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भारतवर्ष में महिला सशक्तिकरण के नारे के बीच, दिल्ली में मधु जायसवाल ने एक प्रेरणादायक मिसाल पेश की है। उन्होंने एक सामान्य गृहिणी के रूप में शुरुआत करके अपने सपनों को साकार किया और छोटे से लघु उद्योग के सहारे खुद को आगे बढ़ाया। आज उन्हें एक स्थापित ब्रांड के रूप में जाना जाता है, जिन्होंने 'नन्हे पंखों को ऊंची उड़ान' दी है। मधु जायसवाल उन सभी महिलाओं के लिए एक आदर्श उदाहरण हैं जो कुछ करना चाहती हैं लेकिन सहारे की कमी महसूस करती हैं। संवाददाता से बात करते हुए मधु जायसवाल अपने बीते पलों को याद करके भावुक हो गईं। उन्होंने बताया कि उनके द्वारा तैयार किए गए उत्पाद, जिन्हें ग्राहक आमतौर पर Amazon, Flipkart, और Meesho जैसी ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से खरीदते हैं, अब सीधे उनकी पहुँच में होंगे।

2 hrs ago
user_BHARAT TODAY NEWS
BHARAT TODAY NEWS
Media house Saraswati Vihar, North West Delhi•
2 hrs ago

भारतवर्ष में महिला सशक्तिकरण के नारे के बीच, दिल्ली में मधु जायसवाल ने एक प्रेरणादायक मिसाल पेश की है। उन्होंने एक सामान्य गृहिणी के रूप में शुरुआत करके अपने सपनों को साकार किया और छोटे से लघु उद्योग के सहारे खुद को आगे बढ़ाया। आज उन्हें एक स्थापित ब्रांड के रूप में जाना जाता है, जिन्होंने 'नन्हे पंखों को ऊंची उड़ान' दी है। मधु जायसवाल उन सभी महिलाओं के लिए एक आदर्श उदाहरण हैं जो कुछ करना चाहती हैं लेकिन सहारे की कमी महसूस करती हैं। संवाददाता से बात करते हुए मधु जायसवाल अपने बीते पलों को याद करके भावुक हो गईं। उन्होंने बताया कि उनके द्वारा तैयार किए गए उत्पाद, जिन्हें ग्राहक आमतौर पर Amazon, Flipkart, और Meesho जैसी ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से खरीदते हैं, अब सीधे उनकी पहुँच में होंगे।

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  • गाय को भारत का राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग ने देश में एक बड़ा सियासी और सोशल मीडिया संग्राम छेड़ दिया है। यह मांग राजनीतिक गलियारों से लेकर विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर बहस और टकराव का मुख्य विषय बन गई है।
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    गाय को भारत का राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग ने देश में एक बड़ा सियासी और सोशल मीडिया संग्राम छेड़ दिया है। यह मांग राजनीतिक गलियारों से लेकर विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर बहस और टकराव का मुख्य विषय बन गई है।
    user_BHARAT TODAY NEWS
    BHARAT TODAY NEWS
    Media house Saraswati Vihar, North West Delhi•
    1 hr ago
  • Post by Mukammil Rana
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    Post by Mukammil Rana
    user_Mukammil Rana
    Mukammil Rana
    सिविल लाइन्स, मध्य दिल्ली, दिल्ली•
    4 hrs ago
  • पूरे भारत में गौ माता को राष्ट्र माता घोषित करने की मांग लगातार जोर पकड़ रही है, जिसके समर्थन में साधु-संत, गौ रक्षक और कई समाजसेवी संगठन धरना प्रदर्शन व आंदोलन कर रहे हैं। हालांकि, इस प्रबल मांग के साथ ही सड़कों पर गौ माताओं की बेहद दयनीय और दर्दनाक स्थिति भी स्पष्ट रूप से दिखाई देती है। कई जगहों पर गौ माताएं कूड़े के ढेर में प्लास्टिक, पॉलीथिन और गंदगी खाने को मजबूर हैं। इसके अतिरिक्त, डेरी संचालक दूध निकालने के बाद गायों को सड़कों पर लावारिस छोड़ देते हैं, जिसके कारण कई बार उनकी दर्दनाक मौत हो जाती है। यह स्थिति एक महत्वपूर्ण प्रश्न खड़ा करती है कि क्या केवल गौ माता को राष्ट्र माता घोषित करना ही पर्याप्त होगा, या उनके उचित पालन-पोषण और सुरक्षा के लिए ठोस एवं प्रभावी कदम उठाना नितांत आवश्यक है।
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    पूरे भारत में गौ माता को राष्ट्र माता घोषित करने की मांग लगातार जोर पकड़ रही है, जिसके समर्थन में साधु-संत, गौ रक्षक और कई समाजसेवी संगठन धरना प्रदर्शन व आंदोलन कर रहे हैं। हालांकि, इस प्रबल मांग के साथ ही सड़कों पर गौ माताओं की बेहद दयनीय और दर्दनाक स्थिति भी स्पष्ट रूप से दिखाई देती है।

कई जगहों पर गौ माताएं कूड़े के ढेर में प्लास्टिक, पॉलीथिन और गंदगी खाने को मजबूर हैं। इसके अतिरिक्त, डेरी संचालक दूध निकालने के बाद गायों को सड़कों पर लावारिस छोड़ देते हैं, जिसके कारण कई बार उनकी दर्दनाक मौत हो जाती है।

यह स्थिति एक महत्वपूर्ण प्रश्न खड़ा करती है कि क्या केवल गौ माता को राष्ट्र माता घोषित करना ही पर्याप्त होगा, या उनके उचित पालन-पोषण और सुरक्षा के लिए ठोस एवं प्रभावी कदम उठाना नितांत आवश्यक है।
    user_सफाई सैनिक न्यूज़
    सफाई सैनिक न्यूज़
    Artist रोहिणी, उत्तर पश्चिमी दिल्ली, दिल्ली•
    4 hrs ago
  • गौ माता को राष्ट्र माता का दर्जा दिए जाने की एक सबसे बड़ी मांग उठी है। संत समाज ने इस संबंध में एक बड़ा ऐलान किया है, जिसमें कहा गया है कि गौ माता को राष्ट्र माता बनाया जाना चाहिए।
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    गौ माता को राष्ट्र माता का दर्जा दिए जाने की एक सबसे बड़ी मांग उठी है। संत समाज ने इस संबंध में एक बड़ा ऐलान किया है, जिसमें कहा गया है कि गौ माता को राष्ट्र माता बनाया जाना चाहिए।
    user_Amit Saini
    Amit Saini
    Photographer रोहिणी, उत्तर पश्चिमी दिल्ली, दिल्ली•
    4 hrs ago
  • दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री आतिशी मार्लेना ने शालीमार बाग का दौरा किया और जनता को आश्वासन दिया है। यह आश्वासन 'घर बचाओ आंदोलन' के संबंध में दिया गया है, जो शालीमार बाग में चल रहा है। इस आंदोलन से जुड़ा एक नया अपडेट सामने आया है।
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    दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री आतिशी मार्लेना ने शालीमार बाग का दौरा किया और जनता को आश्वासन दिया है। यह आश्वासन 'घर बचाओ आंदोलन' के संबंध में दिया गया है, जो शालीमार बाग में चल रहा है। इस आंदोलन से जुड़ा एक नया अपडेट सामने आया है।
    user_VS NEWS 48 Delhi
    VS NEWS 48 Delhi
    Journalist करोल बाग, मध्य दिल्ली, दिल्ली•
    5 hrs ago
  • कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने गुरुवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने बेंगलुरु में एक प्रेस कांफ्रेंस के दौरान इसकी जानकारी देते हुए कहा कि हाईकमान ने उन्हें इस्तीफा देने को कहा था, जिसके बाद उन्होंने आज इस्तीफा दे दिया। उनके अनुसार, अब अगले मुख्यमंत्री को अवसर मिलना चाहिए। इस दौरान उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार भी उनके साथ मौजूद थे। सिद्धारमैया ने राज्यपाल थावरचंद गहलोत के सेक्रेटरी को अपना इस्तीफा सौंपा, क्योंकि गहलोत पारिवारिक कारणों से बेंगलुरु से बाहर हैं। नियमों के मुताबिक, राज्यपाल की अनुपस्थिति में भी मुख्यमंत्री राजभवन के अधिकारियों को लिखित इस्तीफा सौंप सकते हैं, जिसे राज्यपाल बाद में स्वीकार करते हैं। जब तक इस्तीफा मंजूर नहीं होता, निवर्तमान मुख्यमंत्री ही पद पर बने रहते हैं। इस्तीफा देने से पहले, सिद्धारमैया ने गुरुवार सुबह अपने आवास पर मंत्रियों के साथ एक नाश्ते की बैठक बुलाई, जिसमें उन्होंने अपने फैसले से सभी मंत्रियों को अवगत कराया। इस बैठक में उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने सिद्धारमैया के पैर छुए, जिसके बाद सिद्धारमैया ने उन्हें गले लगा लिया। कर्नाटक सरकार में मंत्री एचके पाटिल ने पुष्टि की कि बैठक में डीके शिवकुमार के नाम पर मुहर लगी और वह अगले मुख्यमंत्री होंगे। इस राजनीतिक फेरबदल के बाद कर्नाटक में तीन प्रमुख संभावनाएं जताई जा रही हैं। पहली, डीके शिवकुमार को शुक्रवार को कांग्रेस विधायक दल का नेता चुना जाएगा, जिसके बाद कांग्रेस उनके नेतृत्व में सरकार बनाने का दावा पेश करेगी। दूसरी, जिस तरह बिहार में NDA ने पूर्व सीएम नीतीश के बेटे को नई सरकार में मंत्री बनाया था, उसी तरह सिद्धारमैया के बेटे को भी मंत्री पद मिल सकता है। तीसरी, मंत्रिमंडल में बड़े फेरबदल की आशंका है, जिसमें लगभग 15 से 20 नए मंत्रियों को शामिल किया जा सकता है और 35 मंत्रियों में से करीब 25 को हटाया जा सकता है। इसके साथ ही, दो उपमुख्यमंत्री भी संभव हैं, जिनमें एक पद किसी दलित चेहरे और दूसरा लिंगायत या ओबीसी नेता को मिल सकता है। कांग्रेस द्वारा मुख्यमंत्री बदलने के पीछे तीन मुख्य वजहें बताई जा रही हैं। पहली, मई 2023 में चुनाव जीतने के बाद सिद्धारमैया और डीके शिवकुमार के बीच मुख्यमंत्री पद को लेकर टकराव की स्थिति उत्पन्न हुई थी, जिस पर राहुल गांधी ने रोटेशनल सीएम फॉर्मूला तय किया था। अब सरकार के तीन साल पूरे होने वाले हैं, ऐसे में डीके शिवकुमार पर दबाव चरम पर था। दूसरी, सिद्धारमैया सरकार वाल्मीकि डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन घोटाला जैसे मामलों में घिर चुकी थी। तीसरी, पार्टी हाईकमान का मानना है कि समय रहते नेतृत्व बदलने से मंत्रियों के खिलाफ पैदा हो रही 'एंटी-इंकम्बेंसी' को खत्म किया जा सकता है।
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    कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने गुरुवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने बेंगलुरु में एक प्रेस कांफ्रेंस के दौरान इसकी जानकारी देते हुए कहा कि हाईकमान ने उन्हें इस्तीफा देने को कहा था, जिसके बाद उन्होंने आज इस्तीफा दे दिया। उनके अनुसार, अब अगले मुख्यमंत्री को अवसर मिलना चाहिए। इस दौरान उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार भी उनके साथ मौजूद थे। सिद्धारमैया ने राज्यपाल थावरचंद गहलोत के सेक्रेटरी को अपना इस्तीफा सौंपा, क्योंकि गहलोत पारिवारिक कारणों से बेंगलुरु से बाहर हैं। नियमों के मुताबिक, राज्यपाल की अनुपस्थिति में भी मुख्यमंत्री राजभवन के अधिकारियों को लिखित इस्तीफा सौंप सकते हैं, जिसे राज्यपाल बाद में स्वीकार करते हैं। जब तक इस्तीफा मंजूर नहीं होता, निवर्तमान मुख्यमंत्री ही पद पर बने रहते हैं।

इस्तीफा देने से पहले, सिद्धारमैया ने गुरुवार सुबह अपने आवास पर मंत्रियों के साथ एक नाश्ते की बैठक बुलाई, जिसमें उन्होंने अपने फैसले से सभी मंत्रियों को अवगत कराया। इस बैठक में उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने सिद्धारमैया के पैर छुए, जिसके बाद सिद्धारमैया ने उन्हें गले लगा लिया। कर्नाटक सरकार में मंत्री एचके पाटिल ने पुष्टि की कि बैठक में डीके शिवकुमार के नाम पर मुहर लगी और वह अगले मुख्यमंत्री होंगे।

इस राजनीतिक फेरबदल के बाद कर्नाटक में तीन प्रमुख संभावनाएं जताई जा रही हैं। पहली, डीके शिवकुमार को शुक्रवार को कांग्रेस विधायक दल का नेता चुना जाएगा, जिसके बाद कांग्रेस उनके नेतृत्व में सरकार बनाने का दावा पेश करेगी। दूसरी, जिस तरह बिहार में NDA ने पूर्व सीएम नीतीश के बेटे को नई सरकार में मंत्री बनाया था, उसी तरह सिद्धारमैया के बेटे को भी मंत्री पद मिल सकता है। तीसरी, मंत्रिमंडल में बड़े फेरबदल की आशंका है, जिसमें लगभग 15 से 20 नए मंत्रियों को शामिल किया जा सकता है और 35 मंत्रियों में से करीब 25 को हटाया जा सकता है। इसके साथ ही, दो उपमुख्यमंत्री भी संभव हैं, जिनमें एक पद किसी दलित चेहरे और दूसरा लिंगायत या ओबीसी नेता को मिल सकता है।

कांग्रेस द्वारा मुख्यमंत्री बदलने के पीछे तीन मुख्य वजहें बताई जा रही हैं। पहली, मई 2023 में चुनाव जीतने के बाद सिद्धारमैया और डीके शिवकुमार के बीच मुख्यमंत्री पद को लेकर टकराव की स्थिति उत्पन्न हुई थी, जिस पर राहुल गांधी ने रोटेशनल सीएम फॉर्मूला तय किया था। अब सरकार के तीन साल पूरे होने वाले हैं, ऐसे में डीके शिवकुमार पर दबाव चरम पर था। दूसरी, सिद्धारमैया सरकार वाल्मीकि डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन घोटाला जैसे मामलों में घिर चुकी थी। तीसरी, पार्टी हाईकमान का मानना है कि समय रहते नेतृत्व बदलने से मंत्रियों के खिलाफ पैदा हो रही 'एंटी-इंकम्बेंसी' को खत्म किया जा सकता है।
    user_Mohit Badtiya
    Mohit Badtiya
    Civil Lines, Central Delhi•
    9 hrs ago
  • बंगाल में सीमा पर बाड़बंदी के काम ने तेज़ी पकड़ी है। एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम में, इस परियोजना के लिए ज़मीन देने का वादा मात्र सात दिनों के भीतर पूरा कर लिया गया है।
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    बंगाल में सीमा पर बाड़बंदी के काम ने तेज़ी पकड़ी है। एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम में, इस परियोजना के लिए ज़मीन देने का वादा मात्र सात दिनों के भीतर पूरा कर लिया गया है।
    user_BHARAT TODAY NEWS
    BHARAT TODAY NEWS
    Media house Saraswati Vihar, North West Delhi•
    1 hr ago
  • दिल्ली पुलिस ने स्नैचिंग के एक मामले में एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। इस मामले में पुलिस ने आरोपी को मात्र 12 दिनों के भीतर सजा दिलवा दी है।
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    दिल्ली पुलिस ने स्नैचिंग के एक मामले में एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। इस मामले में पुलिस ने आरोपी को मात्र 12 दिनों के भीतर सजा दिलवा दी है।
    user_RASHTRA SEARCH NEWS
    RASHTRA SEARCH NEWS
    Media house करोल बाग, मध्य दिल्ली, दिल्ली•
    2 hrs ago
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