पश्चिम चंपारण पुलिस ने बेतिया के अमवा टोला किशोरी हत्याकांड का सनसनीखेज खुलासा किया है, जिसमें मृतका की सबसे भरोसेमंद सहेली और उसके प्रेमी को हत्या की साजिश रचने का आरोपी बनाया गया है। पुलिस अधीक्षक कार्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया गया कि इस हत्याकांड की मुख्य वजह प्रेम प्रसंग, आपत्तिजनक तस्वीरें और उन्हें वायरल करने की धमकी थी। पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि नाबालिग आरोपी किशोरी को न्यायिक प्रक्रिया के तहत भेज दिया गया है। यह घटना तब सामने आई जब शिकारपुर थाना क्षेत्र के अमवा टोला सरेह स्थित गन्ने के खेत में एक किशोरी का शव मिला, जिससे पूरे इलाके में हड़कंप मच गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने एक विशेष टीम का गठन कर जांच शुरू की, जिसमें तकनीकी साक्ष्यों, मोबाइल डेटा और गहन पूछताछ के आधार पर घटना की परत-दर-परत सच्चाई सामने आई। जांच में पता चला कि मृतका और आरोपी किशोरी घनिष्ठ सहेलियां थीं। आरोपी किशोरी का निरंजन कुमार नामक युवक से प्रेम संबंध था और उसकी बड़ी बहन का भी किसी अन्य युवक से प्रेम प्रसंग चल रहा था। इन दोनों प्रेम प्रसंगों से जुड़ी कुछ आपत्तिजनक तस्वीरें मृतका के पास थीं। किसी बात पर विवाद बढ़ने के बाद मृतका ने इन तस्वीरों को वायरल करने की धमकी दे दी थी। इसी धमकी से डरकर आरोपी किशोरी ने अपनी सहेली को बहला-फुसलाकर झांसे में लिया और यह कहकर साइकिल से अमवा टोला सरेह स्थित गन्ने के खेत में ले गई कि उसे भी कुछ आपत्तिजनक तस्वीरें दिखानी हैं। वहां पहले से ही उसका प्रेमी निरंजन कुमार मौजूद था। पुलिस के अनुसार, दोनों ने मिलकर सुनियोजित तरीके से किशोरी का गला घोंटकर हत्या कर दी और शव को गन्ने के खेत में छोड़कर फरार हो गए। बाद में खेत से शव बरामद होने के बाद ही यह मामला सामने आया। पुलिस ने इस मामले में आरोपी निरंजन कुमार को गिरफ्तार कर लिया है, और महत्वपूर्ण साक्ष्य के तौर पर चार मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। यह घटना रिश्तों में भरोसे और सोशल मीडिया के दुरुपयोग पर कई गंभीर सवाल खड़े करती है।
पश्चिम चंपारण पुलिस ने बेतिया के अमवा टोला किशोरी हत्याकांड का सनसनीखेज खुलासा किया है, जिसमें मृतका की सबसे भरोसेमंद सहेली और उसके प्रेमी को हत्या की साजिश रचने का आरोपी बनाया गया है। पुलिस अधीक्षक कार्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया गया कि इस हत्याकांड की मुख्य वजह प्रेम प्रसंग, आपत्तिजनक तस्वीरें और उन्हें वायरल करने की धमकी थी। पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि नाबालिग आरोपी किशोरी को न्यायिक प्रक्रिया के तहत भेज दिया गया है। यह घटना तब सामने आई जब शिकारपुर थाना क्षेत्र के अमवा टोला सरेह स्थित गन्ने के खेत में एक किशोरी का शव मिला, जिससे पूरे इलाके में हड़कंप मच गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने एक विशेष टीम का गठन कर जांच शुरू की, जिसमें तकनीकी साक्ष्यों, मोबाइल डेटा और गहन पूछताछ के आधार पर घटना की परत-दर-परत सच्चाई सामने आई। जांच में पता चला कि मृतका और आरोपी किशोरी घनिष्ठ सहेलियां थीं। आरोपी किशोरी का निरंजन कुमार नामक युवक से प्रेम संबंध था और उसकी बड़ी बहन का भी किसी अन्य युवक से प्रेम प्रसंग चल रहा था। इन दोनों प्रेम प्रसंगों से जुड़ी कुछ आपत्तिजनक तस्वीरें मृतका के पास थीं। किसी बात पर विवाद बढ़ने के बाद मृतका ने इन तस्वीरों को वायरल करने की धमकी दे दी थी। इसी धमकी से डरकर आरोपी किशोरी ने अपनी सहेली को बहला-फुसलाकर झांसे में लिया और यह कहकर साइकिल से अमवा टोला सरेह स्थित गन्ने के खेत में ले गई कि उसे भी कुछ आपत्तिजनक तस्वीरें दिखानी हैं। वहां पहले से ही उसका प्रेमी निरंजन कुमार मौजूद था। पुलिस के अनुसार, दोनों ने मिलकर सुनियोजित तरीके से किशोरी का गला घोंटकर हत्या कर दी और शव को गन्ने के खेत में छोड़कर फरार हो गए। बाद में खेत से शव बरामद होने के बाद ही यह मामला सामने आया। पुलिस ने इस मामले में आरोपी निरंजन कुमार को गिरफ्तार कर लिया है, और महत्वपूर्ण साक्ष्य के तौर पर चार मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। यह घटना रिश्तों में भरोसे और सोशल मीडिया के दुरुपयोग पर कई गंभीर सवाल खड़े करती है।
- बेतिया में प्रशासन ने फ्लैग मार्च के माध्यम से लोगों से शांति और भाईचारा बनाए रखने की अपील की है। मुहर्रम पर्व के मद्देनजर, बेतिया के एसपी माननीय कुमार गौतम ने 26.06.2026 को एक संदेश जारी किया, जिसमें सद्भाव बनाए रखने पर विशेष जोर दिया गया।1
- पश्चिम चंपारण के बेतिया स्थित मझौलिया थाना क्षेत्र में पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए सात युवकों को हथियार और कारतूस के साथ गिरफ्तार किया है। ये युवक किसी आपराधिक घटना को अंजाम देने की योजना बना रहे थे। इस मामले में मझौलिया थाने में कांड संख्या 565/26 दर्ज कर आर्म्स एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है। सदर एसडीपीओ अजीत कुमार ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि बुधवार को गुप्त सूचना मिली थी कि मझौलिया थाना क्षेत्र के बेखबरा बिन टोली वार्ड संख्या-07 में कुछ युवक हथियारों के साथ एकत्र हुए हैं और किसी बड़ी आपराधिक वारदात को अंजाम देने की तैयारी कर रहे हैं। इस सूचना को गंभीरता से लेते हुए, इसका तत्काल सत्यापन कराया गया और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया। इस टीम ने तुरंत बताए गए स्थान पर छापा मारा, जहाँ पुलिस को देखते ही युवकों में हड़कंप मच गया। पुलिस ने घेराबंदी कर सातों आरोपितों को मौके से पकड़ लिया। गिरफ्तार किए गए युवकों की पहचान नितेश कुमार (19 वर्ष), बिरजन कुमार (22 वर्ष), मिंटू कुमार (19 वर्ष), रंजीत कुमार (25 वर्ष), श्री मुखिया (24 वर्ष), ललबाबू कुमार (19 वर्ष) और दिनेश कुमार (19 वर्ष) के रूप में हुई है। छापेमारी के दौरान पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से एक देशी कट्टा, दो जिंदा कारतूस, एक ड्राइगर चाकू और चार एंड्रॉयड मोबाइल फोन बरामद किए हैं, जिन्हें जब्त कर लिया गया है। एसडीपीओ अजीत कुमार ने बताया कि सभी गिरफ्तार युवकों से पूछताछ की जा रही है और उनके आपराधिक इतिहास तथा संभावित आपराधिक नेटवर्क से संबंधों की जांच की जा रही है। इसका उद्देश्य यह पता लगाना है कि वे किस वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे और उनके पीछे कौन लोग सक्रिय थे। इस सफल कार्रवाई में एसडीपीओ-1 अजीत कुमार के नेतृत्व में मझौलिया थानाध्यक्ष अमर कुमार, पुलिस पदाधिकारी अनुज कुमार ओझा, रमेश कुमार सिंह और थाना रिजर्व बल के जवान शामिल थे। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से एक संभावित आपराधिक घटना को समय रहते टाल दिया गया, जिससे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था के प्रति लोगों का भरोसा बढ़ा है।1
- एक दिलचस्प टिप्पणी में कहा गया है कि यदि आईपीएल 2026 'आउट' हो जाता है, तो उसके प्रमोशन के लिए 'फेविकोल वालों' से संपर्क किया जाना चाहिए।1
- रोहित शर्मा ने खेल की दुनिया में तीन पुरस्कार हासिल किए हैं।1
- बेतिया के मझौलिया थाना क्षेत्र में पुलिस ने अपराध की योजना बनाते हुए सात युवकों को हथियार और कारतूस के साथ गिरफ्तार किया है। इस मामले में मझौलिया थाना में कांड संख्या 565/26 के तहत आर्म्स एक्ट की धाराओं में कार्रवाई शुरू की गई है। सदर एसडीपीओ अजीत कुमार ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि बुधवार को गुप्त सूचना मिली थी कि मझौलिया थाना क्षेत्र के बेखबरा बिन टोली वार्ड संख्या-07 में कुछ युवक हथियारों से लैस होकर किसी आपराधिक घटना को अंजाम देने की तैयारी कर रहे हैं। इस सूचना के सत्यापन के बाद अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया। पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बताई गई जगह पर छापेमारी की और वहां से नितेश कुमार (19 वर्ष), बिरजन कुमार (22 वर्ष), मिंटू कुमार (19 वर्ष), रंजीत कुमार (25 वर्ष), श्री मुखिया (24 वर्ष), ललबाबू कुमार (19 वर्ष) और दिनेश कुमार (19 वर्ष) नामक सात युवकों को गिरफ्तार कर लिया। छापेमारी के दौरान पुलिस ने इन आरोपितों के पास से एक देशी कट्टा, दो जिंदा कारतूस, एक ड्राइगर चाकू और चार एंड्रॉयड मोबाइल फोन बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए सभी आरोपितों से पूछताछ की जा रही है और उनके आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है। इस कार्रवाई में एसडीपीओ-1 अजीत कुमार के नेतृत्व में मझौलिया थानाध्यक्ष अमर कुमार, अनुज कुमार ओझा, रमेश कुमार सिंह, अन्य पुलिस पदाधिकारी और थाना रिजर्व बल शामिल रहे।4
- प्रशासन ने मुहर्रम पर्व के अवसर पर शांति और भाईचारा बनाए रखने की अपील की है। इस प्रयास के तहत, प्रशासन ने फ्लैग मार्च का आयोजन किया। इसके अतिरिक्त, बुधवार, 26.06.2026 को समाहरणालय सभागार में एक जिला स्तरीय शांति समिति की बैठक भी संपन्न हुई।1
- पश्चिम चंपारण के मझौलिया थाना क्षेत्र में दहेज के लालच ने एक और बेटी, रेशमा खातून, की जान ले ली है, जिससे पूरा परिवार सदमे में है और इलाके में आक्रोश व्याप्त है। रुलही की पुष्पा हत्याकांड की गूंज अभी थमी भी नहीं थी कि धोकराहा पंचायत से यह दर्दनाक मामला सामने आया है। धोकराहा पंचायत के वार्ड संख्या-1 निवासी लालू मियां ने मझौलिया थाना में आवेदन देकर आरोप लगाया है कि उनकी पुत्री रेशमा खातून की शादी लगभग डेढ़ वर्ष पूर्व गढ़वा बाजार निवासी खेदू देवान के पुत्र अफरोज आलम के साथ मुस्लिम रीति-रिवाज से हुई थी। शादी के कुछ समय बाद से ही ससुराल पक्ष द्वारा रेशमा पर दहेज में टीवीएस अपाची मोटरसाइकिल की मांग को लेकर दबाव बनाया जाने लगा था। पीड़ित पिता लालू मियां के अनुसार, रेशमा ने फोन पर कई बार उन्हें बताया था कि यदि दहेज की मांग पूरी नहीं हुई तो उसे जान से मार दिया जाएगा। इसके बाद अचानक उन्हें सूचना मिली कि उनकी बेटी की मृत्यु हो गई है। सूचना मिलने पर 25 जून 2026 की रात करीब 3 बजे लालू मियां अपने सहयोगियों के साथ बेटी के ससुराल पहुंचे, जहाँ उन्होंने रेशमा का शव पड़ा देखा। आवेदन में आरोप लगाया गया है कि जब उन्होंने घटना के बारे में पूछताछ की तो ससुराल पक्ष के लोगों ने उनके साथ गाली-गलौज और मारपीट की, उन्हें घर में बंद कर दिया तथा उनका मोबाइल फोन भी छीन लिया। पीड़ित पिता ने स्पष्ट आरोप लगाया है कि दहेज की मांग को लेकर उनकी बेटी की हत्या की गई और बाद में इस मामले को छिपाने का प्रयास किया गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और वे अपनी बेटी के लिए न्याय की गुहार लगा रहे हैं। इस संबंध में, मझौलिया थानाध्यक्ष अमर कुमार ने बताया है कि प्राप्त आवेदन के आधार पर मामले की जांच की जा रही है और विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।1