702 दिन की पदयात्रा पूर्ण: 4 धाम और 10 ज्योतिर्लिंगों के दर्शन कर लौटेंगे गौ-भक्त शक्ति सिंह दो ज्योतिर्लिंग शेष, विशेष पूजा-अर्चना के बाद धर्मनगरी भीलवाड़ा में होगा भव्य स्वागत भीलवाड़ा/आरजिया, विशेष संवाददाता। आरजिया गाँव निवासी गौ-भक्त शक्ति सिंह की 2 अप्रैल 2024 से शुरू हुई ऐतिहासिक पदयात्रा ने 702 दिन पूरे कर लिए हैं। इस दौरान उन्होंने चारों धाम की पदयात्रा सफलतापूर्वक पूर्ण की तथा 12 में से 10 ज्योतिर्लिंगों के दर्शन कर आध्यात्मिक साधना का अद्वितीय उदाहरण प्रस्तुत किया है। अब दो ज्योतिर्लिंगों की विशेष यात्रा शेष है, जिसे शीघ्र पूर्ण कर वे अपनी जन्मभूमि भीलवाड़ा लौटेंगे। उनके आगमन को लेकर क्षेत्र में उत्साह का माहौल है और श्रद्धालु भव्य स्वागत की तैयारियों में जुटे हैं। शक्ति सिंह की यह पदयात्रा केवल धार्मिक आस्था तक सीमित नहीं है, बल्कि गौ-वंश की सुरक्षा, संरक्षण और सम्मान के लिए जन-जागरण का भी माध्यम बनी है। उन्होंने प्रत्येक तीर्थ स्थल पर गौ-माता की समृद्धि एवं देश में गौ-संरक्षण के लिए विशेष प्रार्थना की। उन्होंने अपने संकल्प में कहा कि गौ-माता को ‘राष्ट्र माता’ का सम्मान मिले और प्रत्येक भारतीय गौ-सेवा को अपना धर्म समझे। उनकी इस तपस्या और समर्पण भाव ने हजारों लोगों को प्रभावित किया है। यात्रा के दौरान जिस भी स्थान से वे गुजरते हैं, वहां श्रद्धालु बड़ी संख्या में एकत्र होकर पुष्पवर्षा करते हैं और “गौ-माता की जय” के जयकारों के साथ उनका स्वागत करते हैं। सोशल मीडिया के माध्यम से भी उनके संदेश को व्यापक समर्थन मिल रहा है। दो शेष ज्योतिर्लिंगों के दर्शन के पश्चात जब वे भीलवाड़ा की पावन धरा पर कदम रखेंगे, तब यह क्षण क्षेत्रवासियों के लिए गौरव और आस्था का प्रतीक बनेगा।
702 दिन की पदयात्रा पूर्ण: 4 धाम और 10 ज्योतिर्लिंगों के दर्शन कर लौटेंगे गौ-भक्त शक्ति सिंह दो ज्योतिर्लिंग शेष, विशेष पूजा-अर्चना के बाद धर्मनगरी भीलवाड़ा में होगा भव्य स्वागत भीलवाड़ा/आरजिया, विशेष संवाददाता। आरजिया गाँव निवासी गौ-भक्त शक्ति सिंह की 2 अप्रैल 2024 से शुरू हुई ऐतिहासिक पदयात्रा ने 702 दिन पूरे कर लिए हैं। इस दौरान उन्होंने चारों धाम की पदयात्रा सफलतापूर्वक पूर्ण की तथा 12 में से
10 ज्योतिर्लिंगों के दर्शन कर आध्यात्मिक साधना का अद्वितीय उदाहरण प्रस्तुत किया है। अब दो ज्योतिर्लिंगों की विशेष यात्रा शेष है, जिसे शीघ्र पूर्ण कर वे अपनी जन्मभूमि भीलवाड़ा लौटेंगे। उनके आगमन को लेकर क्षेत्र में उत्साह का माहौल है और श्रद्धालु भव्य स्वागत की तैयारियों में जुटे हैं। शक्ति सिंह की यह पदयात्रा केवल धार्मिक आस्था तक सीमित नहीं है, बल्कि गौ-वंश की सुरक्षा, संरक्षण और सम्मान
के लिए जन-जागरण का भी माध्यम बनी है। उन्होंने प्रत्येक तीर्थ स्थल पर गौ-माता की समृद्धि एवं देश में गौ-संरक्षण के लिए विशेष प्रार्थना की। उन्होंने अपने संकल्प में कहा कि गौ-माता को ‘राष्ट्र माता’ का सम्मान मिले और प्रत्येक भारतीय गौ-सेवा को अपना धर्म समझे। उनकी इस तपस्या और समर्पण भाव ने हजारों लोगों को प्रभावित किया है। यात्रा के दौरान जिस भी स्थान से वे गुजरते
हैं, वहां श्रद्धालु बड़ी संख्या में एकत्र होकर पुष्पवर्षा करते हैं और “गौ-माता की जय” के जयकारों के साथ उनका स्वागत करते हैं। सोशल मीडिया के माध्यम से भी उनके संदेश को व्यापक समर्थन मिल रहा है। दो शेष ज्योतिर्लिंगों के दर्शन के पश्चात जब वे भीलवाड़ा की पावन धरा पर कदम रखेंगे, तब यह क्षण क्षेत्रवासियों के लिए गौरव और आस्था का प्रतीक बनेगा।
- ब्यावर शहर के लिए बेहद दुखद खबर। बादशाह की भूमिका निभाकर पहचान बनाने वाले चंद्रशेखर अग्रवाल जी का हार्ट अटैक से आकस्मिक निधन हो गया। उनके निधन की खबर से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। परिजनों, मित्रों और समाज के लोगों ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। ईश्वर दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करे और परिवार को इस दुख को सहने की शक्ति दे। 🙏🏻 विनम्र श्रद्धांजलि 🙏🏻1
- आयुर्वेद केवल रोगों का उपचार नहीं, बल्कि स्वस्थ और संतुलित जीवन जीने की पद्धति है। आयुष हॉस्पिटल चितौड़गढ़ में हम प्राचीन आयुर्वेदिक ज्ञान और आधुनिक सुविधाओं के साथ आपके स्वास्थ्य की संपूर्ण देखभाल के लिए समर्पित हैं। यहाँ अनुभवी वैद्यों द्वारा प्रत्येक रोगी की व्यक्तिगत प्रकृति (प्रकृति परीक्षण) के अनुसार उपचार योजना बनाई जाती है ताकि रोग को जड़ से समाप्त किया जा सके। 🔹 पंचकर्म थेरेपी (वमन, विरेचन, बस्ती, नस्य आदि) 🔹 कमर, गर्दन और घुटनों का दर्द 🔹 सर्वाइकल, स्लिप डिस्क, सायटिका 🔹 माइग्रेन, सिरदर्द, अनिद्रा 🔹 त्वचा रोग (एक्जिमा, सोरायसिस आदि) 🔹 थायरॉइड एवं हार्मोनल समस्याएं 🔹 महिलाओं की शारीरिक समस्याएं ✨ विशेष सुविधाएं: ✔ NABH Certified Ayurved Hospital ✔ Mediclaim Policy / Health Insurance के अंतर्गत उपचार की सुविधा ✔ अनुभवी आयुर्वेद चिकित्सकों की टीम ✔ सुरक्षित एवं प्रभावी पंचकर्म उपचार आइए, आयुर्वेद के साथ स्वस्थ जीवन की ओर एक कदम बढ़ाएं। 📍 आकाशवाणी चौराहा, गांधी नगर, चित्तौड़गढ़ (राजस्थान) 📞 94618 08623 | 83020 83835 🌿 आयुष हॉस्पिटल चितौड़गढ़ प्रकृति के साथ स्वास्थ्य की ओर…1
- Post by Lucky sukhwal1
- Post by (ND NEWS CHITTORGARH)Laxman Si2
- गांव में आंगनबाड़ी केंद्र नहीं है बच्चों को 5 कम दूर भेजना पड़ता हैं1
- Post by Alert Nation News1
- Post by Ashok Kumar Regar1
- फूलियाकलां। मेवाड़ के प्रमुख शक्तिपीठ श्री धनोप माता मंदिर में आज श्रद्धा और विश्वास का अनूठा नज़ारा देखने को मिला, जब विधिवत मंत्रोच्चार के बीच दानपात्र खोला गया। मंदिर कमेटी अध्यक्ष सत्येंद्र सिंह राणावत की मौजूदगी में पारदर्शी तरीके से राशि की गणना की गई। गिनती पूरी होने पर भंडारण से कुल 35 लाख 68 हजार 742 रुपये की राशि प्राप्त हुई। इस अवसर पर अध्यक्ष राणावत ने कहा कि यह राशि श्रद्धालुओं की अटूट आस्था का प्रतीक है और मंदिर के विकास कार्यों में उपयोग की जाएगी। दानपात्र खुलने के दौरान ट्रस्ट अध्यक्ष सत्येंद्र सिंह राणावत, व्यवस्थापक हेमेंद्र सिंह राणावत, सचिव रमेश चंद्र पंडा, कैलाश चंद्र पंडा, प्रदीप कुमार पंडा, कालु पंडा, ट्रस्टीगण एवं बड़ी संख्या में भक्तजन मौजूद रहे। गौरतलब है कि मंदिर परिसर में इन दिनों जीर्णोद्धार का कार्य प्रगति पर है। प्राप्त राशि से निर्माण एवं सौंदर्यीकरण कार्यों को और गति मिलने की संभावना है। धार्मिक आस्था और जनसहयोग का यह संगम एक बार फिर साबित करता है कि श्री धनोप माता मंदिर मेवाड़ ही नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र की श्रद्धा का केंद्र बना हुआ है।1