*लोकेशन गोरखपुर* जिला में बंद कैदी भाइयों की सुनी कलाइयों पर बहनों ने बांधी राखी,असमर्थ बहनों को जेल प्रशासन राखी और मिठाई उपलब्ध कराई। गोरखपुर।आज रक्षाबंधन के पवित्र पर्व पर जेल में बंद भाइयों से मिलने और उन्हें राखी बांधने आने वाली बहनों के लिए जेल प्रशासन ने व्यापक एवं सुचारू इंतजाम किए हैं।जेल अधीक्षक डीके पांडे ने बताया कि त्यौहार के मद्देनजर बहनों की सुविधा और सुरक्षा का पूरा ध्यान रखा जा रहा है, ताकि उन्हें किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।मुलाकात के लिए आने वाली महिलाओं के बैठने के लिए समुचित छांव व कुर्सियों की व्यवस्था की गई है।इसके साथ ही पीने के साफ पानी का भी उचित प्रबंध किया गया है। परिसर में भीड़ को नियंत्रित रखने और प्रवेश प्रक्रिया को सहज बनाने के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। सुरक्षा तलाशी,प्रवेश मोहर (गेट पास)और चेकिंग प्रक्रिया को मुस्तैद रखा गया है।ताकि कतारें लंबी न हों और बहनें समय पर अपने भाइयों से मिल सकें।जेल प्रशासन ने एक संवेदनशील पहल करते हुए उन महिलाओं के लिए विशेष व्यवस्था की है जो आर्थिक या किसी अन्य कारण से अपने साथ राखी और मिठाई लाने में असमर्थ हैं।ऐसी बहनों को जेल परिसर की ओर से ही निःशुल्क राखी और मिष्ठान उपलब्ध कराया गया, ताकि कोई भी बहन अपने भाई की कलाई सूनी न छोड़े।मुलाकात के दौरान किसी भी आपात स्थिति या स्वास्थ्य बिगड़ने की आशंका को देखते हुए डॉक्टरों और फार्मासिस्टों की टीम को अलर्ट मोड पर तैनात रखा गया है।किसी भी बहन या कैदी की तबीयत खराब होने पर तत्काल निःशुल्क इलाज और दवाएं मुहैया कराई जाएंगी। जेल प्रशासन की इस पहल से कैदियों और उनके परिजनों के बीच रक्षाबंधन का पर्व सौहार्दपूर्ण और सुरक्षित माहौल में मनाया गया। बाइट - डी के पाण्डेय जेल अधीक्षक गोरखपुर
*लोकेशन गोरखपुर* जिला में बंद कैदी भाइयों की सुनी कलाइयों पर बहनों ने बांधी राखी,असमर्थ बहनों को जेल प्रशासन राखी और मिठाई उपलब्ध कराई। गोरखपुर।आज रक्षाबंधन के पवित्र पर्व पर जेल में बंद भाइयों से मिलने और उन्हें राखी बांधने आने वाली बहनों के लिए जेल प्रशासन ने व्यापक एवं सुचारू इंतजाम किए हैं।जेल अधीक्षक डीके पांडे ने बताया कि त्यौहार के मद्देनजर बहनों की सुविधा और सुरक्षा का पूरा ध्यान रखा जा रहा है, ताकि उन्हें किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।मुलाकात के लिए आने वाली महिलाओं के बैठने के लिए समुचित छांव व कुर्सियों की व्यवस्था की गई है।इसके साथ ही पीने के साफ पानी का भी उचित प्रबंध किया गया है। परिसर में भीड़ को नियंत्रित रखने और प्रवेश प्रक्रिया को सहज बनाने के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। सुरक्षा तलाशी,प्रवेश मोहर (गेट पास)और चेकिंग प्रक्रिया को मुस्तैद रखा गया है।ताकि कतारें लंबी न हों और बहनें समय पर अपने भाइयों से मिल सकें।जेल प्रशासन ने एक संवेदनशील पहल करते हुए उन महिलाओं के लिए विशेष व्यवस्था की है जो आर्थिक या किसी अन्य कारण से अपने साथ राखी और मिठाई लाने में असमर्थ हैं।ऐसी बहनों को जेल परिसर की ओर से ही निःशुल्क राखी और मिष्ठान उपलब्ध कराया गया, ताकि कोई भी बहन अपने भाई की कलाई सूनी न छोड़े।मुलाकात के दौरान किसी भी आपात स्थिति या स्वास्थ्य बिगड़ने की आशंका को देखते हुए डॉक्टरों और फार्मासिस्टों की टीम को अलर्ट मोड पर तैनात रखा गया है।किसी भी बहन या कैदी की तबीयत खराब होने पर तत्काल निःशुल्क इलाज और दवाएं मुहैया कराई जाएंगी। जेल प्रशासन की इस पहल से कैदियों और उनके परिजनों के बीच रक्षाबंधन का पर्व सौहार्दपूर्ण और सुरक्षित माहौल में मनाया गया। बाइट - डी के पाण्डेय जेल अधीक्षक गोरखपुर
- नेपाली सेना ने त्रिशूली जलविद्युत सुरंग में फंसे करीब 350 लोगों को जिंदा बचाया और करीब 100 लोग सुरंग के अंदर ही फंसे हुए हैं। जिनके लिए बचाव राहत अभियान जारी है।1
- संत कबीर नगर जनपद के नाथनगर में रक्षाबंधन त्यौहार के अवसर पर भयंकर भीड़, एंबुलेंस फंसी जाम में3
- नेपाल की बारिश से गोरखपुर पर मंडराया बाढ़ का खतरा! राप्ती-रोहिन के जलस्तर पर प्रशासन की पैनी नजर,फिलहाल राहत, लेकिन खतरा अभी पूरी तरह टला नहीं,गोरखपुर में बाढ़ को लेकर प्रशासन अलर्ट......1
- झारखंड के पूर्वी सिंहभूम जिले के चाकुलिया स्थित सुनसुनिया जंगल में गुरुवार को सैकड़ों आदिवासी महिलाएं पारंपरिक वेशभूषा में पहुंचीं और साल के पेड़ों को राखी बांधी झारखंड के पूर्वी सिंहभूम जिले के चाकुलिया स्थित सुनसुनिया जंगल में गुरुवार को सैकड़ों आदिवासी महिलाएं पारंपरिक वेशभूषा में पहुंचीं और साल के पेड़ों को राखी बांधी,उन्होंने पेड़ों को अपना भाई मानकर आरती उतारी, रक्षा सूत्र बांधा और जंगलों व वन्यजीवों की सुरक्षा, अवैध कटाई रोकने तथा पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया,कार्यक्रम में चाकुलिया थाना प्रभारी राजेश कुमार भी शामिल हुए और उन्होंने भी पेड़ों पर राखी बांधकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया #rakshabandhanspecial1
- गोरखपुर के पाली क्षेत्र स्थित लगभग 300 वर्ष प्राचीन बाबा भूलेश्वर नाथ मंदिर में सावन माह के अंतिम दिन को गोरखपुर के पाली क्षेत्र स्थित लगभग 300 वर्ष प्राचीन बाबा भूलेश्वर नाथ मंदिर में सावन माह के अंतिम दिन को श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। इस अवसर पर बड़ी संख्या में भक्तों ने भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक किया। श्रद्धालु राप्ती नदी और सरयू नदी से पवित्र जल लेकर मंदिर पहुंचे। उन्होंने विधि-विधान से भगवान शिव का जलाभिषेक कर पूजा-अर्चना की। मंदिर परिसर में पूरी रात भव्य जागरण का आयोजन किया गया। इसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया और भगवान शिव के भजनों का आनंद लिया। जागरण पूरी रात चलता रहा। इसके बाद, मंगलवार सुबह 4 बजे से जलाभिषेक का क्रम शुरू हुआ, जो देर तक जारी रहा। बाबा भूलेश्वर नाथ मंदिर में हर वर्ष सावन के अंतिम सोमवार पर जलाभिषेक और धार्मिक कार्यक्रम धूमधाम से आयोजित किए जाते हैं। इस आयोजन में क्षेत्र के हजारों श्रद्धालु और ग्रामीण शामिल होते हैं, जिससे मंदिर परिसर में भक्तिमय वातावरण बना रहता है।4
- Post by फ़िरोज़ अहमद1
- दिल्ली: आईआईटी दिल्ली में 31 वर्षीय एमएससी भौतिकी छात्र की मौत के बाद विरोध प्रदर्शन दिल्ली में भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) दिल्ली के परिसर में एक 31 वर्षीय एमएससी भौतिकी (MSc Physics) छात्र की tragically मौत के बाद छात्रों ने बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन किए।1
- रक्षाबंधन पर सहजनवा–बखिरा मार्ग पर भीषण जाम, घंटों फंसी रही एम्बुलेंस घघसरा। रक्षाबंधन के पावन पर्व पर सहजनवा–बखिरा मार्ग पर भीषण जाम लगने से लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। त्योहार के अवसर पर उमड़ी भीड़ ने पिछले कई वर्षों के रिकॉर्ड तोड़ दिए, जिससे सड़क पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि आपातकालीन सेवाएं भी जाम में फंस गईं। एक मरीज को लेकर जा रही एम्बुलेंस घंटों जाम में फंसी रही, जिससे लोगों में चिंता और नाराजगी देखने को मिली। स्थानीय लोगों का कहना है कि ऐसे अवसरों पर यातायात व्यवस्था और पुलिस प्रशासन की ओर से पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए, जिसके कारण समस्या लगातार बढ़ती गई। घघसरा से सहजनवा तक का पूरा मार्ग दिनभर जाम की चपेट में रहा। राहगीरों, यात्रियों और स्थानीय नागरिकों को घंटों इंतजार करना पड़ा। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि भविष्य में त्योहारों के दौरान बेहतर यातायात प्रबंधन और आपातकालीन सेवाओं के लिए विशेष व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि आम जनता को इस तरह की परेशानियों का सामना न करना पड़े।2
- Nepal ki bhayankar tabahi mein ab Tak 207 ki maut Kareeb 1000 lapata.. abhi tak ki aankadon ka koi nishchit Bata nahin sakte kitni kimat aur kitni lagta hue hain Kudrat ka Karishma kitne log Ko khatm Kiya Hai aur kitne log ko dekhae Ho Gaye itne log apni Parivar se bhi chhode gaye hain..1