हाथरस। जिले के नगला भूरा गांव में बीते 24 घंटे से बिजली आपूर्ति बाधित रहने के कारण ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखने को मिला। हाथरस। जिले के नगला भूरा गांव में बीते 24 घंटे से बिजली आपूर्ति बाधित रहने के कारण ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखने को मिला। पानी की गंभीर समस्या से जूझ रहे ग्रामीणों ने हाथरस-लहरा रोड स्थित लहरा बिजली घर का घेराव कर प्रदर्शन किया। ग्रामीणों का कहना है कि बिजली न होने से गांव के अधिकांश नलकूप और मोटर बंद पड़े हैं, जिससे पूरे गांव में पेयजल संकट गहरा गया है और लोग एक-एक बूंद पानी के लिए परेशान हैं। सूचना मिलते ही संबंधित अधिकारी मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों से वार्ता की। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि खराब लाइन को जल्द ठीक कर एक घंटे के भीतर बिजली आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी। अधिकारियों के आश्वासन के बाद ग्रामीणों का गुस्सा शांत हुआ। इस दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे और शीघ्र समाधान की मांग पर जोर दिया।
हाथरस। जिले के नगला भूरा गांव में बीते 24 घंटे से बिजली आपूर्ति बाधित रहने के कारण ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखने को मिला। हाथरस। जिले के नगला भूरा गांव में बीते 24 घंटे से बिजली आपूर्ति बाधित रहने के कारण ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखने को मिला। पानी की गंभीर समस्या से जूझ रहे ग्रामीणों ने हाथरस-लहरा रोड स्थित लहरा बिजली घर का घेराव कर प्रदर्शन किया। ग्रामीणों का कहना है कि बिजली न होने से गांव के अधिकांश नलकूप और मोटर बंद पड़े हैं, जिससे पूरे गांव में पेयजल संकट गहरा गया है और लोग एक-एक बूंद पानी के लिए परेशान हैं। सूचना मिलते ही संबंधित अधिकारी मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों से वार्ता की। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि खराब लाइन को जल्द ठीक कर एक घंटे के भीतर बिजली आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी। अधिकारियों के आश्वासन के बाद ग्रामीणों का गुस्सा शांत हुआ। इस दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे और शीघ्र समाधान की मांग पर जोर दिया।
- हाथरस के सिकंदराराऊ कोतवाली क्षेत्र के बिलार गांव के पास बड़ा सड़क हादसा हुआ। एटा डिपो की रोडवेज बस, जो दिल्ली से फर्रुखाबाद जा रही थी, अनियंत्रित होकर हाइवे पर पलट गई। हादसे में 9 यात्री गंभीर रूप से घायल हो गए, जिनमें से 2 की हालत नाजुक होने पर डॉक्टरों ने उन्हें रेफर कर दिया। यात्रियों का आरोप है कि बस चालक शराब के नशे में वाहन चला रहा था, जिससे हादसा हुआ। घटना के बाद अफरा-तफरी मच गई और कई यात्रियों के मोबाइल व कीमती सामान चोरी होने की भी बात सामने आई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और सभी घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है।1
- #सासनी नगला ताल नानऊ रोड पर कलरात भारी तूफान आंधी बारिश आने से टूटे सड़क पर भारी भरख्म पेड़ हादसा टला1
- सासनी-नानऊ मार्ग पर गांव नया नगला के पास सड़क किनारे बंधी भैंस से टकराकर एक ई-रिक्शा पलट गया। इस हादसे में रिक्शा में सवार एक वृद्ध महिला गंभीर रूप से घायल हो गईं, जबकि चालक समेत दो अन्य को मामूली चोटें आईं। वृद्ध महिला को प्राथमिक उपचार के बाद हायर सेंटर रेफर कर दिया गया है। यह घटना शुक्रवार दोपहर करीब 1 बजे की है। ग्राम सिकुर निवासी मीरा देवी पत्नी सोबरन सिंह ई-रिक्शा में सवार होकर अपने गांव से सासनी आ रही थीं। नया नगला में श्री हनुमान जी मंदिर के पास पहुंचते ही रिक्शा सड़क किनारे बंधी भैंस से टकराकर अनियंत्रित हो गया और पलट गया। हादसे में मीरा देवी सड़क पर गिरकर बुरी तरह चोटिल हो गईं। घटना स्थल पर ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई, जिन्होंने तुरंत एक निजी वाहन से घायल वृद्धा को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) सासनी पहुंचाया। डॉक्टरों ने मीरा देवी की नाजुक हालत को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर कर दिया। दुर्घटना में ई-रिक्शा चालक और एक अन्य महिला को भी हल्की चोटें आईं, जिनका उपचार निजी अस्पताल में हुआ। टक्कर इतनी भीषण थी कि ई-रिक्शा भी पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया।3
- इटावा के एक गांव की महिलाओं ने शराब के ठेके पर धावा बोलकर 5 लाख की शराब मिट्टी में मिला दी, घर-परिवार के लोगों का शराबी बनना और कलह बढ़ना, ग्रामीणों का आरोप है, कि ठेका अवैध रूप से घनी आबादी के बीच चल रहा था, जबकि ये ठेका किसी दूसरे गांव के लिए आवंटित था।1
- ⚡ बंद कमरे का रहस्य, दो लाशें—एक लटका, एक जमीन पर ⚡ प्यार, साजिश या हादसा? उलझी मौत की कहानी1
- थाना वृंदावन कोतवाली अंतर्गत पानीघाट क्षेत्र में उस समय सनसनी फैल गई, जब एक बंद कमरे में एक युवती और एक युवक का शव फंदे पर लटका हुआ मिला। घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय लोगों में हड़कंप मच गया और तुरंत पुलिस को सूचना दी गई। सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंची और कमरे का दरवाजा खुलवाकर अंदर का दृश्य देखा, जहां युवक का शव फंदे से लटका हुआ था। और युवती नीचे फर्श पर पड़ी हुई थी। पुलिस ने तत्काल दोनों के शवों को कब्जे में लेकर जांच पड़ताल शुरू कर दी है। वहीं फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण करते हुए अहम साक्ष्य जुटाने में लगी रही। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी भी मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है ताकि घटना के पीछे के कारणों का पता लगाया जा सके। मृतको की पहचान राधिका निवासी जमुनापार व सुभाष निवासी छाता के रूप में हुई है। फिलहाल मौत के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल सका है। पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। और रिपोर्ट आने के बाद ही वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है। पड़ोसियों के अनुसार युवती विगत कई साल से उक्त मकान में किराए कर रह रही थी।1
- इसौली जलेसर मार्ग पर बढ़नपुर गांव के समीप बरगद का पेड़ आंधी में टूट कर गिरा आधी रोड़ को बाधित कर दिया है, जिससे जनता को आवागमन में जटिल समस्याएं आ रही हैं। PWD विभाग फिर भी आँख बन्द करके सो रहा।2
- मजदूर ही असली ताकत! मथुरा में मजदूर दिवस पर श्रमिकों का सम्मान, गूंजे हक के नारे” जहां इंडस्ट्री एरिया स्थित एक कंपनी में **भारतीय श्रमिक कामगार कर्मचारी महासंघ** द्वारा मजदूर दिवस बड़े ही धूमधाम से मनाया गया। इस खास मौके पर संगठन के अध्यक्ष भगत सिंह अरोड़ा ने जानकारी देते हुए बताया कि हर साल की तरह इस बार भी 1 मई को मजदूर दिवस को सम्मान और उत्साह के साथ मनाया गया। कार्यक्रम के दौरान फैक्ट्री में काम करने वाले करीब 15 मजदूरों को दुपट्टा ओढ़ाकर और पुरस्कार राशि देकर सम्मानित किया गया। इतना ही नहीं, कार्यक्रम में मौजूद महासंघ के कार्यकर्ताओं का भी दुपट्टा पहनाकर सम्मान किया गया, जिससे माहौल पूरी तरह सम्मान और उत्साह से भर गया। अध्यक्ष भगत सिंह अरोड़ा ने कहा कि “मजदूर के बिना कोई भी काम पूरा नहीं हो सकता… देश की असली ताकत मजदूर ही हैं।” उन्होंने हाल ही में नोएडा में मजदूरों के साथ हुई घटना की कड़ी निंदा की और सरकार द्वारा मजदूरों की आठ मांगें मानने पर आभार भी जताया। कार्यक्रम के दौरान श्रमिकों ने जोश के साथ नारे लगाए— जो श्रमिकों की बात करेगा, वही देश में राज करेगा! मजदूर दिवस के इस आयोजन ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि देश की तरक्की की असली नींव मजदूर ही हैं।1
- बंद कमरे का रहस्य, दो लाशें—एक लटका, एक जमीन पर प्यार, साजिश या हादसा? उलझी मौत की कहानी1