बाराबंकी डीएम के हस्तक्षेप से टूटा 35 वर्षों से अधिक का इंतज़ार, चकबन्दी वाद का हुआ समाधान जिलाधिकारी का जनता दर्शन बना प्रभावी मंच, लंबित प्रकरणों का त्वरित व प्रभावी निस्तारण जिलाधिकारी बाराबंकी श्री शशांक त्रिपाठी की अध्यक्षता में आयोजित जनसुनवाई कार्यक्रम आमजन की समस्याओं के समाधान का सशक्त एवं परिणामोन्मुखी मंच बनता जा रहा है, जहां प्रत्येक प्रकरण का गंभीरता से संज्ञान लेते हुए उसका त्वरित एवं प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित किया जा रहा है। जनसुनवाई में प्रस्तुत पहला प्रकरण ग्राम गोबरहा (गौरसादिकपुर) परगना देवा, तहसील नवाबगंज निवासी श्रीमती तारावती उर्फ लीलावती से संबंधित था, जो विगत 35 वर्षों से चकबन्दी न्यायालय में लंबित चला आ रहा था।आवेदिका द्वारा जिलाधिकारी को अवगत कराया गया कि वर्षों से प्रकरण लंबित होने के कारण उन्हें न्याय नहीं मिल पा रहा है। मामले की गंभीरता को दृष्टिगत रखते हुए जिलाधिकारी ने तत्काल संबंधित पीठासीन अधिकारी चकबन्दी अधिकारी सदर प्रथम को तलब कर प्रकरण का गुण-दोष के आधार पर शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। निर्देशों के अनुपालन में अधिकारी द्वारा त्वरित सुनवाई करते हुए प्रकरण का निस्तारण कर दिया गया, जिससे वर्षों पुराना विवाद समाप्त हो सका। इसी क्रम में दूसरा प्रकरण श्री सुनील कुमार गुप्ता, श्री ज्ञानेंद्र कुमार सोनी एवं श्री ओमप्रकाश गुप्ता, निवासी ग्राम अनवारी, परगना कुर्सी, तहसील फतेहपुर से संबंधित था, जिसमें आवेदकों के प्लाट पर वर्ष 2024 से भूमि कब्जेदारी का मामला न्यायालय में विचाराधीन था। जनसुनवाई में प्रकरण प्रस्तुत होने पर जिलाधिकारी ने तत्काल संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्यवाही हेतु निर्देशित किया। त्वरित कार्रवाई करते हुए धारा 134 वाद के अंतर्गत कब्जा दिलाया गया, जिससे आवेदकों को राहत प्राप्त हुई। दोनों ही प्रकरणों में शीघ्र निस्तारण से संतुष्ट आवेदकगण ने जिलाधिकारी के समक्ष उपस्थित होकर आभार व्यक्त किया तथा जिला प्रशासन की कार्यप्रणाली की सराहना की। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने कहा कि मा० मुख्यमंत्री जी की मंशा के अनुरूप आमजन को त्वरित, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण न्याय उपलब्ध कराना शासन-प्रशासन की शीर्ष प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि जनसुनवाई आमजन की समस्याओं के समाधान का एक सशक्त माध्यम है तथा प्रत्येक प्रकरण का समयबद्ध, पारदर्शी एवं न्यायसंगत निस्तारण सुनिश्चित करना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी के क्रम में सभी अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि लंबित प्रकरणों की नियमित समीक्षा कर उनका शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित किया जाए तथा किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनावश्यक विलंब कदापि स्वीकार नहीं किया जाएगा।
बाराबंकी डीएम के हस्तक्षेप से टूटा 35 वर्षों से अधिक का इंतज़ार, चकबन्दी वाद का हुआ समाधान जिलाधिकारी का जनता दर्शन बना प्रभावी मंच, लंबित प्रकरणों का त्वरित व प्रभावी निस्तारण जिलाधिकारी बाराबंकी श्री शशांक त्रिपाठी की अध्यक्षता में आयोजित जनसुनवाई कार्यक्रम आमजन की समस्याओं के समाधान का सशक्त एवं परिणामोन्मुखी मंच बनता जा रहा है, जहां प्रत्येक प्रकरण का गंभीरता से संज्ञान लेते हुए उसका त्वरित एवं प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित किया जा रहा है। जनसुनवाई में प्रस्तुत पहला प्रकरण ग्राम गोबरहा (गौरसादिकपुर) परगना देवा, तहसील नवाबगंज निवासी श्रीमती तारावती उर्फ लीलावती से संबंधित था, जो विगत 35 वर्षों से चकबन्दी न्यायालय में लंबित चला आ रहा था।आवेदिका द्वारा जिलाधिकारी को अवगत कराया गया कि वर्षों से प्रकरण लंबित होने के कारण उन्हें न्याय नहीं मिल पा रहा है। मामले की गंभीरता को दृष्टिगत रखते हुए जिलाधिकारी ने तत्काल संबंधित पीठासीन अधिकारी चकबन्दी अधिकारी सदर प्रथम को तलब कर प्रकरण का गुण-दोष के आधार पर शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। निर्देशों के अनुपालन में अधिकारी द्वारा त्वरित सुनवाई करते हुए प्रकरण का निस्तारण कर दिया गया, जिससे वर्षों पुराना विवाद समाप्त हो सका। इसी क्रम में दूसरा प्रकरण श्री सुनील कुमार गुप्ता, श्री
ज्ञानेंद्र कुमार सोनी एवं श्री ओमप्रकाश गुप्ता, निवासी ग्राम अनवारी, परगना कुर्सी, तहसील फतेहपुर से संबंधित था, जिसमें आवेदकों के प्लाट पर वर्ष 2024 से भूमि कब्जेदारी का मामला न्यायालय में विचाराधीन था। जनसुनवाई में प्रकरण प्रस्तुत होने पर जिलाधिकारी ने तत्काल संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्यवाही हेतु निर्देशित किया। त्वरित कार्रवाई करते हुए धारा 134 वाद के अंतर्गत कब्जा दिलाया गया, जिससे आवेदकों को राहत प्राप्त हुई। दोनों ही प्रकरणों में शीघ्र निस्तारण से संतुष्ट आवेदकगण ने जिलाधिकारी के समक्ष उपस्थित होकर आभार व्यक्त किया तथा जिला प्रशासन की कार्यप्रणाली की सराहना की। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने कहा कि मा० मुख्यमंत्री जी की मंशा के अनुरूप आमजन को त्वरित, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण न्याय उपलब्ध कराना शासन-प्रशासन की शीर्ष प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि जनसुनवाई आमजन की समस्याओं के समाधान का एक सशक्त माध्यम है तथा प्रत्येक प्रकरण का समयबद्ध, पारदर्शी एवं न्यायसंगत निस्तारण सुनिश्चित करना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी के क्रम में सभी अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि लंबित प्रकरणों की नियमित समीक्षा कर उनका शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित किया जाए तथा किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनावश्यक विलंब कदापि स्वीकार नहीं किया जाएगा।
- बाराबंकी पुलिस ने पेट्रोल पंप पर हुई चोरी का खुलासा किया है। स्वाट/सर्विलांस और रामनगर थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी के पास से चोरी की गई 9 लाख 11 हजार 180 रुपये नकद, एक लोहे की तिजोरी और घटना में इस्तेमाल की गई साइकिल बरामद की गई है।यह घटना 13 अप्रैल 2026 की रात करीब 12:30 बजे से 1 बजे के बीच हुई थी। ओम सांई फिलिंग स्टेशन (ग्राम दलसराय) के कार्यवाहक मैनेजर भानू प्रताप सिंह ने रामनगर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि पेट्रोल पंप के ऑफिस के बगल के स्टोर रूम से लॉकर में रखा तेल बिक्री का कैश, लॉकर सहित अज्ञात चोर द्वारा चुरा लिया गया था। इस शिकायत के आधार पर रामनगर थाने में अज्ञात चोरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था।पुलिस अधीक्षक बाराबंकी, अर्पित विजयवर्गीय ने घटना के शीघ्र अनावरण और अभियुक्त की गिरफ्तारी के निर्देश दिए थे। निर्देशों के क्रम में, गुरुवार को संयुक्त पुलिस टीम ने मैनुअल इंटेलिजेंस, डिजिटल डेटा और सीसीटीवी कैमरों की मदद से घटना का खुलासा किया। पुलिस ने मोनू विश्वकर्मा पुत्र रामू विश्वकर्मा, निवासी तारापुर गुमान, थाना रामनगर, जनपद बाराबंकी को गिरफ्तार किया।अभियुक्त की निशानदेही पर चोरी की गई तिजोरी, 9,11,180 रुपये और घटना में प्रयुक्त साइकिल बरामद की गई। पूछताछ और जांच में पता चला कि मोनू विश्वकर्मा दलसराय स्थित पेट्रोल पंप पर वाहनों में हवा भरने का काम करता था। उसे पेट्रोल पंप में रखी तिजोरी के बारे में पहले से जानकारी थी और उसने लालच में आकर चोरी की योजना बनाई थी।घटना वाले दिन, मोनू विश्वकर्मा रात करीब 10 बजे अपने घर से साइकिल पर निकला। उसने पेट्रोल पंप से पहले चकरोड के पास साइकिल खड़ी की और पेट्रोल पंप की बाउंड्री के पास गया। उसने सीसीटीवी कैमरे की दिशा बदल दी, तिजोरी चुराई और उसे साइकिल से ले जाकर थोड़ी दूर मैदान के पीछे झाड़ियों के बीच मिट्टी में गाड़कर छिपा दिया था।यह जानकारी पुलिस लाइन सभागार में प्रेस वार्ता करके गुरुवार करीब ढाई बजे अपर पुलिस अधीक्षक विकास चंद्र त्रिपाठी ने दी।1
- जस्वाट/सर्विलांस व थाना रामनगर की संयुक्त पुलिस टीम द्वारा पेट्रोल पम्प पर चोरी की घटना से सम्बन्धित 01 अभियुक्त की गिरफ्तारी व कब्जे/निशांदेही से 09 लाख 11 हजार 180 रुपये, 01 अदद लोहे की तिजोरी के बरामदगी के सम्बन्ध में अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी, बाराबंकी श्री विकास चन्द्र त्रिपाठी की बाइट1
- पत्रकार रामजी दीक्षित कि रिपोर्ट बजरंग दल के जिला सह संयोजक विनय वर्मा समाज सेवी के द्वारा धर्मयात्री का भव्य स्वागत, चार धाम व 12 ज्योतिर्लिंग की पदयात्रा पर निकले विकास चौहान आज हनुमान मंदिर रनियामऊ बजरंग दल के तत्वावधान में एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बजरंग दल के जिला सह संयोजक विनय वर्मा समाज सेवी, द्वारा धर्म यात्री विकास चौहान का माल्यार्पण कर जोरदार स्वागत किया गया। इस दौरान बजरंग दल के विनय वर्मा समाज सेवी के द्वारा विकास चौहान के ठहरने व भोजन की समुचित व्यवस्था रति विश्राम रनियामऊ में कराई गई। कार्यक्रम में चौकी प्रभारी सुढ़ियामऊ राम अवतार, दीवान रामचंद्र यादव खंड संयोजक सूरज , इशांत सिंह, राज पटेल समाज सेवी एवं हाईकोर्ट के अधिवक्ता गौरव सोनी अवधेश वर्मा गोलू वर्मा रंजीत यादव सहित कई गणमान्य लोग व कार्यकर्ता उपस्थित रहे। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण असम के होजई जिले के निवासी युवक विकास चौहान रहे, जो सनातन धर्म के प्रचार-प्रसार के उद्देश्य से पदयात्रा पर निकले हैं। उन्होंने बताया कि वे पिछले 57 दिनों से लगातार पैदल यात्रा कर रहे हैं और उनका लक्ष्य चार धाम एवं 12 ज्योतिर्लिंग की यात्रा लगभग 2 वर्षों में पूर्ण करना है। विकास चौहान ने जानकारी दी कि उनकी यात्रा सिलीगुड़ी से प्रारंभ हुई है और अब तक वे देवघर ज्योतिर्लिंग व काशी विश्वनाथ ज्योतिर्लिंग के दर्शन कर चुके हैं। यात्रा के दौरान वे विभिन्न धार्मिक स्थलों पर पहुंचकर आशीर्वाद प्राप्त कर रहे हैं तथा लोगों को सनातन धर्म के प्रति जागरूक कर रहे हैं। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों ने धर्मयात्री के संकल्प की सराहना करते हुए उनके उज्ज्वल व सफल यात्रा की कामना की।2
- लखनऊ के विकास नगर में झोपड़ पट्टी में आग लगने से सौ से अधिक घर जले लोग अपनो की तलाश में अभी भी जुटे हैं दस से पन्द्रह सैलेंडर आग में दगे1
- *हेडलाइन:* बदायूं: 'एनकाउंटर के डर से बहन ने लगाई गुहार', सीओ को सौंपा प्रार्थना पत्र *टेकलाइन:* "भाई को घर से उठा ले गई पुलिस, कार में डालकर कहीं छुपाया" - बहन का आरोप, फर्जी मुठभेड़ का डर *स्टंट लाइन:* परिजनों को नहीं दी जा रही जानकारी, बहन बोली- 'भाई को सकुशल वापस लाओ' --- *विस्तार से खबर:* *बदायूं:* सहसवान क्षेत्र में एक महिला ने सीओ सहसवान को प्रार्थना पत्र देकर अपने भाई को सकुशल छुड़ाने की गुहार लगाई है। महिला का आरोप है कि पुलिस उसके भाई को घर से उठाकर ले गई है और अब एनकाउंटर का डर सता रहा है। *क्या है मामला?* पीड़ित बहन का आरोप है कि पुलिस उसके भाई को घर से उठाकर कार में डालकर कहीं छुपा दिया है। परिजनों को युवक के बारे में कोई जानकारी नहीं दी जा रही। बहन ने आशंका जताई है कि पुलिस उसके भाई की फर्जी मुठभेड़ कर सकती है या उसे फर्जी मुकदमे में फंसा सकती है। *सीओ को दिया प्रार्थना पत्र:* बहन ने सीओ सहसवान को प्रार्थना पत्र देकर पूरे मामले से अवगत कराया है। उसने मांग की है कि उसके भाई को तुरंत सामने लाया जाए और उसे सकुशल रिहा किया जाए। *परिजनों में दहशत:* इस घटना के बाद परिजनों में दहशत का माहौल है। उनका कहना है कि बिना किसी सूचना के पुलिस युवक को उठाकर ले गई और अब उसका कुछ पता नहीं चल रहा। फिलहाल पुलिस की तरफ से इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। क्या आप जानना चाहेंगे कि पुलिस ने इस आरोप पर क्या सफाई दी या युवक पर पहले से कोई मुकदमा दर्ज है?1
- के घटना के संबंधित 01अभियुक्त की गिरफ्तारी व कब्जे/निशांदेही से 09 लाख 11 हजार 180 रुपये, 01 अदद लोहे की तिजोरी के बरामदगी के सम्बन्ध में अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी, बाराबंकी श्री विकास चन्द्र त्रिपाठी की बाइट-*1
- please sabhi Adhikari mahoday Ji Se nivedan Hai kripya iski jaanch honi chahie1
- बाराबंकी जिला अस्पताल के ट्रामा सेंटर में हृदय रोग विशेषज्ञ न होने के कारण एक मरीज की मौत हो गई। कंधईपुर निवासी जुबैर को दिल का दौरा पड़ा था, लेकिन समय पर इलाज न मिलने से उनकी जान चली गई।जानकारी के अनुसार, जिला अस्पताल में कई वर्षों से हृदय रोग विशेषज्ञ की तैनाती नहीं हुई है। इस अभाव के कारण हृदय संबंधी आपात स्थितियों में मरीजों को उचित उपचार नहीं मिल पाता।अस्पताल में हृदय रोग विशेषज्ञों की अनुपस्थिति के चलते आए दिन दिल के दौरे से मरीजों की मौत की खबरें सामने आती रहती हैं। यह घटना अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाओं की कमी को उजागर करती है।1