विभावि शिक्षाशास्त्र विभाग में डॉ. कृष्ण कुमार गुप्ता को भावभीनी विदाई, सम्मान और भावनाओं से भरा समारोह विनोबा भावे विश्वविद्यालय के शिक्षाशास्त्र विभाग में आयोजित डॉ. कृष्ण कुमार गुप्ता के विदाई समारोह में सम्मान, आत्मीयता और भावनाओं का अनूठा संगम देखने को मिला। समारोह में विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों के अध्यक्ष, शिक्षक, कर्मचारी, शोधार्थी, पूर्व विद्यार्थी और परिजनों की उपस्थिति ने कार्यक्रम को यादगार बना दिया। विनोबा भावे विश्वविद्यालय के शिक्षाशास्त्र विभाग में आयोजित विदाई समारोह डॉ. कृष्ण कुमार गुप्ता के प्रति लोगों के सम्मान और स्नेह का जीवंत उदाहरण बन गया। कार्यक्रम में उनकी धर्मपत्नी श्रीमती जयंती गुप्ता, बेटी, दोनों पुत्र और पूरा परिवार मौजूद रहा। समारोह के दौरान उन्हें इतने सुंदर गुलदस्ते और उपहार भेंट किए गए कि उपस्थित लोगों ने इसे विश्वविद्यालय के किसी भी विभाग में पहले कभी नहीं देखा गया सम्मान बताया। विश्वविद्यालय के लगभग सभी विभागाध्यक्ष, शिक्षक, कर्मचारी, शोधार्थी और पूर्व विद्यार्थियों ने समारोह में भाग लिया। हिंदी विभाग के कई पूर्व विभागाध्यक्ष भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। जब डॉ. गुप्ता और उनकी धर्मपत्नी को संबोधन के लिए मंच पर आमंत्रित किया गया, तो पूरा सभागार उनके सम्मान में खड़ा हो गया। पूर्व छात्रा अनु कुमारी ने कहा कि "सर पीपल के वृक्ष की तरह थे, जो सभी को आश्रय और स्नेह देते थे।" वहीं पूर्व विद्यार्थी उज्जवल ने भावुक होकर कहा, "आपके साथ यह मौसम फरिश्तों जैसा था, आपके बाद यह मौसम बहुत सताएगा।" दीपिका, अनुपम और कनक सहित कई पूर्व विद्यार्थियों ने डॉ. गुप्ता को एक आदर्श शिक्षक, मार्गदर्शक और अभिभावक बताते हुए उनके योगदान को अविस्मरणीय बताया।
विभावि शिक्षाशास्त्र विभाग में डॉ. कृष्ण कुमार गुप्ता को भावभीनी विदाई, सम्मान और भावनाओं से भरा समारोह विनोबा भावे विश्वविद्यालय के शिक्षाशास्त्र विभाग में आयोजित डॉ. कृष्ण कुमार गुप्ता के विदाई समारोह में सम्मान, आत्मीयता और भावनाओं का अनूठा संगम देखने को मिला। समारोह में विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों के अध्यक्ष, शिक्षक, कर्मचारी, शोधार्थी, पूर्व विद्यार्थी और परिजनों की उपस्थिति ने कार्यक्रम को यादगार बना दिया। विनोबा भावे विश्वविद्यालय के शिक्षाशास्त्र विभाग में आयोजित विदाई समारोह डॉ. कृष्ण कुमार गुप्ता के प्रति लोगों के सम्मान और स्नेह
का जीवंत उदाहरण बन गया। कार्यक्रम में उनकी धर्मपत्नी श्रीमती जयंती गुप्ता, बेटी, दोनों पुत्र और पूरा परिवार मौजूद रहा। समारोह के दौरान उन्हें इतने सुंदर गुलदस्ते और उपहार भेंट किए गए कि उपस्थित लोगों ने इसे विश्वविद्यालय के किसी भी विभाग में पहले कभी नहीं देखा गया सम्मान बताया। विश्वविद्यालय के लगभग सभी विभागाध्यक्ष, शिक्षक, कर्मचारी, शोधार्थी और पूर्व विद्यार्थियों ने समारोह में भाग लिया। हिंदी विभाग के कई पूर्व विभागाध्यक्ष भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। जब डॉ. गुप्ता और उनकी धर्मपत्नी को संबोधन
के लिए मंच पर आमंत्रित किया गया, तो पूरा सभागार उनके सम्मान में खड़ा हो गया। पूर्व छात्रा अनु कुमारी ने कहा कि "सर पीपल के वृक्ष की तरह थे, जो सभी को आश्रय और स्नेह देते थे।" वहीं पूर्व विद्यार्थी उज्जवल ने भावुक होकर कहा, "आपके साथ यह मौसम फरिश्तों जैसा था, आपके बाद यह मौसम बहुत सताएगा।" दीपिका, अनुपम और कनक सहित कई पूर्व विद्यार्थियों ने डॉ. गुप्ता को एक आदर्श शिक्षक, मार्गदर्शक और अभिभावक बताते हुए उनके योगदान को अविस्मरणीय बताया।
- चलकुशा में हाथियों की लगातार मौजूदगी, वन विभाग ने जारी की सतर्कता अपील चलकुशा में हाथियों की लगातार मौजूदगी, वन विभाग ने जारी की सतर्कता अपील1
- *उप विकास आयुक्त, हजारीबाग श्रीमती रिया सिंह की अपील।*1
- हज़ारीबाग में गूंजेगी शास्त्रीय सुरों की दिव्य धुन स्वर भारती का 19वां वार्षिकोत्सव 2 अगस्त को, देश-विदेश के नामचीन कलाकारों संग 100 से अधिक बाल-युवा साधक बिखेरेंगे संगीत का जादू हज़ारीबाग, 29 जुलाई। झारखंड का हज़ारीबाग एक बार फिर भारतीय शास्त्रीय संगीत की सुरमयी परंपरा का साक्षी बनने जा रहा है। स्वर भारती म्यूजिक एकेडमी अपने 19वें वार्षिकोत्सव के अवसर पर 2 अगस्त को भव्य संगीत संध्या आयोजित करेगी। द पैराडाइज रिज़ॉर्ट में होने वाले इस विशेष आयोजन में अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त कलाकारों की प्रस्तुतियों के साथ संस्था के 100 से अधिक बाल एवं युवा साधक अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन करेंगे। भारतीय शास्त्रीय संगीत को समर्पित इस आयोजन में सितार, सरोद, तबला और शास्त्रीय गायन की मनमोहक प्रस्तुतियां मुख्य आकर्षण रहेंगी। पांच अंतरराष्ट्रीय कलाकार अपनी कला से संगीत प्रेमियों को मंत्रमुग्ध करेंगे। वहीं युवा साधकों की प्रस्तुतियां गुरु-शिष्य परंपरा और नई पीढ़ी में संगीत के प्रति बढ़ते लगाव को दर्शाएंगी। यह वार्षिकोत्सव संस्था के दिवंगत पिता एवं राष्ट्रीय रंगकर्मी स्वर्गीय निशी कांत सिंह की स्मृति को समर्पित है। पिछले करीब दो दशकों से स्वर भारती म्यूजिक एकेडमी हज़ारीबाग में भारतीय संगीत संस्कृति को समृद्ध करने और उभरती प्रतिभाओं को मंच प्रदान करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। संस्था के निदेशक ने कहा कि संगीत केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि संस्कार, साधना और आत्मिक उन्नति का माध्यम है। यह वार्षिकोत्सव भारतीय सांस्कृतिक विरासत, गुरु-शिष्य परंपरा और युवा प्रतिभाओं के सुंदर संगम का प्रतीक है। कार्यक्रम एक नजर में दिनांक: 2 अगस्त 2026, रविवार समय: अपराह्न 1:00 बजे स्थान: द पैराडाइज रिज़ॉर्ट, हज़ारीबाग स्वर भारती म्यूजिक एकेडमी ने शहरवासियों, अभिभावकों और संगीत प्रेमियों से इस भव्य संगीत संध्या में सपरिवार शामिल होकर कलाकारों एवं युवा प्रतिभाओं का उत्साहवर्धन करने की अपील की है।4
- बंदूक से हुनर तक: हजारीबाग में आत्मसमर्पित नक्सलियों के लिए नई शुरुआत 80 दिनों के प्रशिक्षण में पोल्ट्री फार्मिंग और सिलाई-कटिंग सीखेंगे 60 बंदी, रोजगार से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाने की जिला प्रशासन की पहल।1
- bhurkunda Manali saaf karne ki Yojana Bhavan Karmali Thekedar Ne Karai saaf Safai reports by shabanm ara1
- sfhhhjnbbnjjkjkjnnhhjjjjuhhgcccfgggggghnbnnkiuuiokkjuytyu ghjii1
- उप विकास आयुक्त, हजारीबाग श्रीमती रिया सिंह की अपील। उप विकास आयुक्त, हजारीबाग श्रीमती रिया सिंह की अपील। उप विकास आयुक्त, हजारीबाग श्रीमती रिया सिंह की अपील।1
- हजारीबाग में पुलिस-प्रिंस खान गैंग के बीच मुठभेड़, एक बदमाश घायल हजारीबाग में पुलिस-प्रिंस खान गैंग के बीच मुठभेड़, एक बदमाश घायल1