बुलंदशहर जिले के शिकारपुर नगर अंतर्गत मौहल्ला लाल दरवाजा में मस्जिद के गेट को लेकर चल रही पुरानी रंजिश ने हिंसक रूप ले लिया। दोनों पक्षों के बीच देखते ही देखते जमकर लाठी-डंडे चले और मारपीट शुरू हो गई, जिसमें दोनों तरफ से कुल सात लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। जानकारी के अनुसार, मौहल्ला लाल दरवाजा स्थित एक मस्जिद में पुराना गेट हटाने और नया गेट लगाने को लेकर दोनों पक्षों के बीच काफी समय से तनातनी चल रही थी। यही विवाद अचानक गहरा गया और कहासुनी से शुरू हुआ यह मामला खूनी संघर्ष में तब्दील हो गया। हंगामे और मारपीट की सूचना मिलते ही कस्बा इंचार्ज जितेंद्र कुमार देशवाल और एसआई गौरव कुमार तुरंत पुलिस टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने सूझबूझ से काम लेते हुए उग्र भीड़ को शांत कराया और स्थिति पर पूरी तरह काबू पाया। इसके बाद पुलिस ने सभी सात घायलों को तुरंत अपनी गाड़ियों से शिकारपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। डॉक्टरों ने सभी का प्राथमिक उपचार किया, लेकिन कुछ घायलों की नाजुक हालत को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है। शिकारपुर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक यज्ञदत्त शर्मा ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए सख्त कार्रवाई की बात कही है। उन्होंने बताया कि मस्जिद के गेट के विवाद को लेकर दो पक्षों में मारपीट की सूचना मिलने पर पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को तुरंत संभाल लिया था। फिलहाल मामले की गहनता से जांच की जा रही है और तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
बुलंदशहर जिले के शिकारपुर नगर अंतर्गत मौहल्ला लाल दरवाजा में मस्जिद के गेट को लेकर चल रही पुरानी रंजिश ने हिंसक रूप ले लिया। दोनों पक्षों के बीच देखते ही देखते जमकर लाठी-डंडे चले और मारपीट शुरू हो गई, जिसमें दोनों तरफ से कुल सात लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। जानकारी के अनुसार, मौहल्ला लाल दरवाजा स्थित एक मस्जिद में पुराना गेट हटाने और नया गेट लगाने को लेकर दोनों पक्षों के बीच काफी समय से तनातनी चल रही थी। यही विवाद अचानक गहरा गया और कहासुनी से शुरू हुआ यह मामला खूनी संघर्ष में तब्दील हो गया। हंगामे और मारपीट की सूचना मिलते ही कस्बा इंचार्ज जितेंद्र कुमार देशवाल और एसआई गौरव कुमार तुरंत पुलिस टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने सूझबूझ से काम लेते हुए उग्र भीड़ को शांत कराया और स्थिति पर पूरी तरह काबू पाया। इसके बाद पुलिस ने सभी सात घायलों को तुरंत अपनी गाड़ियों से शिकारपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। डॉक्टरों ने सभी का प्राथमिक उपचार किया, लेकिन कुछ घायलों की नाजुक हालत को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है। शिकारपुर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक यज्ञदत्त शर्मा ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए सख्त कार्रवाई की बात कही है। उन्होंने बताया कि मस्जिद के गेट के विवाद को लेकर दो पक्षों में मारपीट की सूचना मिलने पर पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को तुरंत संभाल लिया था। फिलहाल मामले की गहनता से जांच की जा रही है और तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
- बुलन्दशहर के खुर्जा देहात थाना क्षेत्र के गंवा गांव के जंगलों में एक व्यक्ति का हाथ-पांव बंधा रक्त रंजित शव मिलने से सनसनी फैल गई है। मृतक की शिनाख्त खुर्जा देहात के भटवारा गांव निवासी जान मोहम्मद के रूप में हुई है। जान मोहम्मद की गला रेतकर हत्या की गई है और उनके सिर पर चोट के निशान भी मिले हैं। जान मोहम्मद कल सुबह अपने घर से ऑटो लेकर निकले थे। इस घटना स्थल से महज 300 मीटर की दूरी से उनका ऑटो भी बरामद कर लिया गया है। वारदात की सूचना मिलने के बाद एसएसपी, एसपी देहात, खुर्जा सीओ समेत कई थानों की पुलिस फोर्स और फॉरेंसिक टीम तुरंत मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। इस सनसनीखेज वारदात का जल्द से जल्द खुलासा करने के लिए एसएसपी ने छह टीमों का गठन किया है।1
- उत्तर प्रदेश सरकार के "वृक्षारोपण महाअभियान" के तहत बुलंदशहर के चोला और ककोड़ थाना परिसरों में रविवार को वृहद पौधा रोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। चोला थाना परिसर में इस अभियान की शुरुआत थाना प्रभारी बलराम सिंह सेंगर के नेतृत्व में हुई, जिसके तहत थाना गेट, बैरक और परेड ग्राउंड में लगभग 300 पौधे लगाए गए। पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने नीम, पीपल, बरगद, अशोक और अमरूद के पौधे लगाकर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया। अधिकारियों ने बताया कि "एक थाना-एक उपवन" की तर्ज पर थाना परिसर को पूरी तरह हरा-भरा बनाया जाएगा और सभी पुलिसकर्मियों को इन पौधों की देखभाल की जिम्मेदारी भी सौंप दी गई है। इसी कड़ी में ककोड़ थाना परिसर में भी थाना प्रभारी सर्जेश कुमार यादव की अगुवाई में बड़े पैमाने पर पौधा रोपण किया गया। इस कार्यक्रम में स्थानीय लेखपाल, ग्राम प्रधान और स्कूली बच्चों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। यहाँ 280 से अधिक फलदार और छायादार पौधे रोपे गए और बच्चों को "पेड़ लगाओ, जीवन बचाओ" का संदेश दिया गया। इस अभियान के दौरान एसडीएम दिनेश चंद ने कहा कि पुलिस सिर्फ कानून व्यवस्था ही नहीं संभालती, बल्कि समाज में जागरूकता फैलाने का काम भी करती है; थानों में इस तरह के पौधा रोपण से आम जनता को भी प्रेरणा मिलेगी। वहीं सीओ दीपक कुमार ने कर्मचारियों को निर्देश दिए कि लगाए गए सभी पौधों की 3 साल तक निरंतर देखभाल की जाए और गर्मियों में इनमें पानी देने की विशेष ड्यूटी तय की जाए। इस अवसर पर चोला और ककोड़ थानों के पुलिसकर्मियों ने प्लास्टिक का उपयोग कम करने और हर महीने कम से कम एक पौधा लगाने की शपथ ली। परिसर में "हरा-भरा थाना" बोर्ड भी लगाया गया। इसके साथ ही, ग्रामीणों ने भी पूरे उत्साह के साथ पौधा रोपण किया और हरियाली की रक्षा का संकल्प लिया। इस दौरान क्षेत्रीय वन अधिकारी, नगर पंचायत कर्मी और स्थानीय ग्रामवासी मौजूद रहे।1
- बुलंदशहर के खुर्जा जंक्शन चौकी क्षेत्र में फ्लाईओवर के पास रहने वाले दीपक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है। इस मामले में मृतक के भाई और मां पर ही हत्या का आरोप लगा है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की पूरी जांच में जुट गई है। दीपक अपनी पत्नी राजकुमारी और दो बच्चों, छह वर्षीय अवि व चार वर्षीय मेघना के साथ रहता था। करीब 15 दिन पहले ही उसकी पत्नी राजकुमारी अपने दोनों बच्चों को लेकर अपने मायके अनूपशहर के गांव एचौरा चली गई थी। बताया जा रहा है कि लगभग 10 दिन पहले दोनों भाइयों ने अपनी जमीन बेची थी। इसके बाद बीती रात शराब पीने के दौरान इनके बीच आपस में कोई विवाद हुआ था। पुलिस द्वारा शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजे जाने के बाद अस्पताल में एक अजीब स्थिति देखने को मिली, जहां लड़के पक्ष का कोई भी व्यक्ति पोस्टमार्टम के वक्त वहां मौजूद नहीं था। इसके विपरीत, लड़की पक्ष के लोग और उनके रिश्तेदार वहां पहुंच चुके थे। इस संवेदनशील मामले में मृतक की पत्नी राजकुमारी और उसकी साली रश्मि के बयान भी सामने आए हैं।3
- अलीगढ़ के गंगीरी में स्थित वैष्णो देवी मंदिर में चोरी की एक वारदात सामने आई है, जहाँ बेखौफ चोरों ने मंदिर के घंटे पार कर दिए हैं। इस वारदात से लोगों की आस्था पर गहरा वार हुआ है और धार्मिक स्थल पर हुई इस चोरी की घटना से क्षेत्र में चोरों के बुलंद होते हौसलों को लेकर स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है।1
- अलीगढ़ के छर्रा में एक नाबालिग बालिका के साथ हुई दरिंदगी की घटना पर कांग्रेस ने कड़ा विरोध जताया है। कांग्रेस ने इस घिनौने कृत्य को अत्यंत निंदनीय करार देते हुए घटना की तीखी भर्त्सना की है। पार्टी ने इस मामले में संलिप्त दोषियों को जल्द से जल्द कानून के कटघरे में खड़ा कर उन्हें कड़ी से कड़ी सजा दिए जाने की पुरजोर मांग उठाई है।1
- बुलंदशहर के स्याना में बुगरासी रोड स्थित एक ओयो गेस्ट हाउस के बाहर बच्चों की सुपुर्दगी को लेकर पति-पत्नी के बीच सड़क पर हाई वोल्टेज ड्रामा हुआ। दिल्ली से अपने माता-पिता के साथ आए गुंजित सिंह और उनकी पत्नी के बीच बच्चों को लेकर कहासुनी शुरू हुई, जो देखते ही देखते विवाद और आपसी भिड़ंत में बदल गई। इस हंगामे को देखने के लिए बुगरासी रोड पर राहगीरों और स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई, जिससे वहां कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। गुंजित सिंह और उनकी पत्नी की शादी 10 वर्ष पहले हुई थी। उनके दो बच्चे हैं, जिनमें 4 वर्षीय फतह सिंह और 7 वर्षीय सुप्रीत सिंह शामिल हैं। दोनों के बीच बच्चों की सुपुर्दगी को लेकर काफी समय से विवाद चल रहा है। पति और उसके माता-पिता का आरोप है कि महिला गेस्ट हाउस में रहकर बच्चों की सुपुर्दगी देने के एवज में पैसे मांग रही थी। इसके साथ ही पति ने ओयो संचालक पर भी पत्नी के साथ मिलकर रंगदारी मांगने का आरोप लगाया है। माहौल बिगड़ता देख स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने दोनों पक्षों को शांत कराया और उन्हें कोतवाली ले आई। कोतवाली प्रभारी राम नारायण सिंह ने बताया कि पति-पत्नी के बीच बच्चों की सुपुर्दगी का यह मामला न्यायालय में विचाराधीन है। फिलहाल पुलिस दोनों पक्षों से अलग-अलग वार्ता कर मामले की बारीकी से जांच कर रही है और न्यायालय के आदेश के अनुसार ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने चेतावनी दी है कि किसी को भी कानून हाथ में लेने की अनुमति नहीं है और कोर्ट में लंबित मामले को लेकर सड़क पर इस तरह का विवाद करना उचित नहीं है।2