लखीसराय जिले के रामगढ़ चौक प्रखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत औरे के गरसंडा गांव में प्रधानमंत्री की बहुउद्देशीय योजना 'खेत बचाओ अभियान' के तहत किसानों को जागरूक करने का कार्यक्रम शुरू किया गया है। यह अभियान 1 जून से 30 जून तक चलेगा, जिसका उद्देश्य गांव-गांव तक किसानों को रासायनिक एवं प्राकृतिक खादों के सही समन्वय और मिट्टी की उर्वरता बनाए रखने के महत्व के प्रति जागरूक करना है। इस कार्यक्रम को कृषि पदाधिकारी रामगढ़ चौक प्रकाश चंद्र मिश्रा के निर्देश पर चलाया जा रहा है। इस जागरूकता अभियान के दौरान, प्रखंड तकनीकी प्रबंधक राजीव राय ने किसानों को संबोधित किया और बताया कि 'खेत बचाओ अभियान' का मूल मंत्र 'कम खाद, सही खाद, सही सलाह' है। उन्होंने किसानों को अपने खेत की मिट्टी की जांच कराने की अत्यंत आवश्यकता पर जोर दिया, ताकि वे मिट्टी में पोषक तत्वों की कमी या अधिकता को जानकर उन्हें संतुलित कर सकें। राय ने स्पष्ट किया कि के वी के (KVK) और राज्य सरकार मिलकर इस अभियान का मार्गदर्शन करेंगे। इस मौके पर आत्मा अध्यक्ष बृजेश कुमार, कृषि सलाहकार अशोक कुमार, किसान गिरीश गिरीश पासवान, मनोहर कुमार, सनोज कुमार सिंह, अभिमन्यु कुमार सहित दर्जनों किसान उपस्थित रहे।
लखीसराय जिले के रामगढ़ चौक प्रखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत औरे के गरसंडा गांव में प्रधानमंत्री की बहुउद्देशीय योजना 'खेत बचाओ अभियान' के तहत किसानों को जागरूक करने का कार्यक्रम शुरू किया गया है। यह अभियान 1 जून से 30 जून तक चलेगा, जिसका उद्देश्य गांव-गांव तक किसानों को रासायनिक एवं प्राकृतिक खादों के सही समन्वय और मिट्टी की उर्वरता बनाए रखने के महत्व के प्रति जागरूक करना है। इस कार्यक्रम को कृषि पदाधिकारी रामगढ़ चौक प्रकाश चंद्र मिश्रा के निर्देश पर चलाया जा रहा है। इस जागरूकता अभियान के दौरान, प्रखंड तकनीकी प्रबंधक राजीव राय ने किसानों को संबोधित किया और बताया कि 'खेत बचाओ अभियान' का मूल मंत्र 'कम खाद, सही खाद, सही सलाह' है। उन्होंने किसानों को अपने खेत की मिट्टी की जांच कराने की अत्यंत आवश्यकता पर जोर दिया, ताकि वे मिट्टी में पोषक तत्वों की कमी या अधिकता को जानकर उन्हें संतुलित कर सकें। राय ने स्पष्ट किया कि के वी के (KVK) और राज्य सरकार मिलकर इस अभियान का मार्गदर्शन करेंगे। इस मौके पर आत्मा अध्यक्ष बृजेश कुमार, कृषि सलाहकार अशोक कुमार, किसान गिरीश गिरीश पासवान, मनोहर कुमार, सनोज कुमार सिंह, अभिमन्यु कुमार सहित दर्जनों किसान उपस्थित रहे।
- लखीसराय जिले के रामगढ़ चौक प्रखंड अंतर्गत तेतरहाट थाना क्षेत्र के गुलनी गांव में स्थानीय सांसद, विधायक और अन्य प्रतिनिधियों द्वारा सड़क निर्माण न किए जाने के बाद, ग्रामीणों ने एकजुट होकर स्वयं चंदा एकत्र किया और अपने खर्च पर सड़क बनाने का कार्य प्रारंभ कर दिया है। यह पहल समाज में एक सकारात्मक संदेश दे रही है, जहां जनप्रतिनिधियों की उपेक्षा के बावजूद ग्रामीण अपनी समस्याओं का समाधान खुद कर रहे हैं। इस परियोजना के तहत, गुलनी गांव के किसानों ने अपने खेतों से सड़क निर्माण के लिए सामूहिक रूप से भूमि दान की है। किसानों ने खेत की मेढ़ के दोनों किनारों से 5-5 फीट जमीन देने हेतु एक समझौता किया है, जिससे मेढ़ के 2 फीट को मिलाकर कुल 12 फीट चौड़ी सड़क के लिए जमीन उपलब्ध हो गई है। गुलनी गांव के 20 किसानों के साथ-साथ नवाडीह और तेतरहाट के एक-एक किसान, इस प्रकार कुल 22 किसानों ने अपनी जमीन सड़क निर्माण हेतु देने का एग्रीमेंट किया है। यह सड़क गुलनी गांव स्थित मुख्य सड़क रामजी पासवान स्मृति द्वारा से पासवान टोला गुलनी तक 2 किलोमीटर लंबी और 12 फीट चौड़ी होगी। ग्रामीणों ने बताया कि गांव में प्रवेश के लिए पहले से एक मुख्य मार्ग से अंदर गांव तक सड़क बनी हुई है, लेकिन उस क्षेत्र में हिंदू और अल्पसंख्यक समुदाय दोनों की आबादी रहती है। हिंदू समाज के लोगों को अपने घरों तक पहुंचने के लिए उचित रास्ता नहीं मिलने से परेशानी होती थी। इसी को देखते हुए, हिंदू समाज के लोगों ने यह निर्णय लिया कि वे अपनी जमीन पर खुद का रास्ता बनाएंगे, ताकि गांव के हिंदू और अल्पसंख्यक समुदाय दोनों को भविष्य में आवागमन में कोई कठिनाई न हो। आपसी चंदा एकत्र करके मिट्टी भराई का कार्य भी प्रारंभ हो चुका है। गुलनी गांव निवासी अजीत पासवान, दिनेश यादव, रामदेव यादव, दिनेश पासवान, रामाशीष पासवान, उदय यादव, रंजीत यादव, जवाहर पासवान, तारो साव सहित दर्जनों ग्रामीणों ने जानकारी देते हुए बताया कि सड़क निर्माण हेतु कई बार स्थानीय सांसद, विधायक और अन्य प्रतिनिधियों को लिखित आवेदन देने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई थी। ग्रामीणों ने उम्मीद जताई कि इस सड़क के निर्माण से खासकर हिंदू समाज के लोगों को बहुत लाभ होगा, क्योंकि यह सड़क सीधे उनके टोले तक पहुंचेगी और सभी वर्गों को अपना आवागमन का रास्ता मिल जाएगा। इस सड़क निर्माण में भूमि दान करने वालों में गुलनी गांव से रामदेव यादव, मुन्नी देवी, श्यामा देवी, सुमित्रा देवी, प्रेम पासवान, मंगल पासवान, मोही पासवान, जय कुमार निराला, गंगासागर पासवान, नागेश्वर पासवान, रंजीत पासवान, दिनेश पासवान, पानेश्वर पासवान; तेतरहाट गांव से कैलाश देवी और नवाडीह गांव से शांति देवी सहित कुल 22 किसान शामिल हैं। इन सभी ग्रामीणों ने यह भी बताया कि सड़क निर्माण में जो भी खर्च आएगा, उसे भी वे लोग चंदा करके ही पूरा करेंगे।1
- क्यूल-झाझा रेलखंड पर एक तीसरी रेल लाइन के निर्माण की परियोजना चल रही है। इस महत्वपूर्ण रेल परियोजना को लेकर यह जिज्ञासा बनी हुई है कि इस तीसरी लाइन के बन जाने से यह रेलखंड कितना बदल जाएगा और इसका बिहार के रेलवे नेटवर्क पर क्या प्रभाव पड़ेगा। यह नया रेल गलियारा भारतीय रेलवे की अवसंरचना को मजबूत करने, बिहार में रेल विकास को बढ़ावा देने, और यात्री तथा मालगाड़ी सेवाओं के विस्तार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। लोगों में उत्सुकता है कि यह विस्तार क्यूल-झाझा मार्ग पर ट्रेन सेवाओं और समग्र रेलवे कनेक्टिविटी में क्या सुधार लाएगा।1
- कचनार के पौधों की नर्सरी छोटे पॉलिथीन बैग में प्राकृतिक विधि से तैयार की जा रही है। इस प्रक्रिया में गोबर खाद, वर्मी कम्पोस्ट और जैविक पोषक तत्वों का उपयोग किया जा रहा है, जिससे स्वस्थ और मजबूत पौधे विकसित हो सकें।1
- जमुई जिले में निगरानी टीम ने झाझा थाना के चालक जितेंद्र कुमार को ₹12,000 की घूस लेते हुए रंगेहाथ दबोच लिया है। इस कार्रवाई के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है।1
- शेखपुरा जिले के बरबीघा प्रखंड स्थित सामस गाँव में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने एक संबोधन दिया। यह संबोधन कुल 23 मिनट का था।1
- बिहार के जमुई जिले में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के बाद स्थानीय दुकानदारों और ठेले वालों का दर्द छलक उठा है। इस कार्रवाई से प्रभावित हुए लोगों ने सरकार के सामने कई सवाल उठाए हैं, और साथ ही अपनी परेशानी को लेकर सरकार के समक्ष एक बड़ी मांग भी रखी है।1
- शेखपुरा विधानसभा क्षेत्र के सुल्तानपुर में एक क्रिकेट टूर्नामेंट का उद्घाटन किया गया। लोजपा जिला अध्यक्ष और शेखपुरा के पूर्व विधायक विजय सम्राट ने मैच का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने अपनी खुशी व्यक्त करते हुए सभी खिलाड़ियों को खेल भावना के साथ बेहतरीन प्रदर्शन करने के लिए शुभकामनाएँ दीं।3
- लखीसराय जिले के रामगढ़ चौक प्रखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत औरे के उत्क्रमित मध्य विद्यालय गरसंडा में मंगलवार को एक सहयोग शिविर का शुभारंभ किया गया। इस शिविर का उद्घाटन डीसीएलआर राहुल कुमार, प्रखंड विकास पदाधिकारी अभिषेक कुमार, अंचलाधिकारी निशांत कुमार, प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉक्टर कंचन और प्रखंड कृषि पदाधिकारी प्रकाश चंद्र मिश्र ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया। शिविर के मौके पर रामगढ़ चौक थाना अध्यक्ष चुन्नू कुमार, बीपीएम जीविका महेश चौधरी, प्रखंड कल्याण पदाधिकारी सुधीर कुमार सहित प्रखंड व अंचल के सभी कर्मी और सैकड़ों ग्रामीण भी उपस्थित रहे। सहयोग शिविर में कुल 15 विभागों द्वारा अलग-अलग स्टॉल लगाए गए थे, जिनमें स्वच्छता, आवास, सामाजिक सुरक्षा, आपूर्ति, श्रम विभाग, अंचल कार्यालय, पीएचईडी, मनरेगा, पंचायत कार्यालय, जीविका, सांख्यिकी, निर्वाचन, स्वास्थ्य और बाल विकास परियोजना विभाग शामिल थे। इन स्टॉलों पर आम लोगों से जुड़ी समस्याओं के कुल 145 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 83 आवेदनों का तत्काल निष्पादन कर दिया गया, जबकि 56 आवेदन लंबित रह गए। इस दौरान डीसीएलआर राहुल कुमार ने उपस्थित सभी विभाग के पदाधिकारियों से बारी-बारी से अपने-अपने विभाग की विस्तृत जानकारी आम जनता के बीच जागरूकता हेतु साझा करने को कहा। डीसीएलआर राहुल कुमार ने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी कि अब वह समय चला गया जब पदाधिकारी आवेदनों पर कार्रवाई करने में देर करते थे। उन्होंने कहा कि वर्तमान बिहार सरकार द्वारा जारी 'सहयोग शिविर ऐप' के माध्यम से आवेदन निष्पादन के लिए जो समय सीमा निर्धारित की गई है, यदि कोई पदाधिकारी उस समय सीमा के भीतर आवेदक से संबंधित समस्या का निष्पादन नहीं करता है, तो उसे मुख्यमंत्री कार्यालय से स्वतः ही निलंबित कर दिया जाएगा।1