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बात बिलकुल सच है, लेकिन यह साल 2005 की पुरानी घटना है। 🌿 इस वायरल खबर में कितनी सच्चाई है? 🌿 जनहित और पर्यावरण सुरक्षा के प्रति समर्पित विश्व के 9 शीर्ष उद्योगपतियों का मेगा-विश्लेषण 🌏 एक स्वतंत्र अन्वेषण रिपोर्ट | इंडिया न्यूज़ 9लाइव रिसर्च, संकलन एवं प्रस्तुति: विशाल शर्मा (फ्रीलांसर रिसर्चर जर्नलिस्ट) — जनहित में जारी प्रेस नोट का सार: आज दुनिया भीषण गर्मी और जलवायु परिवर्तन के दौर से गुजर रही है। एयर कंडीशनर (AC) की ठंडी हवाओं की तात्कालिक राहत हमारे भूजल और मानसून के लिए भारी खतरा बन चुकी है। इस संकट को देखते हुए, हमने भारत, अमेरिका, चीन और रूस के शीर्ष उद्योगपतियों के कार्यों का गहन विश्लेषण किया है और उन्हें पर्यावरण-निष्ठा के आधार पर 10 में से स्कोर दिया है। 📊 विश्वस्तरीय तुलनात्मक विश्लेषण और पर्यावरण-निष्ठा स्कोर (0-10 के पैमाने पर) | देश | उद्योगपति/ग्रुप 1 | प्रमुख हरित पहल / योगदान | उद्योगपति/ग्रुप 2 | प्रमुख हरित पहल / योगदान | औसत स्कोर (आउट ऑफ 10) | |---|---|---|---|---|---| | 🇮🇳 भारत | अडानी ग्रुप (गौतम अडानी) | कच्छ में दुनिया का सबसे बड़ा रिन्यूएबल एनर्जी पार्क, मैंग्रोव संरक्षण और 2030 तक 10 करोड़ पेड़ लगाने का संकल्प। | जिंदल ग्रुप (नवीन जिंदल) | स्टील निर्माण में कम कार्बन उत्सर्जन (Low-Carbon Steel), 2033 तक वाटर-न्यूट्रैलिटी और सर्कुलर इकोनॉमी का लक्ष्य। | अडानी: 7.5/10 जिंदल: 7.8/10 | | 🇺🇸 अमेरिका | टेस्ला (एलन मस्क) | इलेक्ट्रिक वाहनों और सौर ऊर्जा को वैश्विक मुख्यधारा बनाकर जीवाश्म ईंधन से परिवहन को डीकार्बोनाइज किया। | माइक्रोसॉफ्ट (सत्य नडेला) | अपने वैश्विक डेटा केंद्रों को 100% रिन्यूएबल एनर्जी पर चलाना और कार्बन हटाने वाली तकनीकों में निवेश। | टेस्ला: 8.5/10 माइक्रोसॉफ्ट: 8.0/10 | | 🇨🇳 चीन | बीवाईडी (वांग चुआनफू) | दुनिया की सबसे बड़ी इलेक्ट्रिक वाहन और बैटरी निर्माता, जो ग्लोबल ट्रांसपोर्टेशन सेक्टर के प्रदूषण को कम करने में अग्रणी है। | कैटल (ज़ेंग यूकुन) | वैश्विक स्तर पर लिथियम-आयन बैटरी की सबसे बड़ी निर्माता, जो ग्रीन एनर्जी स्टोरेज और मोबिलिटी की रीढ़ है। | बीवाईडी: 8.8/10 कैटल: 8.5/10 | | 🇷🇺 रूस | गैज़प्रॉम (एलेक्सी मिलर) | रूस की सबसे बड़ी तेल-गैस कंपनी, जो अर्थव्यवस्था के लिए ऊर्जा सुरक्षा देती है पर भारी कार्बन फुटप्रिंट है। | रोसनेफ (इगोर सेचिन) | रूस की शीर्ष तेल कंपनी, जो आर्कटिक ड्रिलिंग जैसे प्रोजेक्ट्स से जीवाश्म ईंधन के उपयोग को बढ़ाती है। | गैज़प्रॉम: 5.0/10 रोसनेफ: 4.5/10 | 🌳 विशेष उल्लेख: जोहान एलियाश (स्वीडन/यूके) इमेज में सबसे नीचे, अमेज़न के जंगल को बचाने वाले अरबपति जोहान एलियाश का भी जिक्र है, जिन्होंने 4,00,000 एकड़ जंगल को कटाई से बचाने के लिए खरीदा था—जो एक व्यक्तिगत पूंजीपति द्वारा प्रकृति संरक्षण का एक ऐतिहासिक उदाहरण है। 📢 निष्कर्ष और जनहित संदेश इस मेगा-तुलना से यह स्पष्ट है कि विकसित देशों (चीन और अमेरिका) के पूंजीपति भविष्य की ग्रीन मोबिलिटी और बैटरी तकनीक पर भारी निवेश कर रहे हैं, जबकि भारत के उद्योगपति भी रिन्यूएबल एनर्जी और वाटर न्यूट्रैलिटी की ओर तेजी से बढ़ रहे हैं। इसके विपरीत, रूस के ऊर्जा दिग्गज अभी भी पारंपरिक तेल-गैस पर निर्भर हैं। हमारा यह प्रेस नोट टाटा, रिलायंस, बाटा, स्टील इंडस्ट्री, मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स और गली-मोहल्ले के छोटे व्यापारियों तक एक ही संदेश पहुंचाता है: > "चाहे व्यवसाय का दायरा छोटा हो या बड़ा, पर्यावरण संकट हम सबका साझा दुश्मन है। मुनाफे के साथ-साथ हर उद्योगपति को भूजल संरक्षण और बड़े पैमाने पर वनीकरण (Tree Plantation) को अपने एजेंडे में शामिल करना ही होगा, तभी हमारी भावी पीढ़ियों के लिए धरती सुरक्षित रह पाएगी।" > #EnvironmentCrisis #MonsoonShift #GroundwaterDepletion #CorporateResponsibility #TataReliance #JohanEliasch #EVRevolution #ClimateAction #IndiaNews9Live #VishalSharma #FreelanceJournalist #PublicInterest #जनहितमेंजारी 🌿 इस वायरल खबर में कितनी सच्चाई है? सोशल मीडिया पर वायरल हो रही यह कहानी काफी हद तक सच (Mostly True) है! हालांकि, यह कोई आज की ताज़ा घटना नहीं है, बल्कि साल 2005 की एक ऐतिहासिक घटना है जो समय-समय पर सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनती रहती है। आइए जानते हैं कि इस पूरे मामले में क्या सच है और क्या इसके दूसरे पहलू हैं: 📊 क्या वाकई अरबपति ने जंगल खरीदे थे? * किसने खरीदे?: स्वीडिश-ब्रिटिश अरबपति और उद्योगपति जोहान एलियाश (Johan Eliasch) ने अमेज़न के जंगलों का एक बड़ा हिस्सा खरीदा था। * कितनी जमीन?: उन्होंने ब्राजील के अमेज़न क्षेत्र में लगभग 4,00,000 एकड़ (करीब 1,600 वर्ग किलोमीटर) क्षेत्र का मालिकाना हक हासिल किया था। * तरीका: उन्होंने सीधे तौर पर ज़मीन की रजिस्ट्री नहीं कराई थी, बल्कि 'गेथल अमेजोनास' (Gethal Amazonas) नाम की एक लकड़ी काटने वाली (Logging) और प्लाइवुड कंपनी को खरीदा था, जिसके पास इन जंगलों के व्यावसायिक अधिकार थे। * मकसद: उनका उद्देश्य रिसॉर्ट बनाना या लकड़ी का व्यापार करना नहीं था, बल्कि कंपनी का मालिकाना हक मिलते ही उन्होंने वहां कमर्शियल कटाई पर पूरी तरह रोक लगा दी और जंगल को सुरक्षित कर दिया। ⚠️ इस मामले से जुड़े अन्य पहलू और विवाद: * स्थानीय विरोध: जब जोहान एलियाश ने लॉगिंग कंपनी और उसकी मिल को बंद किया, तो वहां काम करने वाले करीब 1,000 स्थानीय मजदूरों की नौकरियां चली गईं, जिसे लेकर स्थानीय स्तर पर तीखी प्रतिक्रिया और विवाद देखने को मिला था। * राजनीतिक चिंताएं: ब्राजील की सरकार और स्थानीय अधिकारियों ने विदेशी नागरिकों द्वारा अमेज़न जैसी संवेदनशील और विशाल भू-संपत्ति के अधिग्रहण पर चिंता जताई थी। * वायरल होने की वजह: चूंकि यह मामला दो दशक पुराना है, इसलिए यह अक्सर इंटरनेट पर मीम्स या प्रेरणादायक पोस्ट के रूप में वायरल होता रहता है। कई लोग इसे हालिया घटना समझकर शेयर कर देते हैं। > निष्कर्ष: जोहान एलियाश द्वारा अमेज़न के 4 लाख एकड़ जंगल को कटाई से बचाने के लिए खरीदे जाने की बात बिलकुल सच है, लेकिन यह साल 2005 की पुरानी घटना है। > क्या आपको लगता है कि आज के दौर में अन्य बड़े कारोबारियों को भी जंगलों को बचाने के लिए ऐसी पहल करनी चाहिए? 🤔

7 hrs ago
user_INDIANEWS 9LIVE SOCIAL MEDIA
INDIANEWS 9LIVE SOCIAL MEDIA
Media company Thanesar, Kurukshetra•
7 hrs ago
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बात बिलकुल सच है, लेकिन यह साल 2005 की पुरानी घटना है। 🌿 इस वायरल खबर में कितनी सच्चाई है? 🌿 जनहित और पर्यावरण सुरक्षा के प्रति समर्पित विश्व के 9 शीर्ष उद्योगपतियों का मेगा-विश्लेषण 🌏 एक स्वतंत्र अन्वेषण रिपोर्ट | इंडिया न्यूज़ 9लाइव रिसर्च, संकलन एवं प्रस्तुति: विशाल शर्मा (फ्रीलांसर रिसर्चर जर्नलिस्ट) — जनहित में जारी प्रेस नोट का सार: आज दुनिया भीषण गर्मी और जलवायु परिवर्तन के दौर से गुजर रही है। एयर कंडीशनर (AC) की ठंडी हवाओं की तात्कालिक राहत हमारे भूजल और मानसून के लिए भारी खतरा बन चुकी है। इस संकट को देखते हुए, हमने भारत, अमेरिका, चीन और रूस के शीर्ष उद्योगपतियों के कार्यों का गहन विश्लेषण किया है और उन्हें पर्यावरण-निष्ठा के आधार पर 10 में से स्कोर दिया है। 📊 विश्वस्तरीय तुलनात्मक विश्लेषण और पर्यावरण-निष्ठा स्कोर (0-10 के पैमाने पर) | देश | उद्योगपति/ग्रुप 1 | प्रमुख हरित पहल / योगदान | उद्योगपति/ग्रुप 2 | प्रमुख हरित पहल / योगदान | औसत स्कोर (आउट ऑफ 10) | |---|---|---|---|---|---| | 🇮🇳 भारत | अडानी ग्रुप (गौतम अडानी) | कच्छ में दुनिया का सबसे बड़ा रिन्यूएबल एनर्जी पार्क, मैंग्रोव संरक्षण और 2030 तक 10 करोड़ पेड़ लगाने का संकल्प। | जिंदल ग्रुप (नवीन जिंदल) | स्टील निर्माण में कम कार्बन उत्सर्जन (Low-Carbon Steel), 2033 तक वाटर-न्यूट्रैलिटी और सर्कुलर इकोनॉमी का लक्ष्य। | अडानी: 7.5/10 जिंदल: 7.8/10 | | 🇺🇸 अमेरिका | टेस्ला (एलन मस्क) | इलेक्ट्रिक वाहनों और सौर ऊर्जा को वैश्विक

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मुख्यधारा बनाकर जीवाश्म ईंधन से परिवहन को डीकार्बोनाइज किया। | माइक्रोसॉफ्ट (सत्य नडेला) | अपने वैश्विक डेटा केंद्रों को 100% रिन्यूएबल एनर्जी पर चलाना और कार्बन हटाने वाली तकनीकों में निवेश। | टेस्ला: 8.5/10 माइक्रोसॉफ्ट: 8.0/10 | | 🇨🇳 चीन | बीवाईडी (वांग चुआनफू) | दुनिया की सबसे बड़ी इलेक्ट्रिक वाहन और बैटरी निर्माता, जो ग्लोबल ट्रांसपोर्टेशन सेक्टर के प्रदूषण को कम करने में अग्रणी है। | कैटल (ज़ेंग यूकुन) | वैश्विक स्तर पर लिथियम-आयन बैटरी की सबसे बड़ी निर्माता, जो ग्रीन एनर्जी स्टोरेज और मोबिलिटी की रीढ़ है। | बीवाईडी: 8.8/10 कैटल: 8.5/10 | | 🇷🇺 रूस | गैज़प्रॉम (एलेक्सी मिलर) | रूस की सबसे बड़ी तेल-गैस कंपनी, जो अर्थव्यवस्था के लिए ऊर्जा सुरक्षा देती है पर भारी कार्बन फुटप्रिंट है। | रोसनेफ (इगोर सेचिन) | रूस की शीर्ष तेल कंपनी, जो आर्कटिक ड्रिलिंग जैसे प्रोजेक्ट्स से जीवाश्म ईंधन के उपयोग को बढ़ाती है। | गैज़प्रॉम: 5.0/10 रोसनेफ: 4.5/10 | 🌳 विशेष उल्लेख: जोहान एलियाश (स्वीडन/यूके) इमेज में सबसे नीचे, अमेज़न के जंगल को बचाने वाले अरबपति जोहान एलियाश का भी जिक्र है, जिन्होंने 4,00,000 एकड़ जंगल को कटाई से बचाने के लिए खरीदा था—जो एक व्यक्तिगत पूंजीपति द्वारा प्रकृति संरक्षण का एक ऐतिहासिक उदाहरण है। 📢 निष्कर्ष और जनहित संदेश इस मेगा-तुलना से यह स्पष्ट है कि विकसित देशों (चीन और अमेरिका) के पूंजीपति भविष्य की ग्रीन मोबिलिटी और बैटरी तकनीक पर भारी निवेश कर रहे हैं, जबकि भारत के उद्योगपति भी रिन्यूएबल एनर्जी और

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वाटर न्यूट्रैलिटी की ओर तेजी से बढ़ रहे हैं। इसके विपरीत, रूस के ऊर्जा दिग्गज अभी भी पारंपरिक तेल-गैस पर निर्भर हैं। हमारा यह प्रेस नोट टाटा, रिलायंस, बाटा, स्टील इंडस्ट्री, मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स और गली-मोहल्ले के छोटे व्यापारियों तक एक ही संदेश पहुंचाता है: > "चाहे व्यवसाय का दायरा छोटा हो या बड़ा, पर्यावरण संकट हम सबका साझा दुश्मन है। मुनाफे के साथ-साथ हर उद्योगपति को भूजल संरक्षण और बड़े पैमाने पर वनीकरण (Tree Plantation) को अपने एजेंडे में शामिल करना ही होगा, तभी हमारी भावी पीढ़ियों के लिए धरती सुरक्षित रह पाएगी।" > #EnvironmentCrisis #MonsoonShift #GroundwaterDepletion #CorporateResponsibility #TataReliance #JohanEliasch #EVRevolution #ClimateAction #IndiaNews9Live #VishalSharma #FreelanceJournalist #PublicInterest #जनहितमेंजारी 🌿 इस वायरल खबर में कितनी सच्चाई है? सोशल मीडिया पर वायरल हो रही यह कहानी काफी हद तक सच (Mostly True) है! हालांकि, यह कोई आज की ताज़ा घटना नहीं है, बल्कि साल 2005 की एक ऐतिहासिक घटना है जो समय-समय पर सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनती रहती है। आइए जानते हैं कि इस पूरे मामले में क्या सच है और क्या इसके दूसरे पहलू हैं: 📊 क्या वाकई अरबपति ने जंगल खरीदे थे? * किसने खरीदे?: स्वीडिश-ब्रिटिश अरबपति और उद्योगपति जोहान एलियाश (Johan Eliasch) ने अमेज़न के जंगलों का एक बड़ा हिस्सा खरीदा था। * कितनी जमीन?: उन्होंने ब्राजील के अमेज़न क्षेत्र में लगभग 4,00,000 एकड़ (करीब 1,600 वर्ग किलोमीटर) क्षेत्र का मालिकाना हक हासिल किया था। * तरीका: उन्होंने सीधे तौर पर ज़मीन की रजिस्ट्री नहीं

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कराई थी, बल्कि 'गेथल अमेजोनास' (Gethal Amazonas) नाम की एक लकड़ी काटने वाली (Logging) और प्लाइवुड कंपनी को खरीदा था, जिसके पास इन जंगलों के व्यावसायिक अधिकार थे। * मकसद: उनका उद्देश्य रिसॉर्ट बनाना या लकड़ी का व्यापार करना नहीं था, बल्कि कंपनी का मालिकाना हक मिलते ही उन्होंने वहां कमर्शियल कटाई पर पूरी तरह रोक लगा दी और जंगल को सुरक्षित कर दिया। ⚠️ इस मामले से जुड़े अन्य पहलू और विवाद: * स्थानीय विरोध: जब जोहान एलियाश ने लॉगिंग कंपनी और उसकी मिल को बंद किया, तो वहां काम करने वाले करीब 1,000 स्थानीय मजदूरों की नौकरियां चली गईं, जिसे लेकर स्थानीय स्तर पर तीखी प्रतिक्रिया और विवाद देखने को मिला था। * राजनीतिक चिंताएं: ब्राजील की सरकार और स्थानीय अधिकारियों ने विदेशी नागरिकों द्वारा अमेज़न जैसी संवेदनशील और विशाल भू-संपत्ति के अधिग्रहण पर चिंता जताई थी। * वायरल होने की वजह: चूंकि यह मामला दो दशक पुराना है, इसलिए यह अक्सर इंटरनेट पर मीम्स या प्रेरणादायक पोस्ट के रूप में वायरल होता रहता है। कई लोग इसे हालिया घटना समझकर शेयर कर देते हैं। > निष्कर्ष: जोहान एलियाश द्वारा अमेज़न के 4 लाख एकड़ जंगल को कटाई से बचाने के लिए खरीदे जाने की बात बिलकुल सच है, लेकिन यह साल 2005 की पुरानी घटना है। > क्या आपको लगता है कि आज के दौर में अन्य बड़े कारोबारियों को भी जंगलों को बचाने के लिए ऐसी पहल करनी चाहिए? 🤔

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  • शाहाबाद के बिझड़पुर में महंत राजेंद्र पुरी महाराज की अखंड तपस्या का 27वां दिन: पार्षद ईशा सचदेवा और कमित सचदेवा ने लिया आशीर्वाद, किया रुद्राभिषेक शाहाबाद के बिझड़पुर में महंत राजेंद्र पुरी महाराज की अखंड तपस्या का 27वां दिन: पार्षद ईशा सचदेवा और कमित सचदेवा ने लिया आशीर्वाद, किया रुद्राभिषेक
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    user_Dharamvir Singh
    Dharamvir Singh
    Shahbad, Kurukshetra•
    11 hrs ago
  • कृषि में वैज्ञानिक सोच आज की जरूरत:-रामकुमार कश्यप कृषि एवं किसान कल्याण विभाग द्वारा आत्मा स्कीम के तहत जिला स्तरीय किसान मेले का आयोजन कृषि वैज्ञानिकों, विशेषज्ञों व अधिकारियों द्वारा किसानों को दी गई जानकारी इन्द्री विजय कांबोज। कृषि एवं किसान कल्याण विभाग द्वारा आज बीडीपीओ कार्यालय के सभागार में आत्मा स्कीम के तहत जिला स्तरीय किसान मेले का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में विधायक एवं गवर्नमेंट चीफ व्हिप रामकुमार कश्यप ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। यहां पहुंचने पर एसडीएम डॉ. रमन गुप्ता व कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के उपनिदेशक कृषि डॉ. जसविन्द्र सैनी ने मुख्य अतिथि को पुष्पगुच्छ देकर उनका स्वागत किया। विधायक ने इस अवसर पर लगाई गई प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया। विधायक ने कार्यक्रम के दौरान आयोजित प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता के विजेता किसानों को पुरस्कार देकर तथा प्रगतिशील किसानों को प्रमाण पत्र व स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित भी किया।
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    कृषि में वैज्ञानिक सोच आज की जरूरत:-रामकुमार कश्यप
कृषि एवं किसान कल्याण विभाग द्वारा आत्मा स्कीम के तहत जिला स्तरीय किसान मेले का आयोजन
कृषि वैज्ञानिकों, विशेषज्ञों व अधिकारियों द्वारा किसानों को दी गई जानकारी
इन्द्री विजय कांबोज। कृषि एवं किसान कल्याण विभाग द्वारा आज बीडीपीओ कार्यालय के सभागार में आत्मा स्कीम के तहत जिला स्तरीय किसान मेले का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में विधायक एवं गवर्नमेंट चीफ व्हिप रामकुमार कश्यप ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। यहां पहुंचने पर एसडीएम डॉ. रमन गुप्ता व कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के उपनिदेशक कृषि डॉ. जसविन्द्र सैनी ने मुख्य अतिथि को पुष्पगुच्छ देकर उनका स्वागत किया। विधायक ने इस अवसर पर लगाई गई प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया। विधायक ने कार्यक्रम के दौरान आयोजित प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता के विजेता किसानों को पुरस्कार देकर तथा प्रगतिशील किसानों को प्रमाण पत्र व स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित भी किया।
    user_Vijay kamboj
    Vijay kamboj
    इंद्री, करनाल, हरियाणा•
    14 hrs ago
  • अपराध शाखा-2 की टीम ने करीब 12 लाख कीमत की 5 किलो 718 ग्राम चरस (सुल्फा) किया बरामद, दो आरोपी गिरफ्तार।जिनकी पहचान हिमाचल प्रदेश जिला कुल्लु के गांव जटहेड़ वासी मिलापचंद पुत्र दुनी चंद व गांव कांडाधारा वासी नितेश कुमार उर्फ निटू पुत्र कौल राम के रुप मे हुई।............. अपराध शाखा-2 की टीम ने करीब 12 लाख कीमत की 5 किलो 718 ग्राम चरस (सुल्फा) किया बरामद, दो आरोपी गिरफ्तार।जिनकी पहचान हिमाचल प्रदेश जिला कुल्लु के गांव जटहेड़ वासी मिलापचंद पुत्र दुनी चंद व गांव कांडाधारा वासी नितेश कुमार उर्फ निटू पुत्र कौल राम के रुप मे हुई।
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    अपराध शाखा-2 की टीम ने करीब 12 लाख कीमत की 5 किलो 718 ग्राम चरस (सुल्फा) किया बरामद, दो आरोपी गिरफ्तार।जिनकी पहचान हिमाचल प्रदेश जिला कुल्लु के गांव जटहेड़ वासी मिलापचंद पुत्र दुनी चंद व गांव कांडाधारा वासी नितेश कुमार उर्फ निटू पुत्र कौल राम के रुप मे हुई।.............
अपराध शाखा-2 की टीम ने करीब 12 लाख कीमत की 5 किलो 718 ग्राम चरस (सुल्फा) किया बरामद, दो आरोपी गिरफ्तार।जिनकी पहचान हिमाचल प्रदेश जिला कुल्लु के गांव जटहेड़ वासी मिलापचंद पुत्र दुनी चंद व गांव कांडाधारा वासी नितेश कुमार उर्फ निटू पुत्र कौल राम के रुप मे हुई।
    user_Gulshan Dhiman
    Gulshan Dhiman
    रादौर, यमुनानगर, हरियाणा•
    12 hrs ago
  • ​🚨 TRE-4 आंदोलन में 6 साल का बच्चा 'आदित्य' गिरफ्तार? प्रदर्शन के दौरान पुलिस की इस कार्रवाई पर जनता और मीडिया उठा रही है गंभीर सवाल! आखिर क्या है इस मामले का पूरा सच? आपकी इस पर क्या राय है? कमेंट में जरूर बताएं। 👇 ​#TRE4 #BiharNews #PatnaPolice #Aditya #Justice #ViralVideo #SocialMediaTrend
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    ​🚨 TRE-4 आंदोलन में 6 साल का बच्चा 'आदित्य' गिरफ्तार?

प्रदर्शन के दौरान पुलिस की इस कार्रवाई पर जनता और मीडिया उठा रही है गंभीर सवाल!
आखिर क्या है इस मामले का पूरा सच? आपकी इस पर क्या राय है? कमेंट में जरूर बताएं। 👇
​#TRE4 #BiharNews #PatnaPolice #Aditya #Justice #ViralVideo #SocialMediaTrend
    user_Gyanendu Rajput
    Gyanendu Rajput
    Media house अंबाला, अंबाला, हरियाणा•
    29 min ago
  • Post by Ankur Saini
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    Post by Ankur Saini
    user_Ankur Saini
    Ankur Saini
    नकुड़, सहारनपुर, उत्तर प्रदेश•
    54 min ago
  • कँगना का छलका दर्द कँगना का छलका दर्द कँगना का छलका दर्द
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    कँगना का छलका दर्द कँगना का छलका दर्द कँगना का छलका दर्द
    user_Vaneet kashyap
    Vaneet kashyap
    अंबाला, अंबाला, हरियाणा•
    6 hrs ago
  • थाना नकुड़ की फंदपुरी चौकी प्रभारी विरेन्द्र कुमार पुलिस टीम की मुठभेड़ में लूट का वांछित शातिर बदमाश मोहम्मद अली मल्हामाजरा गोली लगने से घायल गिरफ्तार. सहारनपुर के थाना नकुड़ क्षेत्र में थाना नकुड़ नवनियुक्त थाना प्रभारी निरीक्षक ज्ञानेश्वर बौद्ध के नेतृत्व में फंदपुरी चौकी प्रभारी विरेन्द्र कुमार पुलिस टीम और शातिर बदमाश के बीच मुठभेड़ हो गई। फंदपुरी-नकुड़ रोड पर चेकिंग के दौरान संदिग्ध बाइक सवार ने पुलिस टीम पर जानलेवा फायरिंग कर भागने की कोशिश की। पुलिस की आत्मरक्षार्थ जवाबी कार्रवाई में गोली लगने से बदमाश मोहम्मद अली (निवासी मल्ला माजरा) घायल होकर गिर पड़ा, जिसे उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अभियुक्त के कब्जे से अवैध तमंचा .315 बोर, 1 जिंदा व 1 खोखा कारतूस, लूटे गए ₹10,000 नकद, आधार कार्ड और बाइक बरामद हुई हैं। अभियुक्त पर नकबजनी और आर्म्स एक्ट सहित करीब 1 दर्जन मुकदमे दर्ज हैं। थाना नकुड़ की फंदपुरी चौकी प्रभारी विरेन्द्र कुमार पुलिस टीम ने लूट की घटना का सफल अनावरण करते हुए मात्र 40 घंटे में लूटेरे को उसके अंजाम तक पहुंचाया।
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    थाना नकुड़ की फंदपुरी चौकी प्रभारी विरेन्द्र कुमार पुलिस टीम की मुठभेड़ में लूट का वांछित शातिर बदमाश मोहम्मद अली मल्हामाजरा गोली लगने से घायल गिरफ्तार.
सहारनपुर के थाना नकुड़ क्षेत्र में थाना नकुड़  नवनियुक्त थाना प्रभारी निरीक्षक ज्ञानेश्वर बौद्ध के नेतृत्व में फंदपुरी चौकी प्रभारी विरेन्द्र कुमार पुलिस टीम और शातिर बदमाश के बीच मुठभेड़ हो गई। फंदपुरी-नकुड़ रोड पर चेकिंग के दौरान संदिग्ध बाइक सवार ने पुलिस टीम पर जानलेवा फायरिंग कर भागने की कोशिश की।
पुलिस की आत्मरक्षार्थ जवाबी कार्रवाई में गोली लगने से बदमाश मोहम्मद अली (निवासी मल्ला माजरा) घायल होकर गिर पड़ा, जिसे उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
अभियुक्त के कब्जे से अवैध तमंचा .315 बोर, 1 जिंदा व 1 खोखा कारतूस, लूटे गए ₹10,000 नकद, आधार कार्ड और बाइक बरामद हुई हैं। अभियुक्त पर नकबजनी और आर्म्स एक्ट सहित करीब 1 दर्जन मुकदमे दर्ज हैं। थाना नकुड़ की फंदपुरी चौकी प्रभारी विरेन्द्र कुमार पुलिस टीम ने लूट की घटना का सफल अनावरण करते हुए मात्र 40 घंटे में लूटेरे को उसके अंजाम तक पहुंचाया।
    user_कलीम अहमद इंडिया 7 टीवी न्यूज़
    कलीम अहमद इंडिया 7 टीवी न्यूज़
    नकुड़, सहारनपुर, उत्तर प्रदेश•
    21 hrs ago
  • क्या राजधानी में भी बच्चों को एक साफ सड़क के लिए प्रदर्शन करना पड़ेगा? इस लापरवाही का जिम्मेदार कौन? यह वीडियो दिल्ली के एक स्कूल के बाहर का है, जहां स्कूली बच्चे और स्थानीय लोग सड़क और नाले की बदहाली के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं। सीवर का पानी और कीचड़ भरा रास्ता हर दिन हादसों को न्योता दे रहा है। ​टैक्स भरने के बावजूद दिल्ली की सड़कों और नालों की यह हालत शासन और प्रशासन के दावों पर सवाल खड़े करती है। ​ ​ इस वीडियो को शेयर करें ताकि यह संबंधित अधिकारियों और विधायकों तक पहुंचे और जल्द कार्रवाई हो सके।
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    क्या राजधानी में भी बच्चों को एक साफ सड़क के लिए प्रदर्शन करना पड़ेगा? इस लापरवाही का जिम्मेदार कौन?


यह वीडियो दिल्ली के एक स्कूल के बाहर का है, जहां स्कूली बच्चे और स्थानीय लोग सड़क और नाले की बदहाली के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं। सीवर का पानी और कीचड़ भरा रास्ता हर दिन हादसों को न्योता दे रहा है।
​टैक्स भरने के बावजूद दिल्ली की सड़कों और नालों की यह हालत शासन और प्रशासन के दावों पर सवाल खड़े करती है।
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​ इस वीडियो को शेयर करें ताकि यह संबंधित अधिकारियों और विधायकों तक पहुंचे और जल्द कार्रवाई हो सके।
    user_Gyanendu Rajput
    Gyanendu Rajput
    Media house अंबाला, अंबाला, हरियाणा•
    21 hrs ago
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