बाराबंकी के सांसद माननीय तनुज पुनिया जी के अथक प्रयास आखिरकार रंग लाए हैं, जिसके परिणामस्वरूप लोकसभा में किसानों के हित से जुड़े उनके दो महत्वपूर्ण मुद्दों पर कार्रवाई हुई। उन्होंने मेंथा किसानों के लिए उचित दरों और खरबूजे के बीज में गड़बड़ी तथा अधिक कीमत के मुद्दों को प्रभावी ढंग से सदन में उठाया था। सांसद पुनिया के हस्तक्षेप से इस वर्ष खरबूजा बोने वाले किसानों को उचित मूल्य पर गुणवत्ता युक्त बीज उपलब्ध हो सका, जिससे उनकी आय में वृद्धि हुई। इसी तरह, बाराबंकी जनपद की एक प्रमुख फसल मेंथा के किसानों की स्थिति भी सुधरी। पिछले 10-12 वर्षों से मेंथा का रेट 900 से 1000 रुपये के बीच स्थिर था, जिससे किसानों की माली हालत खराब हो रही थी और वे इस फसल से विमुख हो रहे थे। 2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान, तनुज पुनिया जी ने बाराबंकी की जनता से वादा किया था कि मौका मिलने पर वे मेंथा के लिए संसद में लड़ाई लड़ेंगे और बेहतर मूल्य दिलाने का प्रयास करेंगे। उनके निरंतर प्रयासों के बाद, सरकार झुकी, जिससे प्राकृतिक मेंथा और सिंथेटिक मेंथा के लिए अलग-अलग एचएसएन कोड निर्धारित हो सके। इस बदलाव से व्यापारी वर्ग और संबंधित मैन्युफैक्चरिंग कंपनियों ने सिंथेटिक मेंथा के बजाय प्राकृतिक मेंथा की खरीद को प्राथमिकता दी, जिसके फलस्वरूप इसके मूल्य में वृद्धि होने लगी। इसके अतिरिक्त, सांसद जी ने इस पर लगने वाले जीएसटी पर भी सवाल उठाए थे, जिसके परिणामस्वरूप प्राकृतिक मेंथा पर 5% और सिंथेटिक मेंथा पर 18% जीएसटी लागू हुई। इस निर्णय का भी मेंथा की दरों में बढ़ोतरी पर बहुत बड़ा प्रभाव पड़ा है। किसान वर्ग सांसद पुनिया का बहुत आभारी है कि उनके छोटे से प्रयास से उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार आया है। किसानों ने भविष्य में आलू किसानों के लिए भी एक ठोस योजना बनाए जाने की अपील की है, ताकि उन्हें भी घाटा न उठाना पड़े और उनकी फसल का एक निश्चित मूल्य निर्धारित हो सके। ब्यूरो चीफ रामानंद सागर के अनुसार, सांसद तनुज पुनिया के प्रयासों के कारण इस बार मेंथा किसानों को और भी अच्छे रेट मिलने की संभावना है।
बाराबंकी के सांसद माननीय तनुज पुनिया जी के अथक प्रयास आखिरकार रंग लाए हैं, जिसके परिणामस्वरूप लोकसभा में किसानों के हित से जुड़े उनके दो महत्वपूर्ण मुद्दों पर कार्रवाई हुई। उन्होंने मेंथा किसानों के लिए उचित दरों और खरबूजे के बीज में गड़बड़ी तथा अधिक कीमत के मुद्दों को प्रभावी ढंग से सदन में उठाया था। सांसद पुनिया के हस्तक्षेप से इस वर्ष खरबूजा बोने वाले किसानों को उचित मूल्य पर गुणवत्ता युक्त बीज उपलब्ध हो सका, जिससे उनकी आय में वृद्धि हुई। इसी तरह, बाराबंकी जनपद की एक प्रमुख फसल मेंथा के किसानों की स्थिति भी सुधरी। पिछले 10-12 वर्षों से मेंथा का रेट 900 से 1000 रुपये के बीच स्थिर था, जिससे किसानों की माली हालत खराब हो रही थी और वे इस फसल से विमुख हो रहे थे। 2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान, तनुज पुनिया जी ने बाराबंकी की जनता से वादा किया था कि मौका मिलने पर वे मेंथा के लिए संसद में लड़ाई लड़ेंगे और बेहतर मूल्य दिलाने का प्रयास करेंगे। उनके निरंतर प्रयासों के बाद, सरकार झुकी, जिससे प्राकृतिक मेंथा और सिंथेटिक मेंथा के लिए अलग-अलग एचएसएन कोड निर्धारित हो सके। इस बदलाव से व्यापारी वर्ग और संबंधित मैन्युफैक्चरिंग कंपनियों ने सिंथेटिक मेंथा के बजाय प्राकृतिक मेंथा की खरीद को प्राथमिकता दी, जिसके फलस्वरूप इसके मूल्य में वृद्धि होने लगी। इसके अतिरिक्त, सांसद जी ने इस पर लगने वाले जीएसटी पर भी सवाल उठाए थे, जिसके परिणामस्वरूप प्राकृतिक मेंथा पर 5% और सिंथेटिक मेंथा पर 18% जीएसटी लागू हुई। इस निर्णय का भी मेंथा की दरों में बढ़ोतरी पर बहुत बड़ा प्रभाव पड़ा है। किसान वर्ग सांसद पुनिया का बहुत आभारी है कि उनके छोटे से प्रयास से उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार आया है। किसानों ने भविष्य में आलू किसानों के लिए भी एक ठोस योजना बनाए जाने की अपील की है, ताकि उन्हें भी घाटा न उठाना पड़े और उनकी फसल का एक निश्चित मूल्य निर्धारित हो सके। ब्यूरो चीफ रामानंद सागर के अनुसार, सांसद तनुज पुनिया के प्रयासों के कारण इस बार मेंथा किसानों को और भी अच्छे रेट मिलने की संभावना है।
- लखनऊ में उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक के आवास पर राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन पहुँचे। इस दौरान मुख्यमंत्री योगी और उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद भी वहाँ मौजूद रहे। साथ ही, बीजेपी के राष्ट्रीय महासचिव बी.एल. संतोष और प्रदेश उपाध्यक्ष नीरज सिंह भी राष्ट्रीय अध्यक्ष के साथ उपस्थित थे।1
- दिनांक 2 जुलाई 2026 की रात्रि लगभग 10:30 से 11:00 बजे के बीच, जनपद सुल्तानपुर के थाना क्षेत्र चाँदा अंतर्गत वाराणसी-इलाहाबाद हाईवे स्थित नन्दगाँव ढाबा से रंजीत यादव नामक व्यक्ति की मारुति वैगनआर (संख्या UP 51 AH 6014) चोरी हो गई थी। रंजीत यादव ने इसकी सूचना तत्काल पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस बल घटनास्थल पर पहुँचा और गहन निरीक्षण किया। पुलिस ने सुरागरसी-पतारसी, मुखबिर खास और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई करते हुए चोरी हुई गाड़ी को बरामद कर लिया। इस प्रकरण में एक अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि दूसरे अभियुक्त की तलाश अभी जारी है। पुलिस द्वारा जल्द ही दूसरे अभियुक्त को भी गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा, और अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है। यह जानकारी क्षेत्राधिकारी लम्भुआ श्री ऋतिक कपूर द्वारा दी गई।1
- उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद जिले के टूंडला थाना क्षेत्र के मोहम्मदाबाद गांव से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां नातिन रश्मि ने अपने प्रेमी विपिन के साथ मिलकर अपने सगे दादा नरेंद्र पाल की बेरहमी से हत्या कर दी। आरोप है कि नरेंद्र पाल अपनी नातिन की शादी में रुकावट बन रहे थे, जिसके चलते रश्मि और उसके प्रेमी ने चाकू से गोदकर और गला रेतकर उन्हें मौत के घाट उतार दिया। घटना को अंजाम देने के बाद उन्होंने दादा की लाश को जला दिया। इतना ही नहीं, नातिन रश्मि ने खुद एक सुसाइड नोट भी लिखा, जिसे उसने पुलिस को सौंप दिया।1
- बाजारखाला पुलिस ने यातायात पुलिसकर्मी से अभद्रता और मारपीट करने वाले आरोपी वैभव मौर्या को गिरफ्तार कर लिया है। यह घटना थाना बाजारखाला क्षेत्र के हैदरगंज चौराहे पर हुई थी। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त टाटा टियागो कार (UP32QS2290) को भी सीज कर दिया है। आरोपी वैभव मौर्या पर सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न करने समेत विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। यह मामला रॉन्ग साइड गाड़ी निकालने को लेकर होमगार्ड के साथ हुई मारपीट से जुड़ा है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने त्वरित और बड़ी कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा है। मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है।1
- हाथरस जिले में सांपों का आतंक लगातार जारी है, जहां बारिश के कारण इनकी गतिविधियों में वृद्धि देखी गई है। इसी क्रम में, खेत में काम करते समय एक बच्ची और एक अन्य व्यक्ति को सांप ने काट लिया, जिससे दोनों घायल हो गए। घायलों को उनके परिजनों द्वारा रविवार को जिला अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कराया गया है। अस्पताल में दोनों का उपचार जारी है।1
- हाथरस के टुकसान में एक शराब के ठेके पर आक्रोशित महिलाओं ने जमकर हंगामा किया। इस दौरान महिलाओं ने ठेके पर तोड़फोड़ भी की, जिसके बाद उन्होंने सड़क पर जाम लगा दिया। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। फिलहाल, पुलिस हंगामा कर रही महिलाओं को समझाने-बुझाने का प्रयास कर रही है।1