Shuru
Apke Nagar Ki App…
फिलीपींस के दावाओ ऑक्सिडेंटल में 7.8 तीव्रता के एक शक्तिशाली भूकंप ने लोगों में भारी दहशत फैला दी। यह घटना उस वक्त हुई जब एक झंडा समारोह चल रहा था, और अचानक धरती कांप उठी। जमीन हिलते ही समारोह में मौजूद लोगों के बीच अफरा-तफरी मच गई और वे सभी सुरक्षित स्थानों की ओर भागने लगे। भूकंप के झटके इतने तीव्र थे कि लोगों के चेहरों पर डर साफ झलक रहा था। इस घटना ने एक बार फिर यह दिखा दिया कि प्रकृति की अपार शक्ति के सामने इंसान कितना असहाय है, क्योंकि कुछ ही पलों में एक सामान्य माहौल भय और अनिश्चितता में बदल गया। भूकंप के बाद, प्रशासन और राहत एजेंसियां स्थिति पर लगातार नजर रख रही हैं और संभावित नुकसान का आकलन किया जा रहा है।
Nawaz ahmad Rizvi
फिलीपींस के दावाओ ऑक्सिडेंटल में 7.8 तीव्रता के एक शक्तिशाली भूकंप ने लोगों में भारी दहशत फैला दी। यह घटना उस वक्त हुई जब एक झंडा समारोह चल रहा था, और अचानक धरती कांप उठी। जमीन हिलते ही समारोह में मौजूद लोगों के बीच अफरा-तफरी मच गई और वे सभी सुरक्षित स्थानों की ओर भागने लगे। भूकंप के झटके इतने तीव्र थे कि लोगों के चेहरों पर डर साफ झलक रहा था। इस घटना ने एक बार फिर यह दिखा दिया कि प्रकृति की अपार शक्ति के सामने इंसान कितना असहाय है, क्योंकि कुछ ही पलों में एक सामान्य माहौल भय और अनिश्चितता में बदल गया। भूकंप के बाद, प्रशासन और राहत एजेंसियां स्थिति पर लगातार नजर रख रही हैं और संभावित नुकसान का आकलन किया जा रहा है।
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- दुधवा के घने जंगलों की प्राकृतिक सुंदरता उस समय और अधिक निखर उठी, जब वन्यजीव अपने प्राकृतिक आवास में स्वच्छंद विचरण करते हुए दिखाई दिए। पेट्रोलिंग के दौरान, दुधवा रेलवे स्टेशन परिसर में एक भालू को सीधे देखा गया, जिससे वहां मौजूद लोगों में काफी उत्साह का माहौल बन गया। वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि जंगल में भालू की मौजूदगी एक स्वस्थ वन क्षेत्र और समृद्ध जैव विविधता का स्पष्ट संकेत मानी जाती है। दुधवा जैसे संरक्षित वन क्षेत्र में वन्यजीवों की सक्रिय उपस्थिति यह दर्शाती है कि यहां का प्राकृतिक पर्यावरण उनके लिए पूरी तरह अनुकूल बना हुआ है। भालू के रेलवे स्टेशन के निकट पहुंचने की सूचना मिलते ही, वहां मौजूद कर्मचारियों, पर्यटकों और स्थानीय लोगों ने उसे सुरक्षित दूरी से देखा। भालू कुछ देर तक क्षेत्र में विचरण करता रहा और फिर वापस जंगल की ओर लौट गया। इस पूरे घटनाक्रम के दौरान किसी भी प्रकार की कोई अप्रिय घटना सामने नहीं आई। वन विभाग ने लोगों से अपील की है कि वन्यजीव दिखाई देने पर उनके करीब जाने या उन्हें परेशान करने का प्रयास न करें, बल्कि सुरक्षित दूरी बनाए रखें। अधिकारियों का कहना है कि दुधवा में इस प्रकार की वन्यजीव साइटिंग न केवल प्रकृति प्रेमियों के लिए एक रोमांचक अनुभव प्रदान करती है, बल्कि यह क्षेत्र की समृद्ध वन्य संपदा का भी बेहतरीन परिचायक है।2
- लखीमपुर खीरी जिले में एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहाँ तेंदुए के हमले में 7 वर्षीय मासूम शुभम की दुखद मौत हो गई। इस घटना के बाद, स्थानीय ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। अपने आक्रोश को व्यक्त करने के लिए, ग्रामीणों ने ईसानगर-खमरिया मार्ग पर जाम लगा दिया।2
- गोला गोकर्णनाथ में भारतीय बजरंग दल के जिलाध्यक्ष अनूप गुप्ता ने नगर पालिका और हिंदू संगठन के सहयोग से कुंभी ब्लॉक की सराय नदी में फंसे गोवंश को सुरक्षित बाहर निकाला। अनूप गुप्ता ने बताया कि इस घटना की सूचना देने के लिए उन्होंने बीडीओ को दो बार फोन किया, लेकिन उन्होंने कॉल नहीं उठाई, जिसके बाद उन्हें मजबूरन खुद मौके पर जाकर बचाव कार्य कराना पड़ा। अनूप गुप्ता ने प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसमें उन्होंने कहा कि गौशाला का पैसा केवल कागजों में है और सराय नदी की सफाई कई सालों से नहीं हुई है। उन्होंने बताया कि नदी में फैली घास और जलकुंभी के कारण गोवंश उसकी गहराई को समझ नहीं पाते और डूब जाते हैं। अनूप गुप्ता ने प्रशासन से सराय नदी की तत्काल सफाई कराने और गोवंश के संरक्षण के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की है।2
- कौशांबी में स्थित महाराजा कड़ेदीन पासी जी के किले को धार्मिक प्रदर्शन का मंच बनाए जाने के प्रयासों पर पासी समाज ने गहरा रोष व्यक्त किया है। समाज ने स्पष्ट किया है कि यह किला कौशांबी की ऐतिहासिक विरासत, पासी समाज के स्वाभिमान और उनके पूर्वजों के गौरव का प्रतीक है, न कि किसी धार्मिक आयोजन का स्थल। आरोप है कि कुछ लोग जानबूझकर कड़ा धाम की ऐतिहासिक पहचान को धूमिल करने का प्रयास कर रहे हैं। पासी समाज ने कड़े शब्दों में चेतावनी दी है कि महाराजा कड़ेदीन पासी जी की इस धरोहर के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ स्वीकार नहीं किया जाएगा। समाज ने #KaushambiPolice और प्रशासन से तत्काल मामले का संज्ञान लेने और इस ऐतिहासिक स्थल की गरिमा व पहचान को सुरक्षित रखने की पुरजोर मांग की है। समाज ने यह भी कहा है कि यदि उनकी भावनाओं की लगातार उपेक्षा की गई, तो कौशांबी का पासी समाज लोकतांत्रिक तरीके से एकजुट होकर एक बड़ा जनआंदोलन खड़ा करेगा। समाज ने अपने संदेश में यह भी याद दिलाया कि इतिहास मिटाने वालों के नाम मिट जाते हैं, जबकि इतिहास बनाने वालों की विरासत सदियों तक जीवित रहती है। इसके साथ ही, महाराजा कड़ेदीन पासी जी अमर रहें और कड़ा धाम की गरिमा पर आंच नहीं आने दी जाएगी, पासी समाज का स्वाभिमान सर्वोपरि है, जैसे नारों के साथ समाज ने अपने दृढ़ संकल्प को व्यक्त किया है।1
- कौशांबी में महाराजा कड़ेदीन पासी जी के किले को धार्मिक प्रदर्शन का मंच बनाए जाने का पासी समाज ने कड़ा विरोध किया है। समाज ने स्पष्ट किया है कि यह किला कोई धार्मिक स्थल नहीं, बल्कि कौशांबी की ऐतिहासिक विरासत, पासी समाज के स्वाभिमान और उनके पूर्वजों के गौरव का प्रतीक है। पासी समाज ने आरोप लगाया है कि कुछ लोग जानबूझकर कड़ा धाम की ऐतिहासिक पहचान को धूमिल करने का प्रयास कर रहे हैं। पासी समाज ने दृढ़ता से कहा है कि महाराजा कड़ेदीन पासी जी की इस धरोहर के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ स्वीकार नहीं किया जाएगा। इसी कड़ी में, उन्होंने #KaushambiPolice और प्रशासन से तत्काल मामले का संज्ञान लेने तथा इस ऐतिहासिक स्थल की गरिमा और पहचान को सुरक्षित रखने की मांग की है। समाज ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी भावनाओं की लगातार उपेक्षा की गई, तो कौशांबी का पासी समाज लोकतांत्रिक तरीके से एकजुट होकर एक बड़ा जनआंदोलन खड़ा करेगा। इस विषय पर अपनी अटल स्थिति स्पष्ट करते हुए, पासी समाज ने कहा कि इतिहास मिटाने वालों के नाम मिट जाते हैं, जबकि इतिहास बनाने वालों की विरासत सदियों तक जीवित रहती है। उनके संकल्प के मूल में "महाराजा कड़ेदीन पासी अमर रहें", "कड़ा धाम की गरिमा पर आंच नहीं आने देंगे" और "पासी समाज का स्वाभिमान सर्वोपरि है" जैसे उदघोष शामिल हैं।1
- सोमवार को फिलीपींस के मिंडानाओ क्षेत्र में एक शक्तिशाली भूकंप आया, जिसके बाद तत्काल सुनामी की चेतावनी जारी कर दी गई। जर्मन रिसर्च सेंटर फॉर जियोसाइंसेज (GFZ) ने शुरुआत में भूकंप की तीव्रता 8.2 बताई थी, जिसे बाद में संशोधित कर 7.8 आंका गया। इस भूकंप की गहराई लगभग 10 किलोमीटर दर्ज की गई है। भूकंप के उपरांत, अमेरिका की सुनामी चेतावनी प्रणाली ने अलर्ट जारी किया। इसी के साथ, जापान और ताइवान सहित प्रशांत क्षेत्र के कई अन्य देशों ने भी अपने तटीय क्षेत्रों के लिए चेतावनी जारी की है। प्रभावित इलाकों से नुकसान की खबरें सामने आई हैं और लोगों से समुद्र तटों से दूर रहने की अपील की जा रही है। प्रशांत क्षेत्र के विभिन्न देश स्थिति पर कड़ी निगरानी रख रहे हैं, और आपदा प्रबंधन एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हैं।2
- कुरुक्षेत्र के LNJP अस्पताल में एक डॉक्टर द्वारा एक नाबालिग लड़की के साथ किए गए ग'लत काम के मामले पर महिला आयोग की चेयरपर्सन रेनू भाटिया ने अस्पताल का दौरा किया। उन्होंने इस घटना को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की। रेनू भाटिया ने इस बात पर जोर दिया कि डॉक्टर को अक्सर भगवान का रूप मानकर उनके पास लोग मदद के लिए जाते हैं, ऐसे में इस तरह का कु'कृत्य अत्यंत चिंताजनक विषय है।1
- निघासन विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत सिंधौना में नालियों की नियमित सफाई न होने के कारण ग्रामीणों को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। गांव की कई नालियां कूड़े-कचरे और गंदे पानी से भरी हुई हैं, जिससे पूरे जल निकासी तंत्र पर बुरा असर पड़ा है। नालियों में जमा इस गंदगी से न केवल पूरे क्षेत्र में दुर्गंध फैल रही है, बल्कि आसपास रहने वाले लोगों में बीमारियों का खतरा भी काफी बढ़ गया है। ग्रामीणों का कहना है कि पिछले कई महीनों से इन नालियों की सफाई नहीं कराई गई है, जिसके चलते प्लास्टिक, पॉलिथीन और अन्य कचरा जमा होकर पानी के बहाव को पूरी तरह रोक चुका है। इसके परिणामस्वरूप, कई स्थानों पर गंदा पानी जमा हो रहा है, जो मच्छरों और अन्य हानिकारक कीटों के पनपने का प्रमुख कारण बन रहा है। ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द से जल्द सफाई व्यवस्था को दुरुस्त करने की मांग की है। उन्होंने यह चिंता भी व्यक्त की है कि यदि बरसात का मौसम आने से पहले यह समस्या हल नहीं की गई, तो जलभराव की स्थिति और भी गंभीर हो जाएगी, जिससे आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित होगा। इस संबंध में ग्राम प्रधान सरस्वती देवी ने बताया कि उन्हें मामले की जानकारी मिलते ही सफाई कर्मियों को स्थिति से अवगत करा दिया गया है। उन्होंने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि गांव की नालियों की सफाई जल्द ही कराई जाएगी ताकि उन्हें किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। प्रधान ने यह भी कहा कि स्वच्छता व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।2
- वाराणसी में स्कूल से लौट रही छात्राओं के साथ छेड़खानी का मामला सामने आया है, जहाँ एक आरोपी ने छात्राओं को जबरन अपनी स्कूटी पर बैठाने की कोशिश की। यह पूरी घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। पुलिस ने इस मामले में तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और उसे जेल भेज दिया गया है।1