विकास नगर में विकास करते दिखे शख़्स से बने शख्सियत की दीर्घा में पहुंचे हुए लोग। शख़्स से शख्सियत बने लोग। जब जब दुनिया में मतलब परस्त लोग बढ़ते जाते हैं, जिन्हे अपने फायदे और अपनी खुशी के आगे कुछ नज़र नहीं आता है,, उस फायदे और खुशी को हासिल करने के लिए वो बड़े से बड़े गुनाह भी कर रहे होते हैं!* *तब तब ऐसे लोग भी नज़र आते हैं जो अपनी खुशियों से ज़्यादा दूसरों की खुशियों का ध्यान रख रहे होते हैं,,करोना काल में जहां बहुत सारे लोग आक्सीजन, इंजेक्शन, दवाई और कफ़न व चिता की लकड़ी में पैसा कमा कर अपनी खुशियों को बढ़ाना चाह रहे थे, तो वहीं तमाम लोग फ्री आक्सीजन गैस देकर, फ्री राशन देकर, एक दूसरे की मदद कर रहे थे, साथ ही फ्री कफ़न दफन करके फ़्री में चिता का इंतज़ाम करके एक दूसरे के गम को हल्का कर रहे थे।* *ऐसे मिजाज़ के काफ़ी लोग रहे जिन्होंने छुप कर भी सामने रह कर भी किसी के माध्यम से भी इंसानियत की खूब खूब मदद की, ऐसे लोग आज किसी तार्रुफ के मोहताज नहीं हैं, ऊपर वाले ने उनको चमकते सितारे जैसा बना रखा है, जिनकी चमक ज़माने में बखूबी देखी जा सकती है!अल्लाह ने जिससे भी अपने रास्ते के काम लेना चाहा उससे नेक काम ले लिया।* *पूरे देश में ऐसे लोगों की फेहरिस्त काफ़ी लम्बी है, जिन्होंने बगैर धर्म देखे लोगों की हर पायदान पर मदद की है!* *अपना लखनऊ हमेशा गंगा जमुनी तहज़ीब के साथ हर आपदा, हर मुसीबत में हर ग़मज़दा लोगों के साथ खड़ा नज़र आता है, और पीड़ितों के साथ इतना कर जाता है, कि पीड़ितों को आपदा की मार फीकी लगने लगती है।* *अपने लखनऊ के कुछ लोगों के नाम मेरे जहन में हैं जिनकी शान में कुछ लिखने में मेरी कलम को भी फख्र महसूस होगा!फेहरिस्त तो बहुत लम्बी है सबके नाम लेख में आना मुमकिन नहीं है पर अपने लेख के माध्यम से मैं सबके लिए यही कहूंगा कि उन सबकी खिदमत को अल्लाह कुबूल करे और सबसे राज़ी हो, जो जिस भी तरह से समाज में अपना योगदान दे रहे हैं।* *चर्चित नामों में सय्यद बाबर अशरफ, आबिद कुरैशी, सलाउद्दीन मुस्सन, अहमद मियां, मौलाना फजलुर्रहमान, अरूण प्रताप सिंह, मौलाना कल्ब-ए-जवाद, सुशील दुबे दादा, डॉo सुल्तान शाकिर हाशमी, मुबारक हुसैन, गौसिया ख़ानम, राशिद अली मिनाई, बॉम्बे के हुसैन मंसूरी, मोहम्मद कैफ़, फारूख जहां, नुरैन नवाब, सय्यद मुज़ीब, ज़ुबैर अहमद, गुंजन वर्मा, फ़खरुल हसन, पूजा शुक्ला, अरशद मुर्तजा वारसी, डॉo मेराज, डॉo शहज़ाद, गुल सिद्दीकी, हुस्न आरा, चांद कुरैशी, मोहम्मद अनस, शिखा दीदी, मुर्तुजा अली, शाहाना सिद्दीकी, इमरान कुरैशी, कुदरत खान, मोहनीश त्रिवेदी, एहसन रईस, निदा फातिमा, सलमान रिज़वी, बलबीर सिंह मान, गुलशेर आज़ाद, रफ़ीक अहमद, शादाब चौधरी, अफाक अहमद, आमिर मुख्तार, एन.आलम, डॉo रूबी राज सिन्हा, सलीम अहमद, तनवीर अहमद, फैसल मुजीब, राम गोपाल, मोहम्मद चांद, जमील मलिक, सिराज अहमद, हनीफ खान, नईम सिद्दीकी, आरिफ़ ज्वैलर्स, अब्दुल वहीद, अज़ीज़ सिद्दीकी, मोनी मिश्रा, आफाक अहमद मंसूरी, हादी उमर, नेहा सिंह, मोहम्मद सैफ़, अनीता चंडोक, पार्षद एहसान अहमद, और इनके जैसे हज़ारों लोग जो किसी देवदूत और फरिश्तों से कम नज़र नहीं आते हैं,,,,* *जो ज़रूरत मंद लोगों को लगातार राशन, कम्बल, कपड़े, ऑक्सीजन, दवाई, व खाना तथा आर्थिक मदद मुहैया कराते रहते हैं।* *इन जैसों की नेक हरकतों से साफ ज़ाहिर है कि अगर इनके जैसे लोग ना होते तो करोना के वक़्त भी मरने वालों का आंकड़ा कुछ और ही होता!* *बहरहाल इन देवदूतों की कार्यशैली का वो सिलसिला आज भी ज़ारी है, इंसानियत का कोई धर्म नहीं होता, और ये सब लोग धर्म से ऊपर उठ कर बग़ैर किसी का धर्म देखे इंसान की खिदमत करते हुए इंसानियत को ज़िन्दा रखते हुए नज़र आते हैं।* *आज मतलब परस्त दुनिया में ऐसे लोगों को देखो, तो अनायास ही मुंह से निकल जाता है कि* *यही हैं वो लोग जो "शख़्स" से एक "शख्सियत" बन चुके हैं।* अल्लाह सबसे राज़ी हो 🤲
विकास नगर में विकास करते दिखे शख़्स से बने शख्सियत की दीर्घा में पहुंचे हुए लोग। शख़्स से शख्सियत बने लोग। जब जब दुनिया में मतलब परस्त लोग बढ़ते जाते हैं, जिन्हे अपने फायदे और अपनी खुशी के आगे कुछ नज़र नहीं आता है,, उस फायदे और खुशी को हासिल करने के लिए वो बड़े से बड़े गुनाह भी कर रहे होते हैं!* *तब तब ऐसे लोग भी नज़र आते हैं जो अपनी खुशियों से ज़्यादा दूसरों की खुशियों का ध्यान रख रहे होते हैं,,करोना काल में जहां बहुत सारे लोग आक्सीजन, इंजेक्शन, दवाई और कफ़न व चिता की लकड़ी में पैसा कमा कर अपनी खुशियों को बढ़ाना चाह रहे थे, तो वहीं तमाम लोग फ्री आक्सीजन गैस देकर, फ्री राशन देकर, एक दूसरे की मदद कर रहे थे, साथ ही फ्री कफ़न दफन करके फ़्री में चिता का इंतज़ाम करके एक दूसरे के गम को हल्का कर रहे थे।* *ऐसे मिजाज़ के काफ़ी लोग रहे जिन्होंने छुप कर भी सामने रह कर भी किसी के माध्यम से भी इंसानियत की खूब खूब मदद की, ऐसे लोग आज किसी तार्रुफ के मोहताज नहीं हैं, ऊपर वाले ने उनको चमकते सितारे जैसा बना रखा है, जिनकी चमक ज़माने में बखूबी देखी जा सकती है!अल्लाह ने जिससे भी अपने रास्ते के काम लेना चाहा उससे नेक काम ले लिया।* *पूरे देश में ऐसे लोगों की फेहरिस्त काफ़ी लम्बी है, जिन्होंने बगैर धर्म देखे लोगों की हर पायदान पर मदद की है!* *अपना लखनऊ हमेशा गंगा जमुनी तहज़ीब के साथ हर आपदा, हर मुसीबत में हर ग़मज़दा लोगों के साथ खड़ा नज़र आता है, और पीड़ितों के साथ इतना कर जाता है, कि पीड़ितों को आपदा की मार फीकी लगने लगती है।* *अपने लखनऊ के कुछ लोगों के नाम मेरे जहन में हैं जिनकी शान में कुछ लिखने में मेरी कलम को भी फख्र महसूस होगा!फेहरिस्त तो बहुत लम्बी है सबके नाम लेख में आना मुमकिन नहीं है पर अपने लेख के माध्यम से मैं सबके लिए यही कहूंगा कि उन सबकी खिदमत को अल्लाह कुबूल करे और सबसे राज़ी हो, जो जिस भी तरह से समाज में अपना योगदान दे रहे हैं।* *चर्चित नामों में सय्यद बाबर अशरफ, आबिद कुरैशी, सलाउद्दीन मुस्सन, अहमद मियां, मौलाना फजलुर्रहमान, अरूण प्रताप सिंह, मौलाना कल्ब-ए-जवाद, सुशील दुबे दादा, डॉo सुल्तान शाकिर हाशमी, मुबारक हुसैन, गौसिया ख़ानम, राशिद अली मिनाई, बॉम्बे के हुसैन मंसूरी, मोहम्मद कैफ़, फारूख जहां, नुरैन नवाब, सय्यद मुज़ीब, ज़ुबैर अहमद, गुंजन वर्मा, फ़खरुल हसन, पूजा शुक्ला, अरशद मुर्तजा वारसी, डॉo मेराज, डॉo शहज़ाद, गुल सिद्दीकी, हुस्न आरा, चांद कुरैशी, मोहम्मद अनस, शिखा दीदी, मुर्तुजा अली, शाहाना सिद्दीकी, इमरान कुरैशी, कुदरत खान, मोहनीश त्रिवेदी, एहसन रईस, निदा फातिमा, सलमान रिज़वी, बलबीर सिंह मान, गुलशेर आज़ाद, रफ़ीक अहमद, शादाब चौधरी, अफाक अहमद, आमिर मुख्तार, एन.आलम, डॉo रूबी राज सिन्हा, सलीम अहमद, तनवीर अहमद, फैसल मुजीब, राम गोपाल, मोहम्मद चांद, जमील मलिक, सिराज अहमद, हनीफ खान, नईम सिद्दीकी, आरिफ़ ज्वैलर्स, अब्दुल वहीद, अज़ीज़ सिद्दीकी, मोनी मिश्रा, आफाक अहमद मंसूरी, हादी उमर, नेहा सिंह, मोहम्मद सैफ़, अनीता चंडोक, पार्षद एहसान अहमद, और इनके जैसे हज़ारों लोग जो किसी देवदूत और फरिश्तों से कम नज़र नहीं आते हैं,,,,* *जो ज़रूरत मंद लोगों को लगातार राशन, कम्बल, कपड़े, ऑक्सीजन, दवाई, व खाना तथा आर्थिक मदद मुहैया कराते रहते हैं।* *इन जैसों की नेक हरकतों से साफ ज़ाहिर है कि अगर इनके जैसे लोग ना होते तो करोना के वक़्त भी मरने वालों का आंकड़ा कुछ और ही होता!* *बहरहाल इन देवदूतों की कार्यशैली का वो सिलसिला आज भी ज़ारी है, इंसानियत का कोई धर्म नहीं होता, और ये सब लोग धर्म से ऊपर उठ कर बग़ैर किसी का धर्म देखे इंसान की खिदमत करते हुए इंसानियत को ज़िन्दा रखते हुए नज़र आते हैं।* *आज मतलब परस्त दुनिया में ऐसे लोगों को देखो, तो अनायास ही मुंह से निकल जाता है कि* *यही हैं वो लोग जो "शख़्स" से एक "शख्सियत" बन चुके हैं।* अल्लाह सबसे राज़ी हो 🤲
- दिनदहाड़े ज्वेलरी शोरूम में लूट, 5 बदमाश 20 लाख के जेवर लेकर फरार 📍 पटना। राजधानी में अपराधियों के हौसले बुलंद नजर आ रहे हैं। रामकृष्ण नगर थाना क्षेत्र में दिनदहाड़े एक ज्वेलरी शोरूम में घुसकर 5 हथियारबंद बदमाशों ने लूट की बड़ी वारदात को अंजाम दे दिया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, हेलमेट पहने बदमाश अचानक दुकान में घुस आए और पिस्टल के बल पर दुकानदार व मौजूद ग्राहकों को बंधक बना लिया। बदमाशों ने कुछ ही मिनटों में करीब 15 से 20 लाख रुपये के सोने-चांदी के जेवर लूट लिए। विरोध करने पर दुकानदार के साथ मारपीट भी की गई, जिससे वह घायल हो गया। बताया जा रहा है कि बदमाश दो बाइकों से पहुंचे थे। वारदात के दौरान तीन बदमाश दुकान के अंदर रहे, जबकि दो बाहर निगरानी करते रहे। पूरी घटना दुकान में लगे CCTV कैमरों में कैद हो गई है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। पुलिस ने CCTV फुटेज के आधार पर बदमाशों की पहचान करने की कोशिश तेज कर दी है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम गठित कर छापेमारी की जा रही है। इस घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। दिनदहाड़े हुई इस लूट से राजधानी की कानून-व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।1
- *"बडा खाना" आयोजन पुलिस लाइन सुलतानपुरः-*1
- बरेली स्थित मनोना धाम श्री श्याम मंदिर में लगी भक्तों की भारी भीड़ मंदिर में जो भी भक्त आते हैं श्री श्याम बाबा की कृपा पाकर जाते हैं मनोना धाम में भक्तों के सारे रोग दुख दर्द दूर हो जाते हैं1
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- *पुलिस कमिश्नरेट लखनऊ* प्रेस नोट सं0-634 दिनांक-20.04.2026 *जोन-पूर्वी/थाना-चिनहट* • *क्राइम/सर्विलांस टीम पूर्वी जोन व थाना चिनहट की संयुक्त पुलिस टीम द्वारा खुद की नाबालिग बेटी को झाड़फूंक के बहाने थाना क्षेत्र बड्डूपुर जनपद बाराबंकी में ले जाकर गला घोंटकर हत्या करने तथा शव की पहचान छुपाने लिए एसिड से चेहरा जलाकर शव को शारदा नहर बड्डूपुर, बाराबंकी में छुपाने वाले पिता व उसका साथी अभियुक्त को किया गया गिरफ्तार ।* • घटना मे प्रयुक्त चार पहिया वाहन व मोबाईल फोन बरामद । *01-कार्यवाही-* थाना चिनहट पुलिस टीम द्वारा थाना स्थानीय पर दिनांक 16.04.2026 को आनलाईन प्राप्त IGRS आवेदक विजय कुमार चौबे पुत्र कृपा शंकर चौबे निवासी इमलीबाथम धावा थाना चिनहट लखनऊ की जांच के क्रम प्रकाश मे आये अभियुक्तगण (1) विजय कुमार चौबे पुत्र कृपा शंकर चौबे निवासी म0नं0 538 धावा खसरा संख्या 453 शाहू सोसाइटी थाना चिनहट लखनऊ उम्र 34 वर्ष (2) अब्दुल मन्नान पुत्र मोहम्द याकूब निवासी नाजिर बाग कालोनी मल्हौर रोड थाना चिनहट जनपद लखनऊ उम्र 45 वर्ष को गहन पूछताछ के दौरान थाना चिनहट कार्यालय से गिरफ्तार कर आवश्यक कार्यवाही की जा रही है। *02-संक्षिप्त विवरण-* थाना स्थानीय पर दिनांक 16.04.2026 को जरिये आनलाईन IGRS के माध्यम से आवेदक विजय कुमार चौबे पुत्र कृपा शंकर चौबे निवासी इमलीबाथम धावा थाना चिनहट लखनऊ द्वारा अपनी खुद की पुत्री नाबालिग के घर से गायब होने की सूचना दी गयी। प्राप्त आईजीआरएस की जांच उ0नि0 अजय कुमार को आवंटित किया गया नियमानुसार जांच अधिकारी द्वारा जांच किया जा रहा था जांच के क्रम मे सुमित सिंह व आदर्श शुक्ला से पूछताछ व काल रिकार्डिंग के अवलोकन से प्रकाश मे आये प्रकरण के सम्बन्ध मे आवेदक विजय कुमार चौबे पुत्र कृपा शंकर चौबे निवासी म0नं0 538 धावा खसरा संख्या 453 शाहू सोसाइटी थाना चिनहट लखनऊ से जांच गहनता से की गयी। गहनता से साक्ष्य एकत्र किये गये तो पाया गया कि आईजीआरएस आवेदक विजय कुमार चौबे और उसका साथी अब्दुल मन्नान द्वारा आवेदक विजय कुमार चौबे की स्वयं की नाबालिग पुत्री को किराये की कार से थाना क्षेत्र बड्डूपुर जनपद बाराबंकी मे ले जाकर उसकी गला घोटकर हत्या करने, हत्या कर शव के पहचान का साक्ष्य छुपाने के लिए एसिड डालकर चेहरा जलाने व साक्ष्य मिटाने का अपराध तथा अपने द्वारा किये अपराध से बचने के लिए आनलाईन आईजीआरएस देने का अपराध कारित किया जाना पाया गया। अभियुक्तगण 1.विजय कुमार चौबे पुत्र कृपा शंकर चौबे निवासी म0नं0 538 धावा खसरा संख्या 453 शाहू शोसाइटी थाना चिनहट लखनऊ उम्र 34 वर्ष 2. अब्दुल मन्नान पुत्र मोहम्द याकूब निवासी नाजिर बाग कालोनी मल्हौर रोड थाना चिनहट लखनऊ उम्र 45 वर्ष को अन्तर्गत धारा 103(1)/238/3(5) बीएनएस के तहत गिरफ्तार कर अग्रिम विधिक कार्यवाही किया जा रहा है। *02-पूछताछ का विवरण-* अभियुक्त द्वारा बताया गया कि मै अपनी लडकी के व्यवहार से बहुत परेशान हो गया था तथा मेरी समाजिक प्रतिष्ठा धूमिल होने का डर था इसलिए मैने अपने दोस्त के साथ मिलकर प्लानिंग की थी । दिनांक 13.04.2026 को मैंने किराये पर गाडी लिया तथा उसी दिन दोपहर के समय घर से अपनी पुत्री को जनपद सुल्तानपुर मे झाड़ फूक कराने का बहाना बनाकर घर से लेकर निकला तथा चिनहट तिराहे पर फोन करके अब्दुल मन्नान को बुलाकर गाडी मे बैठा कर सुल्तानपुर की ओर निकल लिए तथा सुल्तानपुर के रास्ते मे हम लोग उस रात्रि को एक ढाबे पर रुककर खाना खाये और वहीं रात मे रूक गये तथा अगले दिन सुबह हम लोग सुल्तानपुर से लखनऊ की ओर आये तथा रात होने का इन्तजार करने लगे रात्रि होने के पश्चात हम लोग लखनऊ से बाराबंकी तथा बाराबंकी से देवा और देवा से कुर्सी रोड की ओर खाली व सूनसान रास्ता खोजते हुए जा रहे थे कि कुर्सी रोड पर ही रास्ते मे रात्रि करीब 01 से 02 बजे के बीच मे खाली सूनसान रास्ता मिलने पर रोड के किनारे गाडी लगाकर पीछे सीट पर सो रही बेटी को दोनो तरफ से कार के अन्दर ही पकड़ कर मेरे द्वारा गला कसकर दबाया गया जिसका वह विरोध करने लगी तभी अब्दुल मन्नान ने गला दबाने मे मेरी मदद की मैंने तब तक अपनी बेटी का गला दबाये रखा जब तक कि उसका शरीर शान्त नहीं हो गया तभी इतने मे ही मेरे साथी अब्दुल मन्नान द्वारा अपने गले मे लटके हुए सफेद रंग के गमछे से मेरी बेटी का गला कस दिया। जिससे कि उसकी मौके पर ही मृत्यु हो गयी। हम लोगो को पूरा विश्वास हो गया कि मेरी बेटी अब मर चुकी है तो उसके शव को छुपाने के लिए हम लोग पास मे ही शारदा नहर के पास गाडी रोके तथा शव को नहर मे फेंकने के लिए कार से नीचे उतारे । मेरी बेटी का कोई चेहरा न पहचान पाये इसलिए पूर्व से ही हम लोगो द्वारा गाडी मे रखे हुए तेजाब को अपनी बेटी के मुह पर डाल कर जला दिया , तभी रोड पर वाहनो के आने की आहट सुनाई व दिखाई पडी इसलिए जल्दी से मै और अब्दुल मन्नान अपनी कार को लेकर भाग निकले। *03-अनावरित अभियोग का विवरण-* (1) मु0अ0स0-207/2026 धारा 103(1)/238/3(5) बीएनएस थाना चिनहट जनपद लखनऊ अभियुक्तगण उपरोक्त के अन्य आपराधिक इतिहास की जानकारी की जा रही है। *04-गिरफ्तार अभियुक्तों का विवरण-* 1. *विजय कुमार* चौबे पुत्र कृपा शंकर चौबे निवासी म0नं0 538 धावा खसरा संख्या 453 शाहू सोसाइटी थाना चिनहट लखनऊ उम्र 34 वर्ष 2. *अब्दुल मन्नान* पुत्र मोहम्द याकूब निवासी नाजिर बाग कालोनी मल्हौर रोड थाना चिनहट जनपद लखनऊ उम्र 45 वर्ष *05-घटना से सम्बन्धित माल बरामदगी का विवऱण –* हत्या की घटना मे प्रयुक्त चारपहिया वाहन UP32ST1780 02 अदद मोबाईल फोन *06-गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम का विवरणः-* थाना चिनहट क्राइम/सर्विलांस टीम पूर्वी जोन 1. उ0नि0 अजय कुमार उ0नि0 अमरनाथ चौरसिया 2. व0उ0नि0 मनोज कुमार हे0का0 संदीप पाण्डेय 3. उ0नि0 धनंजय कुमार सिंह का0 अजय यादव 4. उ0नि0 दीपक पाण्डेय का0 प्रदीप कुमार 5. उ0नि0 विकास तिवारी का0 विमल चन्द्र पाल 6. हे0का0 राजकुमार का0 दलवीर2
- आज हम आपको एक ऐसी खबर दिखाने जा रहे हैं, जिसे सुनकर आपके रोंगटे खड़े हो जाएंगे। यह मामला सिर्फ अपराध नहीं, बल्कि इंसानियत को शर्मसार करने वाला है। - उत्तर प्रदेश के कानपुर से एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एक युवती ने अपने ही पति पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़िता का कहना है कि उसने प्रेम विवाह किया था, लेकिन शादी के बाद उसका पति उसके लिए रक्षक नहीं बल्कि दरिंदा बन गया। आरोप है कि पति न सिर्फ खुद जबरन शारीरिक संबंध बनाता था, बल्कि अपने दोस्तों को बुलाकर पीड़िता के साथ जबरदस्ती करवाता था। इतना ही नहीं, जब पीड़िता इसका विरोध करती, तो उसके साथ मारपीट की जाती और उसे जान से मारने की धमकी दी जाती थी। पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया है कि उसका पति उसे डराने के लिए कानून का गलत इस्तेमाल करने की धमकी देता था, ताकि वह चुप रहे और किसी से शिकायत न करे। सुने महिला की आपबिती1
- पूर्वी पेरिफेरल एक्सप्रेसवे स्थित डासना टोल प्लाजा पर संयुक्त राष्ट्रीय सशक्ति मोर्चा के बैनर तले भारतीय किसान यूनियन (तेवतिया) के राष्ट्रीय अध्यक्ष के आह्वान पर टोल फ्री कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के दौरान सैकड़ों किसानों और कार्यकर्ताओं ने एकजुट होकर टोल कर्मियों के कथित अभद्र व्यवहार और उत्पीड़न के खिलाफ जोरदार धरना-प्रदर्शन किया। कार्यक्रम की शुरुआत धार्मिक अनुष्ठान के रूप में हवन से की गई, जिसमें पर्यावरण शुद्धि तथा टोल प्रबंधन की “शुद्ध बुद्धि” के लिए आहुति दी गई। हवन उपरांत प्रसाद वितरण किया गया। इसके साथ ही कार्यक्रम में आए सभी गणमान्य अतिथियों का शॉल ओढ़ाकर एवं गले माला डाल कर सम्मानित किया गया। इसके बाद प्रदर्शनकारियों ने टोल प्लाजा पर शांतिपूर्ण ढंग से नारेबाजी कर अपना विरोध दर्ज कराया। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि टोल कर्मियों द्वारा आम जनता, किसानों और यात्रियों के साथ लगातार दुर्व्यवहार एवं अनावश्यक रूप से उत्पीड़न किया जा रहा है। उन्होंने प्रशासन से तत्काल सुधार की मांग करते हुए चेतावनी दी कि यदि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोहराई गईं, तो आंदोलन को और व्यापक एवं उग्र रूप दिया जाएगा। प्रदर्शन का नेतृत्व भारतीय किसान यूनियन (तेवतिया) के राष्ट्रीय अध्यक्ष गौरव सिंह ने किया। इस अवसर पर महेश मीणा (राष्ट्रीय अध्यक्ष – भाकियू अन्नदाता), प्रो. विनोद नगर (राष्ट्रीय अध्यक्ष), मौशिम खान (राष्ट्रीय अध्यक्ष – भाकियू बाबा), पंकज धबरिया (राष्ट्रीय अध्यक्ष – आर.एस.पी.), दीपक शर्मा (राष्ट्रीय अध्यक्ष – भाकियू स्वराष्ट्र) सहित विभिन्न संगठनों के राष्ट्रीय पदाधिकारी उपस्थित रहे। इसके अतिरिक्त देवेंद्र चौधरी (राष्ट्रीय संगठन मंत्री), कवर पाल कश्यप (बखरवा), सुनील शर्मा (गाजियाबाद), गौरव चौधरी (मंडल अध्यक्ष, मेरठ), चिराग उज्जवल (जिला अध्यक्ष, बागपत), नितिन चौधरी (जिला अध्यक्ष), सत्यदेव राणा (जिला अध्यक्ष, हापुड़), लोकेश चौधरी (जिला अध्यक्ष, गाजियाबाद युवा मोर्चा), हेमंत भाटी (जिला अध्यक्ष, गौतमबुद्ध नगर), डा. राजेन्द्र सिंह (जिला अध्यक्ष, मेरठ), अंकुर तेवतिया (जिला अध्यक्ष, बुलंदशहर), विनीत साहरण (जिला प्रतिनिधि, मेरठ), डॉ. रोहित सैनी (बुलंदशहर), अनिरुद्ध चौधरी (तहसील अध्यक्ष, मोदीनगर), सुशील चौधरी (जोया), राहुल कुमार (प्रधान, इसाकनगर), मनवीर चौधरी (जोया) सहित बड़ी संख्या में किसान व कार्यकर्ता मौजूद रहे। धरना-प्रदर्शन के दौरान प्रशासनिक अधिकारियों को मौके पर पहुंचकर वार्ता करनी पड़ी। पुलिस विभाग के अधिकारियों का भी कार्यक्रम में भरपूर सहयोग रहा, जिससे पूरा आयोजन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। प्रदर्शनकारियों के दबाव को देखते हुए अधिकारियों ने समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया, जिसके बाद कार्यक्रम समाप्त किया गया। धरना समाप्ति के उपरांत भारतीय किसान यूनियन (तेवतिया) के स्थापना दिवस के अवसर पर हवन एवं भंडारे का आयोजन भी किया गया, जिसमें दूर-दूर से आए कार्यकर्ताओं ने भाग लेकर संगठन की एकजुटता का प्रदर्शन किया। प्रदर्शन पूर्णतया शांतिपूर्ण रहा, लेकिन संगठन का रुख सख्त दिखाई दिया।1
- अयोध्या। राम की पैड़ी क्षेत्र में नगर निगम की महिला सफाईकर्मियों से छेड़छाड़ का मामला सामने आया है। आरोप है कि नशे में धुत एक युवक ने महिलाओं के साथ अभद्रता की, जिसके बाद आक्रोशित महिला कर्मियों ने उसे घेरकर चप्पलों से पिटाई कर दी। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। बताया जा रहा है कि आरोपी युवक अक्सर राम की पैड़ी पर आने-जाने वाली महिलाओं से छेड़छाड़ करता था। घटना के दौरान मौजूद स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना दी, लेकिन आरोप है कि सूचना के बावजूद पुलिस मौके पर समय से नहीं पहुंची। वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि नगर निगम की महिला सफाईकर्मी युवक को घेरकर उसकी पिटाई कर रही हैं। यह घटना अयोध्या कोतवाली क्षेत्र के लक्ष्मण घाट चौकी अंतर्गत राम की पैड़ी की बताई जा रही है। घटना को लेकर स्थानीय लोगों में आक्रोश है और पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए जा रहे हैं। फिलहाल, मामले में पुलिस की ओर से कार्रवाई की जानकारी सामने नहीं आई है।1