जयपुर में 19 जून, 2026 को सड़क किनारे मोमो का ठेला लगाने वाली 27 वर्षीय रेशु गुप्ता गंभीर रूप से झुलस गईं। रेशु का आरोप है कि VIP मूवमेंट से पहले पुलिस ने उन्हें ठेला हटाने को कहा था। उन्होंने पुलिसकर्मियों को बताया कि स्टीमर में उबलता हुआ पानी है, लेकिन कथित तौर पर एक पुलिसकर्मी ने ठेले को जबरन धक्का दे दिया, जिससे खौलता पानी उनके सीने, हाथों और जांघों पर गिर गया। रेशु के अनुसार, इस घटना के बाद पुलिस मौके से चली गई और उनकी बहन उन्हें अस्पताल लेकर पहुंचीं। परिवार का आरोप है कि इस मामले में तुरंत FIR भी दर्ज नहीं की गई। वहीं, पुलिस का कहना है कि VIP मूवमेंट के लिए अतिक्रमण हटाया जा रहा था और अब पूरे मामले की जांच की जा रही है। अधिकारियों ने बताया कि CCTV फुटेज की समीक्षा की जा रही है और यदि किसी पुलिसकर्मी की लापरवाही या जिम्मेदारी सामने आती है तो उसके खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी।
जयपुर में 19 जून, 2026 को सड़क किनारे मोमो का ठेला लगाने वाली 27 वर्षीय रेशु गुप्ता गंभीर रूप से झुलस गईं। रेशु का आरोप है कि VIP मूवमेंट से पहले पुलिस ने उन्हें ठेला हटाने को कहा था। उन्होंने पुलिसकर्मियों को बताया कि स्टीमर में उबलता हुआ पानी है, लेकिन कथित तौर पर एक पुलिसकर्मी ने ठेले को जबरन धक्का दे दिया, जिससे खौलता पानी उनके सीने, हाथों और जांघों पर गिर गया। रेशु के अनुसार, इस घटना के बाद पुलिस मौके से चली गई और उनकी बहन उन्हें अस्पताल लेकर पहुंचीं। परिवार का आरोप है कि इस मामले में तुरंत FIR भी दर्ज नहीं की गई। वहीं, पुलिस का कहना है कि VIP मूवमेंट के लिए अतिक्रमण हटाया जा रहा था और अब पूरे मामले की जांच की जा रही है। अधिकारियों ने बताया कि CCTV फुटेज की समीक्षा की जा रही है और यदि किसी पुलिसकर्मी की लापरवाही या जिम्मेदारी सामने आती है तो उसके खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी।
- देहरादून के रेसकोर्स स्थित गुरुद्वारे और हिमाचल बॉर्डर के पांवटा साहिब गुरुद्वारे में प्रशासनिक अधिकारियों, हरिद्वार के एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर तथा निहंग जत्थेदारों के बीच हुई लंबी बातचीत के बाद गतिरोध खत्म हो गया है। उत्तराखंड-हिमाचल सीमा पर कुल्हाल चेक पोस्ट और देहरादून में निहंग सिखों के जत्थे तथा जिला प्रशासन व पुलिस अधिकारियों के बीच भी वार्ता सफल रही, जिसके बाद निहंग सिखों ने अपना प्रस्तावित मार्च स्थगित कर दिया। यह गतिरोध चमोली के कर्णप्रयाग में 16 जून को हुए एक विवाद के बाद उत्पन्न हुआ था। इस विवाद की निष्पक्ष जांच के लिए हरिद्वार के सीओ सिटी के नेतृत्व में एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया है। इसके अतिरिक्त, पुलिसकर्मियों पर लगे अभद्रता के आरोपों की जांच एक वरिष्ठ अधिकारी को सौंपी गई है। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए यह सहमति भी बनी कि हेमकुंड साहिब की यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालु फिलहाल 5-5 के छोटे जत्थों में आगे बढ़ेंगे। प्रशासन के निष्पक्ष जांच के आश्वासन से संतुष्ट होकर निहंग सिख वापस हिमाचल प्रदेश (पांवटा साहिब) लौटने को राजी हो गए और उन्होंने अपना धरना समाप्त कर दिया। इस मैराथन बैठक के दौरान देहरादून के जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेंद्र सिंह डोबाल सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने और स्थिति को संभालने के लिए मौके पर मौजूद रहे।1
- विकासनगर में कुलहाल बॉर्डर को वाहनों की आवाजाही के लिए फिर से खोल दिया गया है। यह कदम पुलिस और प्रशासन की पोंटा साहिब में रुके निहंग सिखों के साथ हुई सफल वार्ता के बाद उठाया गया है। बातचीत के परिणामस्वरूप, निहंग सिखों ने फिलहाल दो दिनों का आश्वासन दिया है, जिसके बाद सीमा पर सामान्य आवाजाही बहाल हो गई है। इस दौरान, देहरादून के डीएम आशीष चौहान और एसएसपी परमेंद्र डोबाल स्वयं मौके पर मौजूद रहे। क्षेत्र में कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए बड़ी संख्या में पुलिस और सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं।1
- जगाधरी में 26 जून को आरोहण वेलफेयर सोसाइटी के उल्लास डे केयर सेंटर में द हरफनमौला क्लब के सहयोग से "उल्लास – ए डे विद हरफनमौला" कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। यमुना संदेश डिजिटल मीडिया के मुख्य संपादक सत्यम नागपाल भी इस कार्यक्रम में शामिल रहे। इस आयोजन में दिव्यांग बालिकाओं, महिलाओं एवं इंटर्न्स ने अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया, जिसका मुख्य उद्देश्य उनका आत्मविश्वास बढ़ाना, प्रतिभाओं को मंच प्रदान करना और रचनात्मक गतिविधियों के माध्यम से प्रोत्साहित करना था। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि द हरफनमौला क्लब की संस्थापक श्रीमती ममता शर्मा थीं, जिन्होंने सभी प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन व्यक्तित्व विकास, आत्मविश्वास और सामाजिक सहभागिता को बढ़ावा देते हैं। दिव्यांग बालिकाओं, महिलाओं और इंटर्न्स ने गायन, नृत्य, कविता और अभिनय सहित विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के ज़रिए अपनी कला का प्रभावशाली प्रदर्शन किया। पूरे कार्यक्रम के दौरान उत्साह, आनंद और सकारात्मक ऊर्जा का वातावरण बना रहा। इस अवसर पर श्री संजय शर्मा, श्री मुकेश, श्रीमती मीना कम्बोज, श्रीमती अनुभा, श्रीमती कंचन मिश्रा, श्री अमित शर्मा, श्रीमती नेहा, सुश्री मेहक (आईजीएनएन), श्री संजीव ओबेरॉय, श्रीमती रजनी सोनी और पंजाब केसरी से श्रीमती रंजना वर्मा सहित कई विशिष्ट अतिथि मौजूद रहे। सभी अतिथियों ने प्रतिभागियों की प्रस्तुतियों की सराहना करते हुए संस्था के कार्यों की भरपूर प्रशंसा की। आरोहण वेलफेयर सोसाइटी की कोऑर्डिनेटर श्रीमती रेखा ठकराल ने कुशल नेतृत्व और अपनी पूरी टीम के सहयोग से इस कार्यक्रम का सफल संचालन और समन्वय किया, जिससे यह अत्यंत सफल और यादगार बन गया। इस कार्यक्रम के दौरान संस्था की संस्थापक स्वर्गीय डॉ. ऋतु सोनी को भावभीनी श्रद्धांजलि भी अर्पित की गई। उपस्थित सभी लोगों ने डॉ. सोनी के उस सपने को याद किया जिसमें वे चाहती थीं कि दिव्यांग बालिकाओं और महिलाओं को प्रतिभा दिखाने, आत्मविश्वास बढ़ाने तथा समाज की मुख्यधारा से जुड़ने का अवसर मिले, और आज का यह आयोजन उनके सपनों को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ। कार्यक्रम के समापन पर डॉ. गौरलिन, अनीता और साधना ने मुख्य अतिथियों, विशिष्ट अतिथियों, सहयोगियों, इंटर्न्स और सभी उपस्थित लोगों का आभार व्यक्त किया। संस्था ने श्री अनिल सोनी (अध्यक्ष), श्रीमती उषा सोनी (कोषाध्यक्ष) और श्रीमती भारती कम्बोज (सचिव) सहित सभी बोर्ड सदस्यों के मार्गदर्शन, सहयोग और निरंतर समर्थन के लिए विशेष आभार व्यक्त किया। इन्हीं के प्रयासों से संस्था स्वर्गीय डॉ. ऋतु सोनी के सपनों को आगे बढ़ाते हुए दिव्यांग बालिकाओं और महिलाओं के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने का कार्य लगातार कर रही है। आरोहण वेलफेयर सोसाइटी ने भविष्य में भी दिव्यांग बालिकाओं, महिलाओं और इंटर्न्स के सर्वांगीण विकास, आत्मनिर्भरता एवं आत्मविश्वास को बढ़ावा देने के लिए ऐसे ही प्रेरणादायक कार्यक्रमों का आयोजन जारी रखने की प्रतिबद्धता जताई।4
- हरियाणा पुलिस द्वारा चलाए गए नशा मुक्ति अभियान का समापन 26 जून को फरीदाबाद में अंतर्राष्ट्रीय ड्रग निरोधक दिवस के अवसर पर हुआ। इस अभियान की शुरुआत 11 जून को सिरसा से की गई थी, जिसका उद्देश्य समाज को नशे से मुक्ति का संदेश देना था। समापन कार्यक्रम में हरियाणा राज्य नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो के जागरूकता कार्यक्रम एवं पुनर्वास प्रभारी, डॉक्टर अशोक कुमार वर्मा ने नशे के विरुद्ध एक विस्तृत व्याख्यान प्रस्तुत किया, जिसमें उन्होंने नशे के दुष्परिणामों और रोकथाम के तरीकों पर प्रकाश डाला।1
- यमुनानगर में महिलाओं और युवतियों की स्वच्छता तथा स्वास्थ्य को प्राथमिकता देते हुए रोटरी क्लब ऑफ यमुनानगर ने शुक्रवार को नगर निगम को तीन आधुनिक मशीनें भेंट कीं। इनमें सेनेटरी नैपकिन वेंडिंग मशीन, सेनेटरी नैपकिन इंसीनरेटर (निस्तारण) मशीन और हैंड ड्रायर शामिल हैं। क्लब के प्रधान ईश आनंद, सचिव विभोर पाहुजा, संयुक्त सचिव विक्रम बाली और कोषाध्यक्ष आशीष लूथरा सहित अन्य पदाधिकारियों ने महापौर आवास पर मेयर सुमन बहमनी को ये मशीनें सौंपी। इन मशीनों को शहर के सार्वजनिक शौचालयों में स्थापित किया जाएगा, जिससे महिलाओं को ज़रूरत पड़ने पर आसानी से सेनेटरी नैपकिन मिल सकेंगे और उपयोग किए गए नैपकिन का सुरक्षित व वैज्ञानिक तरीके से निस्तारण सुनिश्चित होगा, जिससे गंदगी व संक्रमण का खतरा नहीं रहेगा। मेयर सुमन बहमनी ने रोटरी क्लब ऑफ यमुनानगर की इस पहल की सराहना करते हुए इसे महिलाओं की गरिमा, स्वास्थ्य और स्वच्छता सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक स्थानों पर ऐसी आधुनिक सुविधाओं से महिलाओं को सुरक्षित, सम्मानजनक एवं स्वच्छ वातावरण मिलेगा। रोटरी क्लब के प्रधान ईश आनंद और सचिव विभोर पाहुजा ने ज़ोर दिया कि महिलाओं में मासिक धर्म स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाने और ऐसी आधुनिक सुविधाएं प्रदान करना समय की मांग है, जिससे पर्यावरण-अनुकूल और सुरक्षित निस्तारण संभव हो सके। उन्होंने यह भी बताया कि उनकी संस्था पर्यावरण संरक्षण, रक्तदान, पौधारोपण, स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में जनहित के कई कार्य करती रहती है, और इससे पहले भी शहर को पॉलिथीन मुक्त बनाने के लिए निगम को 1000 कपड़े के थैले बांटे थे। इस अवसर पर मुख्य सफाई निरीक्षक हरजीत सिंह, स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) के विशेषज्ञ दुर्गेश कुमार के साथ रोटरी क्लब के पदाधिकारी राजीव वासुदेव, संजय पाहुजा, संजीव गुप्ता, सम्राट चानना और कन्व गांधी भी उपस्थित रहे।2
- पांवटा साहिब सीमा पर व्याप्त तनाव अब पूरी तरह से कम हो गया है और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। स्थानीय प्रशासन और निहंग समुदाय के बीच सौहार्दपूर्ण बातचीत लगातार जारी है। दोनों पक्ष आपसी संवाद के माध्यम से सभी मुद्दों का शांतिपूर्ण समाधान निकालने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं, जिसके परिणामस्वरूप क्षेत्र में सामान्य स्थिति बहाल हो गई है।1
- उत्तराखंड के रुद्रपुर स्थित लालपुर क्षेत्र के टिब्बा इलाके में 17 वर्षीय विक्रांत बागी की अज्ञात हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी है। इस घटना के बाद मृतक के परिजनों और स्थानीय युवाओं का गुस्सा भड़क उठा, जिन्होंने अस्पताल से लेकर सड़क तक पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी और प्रदर्शन किया, ऊधम सिंह नगर पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाया। गुरुवार शाम लालपुर के टिब्बा क्षेत्र में विक्रांत को गोली मारी गई थी, जिसके बाद उसे गंभीर हालत में पहले जिला अस्पताल और फिर हल्द्वानी के सुशीला तिवारी अस्पताल ले जाया गया। हालांकि, देर रात विक्रांत बागी की मौत हो गई। मौत की खबर फैलते ही परिजनों और सैकड़ों युवाओं ने अस्पताल में भारी बवाल काटा और ऊधम सिंह नगर पुलिस की लापरवाही पर आक्रोश व्यक्त करते हुए जोरदार प्रदर्शन किया तथा नारेबाजी की।1
- देहरादून के पटेलनगर क्षेत्र में देर रात एक मामूली विवाद ने हिंसक रूप ले लिया, जहाँ कारगी चौक के पास सड़क पर हुए झगड़े के बाद दो युवकों ने एक ऑल्टो कार में आग लगा दी। इस घटना में कार पूरी तरह जलकर खाक हो गई। सूचना मिलते ही पटेलनगर पुलिस और फायर सर्विस की टीम मौके पर पहुँची और तुरंत आग पर काबू पाया। पुलिस के अनुसार, यह विवाद तब शुरू हुआ जब कार चालक यूनेश कुमार ने एक बाइक सवार को बचाने के प्रयास में अपनी कार डिवाइडर पर चढ़ा दी। इसके बाद स्कूटी पर सवार दो व्यक्तियों से उसकी कहासुनी हो गई, जिसके परिणामस्वरूप उन्होंने गुस्से में आकर कार में आग लगा दी। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपी नीरज बिष्ट और ईशांत पंवार को हिरासत में ले लिया है। उनके खिलाफ बीएनएस की धारा 326(एफ) के तहत मुकदमा दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी गई है।1
- लुधियाना ज़िले के जगराओं तहसील में फिरोजपुर रोड पर स्थित चौकीमान टोल प्लाजा पर शुक्रवार तड़के कार सवार कुछ युवकों ने एक टोलकर्मी हरजीत सिंह की जमकर पिटाई कर दी। तलवंडी कलां निवासी हरजीत सिंह रात 12 बजे से सुबह 8 बजे तक अपनी ड्यूटी पर तैनात थे, तभी शुक्रवार सुबह करीब 4 बजे एक कार में सवार होकर आए युवक टोल प्लाजा पर बिना शुल्क दिए फ्री लेन से निकलने की कोशिश करने लगे। जब हरजीत सिंह ने उन युवकों से स्थानीय पहचान पत्र मांगा, तो उन्होंने खुद को मुल्लापुर दाखा का निवासी और नशा छुड़ाओ केंद्र का कर्मचारी बताते हुए कहा कि वे पहले भी बिना टोल दिए निकलते रहे हैं। आरोप है कि जब टोलकर्मी हरजीत सिंह ने पहचान पत्र या आधार कार्ड दिखाने और उनके वाहन की नंबर प्लेट की फोटो लेने का प्रयास किया, तो युवकों से बहस शुरू हो गई। इसके बाद कार सवार युवक गाड़ी से बाहर निकले और सड़क पर ही हरजीत सिंह की पिटाई करनी शुरू कर दी। हरजीत सिंह मदद के लिए चिल्लाते रहे, लेकिन हमलावर उन्हें पीटकर मौके से बिना टोल दिए ही फरार हो गए। यह पूरी घटना टोल प्लाजा पर लगे CCTV कैमरों में कैद हो गई है। पीड़ित टोलकर्मी ने टोल प्रबंधन को इस बारे में सूचित करने के बाद पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस अब CCTV फुटेज के आधार पर पूरे मामले की जांच करेगी।1