जिला समीक्षा बैठक के दौरान वैचारिक अनादर एवं संगठन की कार्यपद्धति में गिरावट के संबंध में। दिनांक 04/04/2026 की अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद अलीगढ़ जिला की जिला समीक्षा बैठक के दौरान कुछ अत्यंत विचलित करने वाले दृश्य सामने आए, जो संगठन की मूल निष्ठा पर प्रश्नचिह्न खड़ा करते हैं। बैठक में केवल फोटो खिंचवाने और दिखावे हेतु स्वामी विवेकानंद जी एवं माँ सरस्वती जी के चित्रों पर माल्यार्पण किया गया, परंतु विडंबना यह रही कि समीक्षा बैठक के दौरान उन चित्रों को वहां से इस प्रकार हटाकर गायब कर दिया गया, मानो वे केवल एक प्रदर्शनी की वस्तु हों। महापुरुषों और आराध्य के चित्रों के साथ ऐसा व्यवहार संगठन की मर्यादा और वैचारिक अधिष्ठान के पूर्णतः प्रतिकूल है। इसके अतिरिक्त, यह अत्यंत चिंताजनक विषय है कि वर्तमान में संगठन के भीतर कई ऐसे पदाधिकारी एवं संगठन मंत्री सक्रिय हैं, जो संगठन की मूल रीति-नीति और कार्यपद्धति को ताक पर रखकर केवल अपने निजी स्वार्थों की सिद्धि में लगे हैं। वर्तमान सत्ता के प्रभाव का लाभ उठाकर कतिपय लोग केवल मंत्रियों के पीआरओ (PRO) बनने की होड़ में लगे हैं, जिससे संगठन का मूल उद्देश्य धूमिल हो रहा है। ऐसे स्वार्थी तत्वों को अपने पूर्ववर्ती पदाधिकारियों एवं निष्ठावान कार्यकर्ताओं के उस स्वर्णिम कार्यकाल से सीख लेनी चाहिए, जब विपरीत परिस्थितियों और सत्ता के अभाव में भी संगठन को खून-पसीने से सींचा गया था। सत्ता के मोह में संगठन की मूल निष्ठा को अनदेखा करना न केवल अनुचित है, बल्कि यह उन कार्यकर्ताओं के बलिदान का भी अपमान है जिन्होंने बिना किसी लाभ के संगठन को खड़ा किया है। अतः समय रहते ऐसे 'अवसरवादी' रवैये पर अंकुश लगाया जाना और संगठन की गरिमा को पुनर्स्थापित किया जाना अनिवार्य है।
जिला समीक्षा बैठक के दौरान वैचारिक अनादर एवं संगठन की कार्यपद्धति में गिरावट के संबंध में। दिनांक 04/04/2026 की अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद अलीगढ़ जिला की जिला समीक्षा बैठक के दौरान कुछ अत्यंत विचलित करने वाले दृश्य सामने आए, जो संगठन की मूल निष्ठा पर प्रश्नचिह्न खड़ा करते हैं। बैठक में केवल फोटो खिंचवाने और दिखावे हेतु स्वामी विवेकानंद जी एवं माँ सरस्वती जी के चित्रों पर माल्यार्पण किया गया, परंतु विडंबना यह रही कि समीक्षा बैठक के दौरान उन चित्रों को वहां से इस प्रकार हटाकर गायब कर दिया गया, मानो वे केवल एक प्रदर्शनी की वस्तु हों। महापुरुषों और आराध्य के चित्रों के साथ ऐसा व्यवहार संगठन की मर्यादा और वैचारिक अधिष्ठान के पूर्णतः प्रतिकूल है। इसके अतिरिक्त, यह अत्यंत चिंताजनक विषय है कि वर्तमान में संगठन के भीतर कई ऐसे पदाधिकारी एवं संगठन मंत्री सक्रिय हैं,
जो संगठन की मूल रीति-नीति और कार्यपद्धति को ताक पर रखकर केवल अपने निजी स्वार्थों की सिद्धि में लगे हैं। वर्तमान सत्ता के प्रभाव का लाभ उठाकर कतिपय लोग केवल मंत्रियों के पीआरओ (PRO) बनने की होड़ में लगे हैं, जिससे संगठन का मूल उद्देश्य धूमिल हो रहा है। ऐसे स्वार्थी तत्वों को अपने पूर्ववर्ती पदाधिकारियों एवं निष्ठावान कार्यकर्ताओं के उस स्वर्णिम कार्यकाल से सीख लेनी चाहिए, जब विपरीत परिस्थितियों और सत्ता के अभाव में भी संगठन को खून-पसीने से सींचा गया था। सत्ता के मोह में संगठन की मूल निष्ठा को अनदेखा करना न केवल अनुचित है, बल्कि यह उन कार्यकर्ताओं के बलिदान का भी अपमान है जिन्होंने बिना किसी लाभ के संगठन को खड़ा किया है। अतः समय रहते ऐसे 'अवसरवादी' रवैये पर अंकुश लगाया जाना और संगठन की गरिमा को पुनर्स्थापित किया जाना अनिवार्य है।
- कोल: अलीगढ़ में आज जगतगुरु तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज जी का सत्संग कोल: अलीगढ़ में आज जगतगुरु तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज जी का सत्संग1
- थाना इगलास- के ग्राम जवार में एक अवैध रुप से कट्टी घऱ संचालित होने की सूचना थाना इगलास पुलिस को मिली थी, उक्त सूचना के आधार पर थाना इगलास व गौरई की संयुक्त टीम द्वारा उक्त अवैध रुप से सचालित कट्टी घर पर पुलिस टीम द्वारा दबिश दी गई । जिसके क्रम में पुलिस द्वारा उक्त अवैध रुप से संचालित कट्टी घर से 03 भैसे व 02 पड्डे तथा भारी मात्रा में जानवर काटने के उपकरण व अन्य उपकरण पुलिस द्वार बरामद किए गए है तथा 07 अभियुक्तों को पुलिस द्वारा हिरासत में लिया गया है । पुछताछ के आधार पर अग्रिम वैधानिक कार्यवाही पुलिस द्वारा सुनिश्चित की जायेगी । उक्त के संबंध में अपर पुलिस अधीक्षक/क्षेत्राधिकारी इगलास श्री वरुण कुमार सिंह द्वारा दी गई बाइट समाजसेवी पत्रकार चौधरी अजय पाल सिंह की खास खबर1
- राष्ट्रीय पक्षी मोर की मौत पर भावुक हुए ग्रामीण, विधि-विधान से अंतिम संस्कार के बाद किया विशाल भंडारे का आयोजन गोंडा (उत्तर प्रदेश): जीव-जंतुओं के प्रति प्रेम और संवेदना की एक अनूठी मिसाल पेश करते हुए स्थानीय ग्रामीणों ने एक मृत मोर का न केवल ससम्मान अंतिम संस्कार किया, बल्कि उसकी आत्मा की शांति के लिए सामूहिक भोज (भंडारा) का भी आयोजन किया। पूरी खबर क्षेत्र में एक हादसे के दौरान राष्ट्रीय पक्षी मोर की असामयिक मृत्यु हो गई। इस घटना से ग्रामीणों में शोक की लहर दौड़ गई। बेजुबान पक्षी के प्रति अपनी श्रद्धा और संवेदना प्रकट करते हुए ग्रामीणों ने निर्णय लिया कि मोर का अंतिम संस्कार पूरे विधि-विधान के साथ किया जाएगा। हिंदू रीति-रिवाजों के अनुसार मोर को मुखाग्नि दी गई और तत्पश्चात ग्रामीणों के आपसी सहयोग से एक विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया और बेजुबान पक्षी को अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की। ग्रामीणों का कहना है कि मोर हमारा राष्ट्रीय पक्षी है और पर्यावरण का अभिन्न हिस्सा है, उसकी सेवा और सम्मान करना हमारा कर्तव्य है। मौके पर मौजूद रहे गणमान्य जन इस सेवा कार्य और भंडारे के दौरान मुख्य रूप से प्रखंड संयोजक नीरज चौधरी उपस्थित रहे। उनके साथ लकी, नवीन गौतम, मोहित चौधरी, भूरा चौधरी, प्रशांत चौधरी, अजीत चौधरी, सतपाल चौधरी, राजा चौधरी, बंटी, पुष्कर चौधरी, प्रदीप चौधरी, छोटू चौधरी, लाला सहित भारी संख्या में ग्रामीण और युवा मौजूद रहे।1
- नीलकंठ मंदिर में भागवत कथा 16 अप्रैल को होगी1
- Post by Narendra Kumar yadav1
- bhu mafiyao say paresan parivar s.s.p say mulakat karega1
- अलीगढ़: प्रतिदिन की बारिश से परेशान जन मानस, उन्होंने पहले ही तोड़ी किसान की कमर अलीगढ़: प्रतिदिन की बारिश से परेशान जन मानस, उन्होंने पहले ही तोड़ी किसान की कमर1
- #उत्तर प्रदेश के गोंडा (अलीगढ़) क्षेत्र के तारापुर गांव में ओलावृष्टि से किसानों की फसल को हुए नुकसान के बाद, #हाथरस सांसद और प्रदेश सरकार में राजस्व राज्य मंत्री अनूप प्रधान (बाल्मीकि) ने इस मामले में सक्रियता दिखाई है। सांसद अनूप बाल्मीकि ने एसडीएम (#इगलास) को फोन किया और किसानों की स्थिति पर सख्त निर्देश दिए। उनकी बातचीत के मुख्य बिंदु निम्नलिखित रहे: त्वरित सर्वे का निर्देश: उन्होंने एसडीएम को निर्देशित किया कि राजस्व विभाग की टीम (लेखपाल और कानूनगो) को तुरंत खेतों पर भेजकर ओलावृष्टि से हुए नुकसान का सटीक आकलन कराया जाए। मुआवजे की मांग: सांसद ने जोर दिया कि जिन #किसानों की #गेहूं और अन्य फसलें पूरी तरह बर्बाद हो गई हैं, उन्हें सरकारी नियमों के तहत जल्द से जल्द उचित आर्थिक सहायता या मुआवजा दिलाया जाए। रिपोर्ट भेजने का आदेश: उन्होंने अधिकारियों से कहा कि सर्वे की रिपोर्ट बिना किसी देरी के #शासन को भेजी जाए ताकि राहत राशि आवंटित की जा सके। सांसद ने किसानों को भरोसा दिलाया है कि संकट की इस घड़ी में सरकार उनके साथ है और नुकसान की भरपाई के लिए हर संभव प्रयास किए जाएंगे। रिपोर्टर -अविनाश कुमार पत्रकार1