आज देश भर में ईद-उल-अज़हा का त्यौहार अमन-ओ-सुकून के साथ मनाया गया। इस अवसर पर बरेली शहर में भी सुबह से ही ईदगाह और सभी छोटी-बड़ी मस्जिदों में नमाज़ियों की भीड़ उमड़ पड़ी। नमाज़ अदा करने के बाद लोगों ने एक-दूसरे से गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी और हिंदुस्तान में अमन व खुशहाली के लिए खुसूसी दुआएं कीं। इसके बाद हज़रत इब्राहीम अल्हेअस्सलाम की सुन्नत अदा करते हुए शरई मालदार मुसलमानों ने अल्लाह की राह में जानवरों की कुर्बानी दी, जिसका सिलसिला तीन दिनों तक यानी 28, 29 और 30 मई को सूर्यास्त तक जारी रहेगा। बरेली शहर में मुख्य नमाज़ बाकरगंज स्थित ईदगाह में सुबह 10.00 बजे क़ाज़ी-ए-हिंदुस्तान मुफ़्ती असजद रज़ा क़ादरी (असजद मिया) ने अदा कराई। नमाज़ के बाद उन्होंने खुत्बा पढ़ा और खुसूसी दुआ की, जिसके बाद सभी से गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी। इस मौके पर ईदगाह में क़ाज़ी-ए-हिंदुस्तान के दामाद और जमात रज़ा मुस्तफ़ा के राष्ट्रीय महासचिव फरमान हसन ख़ान (फरमान मियाँ) ने भी सभी को मुबारकबाद देते हुए विशेष संदेश दिया। उन्होंने कहा कि कुर्बानी करते समय हमवतन भाइयों की आस्था का ख्याल रखते हुए खुले में कुर्बानी न करें और साफ-सफाई का खास ख्याल रखें। ईदगाह कमेटी के सदर ख़लील अहमद ने भी लोगों को गले मिलकर मुबारकबाद दी। ईदगाह समेत सभी मस्जिदों में इमामों ने हज़रत इब्राहीम और हज़रत ईस्माइल अल्हेअस्सलाम की कुर्बानी का मशहूर वाक़या बयान करते हुए कहा कि ज़रूरत पड़ने पर मुसलमान अल्लाह की राह में अपनी सबसे प्यारी चीज़ कुर्बान करने में पीछे न रहें। शहर में सबसे पहले बाज़ार संदल स्थित दरगाह वली मियां की चांद मस्जिद और ज़ख़ीरा की दुलिया वाली मस्जिद में सुबह 5 बजकर 40 मिनट पर नमाज़ अदा की गई। दरगाह आला हज़रत मीडिया प्रभारी नासिर कुरैशी के अनुसार, सबसे आखिर में दरगाह आला हज़रत स्थित रज़ा मस्जिद में मुफ्ती ज़ईम रज़ा ने सुबह 10.30 बजे नमाज़ अदा कराई, जहाँ अल्लामा तौसीफ रज़ा खान (तौसीफ मियां) ने खुसूसी दुआ की। यहाँ दरगाह प्रमुख हज़रत सुब्हानी मियां और सज्जादानशीन मुफ़्ती अहसन मियां समेत खानदान के बुजुर्गों और बड़ी संख्या में लोगों ने नमाज़ अदा कर एक-दूसरे को ईद की मुबारकबाद दी। इसके अतिरिक्त, गढ़ी चौकी स्थित गढ़ी मस्जिद में दो शिफ्टों में नमाज़ अदा की गई, पहली सुबह सात बजे और दूसरी साढ़े सात बजे। दरगाह ताजुशशरिया पर 6.30 बजे, दरगाह शाह शराफ़त अली मिया में 6.45 बजे, खानकाह-ए-वामिकिया निशातिया में 7.30 बजे, खानकाह-ए-नियाज़िया, दरगाह बशीर मियां और दरगाह रफ़ीकुल औलिया में 8.30 बजे, तथा किला की जामा मस्जिद, नौमहला मस्जिद और दरगाह शाहदाना वली पर 9.00 बजे नमाज़ अदा की गई। कुर्बानी के बाद घरों में दावतों का सिलसिला शुरू हुआ, जहाँ सेवई के साथ तरह-तरह के पकवान बनाए गए, जो देर रात तक जारी रहे। इस प्रकार, पूरे बरेली शहर में ईद-उल-अज़हा की नमाज़ अमन-ओ-सुकून और आपसी भाईचारे के साथ अदा की गई, जहाँ लोगों ने एक-दूसरे को गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी।
आज देश भर में ईद-उल-अज़हा का त्यौहार अमन-ओ-सुकून के साथ मनाया गया। इस अवसर पर बरेली शहर में भी सुबह से ही ईदगाह और सभी छोटी-बड़ी मस्जिदों में नमाज़ियों की भीड़ उमड़ पड़ी। नमाज़ अदा करने के बाद लोगों ने एक-दूसरे से गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी और हिंदुस्तान में अमन व खुशहाली के लिए खुसूसी दुआएं कीं। इसके बाद हज़रत इब्राहीम अल्हेअस्सलाम की सुन्नत अदा करते हुए शरई मालदार मुसलमानों ने अल्लाह की राह में जानवरों की कुर्बानी दी, जिसका सिलसिला तीन दिनों तक यानी 28, 29 और 30 मई को सूर्यास्त तक जारी रहेगा। बरेली शहर में मुख्य नमाज़ बाकरगंज स्थित ईदगाह में सुबह 10.00 बजे क़ाज़ी-ए-हिंदुस्तान मुफ़्ती असजद रज़ा क़ादरी (असजद मिया) ने अदा कराई। नमाज़ के बाद उन्होंने खुत्बा पढ़ा और खुसूसी दुआ की, जिसके बाद सभी से गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी। इस मौके पर ईदगाह में क़ाज़ी-ए-हिंदुस्तान के दामाद और जमात रज़ा मुस्तफ़ा के राष्ट्रीय महासचिव फरमान हसन ख़ान (फरमान मियाँ) ने भी सभी को मुबारकबाद देते हुए विशेष संदेश दिया। उन्होंने कहा कि कुर्बानी करते समय हमवतन भाइयों की आस्था का ख्याल रखते हुए खुले में कुर्बानी न करें और साफ-सफाई का खास ख्याल रखें। ईदगाह कमेटी के सदर ख़लील अहमद ने भी लोगों को गले मिलकर मुबारकबाद दी। ईदगाह समेत सभी मस्जिदों में इमामों ने हज़रत इब्राहीम और हज़रत ईस्माइल अल्हेअस्सलाम की कुर्बानी का मशहूर वाक़या बयान करते हुए कहा कि ज़रूरत पड़ने पर मुसलमान अल्लाह की राह में अपनी सबसे प्यारी चीज़ कुर्बान करने में पीछे न रहें। शहर में सबसे पहले बाज़ार संदल स्थित दरगाह वली मियां की चांद मस्जिद और ज़ख़ीरा की दुलिया वाली मस्जिद में सुबह 5 बजकर 40 मिनट पर नमाज़ अदा की गई। दरगाह आला हज़रत मीडिया प्रभारी नासिर कुरैशी के अनुसार, सबसे आखिर में दरगाह आला हज़रत स्थित रज़ा मस्जिद में मुफ्ती ज़ईम रज़ा ने सुबह 10.30 बजे नमाज़ अदा कराई, जहाँ अल्लामा तौसीफ रज़ा खान (तौसीफ मियां) ने खुसूसी दुआ की। यहाँ दरगाह प्रमुख हज़रत सुब्हानी मियां और सज्जादानशीन मुफ़्ती अहसन मियां समेत खानदान के बुजुर्गों और बड़ी संख्या में लोगों ने नमाज़ अदा कर एक-दूसरे को ईद की मुबारकबाद दी। इसके अतिरिक्त, गढ़ी चौकी स्थित गढ़ी मस्जिद में दो शिफ्टों में नमाज़ अदा की गई, पहली सुबह सात बजे और दूसरी साढ़े सात बजे। दरगाह ताजुशशरिया पर 6.30 बजे, दरगाह शाह शराफ़त अली मिया में 6.45 बजे, खानकाह-ए-वामिकिया निशातिया में 7.30 बजे, खानकाह-ए-नियाज़िया, दरगाह बशीर मियां और दरगाह रफ़ीकुल औलिया में 8.30 बजे, तथा किला की जामा मस्जिद, नौमहला मस्जिद और दरगाह शाहदाना वली पर 9.00 बजे नमाज़ अदा की गई। कुर्बानी के बाद घरों में दावतों का सिलसिला शुरू हुआ, जहाँ सेवई के साथ तरह-तरह के पकवान बनाए गए, जो देर रात तक जारी रहे। इस प्रकार, पूरे बरेली शहर में ईद-उल-अज़हा की नमाज़ अमन-ओ-सुकून और आपसी भाईचारे के साथ अदा की गई, जहाँ लोगों ने एक-दूसरे को गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी।
- बरेली में ईद उल अजहा यानी बकरीद का पर्व रविवार को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में मनाया गया। शहर की प्रमुख दरगाह खानकाहे नियाजिया में सज्जादनशीन मेंहदी मियां ने ईद की नमाज अदा कराई, जहां बड़ी संख्या में अकीदतमंदों ने मुल्क में अमन और खुशहाली की दुआ मांगी। ईद के मौके पर जिलेभर में सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रही। प्रशासन ने सड़कों पर नमाज और प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी को लेकर विशेष सतर्कता बरती। सभी प्रमुख मस्जिदों के बाहर पुलिस बल के साथ खुफिया टीमों को भी तैनात किया गया। इससे पहले, पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने मुस्लिम धर्मगुरुओं के साथ बैठक कर उनसे सड़क पर नमाज न पढ़ने तथा प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी न करने की अपील की थी। प्रशासन के अनुसार, जिले में केवल निर्धारित स्थानों पर ही कुर्बानी की अनुमति दी गई। सार्वजनिक स्थलों पर कुर्बानी और किसी नई परंपरा की शुरुआत पर पूरी तरह से रोक रखी गई। वहीं, कुर्बानी के बाद साफ-सफाई व्यवस्था बनाए रखने के लिए नगर निगम, नगर पालिका और नगर पंचायतों की टीमें अलर्ट मोड पर रहीं, ताकि अवशेषों का तत्काल निस्तारण कराया जा सके। फिलहाल, शहर की सभी मस्जिदों में भारी सुरक्षा व्यवस्था के बीच नमाज अदा की जा रही है।1
- बरेली में उद्योग व्यापार सुरक्षा मंडल के पदाधिकारियों, युवा व्यापारियों और उनके सहयोगियों ने संगठन के अध्यक्ष गौरव सक्सेना से आगामी विधानसभा चुनाव 2027 में 124 शहर विधानसभा बरेली सीट से चुनाव लड़ने का आग्रह किया है। उपस्थित लोगों ने जनहित के मुद्दों पर उनकी लगातार आवाज उठाने की क्षमता को देखते हुए उन्हें एक संघर्षशील और शिक्षित युवा चेहरा बताया और पूर्ण समर्थन व्यक्त किया। इस दौरान, गौरव सक्सेना ने अपनी बात रखते हुए कहा कि वर्तमान राजनीतिक व्यवस्था में आम युवाओं को संघर्ष का सामना करना पड़ रहा है, क्योंकि राजनीति पर पूंजीपतियों का प्रभाव लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक दल भी इस व्यवस्था को बढ़ावा दे रहे हैं, जिसके कारण आम नागरिकों तक मूलभूत सुविधाएँ नहीं पहुँच पा रही हैं। सक्सेना ने बताया कि शहर के युवा, व्यापारी और सहयोगी उनसे अपेक्षा कर रहे हैं कि वे 2027 में शहर विधानसभा बरेली से चुनाव मैदान में उतरें ताकि बरेली में आवश्यक बदलाव लाया जा सके। उनका मुख्य उद्देश्य एक ऐसा वातावरण बनाना है जहाँ व्यापार, रोजगार, शिक्षा, सुरक्षा और समृद्धि हर घर तक पहुँच सके। कई युवा व्यापारियों और सहयोगियों ने गौरव सक्सेना के समर्थन में अपनी बात रखी। युवा व्यापारी दिलीप खुराना ने कहा कि ऐसे युवाओं को आगे लाना महत्वपूर्ण है जिन्होंने जनता के बीच रहकर उनकी आवाज उठाई हो। रौनक जॉली ने जोर देकर कहा कि गौरव सक्सेना लंबे समय से बिना किसी राजनीतिक संरक्षण के जनहित में कार्य करते आ रहे हैं और अब बरेली बदलाव चाहता है। शिवम सक्सेना ने वर्तमान परिस्थितियों पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि आज का युवा महँगाई और सीमित अवसरों के दौर में संघर्ष कर रहा है, ऐसे समय में युवाओं को स्वयं आगे आकर जिम्मेदारी लेनी होगी। चेतन गुजराल ने गौरव सक्सेना की मेहनत और जनसंपर्क के बल पर बनी पहचान को सराहा और कहा कि ऐसे जमीनी व्यक्तित्व को आगे लाना चाहिए। अमित कंचन ने बताया कि गौरव सक्सेना शहर में शिक्षा, स्वास्थ्य और जनसमस्याओं को लेकर लगातार आवाज उठाते रहे हैं और बदलाव के लिए अब युवाओं को अवसर देना आवश्यक है। इस अवसर पर वरिष्ठ व्यापारी रचित जौहरी, अंकित खंडूजा, आकाश शर्मा, पुनीत अनेजा, केतन अरोड़ा, शिशिर श्रीवास्तव, गुलशन डंग, राहुल वर्मा, अनूप गुप्ता, शैलेंद्र सिंह, नवीन राजपूत, गिरीश यादव, ऋषि वर्मा, तनवीर खान सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे।2
- जनपद पीलीभीत के कस्बा बिलसंडा स्थित वमरौली तिराहे पर गुरुवार को दिनदहाड़े गोलीबारी की घटना से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और घायल युवक को उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया। उसकी गंभीर हालत को देखते हुए उसे हायर सेंटर रेफर किया गया था, जहाँ इलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई। इस गंभीर मामले का संज्ञान लेते हुए, पुलिस अधीक्षक पीलीभीत ने बताया कि पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान कर रही है। घटना का खुलासा करने और अभियुक्तों को गिरफ्तार करने के लिए पुलिस की पाँच टीमों का गठन किया गया है। पुलिस ने यह भी आश्वासन दिया है कि जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर घटना का सफल अनावरण किया जाएगा। घटना के बाद से क्षेत्र में पुलिस बल तैनात कर निगरानी बढ़ा दी गई है।1
- ठिरिया निजावत खा के चैयरमैन इमरान खान ने ईद उल अजहा के अवसर पर क्षेत्र के सभी निवासियों को दिल से मुबारकबाद दी है।1
- बरेली के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री अनुराग आर्य ने ईद-उल-अजहा (बकरीद) के दृष्टिगत जनपद में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एक बयान जारी किया है। उन्होंने बताया कि इस पर्व के मद्देनजर जिले में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है, जिसके तहत पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया है और पुलिस द्वारा लगातार गश्त तथा निगरानी की जा रही है।1
- बरेली के सिरौली थाना क्षेत्र में एक युवती की संदिग्ध मौत के मामले का खुलासा हुआ है। इस संबंध में एक अधिकारी ने जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस ने दो आरोपियों को हिरासत में लिया है। मीरगंज के सीओ ने इस मामले को लेकर एक बड़ा बयान भी दिया है, जिसके बाद युवती की मौत से जुड़े इस मामले में दो गिरफ्तारियां हुई हैं।1
- बरेली के थाना सुभाष नगर क्षेत्र में एक युवक को सुबह खेत पर जाते समय सांप ने डस लिया। इटउआ सुखदेवपुर गांव निवासी 20 वर्षीय सानू यादव पुत्र अवधेश यादव अपने खेत की ओर जा रहा था, तभी रास्ते में मेड के पास बैठे एक सांप ने उसके पैर में काट लिया। सांप के डसने के बाद सानू यादव तुरंत भागकर अपने घर पहुंचा और परिवारजनों को घटना के बारे में बताया। उसकी हालत बिगड़ने लगी, जिसके बाद परिवार वाले उसे तुरंत जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। डॉक्टरों ने सानू यादव को अस्पताल में भर्ती कर लिया है और उसका इलाज शुरू कर दिया है। बताया गया है कि सानू यादव का इलाज इमरजेंसी वार्ड में चल रहा है।3
- बरेली से मिली खबर के अनुसार, आल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रज़वी बरेलवी ने कतर के अल जजीरा चैनल पर प्रसारित एक खबर पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। मौलाना ने स्पष्ट रूप से कहा कि भारत में मुसलमान पूरी तरह से आज़ाद हैं और वे अपनी आज़ादी के साथ अपने त्योहार मनाते हैं। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि आज बकरीद की नमाज़ और कुर्बानी का त्योहार देश में शानदार तरीके से मनाया गया।1
- डिंडोरी में एक फरार ट्रक और उसके चालक की रफ्तार से संबंधित मामले में जांच जारी है। इस घटना के संबंध में डिंडोरी रेड क्रॉस की ओर से सहायता का ऐलान भी किया गया है।1