हट्टा पुलिस ने हट्टा बावली के पास हुए अंधे हत्याकांड का खुलासा कर दिया है और इस मामले में मृतक कुलदीप उदयपुरे के छोटे भाई कृष्णकिशोर उदयपुरे को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, कृष्णकिशोर ने अपने बड़े भाई कुलदीप की हत्या 15-16 जून की दरम्यानी रात शराब के नशे में सोए हुए गला घोंटकर की थी। पुलिस की छानबीन में सामने आया कि बड़े भाई कुलदीप द्वारा आए दिन काम न करने और उधारी को लेकर छोटे भाई कृष्णकिशोर से विवाद और गाली-गलौज की जाती थी। रोज-रोज के इस क्लेश से परेशान होकर कृष्णकिशोर ने नारियल की रस्सी से अपने भाई का गला घोंटकर उसे मौत के घाट उतार दिया। हट्टा पुलिस ने इस मामले की गुत्थी सुलझाने के लिए डॉग स्क्वायड और फॉरेंसिक टीम की मदद ली, जिसके बाद आरोपी की निशानदेही पर गहन पूछताछ की गई। पूछताछ के दौरान, कृष्णकिशोर उदयपुरे ने अपना गुनाह कबूल करते हुए बताया कि उसने ही अपने भाई की हत्या की थी। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की गई रस्सी जब्त कर ली है। हट्टा पुलिस ने इस अंधे हत्याकांड का खुलासा 72 घंटे के भीतर कर दिया और आरोपी कृष्णकिशोर उदयपुरे को आज शाम 05 बजे जेल भेज दिया गया। यह घटना आपसी वाद-विवाद का परिणाम थी।
हट्टा पुलिस ने हट्टा बावली के पास हुए अंधे हत्याकांड का खुलासा कर दिया है और इस मामले में मृतक कुलदीप उदयपुरे के छोटे भाई कृष्णकिशोर उदयपुरे को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, कृष्णकिशोर ने अपने बड़े भाई कुलदीप की हत्या 15-16 जून की दरम्यानी रात शराब के नशे में सोए हुए गला घोंटकर की थी। पुलिस की छानबीन में सामने आया कि बड़े भाई कुलदीप द्वारा आए दिन काम न करने और उधारी को लेकर छोटे भाई कृष्णकिशोर से विवाद और गाली-गलौज की जाती थी। रोज-रोज के इस क्लेश से परेशान होकर कृष्णकिशोर ने नारियल की रस्सी से अपने भाई का गला घोंटकर उसे मौत के घाट उतार दिया। हट्टा पुलिस ने इस मामले की गुत्थी सुलझाने के लिए डॉग स्क्वायड और फॉरेंसिक टीम की मदद ली, जिसके बाद आरोपी की निशानदेही पर गहन पूछताछ की गई। पूछताछ के दौरान, कृष्णकिशोर उदयपुरे ने अपना गुनाह कबूल करते हुए बताया कि उसने ही अपने भाई की हत्या की थी। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की गई रस्सी जब्त कर ली है। हट्टा पुलिस ने इस अंधे हत्याकांड का खुलासा 72 घंटे के भीतर कर दिया और आरोपी कृष्णकिशोर उदयपुरे को आज शाम 05 बजे जेल भेज दिया गया। यह घटना आपसी वाद-विवाद का परिणाम थी।
- बालाघाट जिले के वारासिवनी स्थित मुरझड़ फार्म में प्राकृतिक खेती को लेकर एक महत्वपूर्ण कार्यशाला सफलतापूर्वक संपन्न हुई। इस कार्यशाला में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधियों, किसानों और कृषि विशेषज्ञों ने भाग लिया। कार्यक्रम में भाजपा किसान मोर्चा प्रदेश उपाध्यक्ष श्रीमती कल्पना मर्सकोले, भाजपा किसान मोर्चा जिला अध्यक्ष यशवंत लिल्हारे, वारासिवनी के पूर्व विधायक एवं पूर्व मंत्री प्रदीप जायसवाल, कटंगी विधायक गौरव पारधी और वारासिवनी विधायक विक्की पटेल प्रमुख रूप से उपस्थित रहे। इनके अतिरिक्त, भाजपा जिला उपाध्यक्ष किशोर अमूले, जिला उपाध्यक्ष जितेंद्र मोहारे, वरिष्ठ भाजपा नेता शैलेश सेट्टी, जिला पंचायत सदस्य झामसिंह नागेश्वर, श्री मर्सकोले, महेश शरणागत, वेद सिंह ठाकुर, वेदराम राहंगडाले, जुगराज पतले, राजकुमार लिल्हारे, भुनेश्वरी शरणागत, डेलीराम नागपुरे, तथा सफल कृषक अर्जुन ठकरेले, राजकुमार चौधरी, रामचंद्र सिहोरे और धरम लिल्हारे सहित सैकड़ों मातृ शक्ति की उपस्थिति दर्ज की गई। मंच का सफल संचालन अजय ठाकुर द्वारा किया गया। कृषि विभाग से कृषि उपसंचालक फूलसिंह मालवीय, प्रतिभा टेंभरे तथा उनकी पूरी टीम कार्यशाला में उपस्थित रही। उत्तम बिसेन, अमूले और अन्य कृषि वैज्ञानिक भी इस महत्वपूर्ण आयोजन में शामिल हुए।4
- कंकर मुंजारे के समर्थकों ने कोतवाली का घेराव किया। इस दौरान, उन्होंने विरोध प्रदर्शन करने वालों के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज करने की मांग की। समर्थकों ने चेतावनी दी है कि यदि इस मामले में जल्द कार्यवाही नहीं की गई, तो वे आगे आंदोलन करेंगे।1
- देश के किसान वर्तमान में गंभीर खाद संकट का सामना कर रहे हैं, क्योंकि एनपीके, एसएसपी और एमओपी जैसी प्रमुख खादों के दामों में जबरदस्त वृद्धि देखी गई है।1
- तहसील कार्यालय में भ्रष्टाचार अपने चरम पर पहुँच गया है, जिसके कारण किसान पिछले छह महीनों से अपने जरूरी कामों के लिए लगातार चक्कर काटने को मजबूर हैं। नामांकन, बटवारा, सीमांकन और खसरे में बोरवेल दर्ज कराने जैसे महत्वपूर्ण कार्यों को लेकर उन्हें भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। किसानों का आरोप है कि कार्यालय में तैनात 'बाबू' अपनी मनमानी कर रहे हैं। बिना पैसे दिए किसानों की फाइलें आगे नहीं बढ़ाई जा रही हैं, जबकि जो लोग पैसे दे रहे हैं, उनके काम तेजी से निपटाए जा रहे हैं। कई किसानों ने शिकायत की है कि बार-बार आवेदन देने के बावजूद उनकी कोई सुनवाई नहीं हो रही है, जिससे उन्हें न केवल आर्थिक बल्कि मानसिक परेशानी भी झेलनी पड़ रही है और उनके खेती के काम भी बुरी तरह प्रभावित हो रहे हैं। अब इन पीड़ित किसानों ने प्रशासन से मांग की है कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जाए और दोषी कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि आम किसानों को इस भ्रष्टाचार से राहत मिल सके।1
- सिवनी की कलेक्टर नेहा मीना ने शुक्रवार, 19 जून को विकासखंड सिवनी के आंगनबाड़ी केंद्र कोहका एवं केकड़वानी का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने बच्चों के बीच पहुंचकर उनसे आत्मीय संवाद किया और उनकी शैक्षणिक गतिविधियों का अवलोकन भी किया, साथ ही बच्चों को दिए जा रहे भोजन की गुणवत्ता की भी पड़ताल की। निरीक्षण के दौरान, कलेक्टर ने बच्चों के लिए तैयार किए गए भोजन एवं नाश्ते की गुणवत्ता का स्वयं परीक्षण किया। उन्होंने भोजन चखकर उसके स्वाद, स्वच्छता और गुणवत्ता की जाँच की तथा आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को निर्देश दिए कि वे निर्धारित मेन्यू के अनुसार पौष्टिक एवं गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराएँ। श्रीमती मीना ने बच्चों से कविताएँ सुनीं और उन्हें एबीसीडी तथा अंक लिखने के लिए प्रोत्साहित किया; बच्चों द्वारा उत्साहपूर्वक कविताएँ सुनाने और अंक एवं अक्षर पहचानकर लिखने पर उन्होंने उनकी सराहना करते हुए शाबाशी दी और उनका उत्साह बढ़ाया। कलेक्टर नेहा मीना ने इस अवसर पर कहा कि आंगनबाड़ी केंद्र बच्चों के पोषण, प्रारंभिक शिक्षा और सर्वांगीण विकास की एक मजबूत आधारशिला हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि बच्चों को गुणवत्तापूर्ण पोषण, बेहतर शिक्षा और स्नेहपूर्ण वातावरण उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। निरीक्षण के समापन पर, उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं एवं सहायिकाओं को बच्चों के समग्र विकास के लिए नियमित रूप से नवाचार आधारित गतिविधियाँ आयोजित करने तथा प्रत्येक बच्चे की सीखने की क्षमता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश भी दिए।1
- विवेक चंद्रवंशी ने हाल ही में राष्ट्रीय वुडबॉल कैंप में अपनी जगह बनाई है। इस महत्वपूर्ण चयन के बाद, अब वे अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करने और चमकने की तैयारी में पूरी तरह जुट गए हैं।1
- बालाघाट जिले के हटटा थाना क्षेत्र में 16 जून की सुबह पुलिस को सेनानी चौक स्थित एक घर के आँगन में कुलदीप उदयपुरे के मृत पाए जाने की सूचना मिली। मृतक दरी पर लेटा था और उसकी गर्दन पर तार या रस्सी कसने के निशान थे। इस घटना की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस अधीक्षक श्री आदित्य मिश्रा ने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री निहित उपाध्याय और अनुविभागीय अधिकारी (लांजी) श्रीमती प्रतिष्ठा राठौर को मामले का तत्काल खुलासा करने के निर्देश दिए। हटटा पुलिस ने श्री निहित उपाध्याय और श्रीमती प्रतिष्ठा राठौर के मार्गदर्शन में मृतक के भाई-बहनों, भांजी और पड़ोसियों से गहन पूछताछ की। इस दौरान मृतक कुलदीप उदयपुरे और उसके छोटे भाई के बीच छोटी-छोटी बातों पर लगातार होने वाले विवादों का खुलासा हुआ। गहन पूछताछ और भावनात्मक तरीके से विश्वास में लेने पर, मृतक की बहन और भांजी ने बताया कि छोटे भाई ने ही बड़े भाई की हत्या की है। आरोपी छोटे भाई को गिरफ्तार कर विस्तृत पूछताछ की गई, जिसमें उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। आरोपी ने बताया कि वह बड़े भाई द्वारा रोज-रोज विवाद करने, गाली-गलौज करने, उधार लेने और काम न करने से परेशान होकर गुस्से में था। उसने 15 जून/16 जून, 2026 की दरम्यानी रात में शराब के नशे में सो रहे कुलदीप उदयपुरे का नारियल की रस्सी से गला घोंटकर हत्या करना स्वीकार किया। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त नारियल की रस्सी उसके घर से जब्त कर ली है। प्रार्थी सुशील पिता स्व. गेंदलाल सोनी की सूचना पर थाना हटटा में मर्ग क्रमांक 13/26 धारा 194 बीएनएसएस के तहत मामला दर्ज किया गया था। जांच के बाद हत्या प्रमाणित होने पर थाना हटटा में अपराध क्रमांक 73/26 धारा 103(2), 238(b) बीएनएस के अंतर्गत मामला पंजीकृत किया गया। इस कार्यवाही में थाना प्रभारी हटटा उप निरीक्षक अविनाश राठौड़, कार्यस. उनि विजय कुमार पटले, प्र. आर. 774 निखिलेश अग्रिहोत्री, प्र.आर. 06 सतीश पारधी, प्र.आर. 242 नंदकिशोर ठाकुर, प्र.आर. 1035 राजेश पटले, आर. 1527 गितेश परदेशी, आर. 890 श्याम रावेट, आर. 58 विष्णु प्रताप, आर. 111 संतोष ठाकरे, आर. 1512 अभिषेक, आर. 1444 किशन यादव, आर. 1567 आभाष नागेश्वर और म.आर. 601 कविता खोब्रागड़े का सराहनीय योगदान रहा।3
- जिला पंचायत की सामान्य सभा की बैठक के दौरान मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) अभिषेक सराफ और जनप्रतिनिधियों के बीच तीखी बहस हुई, जिसके परिणामस्वरूप बैठक में जमकर हंगामा देखा गया। इस विवाद के बाद, जनप्रतिनिधियों ने सीईओ अभिषेक सराफ के खिलाफ निंदा प्रस्ताव पारित कर दिया। जनप्रतिनिधियों ने चेतावनी दी है कि यदि अगले 7 दिनों के भीतर इस मामले पर कोई कार्रवाई नहीं की जाती है, तो वे एक उग्र आंदोलन शुरू करेंगे।1
- पुलिस ने लाखों रुपये के बिजली तारों के गबन के एक बड़े मामले का पर्दाफाश किया है। इस मामले में कार्रवाई करते हुए, पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है।1