मध्य प्रदेश में 'जल गंगा संवर्धन अभियान' के अंतर्गत नरसिंहपुर जिले के ग्राम जगन्नाथपुर के समीप स्थित ग्राम चौकी में एक प्रसिद्ध प्राचीन बावड़ी का संरक्षण और सौंदर्यीकरण कार्य संपन्न हुआ। कलेक्टर श्रीमती रजनी सिंह के निर्देशन तथा सीईओ जिला पंचायत श्री गजेन्द्र सिंह नागेश के मार्गदर्शन में मप्र जनअभियान परिषद नरसिंहपुर के तत्वावधान में मनाए जा रहे 'बावड़ी उत्सव' के तहत यह पहल की गई, जिसका उद्देश्य जल संरक्षण का संदेश देना है। मप्र जनअभियान परिषद के जिला समन्वयक श्री जयनारायण शर्मा ने बताया कि 'बावड़ी उत्सव' के अंतर्गत उक्त बावड़ी में एक सप्ताह तक लगातार श्रमदान किया गया। इस दौरान बावड़ी की साफ-सफाई, मरम्मत, रंगाई-पुताई और आकर्षक पेंटिंग का कार्य किया गया, जिससे इस ऐतिहासिक जल संरचना को एक नया और सुंदर स्वरूप प्राप्त हुआ। यह कार्य नवांकुर संस्था श्री स्वामी साधना सेवा समिति बिल्थारी और भारद्वाज जन कल्याण समिति ईश्वरपुर के नेतृत्व में ग्राम विकास प्रस्फुटन समिति चावरपाठा, चरगुआं, जगन्नाथपुर समिति तथा स्थानीय नागरिकों के सहयोग से पूरा हुआ। उत्सव के दिन बावड़ी परिसर में 'जल चौपाल' का आयोजन किया गया, जहाँ ग्रामीणों को जल संरक्षण और संवर्धन के महत्व के प्रति जागरूक किया गया। बावड़ी परिसर को रंगोली से आकर्षक ढंग से सजाया गया था, जिसके बाद दीप प्रज्ज्वलन और विधिवत पूजन-अर्चन कर बावड़ी के संरक्षण का संकल्प लिया गया। उपस्थित ग्रामीणों ने जल बचाने, वर्षा जल संचयन को बढ़ावा देने और पारंपरिक जल स्रोतों के संरक्षण हेतु सामूहिक शपथ ली। जल चौपाल के दौरान वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि प्राचीन बावड़ियां, कुएं और अन्य जल स्रोत हमारी सांस्कृतिक धरोहर के साथ-साथ जल सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण आधार हैं। उनके संरक्षण और पुनर्जीवन से जल संकट की समस्या का प्रभावी समाधान संभव है। 'जलगंगा संवर्धन अभियान' का लक्ष्य केवल जल स्रोतों का पुनर्जीवन करना नहीं है, बल्कि समाज में जल के प्रति संवेदनशीलता, जिम्मेदारी और जनभागीदारी को भी बढ़ावा देना है।
मध्य प्रदेश में 'जल गंगा संवर्धन अभियान' के अंतर्गत नरसिंहपुर जिले के ग्राम जगन्नाथपुर के समीप स्थित ग्राम चौकी में एक प्रसिद्ध प्राचीन बावड़ी का संरक्षण और सौंदर्यीकरण कार्य संपन्न हुआ। कलेक्टर श्रीमती रजनी सिंह के निर्देशन तथा सीईओ जिला पंचायत श्री गजेन्द्र सिंह नागेश के मार्गदर्शन में मप्र जनअभियान परिषद नरसिंहपुर के तत्वावधान में मनाए जा रहे 'बावड़ी उत्सव' के तहत यह पहल की गई, जिसका उद्देश्य जल संरक्षण का संदेश देना है। मप्र जनअभियान परिषद के जिला समन्वयक श्री जयनारायण शर्मा ने बताया कि 'बावड़ी उत्सव' के अंतर्गत उक्त बावड़ी में एक सप्ताह तक लगातार श्रमदान किया गया। इस दौरान बावड़ी की साफ-सफाई, मरम्मत, रंगाई-पुताई और आकर्षक पेंटिंग का कार्य किया गया, जिससे इस ऐतिहासिक जल संरचना को एक नया और सुंदर स्वरूप प्राप्त हुआ। यह कार्य नवांकुर संस्था श्री स्वामी साधना सेवा समिति बिल्थारी और भारद्वाज जन कल्याण समिति ईश्वरपुर के नेतृत्व में ग्राम विकास प्रस्फुटन समिति चावरपाठा, चरगुआं, जगन्नाथपुर समिति तथा स्थानीय नागरिकों के सहयोग से पूरा हुआ। उत्सव के दिन बावड़ी परिसर में 'जल चौपाल' का आयोजन किया गया, जहाँ ग्रामीणों को जल संरक्षण और संवर्धन के महत्व के प्रति जागरूक किया गया। बावड़ी परिसर को रंगोली से आकर्षक ढंग से सजाया गया था, जिसके बाद दीप प्रज्ज्वलन और विधिवत पूजन-अर्चन कर बावड़ी के संरक्षण का संकल्प लिया गया। उपस्थित ग्रामीणों ने जल बचाने, वर्षा जल संचयन को बढ़ावा देने और पारंपरिक जल स्रोतों के संरक्षण हेतु सामूहिक शपथ ली। जल चौपाल के दौरान वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि प्राचीन बावड़ियां, कुएं और अन्य जल स्रोत हमारी सांस्कृतिक धरोहर के साथ-साथ जल सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण आधार हैं। उनके संरक्षण और पुनर्जीवन से जल संकट की समस्या का प्रभावी समाधान संभव है। 'जलगंगा संवर्धन अभियान' का लक्ष्य केवल जल स्रोतों का पुनर्जीवन करना नहीं है, बल्कि समाज में जल के प्रति संवेदनशीलता, जिम्मेदारी और जनभागीदारी को भी बढ़ावा देना है।
- नरसिंहपुर जिले के करेली नगर में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर कई विद्यालयों में योग कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। पी.एम. श्री कन्या शाला में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में कन्या शाला, सांदीपनि स्कूल और करेली बस्ती हाई स्कूल ने संयुक्त रूप से भाग लिया। इस मौके पर भाजपा जिलाध्यक्ष रामस्नेही पाठक, शिक्षा समिति की अध्यक्ष अनीता नेमा, एडवोकेट संतोष तिहैया, प्राचार्या श्रद्धा श्रीवास्तव और प्राचार्य महेश विश्वकर्मा अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जिनका गुलदस्ते भेंट कर स्वागत किया गया। मंच पर आसीन अतिथियों ने माँ सरस्वती का पूजन कर इस योग कार्यक्रम का शुभारंभ किया। कार्यक्रम के दौरान, वरिष्ठ योग शिक्षक एवं पतंजलि योग समिति के जिला पदाधिकारी सुशील सोनी और प्रकाश सेन ने अभिभावकों, बच्चों, शाला शिक्षकों सहित उपस्थित बंधुओं को प्रोटोकॉल के तहत योग का अभ्यास कराया। उन्होंने योग से होने वाले विभिन्न लाभों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि स्वास्थ्य हमारी पहली प्राथमिकता है और स्वस्थ रहने के लिए नियमित योग अत्यंत आवश्यक है। इस कार्यक्रम का मंच संचालन स्कूल के वरिष्ठ शिक्षक राजेंद्र शर्मा ने किया, जिसमें अन्य बंधुओं की भी उल्लेखनीय उपस्थिति रही। इसी तरह, करेली नगर के बी.एस.एल. स्कूल में भी अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर योग का आयोजन किया गया था।1
- ट्रेन से यात्रा करने वाले सभी यात्रियों को सावधान किया गया है। जानकारी के अनुसार, आगामी 1 जुलाई से ट्रेन यात्रा का पूरा अंदाज बदलने जा रहा है।1
- सिंगपुर बड़ा निवासी ग्रामीण नरसिंहपुर कलेक्ट्रेट पहुंचे और कलेक्टर को एक आवेदन सौंपा। उन्होंने बताया कि वे 2024 से सिधेश्वर आदिवासी समिति में अपना नाम जुड़वाना चाहते हैं, लेकिन अधिकारी जांच का हवाला देकर नाम नहीं जोड़ रहे हैं। अपनी इसी परेशानी को लेकर, ग्रामीणों ने सोमवार को कलेक्टर को आवेदन दिया और समिति में नाम जुड़वाने की मांग की। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि वे मछुवारा समिति में नाम जुड़वाने को लेकर भी 2024 से परेशान हैं।1
- नरसिंहपुर में शादी समारोह में शामिल होने जा रहे एक बाइक चालक को एक चार पहिया वाहन ने जोरदार टक्कर मार दी। इस दुर्घटना में बाइक चालक गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल व्यक्ति को तुरंत जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।1
- Post by Malkhan daas Tirpaliya1
- Post by Jagtapal Yadav g1
- पिपरिया-पचमढ़ी मार्ग पर तेंदुए देखे जाने की खबर सामने आई है। इन वन्यजीवों की उपस्थिति के बाद, सतपुड़ा टाइगर रिजर्व ने संबंधित क्षेत्र में अपनी निगरानी बढ़ा दी है।1
- पिपरिया में टवेरा और स्कॉर्पियो वाहनों के बीच आमने-सामने की भीषण भिड़ंत हो गई, जिसमें एक पति-पत्नी और उनकी आठ वर्षीय बेटी समेत कुल चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इस हादसे में तीन अन्य व्यक्ति मामूली रूप से जख्मी हुए हैं।1