। डीआईजी ने साइबर थाना के कार्य को संतोषजनक बताते हुए भी लंबित मामलों को शीघ्र निपटाने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि सरकार साइबर अपराध के प्रति आम लोगों को जागरूक करने के लिए विभिन्न प्लेटफॉर्म के माध्यम से अभियान चला रही है। साथ ही, पुलिसकर्मियों को साइबर अपराधियों द्वारा अपनाए जा रहे नए-नए तरीकों से अवगत कराने हेतु नियमित प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है। डीआईजी ने बताया कि अगले माह से शेखपुरा पुलिस में ई-ऑफिस प्रणाली लागू कर दी जाएगी, जिससे कार्यालयी कार्यों में पारदर्शिता और गति आएगी। पुलिस लाइन निर्माण कार्य को लेकर पूछे गए सवाल पर डीआईजी ने बताया कि मटोखर दह स्थित पुलिस लाइन का निर्माण कार्य अब अंतिम चरण में है और अगले दो माह के भीतर यह पूरी तरह पूरा कर लिया जाएगा। उनके अनुसार, इससे जिले की पुलिस व्यवस्था को और मजबूती मिलेगी। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक बलिराम कुमार चौधरी सहित कई पुलिस पदाधिकारी उपस्थित थे।1
- पटना जिले के बाढ़ थाना पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए एक व्यक्ति को अवैध हथियार और कारतूस के साथ गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी-2 के नेतृत्व में मिली गुप्त सूचना के आधार पर की गई, जिसके तहत बाढ़ थाना क्षेत्र स्थित शनि मंदिर के पास छापेमारी की गई थी। छापेमारी के दौरान एक संदिग्ध व्यक्ति को पकड़ा गया, जिसकी तलाशी लेने पर उसके पास से एक देसी कट्टा और पाँच जिंदा कारतूस बरामद हुए। गिरफ्तार आरोपी की पहचान मंडल कुमार के रूप में हुई है, जो उमेश सिंह का बेटा और पटना जिले के अथमलगोला थाना अंतर्गत रूपस गांव का निवासी है। पुलिस ने बरामद हथियार और कारतूस को जब्त कर लिया है, तथा आरोपी के खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। छापेमारी दल में बाढ़ थानाध्यक्ष ब्रजकिशोर सिंह सहित अन्य पुलिस पदाधिकारी भी शामिल थे। पुलिस फिलहाल मामले की गहन जांच में जुटी है और गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ कर रही है।1