आप देख रहे हैं टुडे भारत न्यूज़ मुरादाबाद। सग्लन --- मुरादाबाद में इमाम-ए-मेहदी यूथ मिशन की शोक सभा, आतंकवाद के खिलाफ कैंडल मार्च और विरोध प्रदर्शन एंकर ---- मुरादाबाद महानगर मे पाकिस्तान के इस्लामाबाद स्थित शिया मस्जिद पर हुए आतंकी हमले में मारे गए निर्दोष लोगों को श्रद्धांजलि देने तथा आतंकवाद के विरुद्ध संगठित विरोध दर्ज कराने के उद्देश्य से इमाम-ए-मेहदी यूथ मिशन WS (रजि.) मुरादाबाद के तत्वावधान में एक व्यापक शोक सभा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के बाद कैंडल मार्च निकाला गया और आतंकवाद तथा पाकिस्तान सरकार की नीतियों के विरोध में प्रदर्शन किया गया। शोक सभा की अध्यक्षता मौलाना अली हैदर नूरी साहब, इमाम-ए-जुमा मुरादाबाद ने की, जबकि संचालन मौलाना गाज़ी साहब ने किया। वक्ताओं ने अपने संबोधन में पाकिस्तान में शिया समुदाय पर हो रहे लगातार हमलों की कड़ी निंदा करते हुए इसे मानवता, अमन और लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ गंभीर अपराध बताया। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान में आतंकवाद कोई अलग-थलग ताकत नहीं, बल्कि नीतिगत संरक्षण का परिणाम प्रतीत होता है। हजारों अन्य अल्पसंख्यक समुदायों पर हुए हमलों का हवाला देते हुए वक्ताओं ने कहा कि वहां की सरकार अपने नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में विफल रही है। सभा के उपरांत शहीदों की याद में शांतिपूर्ण कैंडल मार्च निकाला गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। इस दौरान आतंकवाद और पाकिस्तान सरकार की नीतियों के विरोध में पाकिस्तान सरकार का पुतला भी दहन किया गया। प्रदर्शन के दौरान “आतंकवाद मुर्दाबाद”, “पाकिस्तान सरकार मुर्दाबाद” और “बेगुनाहों की हत्या बंद करो” जैसे नारे लगाए गए। मिशन के अध्यक्ष हसन जैदी एडवोकेट ने अपने बयान में कहा कि जो भी सरकार आतंकवाद पर खामोश रहती है, वह भी उतनी ही जिम्मेदार मानी जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि अब केवल निंदा से काम नहीं चलेगा, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सख्त कार्रवाई की आवश्यकता है, ताकि निर्दोष नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। कार्यक्रम में मिशन और विभिन्न सामाजिक, धार्मिक व युवा संगठनों के पदाधिकारियों के साथ शहर के गणमान्य नागरिक भी उपस्थित रहे। वक्ताओं ने अपने संयुक्त संदेश में कहा कि आतंकवाद के खिलाफ यह लड़ाई किसी एक समुदाय की नहीं, बल्कि पूरे समाज और इंसानियत की साझा लड़ाई है। अंत में पीड़ितों को न्याय दिलाने और आतंकवाद को संरक्षण देने वाली नीतियों के खिलाफ कड़े कदम उठाने की मांग की है। कार्यक्रम में इमामबाड़ा कमेटी के सचिव डॉ. क़याम रज़ा, क़मर अब्बास, मौलाना तनवीर, मिशन के उपाध्यक्ष सलीम रज़ा, संयुक्त सचिव एवं मीडिया प्रभारी ज़ैनुल इबाद काज़मी, वसी अब्बास नक़वी, मो. अब्बास (ज़री वाले), मीसम नक़वी, राजू नाज़िश, मासूम रज़ा, मेराज पाशा, खुशनूद अनवर, शबाब नक़वी, काशिफ, असकरी, शजर मेहदी, आमिर ख़ान, असद ख़ान, परवेज़, शाहिद, कलाम, अधिवक्ता दानिश रिज़वी, अली वाहिद, आक़िलअसबात हुसैन. गजनफर जैदी, प्रिंस काजमी एडवोकेट, शाह आलम, सादिक आब्दी, अनीस हैदर, बाबर, मोहम्मद अली, जफर अब्बास, इमदाद हुसैन सैफी, रईस पाशा सहित अन्य सामाजिक, धार्मिक व युवा संगठनों के पदाधिकारी, नगर के गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में शिया एवं सुन्नी समुदाय के लोग उपस्थित रहे। मोहसिन सिद्दीकी रिपोर्ट आप देख रहे हैं टुडे भारत न्यूज़ मुरादाबाद। सग्लन --- मुरादाबाद में इमाम-ए-मेहदी यूथ मिशन की शोक सभा, आतंकवाद के खिलाफ कैंडल मार्च और विरोध प्रदर्शन एंकर ---- मुरादाबाद महानगर मे पाकिस्तान के इस्लामाबाद स्थित शिया मस्जिद पर हुए आतंकी हमले में मारे गए निर्दोष लोगों को श्रद्धांजलि देने तथा आतंकवाद के विरुद्ध संगठित विरोध दर्ज कराने के उद्देश्य से इमाम-ए-मेहदी यूथ मिशन WS (रजि.) मुरादाबाद के तत्वावधान में एक व्यापक शोक सभा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के बाद कैंडल मार्च निकाला गया और आतंकवाद तथा पाकिस्तान सरकार की नीतियों के विरोध में प्रदर्शन किया गया। शोक सभा की अध्यक्षता मौलाना अली हैदर नूरी साहब, इमाम-ए-जुमा मुरादाबाद ने की, जबकि संचालन मौलाना गाज़ी साहब ने किया। वक्ताओं ने अपने संबोधन में पाकिस्तान में शिया समुदाय पर हो रहे लगातार हमलों की कड़ी निंदा करते हुए इसे मानवता, अमन और लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ गंभीर अपराध बताया। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान में आतंकवाद कोई अलग-थलग ताकत नहीं, बल्कि नीतिगत संरक्षण का परिणाम प्रतीत होता है। हजारों अन्य अल्पसंख्यक समुदायों पर हुए हमलों का हवाला देते हुए वक्ताओं ने कहा कि वहां की सरकार अपने नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में विफल रही है। सभा के उपरांत शहीदों की याद में शांतिपूर्ण कैंडल मार्च निकाला गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। इस दौरान आतंकवाद और पाकिस्तान सरकार की नीतियों के विरोध में पाकिस्तान सरकार का पुतला भी दहन किया गया। प्रदर्शन के दौरान “आतंकवाद मुर्दाबाद”, “पाकिस्तान सरकार मुर्दाबाद” और “बेगुनाहों की हत्या बंद करो” जैसे नारे लगाए गए। मिशन के अध्यक्ष हसन जैदी एडवोकेट ने अपने बयान में कहा कि जो भी सरकार आतंकवाद पर खामोश रहती है, वह भी उतनी ही जिम्मेदार मानी जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि अब केवल निंदा से काम नहीं चलेगा, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सख्त कार्रवाई की आवश्यकता है, ताकि निर्दोष नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। कार्यक्रम में मिशन और विभिन्न सामाजिक, धार्मिक व युवा संगठनों के पदाधिकारियों के साथ शहर के गणमान्य नागरिक भी उपस्थित रहे। वक्ताओं ने अपने संयुक्त संदेश में कहा कि आतंकवाद के खिलाफ यह लड़ाई किसी एक समुदाय की नहीं, बल्कि पूरे समाज और इंसानियत की साझा लड़ाई है। अंत में पीड़ितों को न्याय दिलाने और आतंकवाद को संरक्षण देने वाली नीतियों के खिलाफ कड़े कदम उठाने की मांग की है। कार्यक्रम में इमामबाड़ा कमेटी के सचिव डॉ. क़याम रज़ा, क़मर अब्बास, मौलाना तनवीर, मिशन के उपाध्यक्ष सलीम रज़ा, संयुक्त सचिव एवं मीडिया प्रभारी ज़ैनुल इबाद काज़मी, वसी अब्बास नक़वी, मो. अब्बास (ज़री वाले), मीसम नक़वी, राजू नाज़िश, मासूम रज़ा, मेराज पाशा, खुशनूद अनवर, शबाब नक़वी, काशिफ, असकरी, शजर मेहदी, आमिर ख़ान, असद ख़ान, परवेज़, शाहिद, कलाम, अधिवक्ता दानिश रिज़वी, अली वाहिद, आक़िलअसबात हुसैन. गजनफर जैदी, प्रिंस काजमी एडवोकेट, शाह आलम, सादिक आब्दी, अनीस हैदर, बाबर, मोहम्मद अली, जफर अब्बास, इमदाद हुसैन सैफी, रईस पाशा सहित अन्य सामाजिक, धार्मिक व युवा संगठनों के पदाधिकारी, नगर के गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में शिया एवं सुन्नी समुदाय के लोग उपस्थित रहे। मोहसिन सिद्दीकी रिपोर्ट
आप देख रहे हैं टुडे भारत न्यूज़ मुरादाबाद। सग्लन --- मुरादाबाद में इमाम-ए-मेहदी यूथ मिशन की शोक सभा, आतंकवाद के खिलाफ कैंडल मार्च और विरोध प्रदर्शन एंकर ---- मुरादाबाद महानगर मे पाकिस्तान के इस्लामाबाद स्थित शिया मस्जिद पर हुए आतंकी हमले में मारे गए निर्दोष लोगों को श्रद्धांजलि देने तथा आतंकवाद के विरुद्ध संगठित विरोध दर्ज कराने के उद्देश्य से इमाम-ए-मेहदी यूथ मिशन WS (रजि.) मुरादाबाद के तत्वावधान में एक व्यापक शोक सभा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के बाद कैंडल मार्च निकाला गया और आतंकवाद तथा पाकिस्तान सरकार की नीतियों के विरोध में प्रदर्शन किया गया। शोक सभा की अध्यक्षता मौलाना अली हैदर नूरी साहब, इमाम-ए-जुमा मुरादाबाद ने की, जबकि संचालन मौलाना गाज़ी साहब ने किया। वक्ताओं ने अपने संबोधन में पाकिस्तान में शिया समुदाय पर हो रहे लगातार हमलों की कड़ी निंदा करते हुए इसे मानवता, अमन और लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ गंभीर अपराध बताया। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान में आतंकवाद कोई अलग-थलग ताकत नहीं, बल्कि नीतिगत संरक्षण का परिणाम प्रतीत होता है। हजारों अन्य अल्पसंख्यक समुदायों पर हुए हमलों का हवाला देते हुए वक्ताओं ने कहा कि वहां की सरकार अपने नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में विफल रही है। सभा के उपरांत शहीदों की याद में शांतिपूर्ण कैंडल मार्च निकाला गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। इस दौरान आतंकवाद और पाकिस्तान सरकार की नीतियों के विरोध में पाकिस्तान सरकार का पुतला भी दहन किया गया। प्रदर्शन के दौरान “आतंकवाद मुर्दाबाद”, “पाकिस्तान सरकार मुर्दाबाद” और “बेगुनाहों की हत्या बंद करो” जैसे नारे लगाए गए। मिशन के अध्यक्ष हसन जैदी एडवोकेट ने अपने बयान में कहा कि जो भी सरकार आतंकवाद पर खामोश रहती है, वह भी उतनी ही जिम्मेदार मानी जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि अब केवल निंदा से काम नहीं चलेगा, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सख्त कार्रवाई की आवश्यकता है, ताकि निर्दोष नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। कार्यक्रम में मिशन और विभिन्न सामाजिक, धार्मिक व युवा संगठनों के पदाधिकारियों के साथ शहर के गणमान्य नागरिक भी उपस्थित रहे। वक्ताओं ने अपने संयुक्त संदेश में कहा कि आतंकवाद के खिलाफ यह लड़ाई किसी एक समुदाय की नहीं, बल्कि पूरे समाज और इंसानियत की साझा लड़ाई है। अंत में पीड़ितों को न्याय दिलाने और आतंकवाद को संरक्षण देने वाली नीतियों के खिलाफ कड़े कदम उठाने की मांग की है। कार्यक्रम में इमामबाड़ा कमेटी के सचिव डॉ. क़याम रज़ा, क़मर अब्बास, मौलाना तनवीर, मिशन के उपाध्यक्ष सलीम रज़ा, संयुक्त सचिव एवं मीडिया प्रभारी ज़ैनुल इबाद काज़मी, वसी अब्बास नक़वी, मो. अब्बास (ज़री वाले), मीसम नक़वी, राजू नाज़िश, मासूम रज़ा, मेराज पाशा, खुशनूद अनवर, शबाब नक़वी, काशिफ, असकरी, शजर मेहदी, आमिर ख़ान, असद ख़ान, परवेज़, शाहिद, कलाम, अधिवक्ता दानिश रिज़वी, अली वाहिद, आक़िलअसबात हुसैन. गजनफर जैदी, प्रिंस काजमी एडवोकेट, शाह आलम, सादिक आब्दी, अनीस हैदर, बाबर, मोहम्मद अली, जफर अब्बास, इमदाद हुसैन सैफी, रईस पाशा सहित अन्य सामाजिक, धार्मिक व युवा संगठनों के पदाधिकारी, नगर के गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में शिया एवं सुन्नी समुदाय के लोग उपस्थित रहे। मोहसिन सिद्दीकी रिपोर्ट आप देख रहे हैं टुडे भारत न्यूज़ मुरादाबाद। सग्लन --- मुरादाबाद में इमाम-ए-मेहदी यूथ मिशन की शोक सभा, आतंकवाद के खिलाफ कैंडल मार्च और विरोध प्रदर्शन एंकर ---- मुरादाबाद महानगर मे पाकिस्तान के इस्लामाबाद स्थित शिया मस्जिद पर हुए आतंकी हमले में मारे गए निर्दोष लोगों को श्रद्धांजलि देने तथा आतंकवाद के विरुद्ध संगठित विरोध दर्ज कराने के उद्देश्य से इमाम-ए-मेहदी यूथ मिशन WS (रजि.) मुरादाबाद के तत्वावधान में एक व्यापक शोक सभा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के बाद कैंडल मार्च निकाला गया और आतंकवाद तथा पाकिस्तान सरकार की नीतियों के विरोध में प्रदर्शन किया गया। शोक सभा की अध्यक्षता मौलाना अली हैदर नूरी साहब, इमाम-ए-जुमा मुरादाबाद ने की, जबकि संचालन मौलाना गाज़ी साहब ने किया। वक्ताओं ने अपने संबोधन में पाकिस्तान में शिया समुदाय पर हो रहे लगातार हमलों की कड़ी निंदा करते हुए इसे मानवता, अमन और लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ गंभीर अपराध बताया। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान में आतंकवाद कोई अलग-थलग ताकत नहीं, बल्कि नीतिगत संरक्षण का परिणाम प्रतीत होता है। हजारों अन्य अल्पसंख्यक समुदायों पर हुए हमलों का हवाला देते हुए वक्ताओं ने कहा कि वहां की सरकार अपने नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में विफल रही है। सभा के उपरांत शहीदों की याद में शांतिपूर्ण कैंडल मार्च निकाला गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। इस दौरान आतंकवाद और पाकिस्तान सरकार की नीतियों के विरोध में पाकिस्तान सरकार का पुतला भी दहन किया गया। प्रदर्शन के दौरान “आतंकवाद मुर्दाबाद”, “पाकिस्तान सरकार मुर्दाबाद” और “बेगुनाहों की हत्या बंद करो” जैसे नारे लगाए गए। मिशन के अध्यक्ष हसन जैदी एडवोकेट ने अपने बयान में कहा कि जो भी सरकार आतंकवाद पर खामोश रहती है, वह भी उतनी ही जिम्मेदार मानी जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि अब केवल निंदा से काम नहीं चलेगा, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सख्त कार्रवाई की आवश्यकता है, ताकि निर्दोष नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। कार्यक्रम में मिशन और विभिन्न सामाजिक, धार्मिक व युवा संगठनों के पदाधिकारियों के साथ शहर के गणमान्य नागरिक भी उपस्थित रहे। वक्ताओं ने अपने संयुक्त संदेश में कहा कि आतंकवाद के खिलाफ यह लड़ाई किसी एक समुदाय की नहीं, बल्कि पूरे समाज और इंसानियत की साझा लड़ाई है। अंत में पीड़ितों को न्याय दिलाने और आतंकवाद को संरक्षण देने वाली नीतियों के खिलाफ कड़े कदम उठाने की मांग की है। कार्यक्रम में इमामबाड़ा कमेटी के सचिव डॉ. क़याम रज़ा, क़मर अब्बास, मौलाना तनवीर, मिशन के उपाध्यक्ष सलीम रज़ा, संयुक्त सचिव एवं मीडिया प्रभारी ज़ैनुल इबाद काज़मी, वसी अब्बास नक़वी, मो. अब्बास (ज़री वाले), मीसम नक़वी, राजू नाज़िश, मासूम रज़ा, मेराज पाशा, खुशनूद अनवर, शबाब नक़वी, काशिफ, असकरी, शजर मेहदी, आमिर ख़ान, असद ख़ान, परवेज़, शाहिद, कलाम, अधिवक्ता दानिश रिज़वी, अली वाहिद, आक़िलअसबात हुसैन. गजनफर जैदी, प्रिंस काजमी एडवोकेट, शाह आलम, सादिक आब्दी, अनीस हैदर, बाबर, मोहम्मद अली, जफर अब्बास, इमदाद हुसैन सैफी, रईस पाशा सहित अन्य सामाजिक, धार्मिक व युवा संगठनों के पदाधिकारी, नगर के गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में शिया एवं सुन्नी समुदाय के लोग उपस्थित रहे। मोहसिन सिद्दीकी रिपोर्ट
- a i m i m ki jansabha rahamat Nagar Gali number 1। 14 February शाम 7:301
- Post by नाजिम हुसैन पत्रकार डिलारी1
- मुरादाबाद, 12 फरवरी 2026: उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले के सिविल लाइन्स थाना क्षेत्रांतर्गत एक शुगर मिल से एक व्यक्ति के संदिग्ध परिस्थितियों में गायब होने का मामला सामने आया है। शुरुआती जांच में व्यक्ति को मिल की मशीन में गिरकर मृत माना गया था, लेकिन बाद में वह सकुशल अपने घर से बरामद हो गया। पुलिस ने इस मामले में आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है और पूछताछ जारी है।f72157 घटना के अनुसार, युवक का नाम अरविंद बताया जा रहा है, जो अगवानपुर का निवासी है। परिजनों ने दावा किया था कि अरविंद शुगर मिल में काम करते हुए मशीन में गिर गया था, जिसके बाद उन्होंने मिल की मशीनें बंद करवा दीं और पुलिस को सूचना दी। हालांकि, पुलिस की तलाशी में मिल में कोई शव नहीं मिला। आश्चर्यजनक रूप से, युवक को उसके घर से ही जिंदा बरामद किया गया। पुलिस अब यह जांच कर रही है कि गायब होने की वजह क्या थी और क्या इसमें कोई साजिश या गलतफहमी शामिल है। मुरादाबाद सिटी एसपी ने प्रेस बाइट में कहा कि व्यक्ति सुरक्षित है और मामले की गहन जांच की जा रही है। उन्होंने बताया कि संदिग्ध परिस्थितियां होने के कारण सभी पहलुओं पर नजर रखी जा रही है, ताकि कोई अपराधी तत्व सामने आए तो कार्रवाई की जा सके। पुलिस ने परिजनों से भी पूछताछ की है और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है।1
- मुरादाबाद से हैरान कर देने वाला मामला आया सामने मुर्दा निकला जिंदा उत्तर प्रदेश के जनपद मुरादाबाद के सिविल लाइन स्थित दीवान शुगर मिल में कर्मचारी के मील की चेन से कटकर मौत का मामला सामने आया था, इसके बाद मृतक कर्मचारी अरविंद के परिजनों ने मील के कर्मचारियों की लापरवाही से मौत का आरोप लगाया था, उनका कहना था कि कर्मचारियों की लापरवाही की वजह से अरविंद की मील की चेन में कटकर मौत हो गई है इसके बाद पुलिस ने जब पूरे मामले की जांच की तो मामला बेहद चुकाने वाला सामने आया अरविंद जिंदा निकला और वह घर पर मौजूद था, पुलिस ने अरविंद को घर से बरामद किया है अरविंद का कहना है, कि काम करक कर वह थक गया था तो घर चला गया था, परिजनों में खुशी का माहौल है फिलहाल जिसको परिजन अरविंद का खून बता रहे ,थे वह मोबिल निकला है ,अरविंद की मौत की खबर निकाली निराधार4
- HNN news चैनल पर चर्चा में शामिल रहा1
- अमरोहा पहुंचे केंद्रीय राज्यमंत्री जयंत चौधरी ने कौशल महोत्सव में लिया हिस्सा, बोले- बजट में रोजगार, शिक्षा और कौशल विकास को प्राथमिकता दी गई कार्यक्रम में पहुंची अमरोहा नगर पालिका परिषद की चेयरमैन श्रीमती शशि जैन ने केंद्रीय राज्य मंत्री जयंत चौधरी का जहां स्वागत किया वहीं अमरोहा की समस्याओं से उनको अवगत भी कराया। Mashkoor Amrohvi JPN 7 NEWS 86304422011
- अमरोहा पहुंचे केंद्रीय राज्यमंत्री जयंत चौधरी ने कौशल महोत्सव में लिया हिस्सा, बोले- बजट में रोजगार, शिक्षा और कौशल विकास को प्राथमिकता दी गई कार्यक्रम में पहुंची अमरोहा नगर पालिका परिषद की चेयरमैन श्रीमती शशि जैन ने केंद्रीय राज्य मंत्री जयंत चौधरी का जहां स्वागत किया वहीं अमरोहा की समस्याओं से उनको अवगत भी कराया। Mashkoor Amrohvi JPN 7 NEWS 86304422011
- Post by नाजिम हुसैन पत्रकार डिलारी1