आपके हमारे पैरों में जूती चप्पल भले ना हो हमारे बच्चों के हाथों में किताबें होने चाहिए अंबेडकरवादी विचारधारा फूल मालाओं में नहीं किताबों में मिलती है 22 प्रतिज्ञाओं को जीवन में उतरे-- राजूदिन गाडरे *अंबेडकरवादी विचारधारा को अपनाओ! फूलमालाओं में नही बल्कि किताबो ढूंढो और डॉ साहब की 22 प्रतिज्ञाओं को जीवन में उतारें-गादरे* .मेरठ --14 अप्रैल को डीजे या डोल नगाड़े बजाकर नशीले पदार्थों का सेवन करने से अंबेडकरवादी नहीं बन जाते। असली अंबेडकरवादी वही हैं जो अंबेडकरवाद पर यानी डॉ साहब सिंबल ऑफ नॉलेज की “22 प्रतिज्ञाओं को अपनाकर जीवन में फॉलो करते हैं” और फर्जी अंबेडकरवादी वह लोग हैं जो “गांधीवाद और गोलवलकर वाद पर मनुवादी विचारधारा नत्मस्तक हैं”। अम्बेडकर जन्म जयंती पर एक कार्यक्रम डॉ भीमराव अंबेडकर जन कल्याण समिति के तत्वावधान में ग्राम किनानगर मेरठ में आयोजित की गई जिसकी अध्यक्षता समिति अध्यक्ष सम्राट कपिल कुमार ने की और संचालन मोनू सिंह ने किया। मुख्य अतिथि राजुद्दीन गादरे राष्ट्रीय प्रवक्ता बहुजन मुक्ति पार्टी ने अपने वक्तव्य में लोगों से महापुरूषों के इतिहास को पढ़ने और समझकर उनके आदर्शों पर चलने की अपील की डॉ साहब भीमराव अंबेडकर सिंबल ऑफ नॉलेज की 22 प्रतिज्ञाओं को जीवन में शपथ लेकर विचारधारा पर चलने का अनुरोध किया। आगे कहा कि बाबा साहब अंबेडकर जी को ना मानने वाले एवं डर तथा अज्ञानता के कारण बहुजन समाज के कुछ लोग मनुवाद के बहकावे में आकर ढोंग,पाखंड, जादू,टोने, टोटके,भूत,प्रेत, चुड़ैल, पूजा,पाठ,अजान,हवन, तंत्र,मंत्र, जादू ,आडंबर कर्मकाण्ड, अंधविश्वास को मानते हैं । यह एक बड़ी सामाजिक समस्या है। बहुजन मुक्ति पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता राज़ुद्दीन गादरे ने कहा कि यदि कोई व्यक्ति आपसे पूछे कि आप क्यों नहीं मानते? तो आप उसे बता देना कि जब हमारे बहुजन महापुरुषों ने इसे नहीं माना,तो हम क्यों मानें.? हम तो बाबा साहब के बनाए भारतीय संविधान और शैक्षिक विज्ञान दृष्टिकोण वाले है ।जिनको अभी भी अज्ञानता हो वह लोग भारत के बहुजन समाज के इन बहुजन नायक नायिकाओं के इतिहास और उनके विचारों को ठीक से पढ़े। तथागत बुद्ध और मुहम्मद साहब को ठीक से पढ़े और उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। संत कबीर रैदास परियार को ठीक से पढ़ें और उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। छत्रपति शाहूजी महाराज को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। राष्ट्रपिता ज्योतिबा फुले, सिंबल ऑफ नॉलेज डा भीमराव अम्बेडकर ललाई सिंह जी को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। जगदेव प्रसाद कुशवाह दादा गाडगे महाराज को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। क्रांतिकारी भगतसिंह उधम सिंह को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। सावित्री बाई फुले मान्यवर कांशीराम जी को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। क्रान्तिकारी बीरसा मुंडा को ठीक पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। सम्राट अशोक को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। झलकारी बाई को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। उदादेवी पासी को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। रमाबाई को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। वीरांगना अहिल्याबाई को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। फातिमा शेख को पढ़ो पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। पहले जानो और फिर मानो अंधभक्त बनकर देश को बर्बाद मत करो न होने दो देश विक्रेताओं के बहकावे में आकर गुलाम ही बन सकते है। सिख हिंदू मुस्लिम आदिवासी जैन पारसी आदि सब एक होकर मनुवादी ताकतों को खत्म कर समता समानता न्याय बंधुता और स्वतंत्रता पर आधारित देश और समाज का निर्माण करने में बहुजन मुक्ति पार्टी का साथ सहयोग करें।
आपके हमारे पैरों में जूती चप्पल भले ना हो हमारे बच्चों के हाथों में किताबें होने चाहिए अंबेडकरवादी विचारधारा फूल मालाओं में नहीं किताबों में मिलती है 22 प्रतिज्ञाओं को जीवन में उतरे-- राजूदिन गाडरे *अंबेडकरवादी विचारधारा को अपनाओ! फूलमालाओं में नही बल्कि किताबो ढूंढो और डॉ साहब की 22 प्रतिज्ञाओं को जीवन में उतारें-गादरे* .मेरठ --14 अप्रैल को डीजे या डोल नगाड़े बजाकर नशीले पदार्थों का सेवन करने से अंबेडकरवादी नहीं बन जाते। असली अंबेडकरवादी वही हैं जो अंबेडकरवाद पर यानी डॉ साहब सिंबल ऑफ नॉलेज की “22 प्रतिज्ञाओं को अपनाकर जीवन में फॉलो करते हैं” और फर्जी अंबेडकरवादी वह लोग हैं जो “गांधीवाद और गोलवलकर वाद पर मनुवादी विचारधारा नत्मस्तक हैं”। अम्बेडकर जन्म जयंती पर एक कार्यक्रम डॉ भीमराव अंबेडकर जन कल्याण समिति के तत्वावधान में ग्राम किनानगर मेरठ में आयोजित की गई जिसकी अध्यक्षता समिति अध्यक्ष सम्राट कपिल कुमार ने की और संचालन मोनू सिंह ने किया। मुख्य अतिथि राजुद्दीन गादरे राष्ट्रीय प्रवक्ता बहुजन मुक्ति पार्टी ने अपने वक्तव्य में लोगों से महापुरूषों के इतिहास को
पढ़ने और समझकर उनके आदर्शों पर चलने की अपील की डॉ साहब भीमराव अंबेडकर सिंबल ऑफ नॉलेज की 22 प्रतिज्ञाओं को जीवन में शपथ लेकर विचारधारा पर चलने का अनुरोध किया। आगे कहा कि बाबा साहब अंबेडकर जी को ना मानने वाले एवं डर तथा अज्ञानता के कारण बहुजन समाज के कुछ लोग मनुवाद के बहकावे में आकर ढोंग,पाखंड, जादू,टोने, टोटके,भूत,प्रेत, चुड़ैल, पूजा,पाठ,अजान,हवन, तंत्र,मंत्र, जादू ,आडंबर कर्मकाण्ड, अंधविश्वास को मानते हैं । यह एक बड़ी सामाजिक समस्या है। बहुजन मुक्ति पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता राज़ुद्दीन गादरे ने कहा कि यदि कोई व्यक्ति आपसे पूछे कि आप क्यों नहीं मानते? तो आप उसे बता देना कि जब हमारे बहुजन महापुरुषों ने इसे नहीं माना,तो हम क्यों मानें.? हम तो बाबा साहब के बनाए भारतीय संविधान और शैक्षिक विज्ञान दृष्टिकोण वाले है ।जिनको अभी भी अज्ञानता हो वह लोग भारत के बहुजन समाज के इन बहुजन नायक नायिकाओं के इतिहास और उनके विचारों को ठीक से पढ़े।
तथागत बुद्ध और मुहम्मद साहब को ठीक से पढ़े और उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। संत कबीर रैदास परियार को ठीक से पढ़ें और उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। छत्रपति शाहूजी महाराज को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। राष्ट्रपिता ज्योतिबा फुले, सिंबल ऑफ नॉलेज डा भीमराव अम्बेडकर ललाई सिंह जी को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। जगदेव प्रसाद कुशवाह दादा गाडगे महाराज को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। क्रांतिकारी भगतसिंह उधम सिंह को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। सावित्री बाई फुले मान्यवर कांशीराम जी को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। क्रान्तिकारी बीरसा
मुंडा को ठीक पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। सम्राट अशोक को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। झलकारी बाई को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। उदादेवी पासी को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। रमाबाई को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। वीरांगना अहिल्याबाई को ठीक से पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। फातिमा शेख को पढ़ो पढ़ें एवं उनके विचारों एवं सिद्धांतों को जीवन में उतारें। पहले जानो और फिर मानो अंधभक्त बनकर देश को बर्बाद मत करो न होने दो देश विक्रेताओं के बहकावे में आकर गुलाम ही बन सकते है। सिख हिंदू मुस्लिम आदिवासी जैन पारसी आदि सब एक होकर मनुवादी ताकतों को खत्म कर समता समानता न्याय बंधुता और स्वतंत्रता पर आधारित देश और समाज का निर्माण करने में बहुजन मुक्ति पार्टी का साथ सहयोग करें।
- Uttar Kumar tv show1
- पुलिस मामले की जांच में जुड़ गई है8
- Post by PARUL SIROHI ( M.M.PARBHARI)1
- गढ़मुक्तेश्वर क्षेत्र के ग्राम वैट में समाजवादी पार्टी द्वारा आयोजित पीडीए चौपाल में बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों की भीड़ देखने को मिली। कार्यक्रम में पूर्व कैबिनेट मंत्री नसीमुद्दीन सिद्दीकी, जिला अध्यक्ष आनंद गुर्जर और राष्ट्रीय प्रवक्ता एडवोकेट सुधीर चौहान मुख्य आकर्षण का केंद्र रहे। नेताओं ने 2027 चुनाव को लेकर बड़ा दावा करते हुए कहा कि प्रदेश में बदलाव की लहर है और समाजवादी पार्टी मजबूत स्थिति में है। चौपाल के दौरान कार्यकर्ताओं से संगठन को मजबूत करने और हर वर्ग तक पार्टी की नीतियां पहुंचाने का आह्वान किया गया। यह कार्यक्रम क्षेत्र में सपा की बढ़ती सक्रियता और जनसमर्थन का संकेत देता नजर आया।1
- battery inverter ke liye love battery babugarh chhavni Urvashi medical Urvashi store ke barabar wali Gali mein hai Nai battery V inverter ke liye sampark Karen1
- कश्यप निषाद मल्लाह केवट महार समाज की 17 उपजातियों में से एक महार जाति बाबा साहब भीमराव अंबेडकर जी की पहचान संविधान के पन्नो के लेखों में किया वर्णन किया हुआ है कश्यप निषाद को गर्व है की बाबा साहब भीमराव अंबेडकर जी का इतिहास कश्यप निषाद समाज की उपजातियो में से है1
- राजधानी लखनऊ के विकासनगर इलाके में बुधवार शाम लगी भीषण आग ने सैकड़ों परिवारों की जिंदगी तबाह कर दी। आग इतनी तेजी से फैली कि देखते ही देखते 250 से अधिक झोपड़ियां जलकर राख हो गईं। लोगों की पूरी गृहस्थी, जरूरी सामान और जीवनभर की जमा पूंजी पल भर में खाक हो गई।(Fire | Lucknow | Vikas Nagar | Uttarpradesh)1
- भारत में रेप क्यों होते हैं1