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लालगढ़ जाटान में कॉमरेड हेतराम चौक हटाने पर विवाद#LalgarhJatan #Rajasthan #Hanumangarh #ComradeHetramBeniwal #Protest #PWD #RajasthanNews #BreakingNews #News21 लालगढ़ जाटान में कॉमरेड हेतराम चौक हटाने पर विवाद #LalgarhJatan #Rajasthan #Hanumangarh #ComradeHetramBeniwal #Protest #PWD #RajasthanNews #BreakingNews #News21
Fast News Rajasthan (FNR)
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- देशभर के 15 चुनिंदा विशेषज्ञों में मिला स्थान, अब राष्ट्रीय स्तर पर तय करेंगे बड़ी परियोजनाओं का पर्यावरणीय भविष्य सीमांत शहर श्रीगंगानगर के लिए एक और गौरव का क्षण सामने आया है। शहर के प्रतिष्ठित वास्तु इंजीनियर इंजिनियर पवन के. गोयल को भारत सरकार के पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय द्वारा गठित ‘विशेषज्ञ मूल्यांकन कमेटी’ का सदस्य मनोनीत किया गया है। देशभर से चुने गए कुल 15 विशेषज्ञों में उनका चयन होना न केवल उनके लंबे अनुभव की पहचान है, बल्कि श्रीगंगानगर के लिए भी एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। सोमवार को सुखाडिया सर्किल स्थित होटल प्रतीक प्लाजा में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान पवन गोयल ने अपनी नियुक्ति से जुड़ी जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि यह कमेटी देशभर में बनने वाली बड़ी विकास परियोजनाओं को पर्यावरणीय स्वीकृति मिलने से पहले उनका गहन तकनीकी मूल्यांकन करती है। कमेटी हवाई अड्डों, राष्ट्रीय राजमार्गों, टाउनशिप, खनन परियोजनाओं, बिजली संयंत्रों, इंडस्ट्रियल पार्क, बहुमंजिला भवनों और सीवरेज योजनाओं के पर्यावरणीय प्रभाव का अध्ययन कर सरकार को स्वीकृति या अस्वीकृति की सिफारिश देती है। पवन गोयल ने कहा कि इस जिम्मेदारी के साथ वे श्रीगंगानगर क्षेत्र से जुड़े पर्यावरण संरक्षण, प्रदूषण नियंत्रण और जल संरक्षण जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों को राष्ट्रीय स्तर पर मजबूती से उठाने का प्रयास करेंगे। साथ ही उन्होंने लालगढ़ एयरपोर्ट जैसी महत्वपूर्ण परियोजनाओं को लेकर भी सकारात्मक पहल करने की बात कही, ताकि क्षेत्र के विकास के साथ पर्यावरण संतुलन भी बना रहे। वर्ष 1982 से इंजीनियरिंग और वास्तु विज्ञान के क्षेत्र में सक्रिय पवन गोयल अपने काम और शोध के लिए राष्ट्रीय स्तर पर कई मंचों पर सम्मानित हो चुके हैं। वर्ष 2011 में उन्हें राष्ट्रपति भवन में तत्कालीन राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल द्वारा ‘ब्रह्मर्षि अलंकरण’ से सम्मानित किया गया था। इसके अलावा वे वास्तु और जियो विज्ञान विषय पर सात पुस्तकों के लेखक भी हैं, जो देशभर के विद्यार्थियों और शोधकर्ताओं के लिए उपयोगी मानी जाती हैं। प्रेस वार्ता के दौरान उनके पुत्र आर्किटेक्ट अंजनेश गोयल, राजकुमार जैन और सौरभ जैन भी मौजूद रहे। पवन गोयल ने इस महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मिलने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृहमंत्री अमित शाह, पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव, कानून मंत्री अर्जुन मेघवाल, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सहित सभी गंगानगर वासियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह सम्मान केवल उनका नहीं बल्कि पूरे श्रीगंगानगर का है। आने वाले समय में वे अपनी विशेषज्ञता के माध्यम से देश के विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने का प्रयास करेंगे।1
- हाल ही में भारत ने ईरान के युद्धपोत IRIS Lavan को Kochi Port में तकनीकी और मानवीय कारणों से रुकने की अनुमति दी।1
- हनुमानगढ़ :से है जहां CM भजनलाल शर्मा के कल हनुमानगढ़ दौरे पर कांग्रेस की प्रेस वार्ता कांग्रेस ने मुख्यमंत्री के दौरे पर उठाए सवाल कहा - मुख्यमंत्री ने हनुमानगढ़ के लिए नहीं की कोई घोषणा किसानों और बच्चियों को नहीं मिलने दिया गया मुख्यमंत्री से मुख्यमंत्री से मिलने आ रहे किसानों को किया नजर बंद कांग्रेस ने मुख्यमंत्री के दौरे को बताया खानापूर्ति महिलाओं के काले दुपट्टे उतरवाने पर कहा सम्मान नहीं महिलाओं का हुआ अपमान कांग्रेस जिला अध्यक्ष मनीष मक्कासर ने सर्किट हाऊस में की प्रेस वार्ता1
- - प्रेस वार्ता में पवन गोयल हुए मीडिया से रू-ब-रू, कमेटी के बारे दी विस्तृत जानकारी - भारत सरकार के पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय द्वारा गठित की गई है ‘विशेषज्ञ मूल्यांकन कमेटी’ श्रीगंगानगर। क्षेत्र के प्रतिष्ठित वास्तु इंजीनियर पवन के. गोयल को भारत सरकार के पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय द्वारा गठित ‘विशेषज्ञ मूल्यांकन कमेटी’ का सदस्य मनोनीत किया गया है। यह श्रीगंगानगर के लिए एक बड़ी उपलब्धि है कि उन्हें केन्द्र स्तरीय कमेटी में जगह दी गई है। उनकी नियुक्ति का आदेश मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव डॉ. अमनदीप गंग द्वारा जारी किया गया। इस कमेटी में राष्ट्रीय स्तर पर पूरे देश में से कुल 15 सरकारी एवं गैर-सरकारी लोगों को शामिल किया गया है, जो अपने-अपने क्षेत्र के विशेषज्ञ है। इसी संदर्भ में आज सोमवार को सुखाडिय़ा सर्किल स्थित होटल प्रतीक प्लाजा में आयोजित प्रेस वार्ता में मीडिया से रू-ब-रू होते हुए पवन के. गोयल ने बताया कि यह कमेटी विभिन्न विकास परियोजनाओं को पर्यावरणीय स्वीकृति मिलने से पहले उनका तकनीकी मूल्यांकन करती है। कमेटी का मुख्य कार्य प्रदूषण नियंत्रण उपायों, हरित क्षेत्र के विकास, पुनर्वास योजनाओं तथा जल संरक्षण से जुड़ी परियोजनाओं की समीक्षा कर उनकी स्वीकृति या अस्वीकृति के संबंध में अनुशंसा करना है। कमेटी हवाई अड्डे, हाईवे (एक्सप्रेस-वे), पोर्ट, टाउनशिप, जल एवं खनन परियोजनाएं, बिजली एवं ताप परियोजनाएं, इंडस्ट्रियल पार्क, बहुमंजिला भवन और सीवरेज योजनाओं जैसी विभिन्न परियोजनाओं के पर्यावरणीय प्रभाव का अध्ययन करती है। इसके तहत वायु प्रदूषण, ध्वनि प्रदूषण, वायु गुणवत्ता, वन एवं वन्यजीव संरक्षण, भूमि उपयोग परिवर्तन आदि विषयों पर तकनीकी विश्लेषण कर रिपोर्ट तैयार की जाती है। प्रेस वार्ता में सामाजिक कार्यकर्ता एवं यूथ आइकॉन सौरभ जैन भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। अपनी नियुक्ति पर पवन के. गोयल ने मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि वे क्षेत्र से जुड़े पर्यावरण, प्रदूषण नियंत्रण, जल संरक्षण, सीवरेज और लालगढ़ एयरपोर्ट जैसी परियोजनाओं के संबंध में तकनीकी जानकारी राष्ट्रीय स्तर के विशेषज्ञों और नीति निर्माताओं तक पहुंचाने का प्रयास करेंगे, ताकि इन मुद्दों का स्थायी समाधान संभव हो सके। - इंजी. पवन के. गोयल के बारे में.. पवन के. गोयल वर्ष 1982 से इंजीनियरिंग, वास्तु विज्ञान, मूल्यांकन और निर्माण से जुड़े तकनीकी परामर्श कार्य कर रहे हैं। उन्हें जिला प्रशासन से लेकर राज्य सरकार और देश-विदेश के कई राष्ट्रीय मंचों पर सम्मानित किया जा चुका है। वर्ष 2011 में उन्हें नई दिल्ली स्थित राष्ट्रपति भवन में तत्कालीन महामहिम राष्ट्रपति श्रीमती प्रतिभा पाटिल द्वारा ब्रह्मर्षि अलंकरण से सम्मानित किया गया था। गोयल वास्तुशास्त्र और जियो विज्ञान विषय पर सात पुस्तकों के लेखक भी हैं, जिनमें भारतीय वास्तु शास्त्र, फेंग शुई, उत्तम वास्तु परिचय, वास्तु किरण और उत्तम वास्तु एंड जियो टेक (हिंदी-अंग्रेजी) प्रमुख हैं। उन्होंने ग्रीन बिल्डिंग तकनीक का भी अध्ययन किया है। गंगानगर में वे कई सामाजिक एवं धार्मिक संस्थाओं से सक्रिय रूप से जुड़े हुए हैं। रोटरी क्लब ईस्ट, अग्रवाल सभा, विद्यार्थी शिक्षा सदन, नरसिंहपुरा गौशाला, राष्ट्रीय कला मंदिर तथा अग्रवाल सदन सहित अनेक संस्थाओं में उनका योगदान रहा है। - पवन के. गोयल ने किया प्रधानमंत्री सहित सभी का आभार.. पवन के. गोयल ने प्रेस वार्ता के दौरान अपनी इस नियुक्ति के लिए माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, गृहमंत्री अमित शाह, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेन्द्र यादव, कानून मंत्री अर्जुन मेघवाल, भाजपा अध्यक्ष नितिन नबीन, सीएम भजनलाल शर्मा सहित सभी श्रीगंगानगरवासियों एवं शुभचिंतकों का आभार व्यक्त किया।1
- “न्याय की लड़ाई अब रुकने वाली नहीं” – समाजसेवी रामेश्वर बाबल के तीखे तेवर, कातिल को सलाखों के पीछे भेजने की चेतावनी खानुवाली की बहन सुदेश कुमारी की मौत को लेकर इलाके में गुस्सा लगातार बढ़ता जा रहा है। इस मामले में समाजसेवी रामेश्वर बाबल ने बेहद तीखे और आक्रामक तेवर दिखाते हुए साफ कहा कि अब यह लड़ाई न्याय मिलने तक रुकने वाली नहीं है। बाबल ने कहा कि जिस व्यक्ति की लापरवाही और लालच के कारण एक मासूम परिवार उजड़ गया, वह आज खुलेआम घूम रहा है, लोगों को धमकियां दे रहा है और अपने रसूख के दम पर पूरे सिस्टम को दबाने की कोशिश कर रहा है। रामेश्वर बाबल ने सवाल उठाते हुए कहा कि आज से पहले भी पता नहीं इस कातिल ने कितने ऐसे कृत्य किए होंगे, कितने घर उजाड़े होंगे और कितने बच्चों को अनाथ किया होगा। अगर समय रहते ऐसे लोगों पर लगाम नहीं लगाई गई तो यह सिलसिला आगे भी जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ एक परिवार की लड़ाई नहीं है, बल्कि पूरे समाज की लड़ाई है, क्योंकि अगर आज आवाज नहीं उठी तो कल किसी और की बारी होगी। बाबल ने पुलिस प्रशासन से कड़े शब्दों में मांग करते हुए कहा कि मामले की निष्पक्ष और तेज जांच होनी चाहिए और दोषी को तुरंत गिरफ्तार करके सलाखों के पीछे भेजा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि जिस व्यक्ति पर इतने गंभीर आरोप हैं, वह खुलेआम घूम रहा है और लोगों को डराने-धमकाने का काम कर रहा है, यह कानून व्यवस्था पर भी बड़ा सवाल खड़ा करता है। उन्होंने कहा कि बहन सुदेश कुमारी का परिवार एक साधारण और गरीब परिवार है, जिनकी आवाज दबाने की कोशिश की जा रही है। लेकिन अब समाज उनके साथ खड़ा है। बाबल ने भावुक होकर कहा कि इस मासूम बच्ची का अब पूरा समाज ही परिवार है, और जब तक उसकी मां को न्याय नहीं मिल जाता तब तक यह लड़ाई जारी रहेगी। उन्होंने यह भी कहा कि भाई सुभाष सुथार और उसके बच्चों की पूरी दुनिया उजड़ चुकी है। एक मां के जाने के बाद उस परिवार की हालत क्या होती है, यह वही लोग समझ सकते हैं जिन्होंने यह दर्द झेला है। ऐसे में समाज का कर्तव्य है कि वह इस परिवार के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा रहे। रामेश्वर बाबल ने आरोप लगाया कि आरोपी ने सरकारी अस्पताल से रेफर कार्ड भी बनवा लिया, जिससे साफ लगता है कि पूरे सरकारी तंत्र को अपने प्रभाव में लेने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि अगर सच को दबाने के लिए सत्ता, पैसा और सिस्टम का इस्तेमाल किया गया तो जनता इसका जवाब देना भी जानती है। बाबल ने सीधे शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि डॉक्टर राजेश गौड चाहे अपने कितने भी दलाल और समर्थक खड़े कर ले, लेकिन सच को ज्यादा समय तक दबाया नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि समाज पूरी ताकत के साथ इस लड़ाई में खड़ा है और दोषी को सलाखों के पीछे भेजकर ही दम लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन अब सिर्फ एक विरोध नहीं बल्कि न्याय की निर्णायक लड़ाई बन चुका है। जब तक बहन सुदेश कुमारी को न्याय नहीं मिल जाता, तब तक यह संघर्ष जारी रहेगा, चाहे कितनी भी ताकतें इसके सामने क्यों न खड़ी हो जाएं।1
- “रास्ता दो या जवाब दो!” आजाद नगर की हुंकार से गूंजा कलेक्ट्रेट, नारी-युवा शक्ति का ऐतिहासिक प्रदर्शन 📍 श्रीगंगानगर से बड अपने क्षेत्र की सभी वायरल विडियोज के लिए डाउनलोड करें शुरू ऐप (Shuru App) 👇🏻1
- बीदासर क्षेत्र के गांव घंटियाल के मुक्तिधाम में अज्ञात कारणों से आग लग गई। सूचना के बाद दमकल कर्मियों ने दमकल की सहायता से आग पर काबू पाया। #fire #churu #bidasar2
- श्रीगंगानगर के लिए उपलब्धि : इंजी. पवन के. गोयल भारत सरकार की ‘विशेषज्ञ मूल्यांकन कमेटी’ के सदस्य मनोनीत - प्रेस वार्ता में पवन गोयल हुए मीडिया से रू-ब-रू, कमेटी के बारे दी विस्तृत जानकारी - भारत सरकार के पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय द्वारा गठित की गई है ‘विशेषज्ञ मूल्यांकन कमेटी’ श्रीगंगानगर। क्षेत्र के प्रतिष्ठित वास्तु इंजीनियर पवन के. गोयल को भारत सरकार के पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय द्वारा गठित ‘विशेषज्ञ मूल्यांकन कमेटी’ का सदस्य मनोनीत किया गया है। यह श्रीगंगानगर के लिए एक बड़ी उपलब्धि है कि उन्हें केन्द्र स्तरीय कमेटी में जगह दी गई है। उनकी नियुक्ति का आदेश मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव डॉ. अमनदीप गंग द्वारा जारी किया गया। इस कमेटी में राष्ट्रीय स्तर पर पूरे देश में से कुल 15 सरकारी एवं गैर-सरकारी लोगों को शामिल किया गया है, जो अपने-अपने क्षेत्र के विशेषज्ञ है। इसी संदर्भ में आज सोमवार को सुखाडिय़ा सर्किल स्थित होटल प्रतीक प्लाजा में आयोजित प्रेस वार्ता में मीडिया से रू-ब-रू होते हुए पवन के. गोयल ने बताया कि यह कमेटी विभिन्न विकास परियोजनाओं को पर्यावरणीय स्वीकृति मिलने से पहले उनका तकनीकी मूल्यांकन करती है। कमेटी का मुख्य कार्य प्रदूषण नियंत्रण उपायों, हरित क्षेत्र के विकास, पुनर्वास योजनाओं तथा जल संरक्षण से जुड़ी परियोजनाओं की समीक्षा कर उनकी स्वीकृति या अस्वीकृति के संबंध में अनुशंसा करना है। कमेटी हवाई अड्डे, हाईवे (एक्सप्रेस-वे), पोर्ट, टाउनशिप, जल एवं खनन परियोजनाएं, बिजली एवं ताप परियोजनाएं, इंडस्ट्रियल पार्क, बहुमंजिला भवन और सीवरेज योजनाओं जैसी विभिन्न परियोजनाओं के पर्यावरणीय प्रभाव का अध्ययन करती है। इसके तहत वायु प्रदूषण, ध्वनि प्रदूषण, वायु गुणवत्ता, वन एवं वन्यजीव संरक्षण, भूमि उपयोग परिवर्तन आदि विषयों पर तकनीकी विश्लेषण कर रिपोर्ट तैयार की जाती है। प्रेस वार्ता में सामाजिक कार्यकर्ता एवं यूथ आइकॉन सौरभ जैन भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। अपनी नियुक्ति पर पवन के. गोयल ने मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि वे क्षेत्र से जुड़े पर्यावरण, प्रदूषण नियंत्रण, जल संरक्षण, सीवरेज और लालगढ़ एयरपोर्ट जैसी परियोजनाओं के संबंध में तकनीकी जानकारी राष्ट्रीय स्तर के विशेषज्ञों और नीति निर्माताओं तक पहुंचाने का प्रयास करेंगे, ताकि इन मुद्दों का स्थायी समाधान संभव हो सके। - इंजी. पवन के. गोयल के बारे में.. पवन के. गोयल वर्ष 1982 से इंजीनियरिंग, वास्तु विज्ञान, मूल्यांकन और निर्माण से जुड़े तकनीकी परामर्श कार्य कर रहे हैं। उन्हें जिला प्रशासन से लेकर राज्य सरकार और देश-विदेश के कई राष्ट्रीय मंचों पर सम्मानित किया जा चुका है। वर्ष 2011 में उन्हें नई दिल्ली स्थित राष्ट्रपति भवन में तत्कालीन महामहिम राष्ट्रपति श्रीमती प्रतिभा पाटिल द्वारा ब्रह्मर्षि अलंकरण से सम्मानित किया गया था। गोयल वास्तुशास्त्र और जियो विज्ञान विषय पर सात पुस्तकों के लेखक भी हैं, जिनमें भारतीय वास्तु शास्त्र, फेंग शुई, उत्तम वास्तु परिचय, वास्तु किरण और उत्तम वास्तु एंड जियो टेक (हिंदी-अंग्रेजी) प्रमुख हैं। उन्होंने ग्रीन बिल्डिंग तकनीक का भी अध्ययन किया है। गंगानगर में वे कई सामाजिक एवं धार्मिक संस्थाओं से सक्रिय रूप से जुड़े हुए हैं। रोटरी क्लब ईस्ट, अग्रवाल सभा, विद्यार्थी शिक्षा सदन, नरसिंहपुरा गौशाला, राष्ट्रीय कला मंदिर तथा अग्रवाल सदन सहित अनेक संस्थाओं में उनका योगदान रहा है। - पवन के. गोयल ने किया प्रधानमंत्री सहित सभी का आभार.. पवन के. गोयल ने प्रेस वार्ता के दौरान अपनी इस नियुक्ति के लिए माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, गृहमंत्री अमित शाह, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेन्द्र यादव, कानून मंत्री अर्जुन मेघवाल, भाजपा अध्यक्ष नितिन नबीन, सीएम भजनलाल शर्मा सहित सभी श्रीगंगानगरवासियों एवं शुभचिंतकों का आभार व्यक्त किया।1