मनासा के शासकीय सांदीपनि विद्यालय में नवीन शिक्षा सत्र से कृषि संकाय (एग्रीकल्चर स्ट्रीम) प्रारंभ किया जाएगा। यह महत्वपूर्ण शैक्षणिक सौगात मनासा विधायक अनिरुद्ध (माधव) मारू के प्रयासों के परिणामस्वरूप क्षेत्र के विद्यार्थियों को मिली है। विधायक मारू ने भोपाल से जारी आदेश की प्रति विद्यालय के प्राचार्य बी.एल. बसेर को सौंपी और उन्हें निर्देश दिए कि नए शिक्षा सत्र से कृषि संकाय में विद्यार्थियों के प्रवेश की प्रक्रिया शुरू की जाए। इसका मुख्य उद्देश्य यह है कि क्षेत्र के छात्र-छात्राओं को कृषि शिक्षा प्राप्त करने के लिए अन्य स्थानों पर न जाना पड़े और उन्हें स्थानीय स्तर पर ही गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध हो सके। विधायक मारू ने इस बात पर जोर दिया कि कृषि प्रधान क्षेत्र होने के कारण कृषि शिक्षा का विस्तार समय की आवश्यकता है, जिससे विद्यार्थियों को आधुनिक खेती, कृषि तकनीक और रोजगार के नए अवसरों की जानकारी मिल सकेगी। इस महत्वपूर्ण निर्णय के लिए विधायक मारू ने प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह के प्रति आभार व्यक्त किया है। कृषि संकाय के शुरू होने से मनासा और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों को विशेष लाभ मिलेगा, जिससे कृषि शिक्षा को एक नई दिशा प्राप्त होगी।
मनासा के शासकीय सांदीपनि विद्यालय में नवीन शिक्षा सत्र से कृषि संकाय (एग्रीकल्चर स्ट्रीम) प्रारंभ किया जाएगा। यह महत्वपूर्ण शैक्षणिक सौगात मनासा विधायक अनिरुद्ध (माधव) मारू के प्रयासों के परिणामस्वरूप क्षेत्र के विद्यार्थियों को मिली है। विधायक मारू ने भोपाल से जारी आदेश की प्रति विद्यालय के प्राचार्य बी.एल. बसेर को सौंपी और उन्हें निर्देश दिए कि नए शिक्षा सत्र से कृषि संकाय में विद्यार्थियों के प्रवेश की प्रक्रिया शुरू की जाए। इसका मुख्य उद्देश्य यह है कि क्षेत्र के छात्र-छात्राओं को कृषि शिक्षा प्राप्त करने के लिए अन्य स्थानों पर न जाना पड़े और उन्हें स्थानीय स्तर पर ही गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध हो सके। विधायक मारू ने इस बात पर जोर दिया कि कृषि प्रधान क्षेत्र होने के कारण कृषि शिक्षा का विस्तार समय की आवश्यकता है, जिससे विद्यार्थियों को आधुनिक खेती, कृषि तकनीक और रोजगार के नए अवसरों की जानकारी मिल सकेगी। इस महत्वपूर्ण निर्णय के लिए विधायक मारू ने प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह के प्रति आभार व्यक्त किया है। कृषि संकाय के शुरू होने से मनासा और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों को विशेष लाभ मिलेगा, जिससे कृषि शिक्षा को एक नई दिशा प्राप्त होगी।
- मध्य प्रदेश के गांधी सागर में मगरमच्छों की एक नई पीढ़ी को कैमरे में कैद किया गया है। इन 'नन्हे शिकारियों' यानी छोटे मगरमच्छों को देखा गया है, जिसकी जानकारी हेड ब्यूरो मंगल देव राठौर की एक खास रिपोर्ट में दी गई है।1
- Post by VIJESH BANJARA1
- बेगूं में एक खेत में बारिश के बीच भी एक किसान को फवारे से पानी देते हुए देखा गया है।1
- योग दिवस के पावन अवसर पर, श्री सांवलिया सेठ जी के दिव्य मंगला आरती दर्शन संपन्न हुए। इस दौरान भक्तों को योग दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं भी दी गईं। यह भी बताया गया कि अपने क्षेत्र की सभी खबरें देखने और उन्हें साझा करके कमाई करने के लिए शुरू ऐप डाउनलोड किया जा सकता है।1
- मध्य प्रदेश के मंदसौर जिले में स्थित शामगढ़ से रामप्रसाद धनगर गुर्जर ने अपनी एक खास खबर और रिपोर्ट भेजी है।1
- दहेज मृत्यु के एक मामले को झूठा पाए जाने के बाद एक नया और गंभीर सवाल उठ खड़ा हुआ है। मामले की जाँच के दौरान जब्त किए गए करोड़ों रुपये के जेवर आखिर कहाँ गए? इस सवाल के जवाब में अधिकारियों द्वारा “बंदर ले गए” कहने से जनता में भारी रोष और अविश्वास का माहौल है। इस हैरान कर देने वाले जवाब के बाद अब जनता पूछ रही है कि आखिर इतना शातिर कौन निकला—बंदर, या कोई और? करोड़ों की कीमत के जेवरों के गायब होने और ऐसा बेतुका जवाब मिलने पर सवाल उठना स्वाभाविक है। आम लोग मांग कर रहे हैं कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जाँच होनी चाहिए ताकि सच्चाई सामने आ सके। यह भी रेखांकित किया गया है कि जनता का विश्वास बनाए रखने के लिए जवाबदेही और पारदर्शिता अत्यंत आवश्यक है।1
- पुलिस ने नीमच में एसपी व्यास के निर्देश पर एक जन जागरूकता अभियान चलाया। इस पहल के तहत, नशा विरोधी अभियान का संचालन किया गया, जिसमें छात्रों ने शपथ ली।1
- मध्य प्रदेश हेड ब्यूरो मंगल देव राठौर की एक खास रिपोर्ट में रामलला के चढ़ावे की चोरी का एक वीडियो सामने आया है। इस वीडियो में दिखाया गया है कि कैसे गिनती के दौरान गुप्त तरीके से इस चोरी को अंजाम दिया गया। रिपोर्ट में इस कृत्य को रामलला की धरोहर चुराने वाले 'कलंकी' लोगों का काम बताया गया है।1
- मंदसौर जिले के शामगढ़ से रामप्रसाद धनगर गुर्जर ने एक खास रिपोर्ट प्रस्तुत की है। यह रिपोर्ट रामप्रसाद धनगर गुर्जर की ही खबर है।1