*बाल वैज्ञानिक स्थानीय समस्याओं पर प्रस्तुत करेंगे शोध एवं नवाचार आधारित परियोजनाएं* मुरैना, 25 अगस्त 2026/भारत सरकार के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय, नई दिल्ली के अधीन राष्ट्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी संचार परिषद द्वारा वर्ष 1993 से प्रतिवर्ष राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस का आयोजन किया जा रहा है। वर्ष 2026-27 में राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस का आयोजन “सततता के लिए विज्ञान एवं नवाचार” विषय पर किया जा रहा है। इसके माध्यम से बाल वैज्ञानिकों को अपने आसपास की स्थानीय समस्याओं को वैज्ञानिक दृष्टिकोण से समझने तथा उनके व्यावहारिक समाधान खोजने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। सहायक संचालक, शिक्षा श्रीमती वर्षा कोली ने बताया कि राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस 10 से 17 वर्ष आयु वर्ग के विद्यार्थियों को स्थानीय समस्याओं पर आधारित शोध एवं परियोजनाएं तैयार कर प्रस्तुत करने का अवसर प्रदान करती है। इसमें 10 से 14 वर्ष आयु वर्ग के विद्यार्थी जूनियर वर्ग तथा 14 से 17 वर्ष आयु वर्ग के विद्यार्थी सीनियर वर्ग में शामिल होंगे। उन्होंने बताया कि मुरैना जिले के शासकीय एवं अशासकीय विद्यालयों के प्राथमिक, माध्यमिक, हाईस्कूल एवं उच्चतर माध्यमिक स्तर पर अध्ययनरत विद्यार्थी अपनी परियोजनाएं तैयार कर राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस में सहभागिता कर सकते हैं। इच्छुक बाल वैज्ञानिकों का ऑनलाइन पंजीयन 30 अगस्त 2026 को शाम 5 बजे तक किया जा सकेगा। पंजीयन एवं परियोजना से संबंधित विस्तृत जानकारी निर्धारित वेबसाइट पर उपलब्ध है। जिला समन्वयक डॉ. राकेश कुमार शर्मा ने बताया कि राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस का प्रमुख उद्देश्य विद्यार्थियों में अपने आसपास के परिवेश को वैज्ञानिक एवं आलोचनात्मक दृष्टिकोण से देखने की क्षमता विकसित करना है। इसके अंतर्गत विद्यार्थी अपने क्षेत्र एवं समाज से जुड़ी महत्वपूर्ण समस्याओं की पहचान करेंगे, उनके मूल कारणों का अध्ययन करेंगे तथा वैज्ञानिक अन्वेषण के माध्यम से उनके व्यावहारिक एवं साक्ष्य आधारित समाधान खोजने का प्रयास करेंगे। कार्यक्रम के अंतर्गत विद्यार्थी अवलोकन, आंकड़ा संग्रहण, प्रयोग, क्षेत्रीय अध्ययन, विश्लेषण, मॉडल निर्माण एवं नवाचार जैसी गतिविधियों के माध्यम से वास्तविक जीवन से जुड़ी चुनौतियों का अध्ययन करेंगे। इससे विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच, जिज्ञासा, तर्कशीलता एवं अनुसंधान की प्रवृत्ति को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही, वे अपने निष्कर्षों को व्यवस्थित एवं प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने के कौशल का विकास कर सकेंगे। राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस में परियोजनाओं की प्रस्तुति के दौरान विद्यार्थियों को अपनी मातृभाषा एवं क्षेत्रीय भाषाओं के उपयोग का अवसर भी मिलेगा। यह कार्यक्रम विद्यार्थियों को विज्ञान एवं नवाचार के माध्यम से स्थानीय समस्याओं के समाधान खोजने तथा समाज के विकास में रचनात्मक भूमिका निभाने के लिए प्रेरित करने वाला महत्वपूर्ण मंच है। कार्यक्रम से संबंधित अधिक जानकारी के लिए जिला समन्वयक डॉ. राकेश कुमार शर्मा के मोबाइल नंबर 9425129238 पर संपर्क किया जा सकता है।
*बाल वैज्ञानिक स्थानीय समस्याओं पर प्रस्तुत करेंगे शोध एवं नवाचार आधारित परियोजनाएं* मुरैना, 25 अगस्त 2026/भारत सरकार के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय, नई दिल्ली के अधीन राष्ट्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी संचार परिषद द्वारा वर्ष 1993 से प्रतिवर्ष राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस का आयोजन किया जा रहा है। वर्ष 2026-27 में राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस का आयोजन “सततता के लिए विज्ञान एवं नवाचार” विषय पर किया जा रहा है। इसके माध्यम से बाल वैज्ञानिकों को अपने आसपास की स्थानीय समस्याओं को वैज्ञानिक दृष्टिकोण से समझने तथा उनके व्यावहारिक समाधान खोजने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। सहायक संचालक, शिक्षा श्रीमती वर्षा कोली ने बताया कि राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस 10 से 17 वर्ष आयु वर्ग के विद्यार्थियों को स्थानीय समस्याओं पर आधारित शोध एवं परियोजनाएं तैयार कर प्रस्तुत करने का अवसर प्रदान करती है। इसमें 10 से 14 वर्ष आयु वर्ग के विद्यार्थी जूनियर वर्ग तथा 14 से 17 वर्ष आयु वर्ग के विद्यार्थी सीनियर वर्ग में शामिल होंगे। उन्होंने बताया कि मुरैना जिले के शासकीय एवं अशासकीय विद्यालयों के प्राथमिक, माध्यमिक, हाईस्कूल एवं उच्चतर माध्यमिक स्तर पर अध्ययनरत विद्यार्थी अपनी परियोजनाएं तैयार कर राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस में सहभागिता कर सकते हैं। इच्छुक बाल वैज्ञानिकों का ऑनलाइन पंजीयन 30 अगस्त 2026 को शाम 5 बजे तक किया जा सकेगा। पंजीयन एवं परियोजना से संबंधित विस्तृत जानकारी निर्धारित वेबसाइट पर उपलब्ध है। जिला समन्वयक डॉ. राकेश कुमार शर्मा ने बताया कि राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस का प्रमुख उद्देश्य विद्यार्थियों में अपने आसपास के परिवेश को वैज्ञानिक एवं आलोचनात्मक दृष्टिकोण से देखने की क्षमता विकसित करना है। इसके अंतर्गत विद्यार्थी अपने क्षेत्र एवं समाज से जुड़ी महत्वपूर्ण समस्याओं की पहचान करेंगे, उनके मूल कारणों का अध्ययन करेंगे तथा वैज्ञानिक अन्वेषण के माध्यम से उनके व्यावहारिक एवं साक्ष्य आधारित समाधान खोजने का प्रयास करेंगे। कार्यक्रम के अंतर्गत विद्यार्थी अवलोकन, आंकड़ा संग्रहण, प्रयोग, क्षेत्रीय अध्ययन, विश्लेषण, मॉडल निर्माण एवं नवाचार जैसी गतिविधियों के माध्यम से वास्तविक जीवन से जुड़ी चुनौतियों का अध्ययन करेंगे। इससे विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच, जिज्ञासा, तर्कशीलता एवं अनुसंधान की प्रवृत्ति को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही, वे अपने निष्कर्षों को व्यवस्थित एवं प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने के कौशल का विकास कर सकेंगे। राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस में परियोजनाओं की प्रस्तुति के दौरान विद्यार्थियों को अपनी मातृभाषा एवं क्षेत्रीय भाषाओं के उपयोग का अवसर भी मिलेगा। यह कार्यक्रम विद्यार्थियों को विज्ञान एवं नवाचार के माध्यम से स्थानीय समस्याओं के समाधान खोजने तथा समाज के विकास में रचनात्मक भूमिका निभाने के लिए प्रेरित करने वाला महत्वपूर्ण मंच है। कार्यक्रम से संबंधित अधिक जानकारी के लिए जिला समन्वयक डॉ. राकेश कुमार शर्मा के मोबाइल नंबर 9425129238 पर संपर्क किया जा सकता है।
- ब्रेकिंग मुरैना - मुरैना जिले की जनपद पंचायत पहाड़गढ़ की ग्राम पंचायत बंधपुरा के सचिव और सरपंच की गांव के ही कुछ लोगों द्वारा मारपीट करने के आरोप लगाये है और जातिगत अपमान का भी लगाया आरोप, मुरैना पुलिस अधीक्षक से की शिकायत।जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर हो रहा वायरल।1
- जौरा शहर में एमएस रोड़ पर तिकोनिया पार्क के पास त्यौहार की भीड़ को दृष्टिगत रखते हुए लगा घंटे तक जाम। जौरा शहर में एमएस रोड़ पर तिकोनिया पार्क के पास त्यौहार की भीड़ को दृष्टिगत रखते हुए लगा घंटों तक जाम जानकारी के अनुसार बता दे कि इस समय सभी ग्रामीण क्षेत्र से किसान खरीदारी के लिए बाजार में उमड़ रहा है इसी भीड़ कोई वजह से तिकोनिया पार्क पर लगा घंटे तक जाम वहीं पर स्थानीय लोगों ने बताया कि तिकोनिया पार्क के पास संचालित एसबीआई बैंक के सामने भी पार्किंग की कोई व्यवस्था नहीं है लोग रोड़ पर ही वाहनों को खड़ा करके बैंक चले जाते हैं इसकी वजह से भी यहां आए दिन जाम की स्थिति निर्मित होती रहती है।1
- मुरैना के सबलगढ़ में सवर्ण समाज के द्वारा गुंजा आरक्षण का मुद्दा उग नायब तहसीलदार को सोपा ज्ञापन3
- वीडियो वायरल होने के बाद शिक्षक निलंबित। वीरपुर के शासकीय प्राथमिक विद्यालय सुठारा से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद शिक्षा विभाग ने कार्रवाई की है। जिला शिक्षा अधिकारी यश जैन ने वायरल वीडियो के आधार पर प्राथमिक शिक्षक श्रीपाल जाटव को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।शिक्षा विभाग की कार्रवाई के बाद मामला क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।1
- सरमथुरा : टाइगर सेंचुरी के विरोध में बाजार रहे बंद @Bharat सरमथुरा : टाइगर सेंचुरी के विरोध में बाजार रहे बंद @Bharat1
- सर्व समाज के बैनर तले 14वें दिन भी धरना जारी, DKTR के विरोध में सरमथुरा बंद,बाजार बंद, हाईवे पर यातायात प्रभावित; जेसीबी पर सवार होकर पहुंचे प्रदर्शनकारी, महिलाओं और ग्रामीणों की बड़ी भागीदारी सरमथुरा। धौलपुर-करौली टाइगर रिजर्व (DKTR) के विरोध में सर्व समाज के बैनर तले बसंतपुरा मोड़ पर चल रहा धरना-प्रदर्शन मंगलवार को 14वें दिन भी जारी रहा। आंदोलन के समर्थन में सरमथुरा कस्बे का बाजार बंद रहा, वहीं बड़ी संख्या में ग्रामीणों और महिलाओं के धरना स्थल पर पहुंचने से आंदोलन ने व्यापक रूप ले लिया। धरना स्थल पर उमड़ी भारी भीड़ के चलते हाईवे पर आवागमन भी प्रभावित रहा। बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी जेसीबी मशीन पर सवार होकर धरना स्थल तक पहुंचे। सर्व समाज के बैनर तले चल रहे आंदोलन में ग्रामीणों ने DKTR को लेकर विस्थापन, पलायन, रोजगार और किसानों से जुड़े मुद्दों पर अपनी चिंताएं जताईं। धरना में महिलाओं और ग्रामीणों की बड़ी भागीदारी धरना स्थल पर उपखंड क्षेत्र के विभिन्न गांवों से ग्रामीणों के साथ बड़ी संख्या में महिलाएं भी पहुंचीं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि टाइगर रिजर्व की प्रक्रिया से क्षेत्र के लोगों की जमीन, खेती, रोजगार और आजीविका प्रभावित होने की आशंका है। ऐसे में स्थानीय लोगों की चिंताओं का समाधान किए बिना आगे की प्रक्रिया नहीं बढ़ाई जानी चाहिए। बाजार बंद से आंदोलन को मिला समर्थन DKTR के विरोध में सरमथुरा कस्बे में बाजार बंद रहा। बाजार बंद के जरिए व्यापारियों और स्थानीय लोगों ने भी आंदोलन को समर्थन दिया। धरना स्थल पर लगातार बढ़ती भीड़ के कारण क्षेत्र में आंदोलन का असर साफ दिखाई दिया। सर्व समाज की एकजुटता बनी आंदोलन की ताकत सर्व समाज के बैनर तले जारी धरने में किसान, ग्रामीण, महिलाएं और विभिन्न वर्गों के लोग एकजुट होकर अपनी आवाज बुलंद कर रहे हैं। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि उनकी मांगें क्षेत्र के लोगों के भविष्य, रोजगार और आजीविका से जुड़ी हैं। जब तक उनकी समस्याओं और आशंकाओं पर ठोस समाधान नहीं निकलता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। बसंतपुरा मोड़ पर 14वें दिन भी जारी धरना अब पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है और सर्व समाज की बढ़ती भागीदारी के साथ आंदोलन लगातार जोर पकड़ता नजर आ रहा है। समाधान जरूरी है।धरना स्थल पर बड़ी संख्या में महिलाओं की मौजूदगी भी आंदोलन की व्यापकता को दर्शा रही है। ग्रामीणों ने कहा कि जब तक उनकी मांगों और चिंताओं पर ठोस समाधान नहीं निकलता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। कस्बे से गांवों तक लामबंद हुए ग्रामीण DKTR के विरोध में सरमथुरा उपखंड क्षेत्र के ग्रामीण लगातार लामबंद हो रहे हैं। मंगलवार को बाजार बंद के साथ लोगों ने आंदोलन को समर्थन दिया। बसंतपुरा मोड़ पर चल रहे धरने में लगातार बढ़ती भीड़ के चलते प्रशासन के लिए भी स्थिति पर नजर बनाए रखना चुनौती बनी हुई है। आंदोलनकारियों ने स्पष्ट किया कि यह लड़ाई केवल एक गांव या क्षेत्र की नहीं, बल्कि किसानों, ग्रामीणों, रोजगार और आने वाली पीढ़ियों के भविष्य से जुड़ा मुद्दा है। धरना स्थल पर ग्रामीणों की भीड़ के बीच “विस्थापन नहीं, रोजगार चाहिए” जैसे मुद्दे प्रमुखता से उठाए जा रहे हैं। 14वें दिन भी आंदोलन जारी रहने से क्षेत्र में आंदोलन का असर लगातार बढ़ता नजर आ रहा है।4
- ब्रैकिग कैलारस - पत्रकार-लोकेश शुक्ला कैलारस ने आज अलोपी शंकर मंदिर, कैलारस पर्वत पर बिराजमान बाबा भोलेशंकर शिवलिंग के दर्शन कर, आशीर्वाद लिया। और यहां पर श्रावण माह में हर सोमवार को हजारों श्रद्धालु दर्शन करने के लिए आते हैं। हर -हर महादेव, हर- हर महादेव।जय हो शिव गौरा पार्वती की जय हो।1
- शादी के करीब डेढ़ महीने बाद पत्नी कथित प्रेमी संग पकड़ी गई, पति ने लगाए गंभीर आरोप झांसी। चिरगांव थाना क्षेत्र से नवविवाहिता से जुड़ा एक मामला सामने आया है। पति ने आरोप लगाया है कि शादी के करीब डेढ़ महीने बाद उसने अपनी पत्नी को उसके कथित प्रेमी के साथ आपत्तिजनक स्थिति में पकड़ लिया। इसके बाद विरोध करने पर उसके साथ मारपीट और गला दबाने की कोशिश किए जाने का भी आरोप लगाया गया है।मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, चिरगांव क्षेत्र के एक युवक की शादी 24 जून 2026 को मध्यप्रदेश के दतिया जिले के भांडेर क्षेत्र की युवती से हुई थी। पति का आरोप है कि शादी के कुछ समय बाद उसे पत्नी के व्यवहार पर शक होने लगा। उसने यह भी आरोप लगाया कि पत्नी उसे दूध या चाय में नींद की दवा देती थी, ताकि वह कथित प्रेमी से बातचीत और मुलाकात कर सके। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। 23 अगस्त को पति ने पत्नी को एक युवक के साथ आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया। पति का आरोप है कि विरोध करने पर पत्नी ने उसके हाथ पकड़ लिए और युवक ने उसके साथ मारपीट करते हुए गला दबाने की कोशिश की। शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे, जिसके बाद स्थिति संभली।घटना के बाद पति अपने परिजनों के साथ झांसी के एसएसपी कार्यालय पहुंचा और शिकायत देकर कार्रवाई तथा सुरक्षा की मांग की। पुलिस अधिकारियों के अनुसार शिकायत प्राप्त हुई है और मामले की जांच की जा रही है। जांच के बाद ही आरोपों की वास्तविकता और आगे की कानूनी कार्रवाई स्पष्ट होगी।1