रियां बड़ी। सावन के तीसरे सोमवार को वाल्मीकि समाज के युवाओं ने भगवान भोलेनाथ के प्रति अपनी आस्था का प्रदर्शन किया। उन्होंने पुष्कर से रियां बड़ी तक लगभग 151 किलोमीटर की पैदल कांवड़ यात्रा पूरी की और भगवान शिव का जलाभिषेक किया। कांवड़ियों ने पुष्कर से 101 लीटर पवित्र जल लाकर रियां बड़ी स्थित शिव मंदिर में भोलेनाथ को अर्पित किया। यात्रा के दौरान युवाओं में विशेष उत्साह देखा गया। श्रद्धालु पूरे रास्ते 'जय भोले' के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़े। रियां बड़ी पहुंचने पर कांवड़ियों ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। उन्होंने 101 लीटर पवित्र जल से भगवान भोलेनाथ का अभिषेक किया। इस अवसर पर मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी और पूरा वातावरण शिवमय हो गया। वाल्मीकि समाज के युवाओं ने बताया कि यह कांवड़ यात्रा सावन के पवित्र महीने में भगवान शिव के प्रति आस्था व्यक्त करने और क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना के लिए निकाली गई थी। पुष्कर से पवित्र जल लेकर पैदल रियां बड़ी तक पहुंचना उनके लिए श्रद्धा और संकल्प का प्रतीक था। यात्रा के मार्ग में कई स्थानों पर स्थानीय लोगों ने कांवड़ियों का स्वागत किया। इस कांवड़ यात्रा में सिकंदर, मुकेश, घारू, विकास, सुनील तेजी, रवि, विक्रांत, सूरज, जितेंद्र, आकाश, वीरेंद्र, सूरज, अरविंद, बिरजू, विशाल, सचिन, करण, गौतम, राकेश, देवराज, अर्जुन, विष्णु, धन्नाराम और कुशल सहित समाज के कई युवा शामिल थे। सभी ने इस धार्मिक यात्रा को सफल बनाने में सक्रिय सहयोग दिया। यात्रा के समापन पर युवाओं ने भगवान शिव से क्षेत्र में खुशहाली, अच्छी वर्षा और सभी की सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना की। सावन के सोमवार पर वाल्मीकि समाज के युवाओं की इस धार्मिक पहल की क्षेत्र भर में सराहना की गई। रियां बड़ी। सावन के तीसरे सोमवार को वाल्मीकि समाज के युवाओं ने भगवान भोलेनाथ के प्रति अपनी आस्था का प्रदर्शन किया। उन्होंने पुष्कर से रियां बड़ी तक लगभग 151 किलोमीटर की पैदल कांवड़ यात्रा पूरी की और भगवान शिव का जलाभिषेक किया। कांवड़ियों ने पुष्कर से 101 लीटर पवित्र जल लाकर रियां बड़ी स्थित शिव मंदिर में भोलेनाथ को अर्पित किया। यात्रा के दौरान युवाओं में विशेष उत्साह देखा गया। श्रद्धालु पूरे रास्ते 'जय भोले' के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़े। रियां बड़ी पहुंचने पर कांवड़ियों ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। उन्होंने 101 लीटर पवित्र जल से भगवान भोलेनाथ का अभिषेक किया। इस अवसर पर मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी और पूरा वातावरण शिवमय हो गया। वाल्मीकि समाज के युवाओं ने बताया कि यह कांवड़ यात्रा सावन के पवित्र महीने में भगवान शिव के प्रति आस्था व्यक्त करने और क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना के लिए निकाली गई थी। पुष्कर से पवित्र जल लेकर पैदल रियां बड़ी तक पहुंचना उनके लिए श्रद्धा और संकल्प का प्रतीक था। यात्रा के मार्ग में कई स्थानों पर स्थानीय लोगों ने कांवड़ियों का स्वागत किया। इस कांवड़ यात्रा में सिकंदर, मुकेश, घारू, विकास, सुनील तेजी, रवि, विक्रांत, सूरज, जितेंद्र, आकाश, वीरेंद्र, सूरज, अरविंद, बिरजू, विशाल, सचिन, करण, गौतम, राकेश, देवराज, अर्जुन, विष्णु, धन्नाराम और कुशल सहित समाज के कई युवा शामिल थे। सभी ने इस धार्मिक यात्रा को सफल बनाने में सक्रिय सहयोग दिया। यात्रा के समापन पर युवाओं ने भगवान शिव से क्षेत्र में खुशहाली, अच्छी वर्षा और सभी की सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना की। सावन के सोमवार पर वाल्मीकि समाज के युवाओं की इस धार्मिक पहल की क्षेत्र भर में सराहना की गई।
रियां बड़ी। सावन के तीसरे सोमवार को वाल्मीकि समाज के युवाओं ने भगवान भोलेनाथ के प्रति अपनी आस्था का प्रदर्शन किया। उन्होंने पुष्कर से रियां बड़ी तक लगभग 151 किलोमीटर की पैदल कांवड़ यात्रा पूरी की और भगवान शिव का जलाभिषेक किया। कांवड़ियों ने पुष्कर से 101 लीटर पवित्र जल लाकर रियां बड़ी स्थित शिव मंदिर में भोलेनाथ को अर्पित किया। यात्रा के दौरान युवाओं में विशेष उत्साह देखा गया। श्रद्धालु पूरे रास्ते 'जय भोले' के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़े। रियां बड़ी पहुंचने पर कांवड़ियों ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। उन्होंने 101 लीटर पवित्र जल से भगवान भोलेनाथ का अभिषेक किया। इस अवसर पर मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी और पूरा वातावरण शिवमय हो गया। वाल्मीकि समाज के युवाओं ने बताया कि यह कांवड़ यात्रा सावन के पवित्र महीने में भगवान शिव के प्रति आस्था व्यक्त करने और क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना के लिए निकाली गई थी। पुष्कर से पवित्र जल लेकर पैदल रियां बड़ी तक पहुंचना उनके लिए श्रद्धा और संकल्प का प्रतीक था। यात्रा के मार्ग में कई स्थानों पर स्थानीय लोगों ने कांवड़ियों का स्वागत किया। इस कांवड़ यात्रा में सिकंदर, मुकेश, घारू, विकास, सुनील तेजी, रवि, विक्रांत, सूरज, जितेंद्र, आकाश, वीरेंद्र, सूरज, अरविंद, बिरजू, विशाल, सचिन, करण, गौतम, राकेश, देवराज, अर्जुन, विष्णु, धन्नाराम और कुशल सहित समाज के कई युवा शामिल थे। सभी ने इस धार्मिक यात्रा को सफल बनाने में सक्रिय सहयोग दिया। यात्रा के समापन पर युवाओं ने भगवान शिव से क्षेत्र में खुशहाली, अच्छी वर्षा और सभी की सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना की। सावन के सोमवार पर वाल्मीकि समाज के युवाओं की इस धार्मिक पहल की क्षेत्र भर में सराहना की गई। रियां बड़ी। सावन के तीसरे सोमवार को वाल्मीकि समाज के युवाओं ने भगवान भोलेनाथ के प्रति अपनी आस्था का प्रदर्शन किया। उन्होंने पुष्कर से रियां बड़ी तक लगभग 151 किलोमीटर की पैदल कांवड़ यात्रा पूरी की और भगवान शिव का जलाभिषेक किया। कांवड़ियों ने पुष्कर से 101 लीटर पवित्र जल लाकर रियां बड़ी स्थित शिव मंदिर में भोलेनाथ को अर्पित किया। यात्रा के दौरान युवाओं में विशेष उत्साह देखा गया। श्रद्धालु पूरे रास्ते 'जय भोले' के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़े। रियां बड़ी पहुंचने पर कांवड़ियों ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। उन्होंने 101 लीटर पवित्र जल से भगवान भोलेनाथ का अभिषेक किया। इस अवसर पर मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी और पूरा वातावरण शिवमय हो गया। वाल्मीकि समाज के युवाओं ने बताया कि यह कांवड़ यात्रा सावन के पवित्र महीने में भगवान शिव के प्रति आस्था व्यक्त करने और क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना के लिए निकाली गई थी। पुष्कर से पवित्र जल लेकर पैदल रियां बड़ी तक पहुंचना उनके लिए श्रद्धा और संकल्प का प्रतीक था। यात्रा के मार्ग में कई स्थानों पर स्थानीय लोगों ने कांवड़ियों का स्वागत किया। इस कांवड़ यात्रा में सिकंदर, मुकेश, घारू, विकास, सुनील तेजी, रवि, विक्रांत, सूरज, जितेंद्र, आकाश, वीरेंद्र, सूरज, अरविंद, बिरजू, विशाल, सचिन, करण, गौतम, राकेश, देवराज, अर्जुन, विष्णु, धन्नाराम और कुशल सहित समाज के कई युवा शामिल थे। सभी ने इस धार्मिक यात्रा को सफल बनाने में सक्रिय सहयोग दिया। यात्रा के समापन पर युवाओं ने भगवान शिव से क्षेत्र में खुशहाली, अच्छी वर्षा और सभी की सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना की। सावन के सोमवार पर वाल्मीकि समाज के युवाओं की इस धार्मिक पहल की क्षेत्र भर में सराहना की गई।
- व्हाट्सएप पर स्टेटस बनाएं और पैसे कमाने का मौका पाए धन्यवाद Ajmer अरबी पहनावे में पैदल सफर करके दरगाह पहुंच अकित सोनी लोगों ने ली सेल्फी1
- यह साला यह शान में निकाय चुनाव में कांग्रेस का करेंगे साहब माननीय अमित शाह1
- नफरत के खात्मे की दुआ लेकर अजमेर शरीफ पहुंचे हिंदू नौजवान, अरबी पहनावे में दिया भाईचारे का संदेश नफरत के खात्मे की दुआ लेकर अजमेर शरीफ पहुंचे हिंदू नौजवान, अरबी पहनावे में दिया भाईचारे का संदेश अजमेर। देश में बढ़ती धार्मिक नफरत और आपसी दूरी को खत्म करने की दुआ लेकर उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले के शाहगंज से एक हिंदू नौजवान सैकड़ों किलोमीटर का सफर तय कर अजमेर शरीफ दरगाह पहुंचा। खास बात यह रही कि नौजवान अरबी पहनावे में दरगाह पहुंचा और लोगों के बीच आपसी प्रेम, भाईचारे और इंसानियत का संदेश दिया। उसका यह अनूठा अंदाज दरगाह में आने वाले श्रद्धालुओं को काफी पसंद आया। कई लोग उसके साथ तस्वीरें और स्वयं के साथ तस्वीर लेते हुए नजर आए। जौनपुर जिले के शाहगंज निवासी अंकित सोनी ने अजमेर पहुंचकर ख्वाजा मोईनुद्दीन हसन चिश्ती की दरगाह में माथा टेका और देश में शांति, आपसी सद्भाव तथा धार्मिक नफरत के खात्मे की दुआ मांगी। अंकित का कहना है कि उन्हें ख्वाजा साहब की दरगाह से गहरी आस्था है और उनके जीवन में मिली सफलता में अजमेर शरीफ का विशेष स्थान है। इसी आस्था और विश्वास के चलते उन्होंने अजमेर शरीफ पहुंचकर देश और समाज में प्रेम तथा भाईचारे की कामना की। मीडिया से विशेष बातचीत में अंकित सोनी ने बताया कि वह स्वयं हिंदू हैं, लेकिन अरबी पहनावा धारण कर दरगाह पहुंचने का उनका उद्देश्य किसी धर्म का प्रदर्शन करना नहीं, बल्कि इंसानियत और आपसी भाईचारे का संदेश देना है। उनका कहना है कि इंसानियत सबसे बड़ी पहचान है और देश में रहने वाले सभी धर्मों के लोगों को एक-दूसरे का सम्मान करते हुए मिल-जुलकर रहना चाहिए। अंकित ने कहा कि आज समाज को धर्म और जाति के नाम पर बांटने वाली सोच के बजाय एकता और भाईचारे की जरूरत है। वह ख्वाजा साहब की दरगाह से यही प्रार्थना लेकर आए हैं कि देश में धार्मिक नफरत खत्म हो और लोगों के बीच प्रेम, शांति तथा सद्भाव बढ़े। अजमेर शरीफ पहुंचे श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों ने भी अंकित के इस प्रयास की सराहना की। अरबी पहनावे में पहुंचे अंकित लोगों के बीच आकर्षण का केंद्र बने रहे और कई जायरीन उनके साथ तस्वीर लेते नजर आए। उनका कहना है कि देश की एकता और अखंडता को मजबूत करने के लिए हर व्यक्ति को अपने स्तर पर प्रेम और भाईचारे का संदेश देना चाहिए। अंकित सोनी का यह प्रयास धार्मिक सद्भाव, इंसानियत और राष्ट्रीय एकता का संदेश देता नजर आया। ख्वाजा साहब की दरगाह से उन्होंने देश में अमन-चैन और आपसी भाईचारे की दुआ की। बाइट1
- वार्ड 72 में भव्य कांवड़ यात्रा 🔱 300 कांवड़ियों ने किया जलाभिषेक, फिर महादेव डांस ने मचाई धूम कालू बाबा मंदिर में कांवड़ यात्रा और महादेव डांस कार्यक्रम का भव्य आयोजन1
- सड़क की ऊंचाई बनी हादसे की वजह! घुमाव पर पलटा पानी का टैंकर, बाल-बाल बची जान अजमेर के रामगंज थाना क्षेत्र की दीप दर्शन कॉलोनी, सोमलपुर रोड पर रविवार सुबह पानी का टैंकर अचानक पलट गया। बताया जा रहा है कि सड़क के आसपास के स्तर से करीब डेढ़ फीट ऊंची होने और घुमाव के कारण टैंकर का संतुलन बिगड़ा और वह पलट गया। हादसे के बाद मौके पर आसपास के लोगों की भीड़ जमा हो गई। गनीमत रही कि घटना सुबह के समय हुई और सड़क पर ज्यादा आवाजाही नहीं थी, जिससे बड़ा हादसा और जनहानि टल गई। स्थानीय लोगों का आरोप है कि सड़क का लेवल आसपास की सड़क से काफी ऊंचा होने के कारण वाहन चालकों को घुमाव पर परेशानी होती है। लोगों ने ग्राम पंचायत से सड़क की ऊंचाई और घुमाव को दुरुस्त कराने की मांग की है। 📍 स्थान: दीप दर्शन कॉलोनी, सोमलपुर रोड, अजमेर 🚜 घटना: पानी का टैंकर पलटा ⚠️ वजह: सड़क की ऊंचाई और घुमाव पर संतुलन बिगड़ना 🙏 गनीमत: कोई जनहानि नहीं हुई1
- बीजाथल में सावन के तीसरे सोमवार को धार्मिक आस्था और भक्ति का माहौल देखा गया। पुष्कर धाम से कांवड़ लेकर दर्जनों युवा बीजाथल गांव पहुंचे। ग्रामीणों और शिव भक्तों ने उत्साह के साथ उनका स्वागत किया। राजीव गांधी पंचायती राज संगठन के प्रदेश सचिव अविनाश बोरानिया ने कांवड़ियों के लिए चाय-नाश्ते की व्यवस्था की। इस दौरान कांवड़ियों को माला पहनाकर सम्मानित किया गया और उन पर पुष्प वर्षा की गई। उनके पहुंचते ही पूरा माहौल 'हर-हर महादेव' और भगवान शिव के जयकारों से गूंज उठा। कांवड़ यात्रा में शामिल युवाओं ने धार्मिक अनुशासन का पालन करते हुए पुष्कर से पवित्र जल लेकर बीजाथल तक की यात्रा पूरी की। सावन माह में भगवान शिव की आराधना और कांवड़ यात्रा को लेकर युवाओं में विशेष उत्साह देखने को मिला। ग्रामीणों ने भी कांवड़ियों का स्वागत करते हुए उनकी यात्रा की सराहना की। कांवड़ियों द्वारा गांव स्थित भगवान शिव मंदिर में पहुंचकर पवित्र जल से भगवान शिव का जलाभिषेक किया जाएगा। इस दौरान विशेष पूजा-अर्चना कर क्षेत्र में सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की जाएगी। मंदिर परिसर में शिव भक्तों के जुटने से धार्मिक वातावरण बना रहेगा। इस धार्मिक आयोजन से पूरे गांव में श्रद्धा और भक्ति का माहौल बना रहा। पुष्कर से जल लेकर पहुंचे कांवड़ियों के स्वागत में ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी ने कार्यक्रम को सफल बनाया। बीजाथल में सावन के तीसरे सोमवार को धार्मिक आस्था और भक्ति का माहौल देखा गया। पुष्कर धाम से कांवड़ लेकर दर्जनों युवा बीजाथल गांव पहुंचे। ग्रामीणों और शिव भक्तों ने उत्साह के साथ उनका स्वागत किया। राजीव गांधी पंचायती राज संगठन के प्रदेश सचिव अविनाश बोरानिया ने कांवड़ियों के लिए चाय-नाश्ते की व्यवस्था की। इस दौरान कांवड़ियों को माला पहनाकर सम्मानित किया गया और उन पर पुष्प वर्षा की गई। उनके पहुंचते ही पूरा माहौल 'हर-हर महादेव' और भगवान शिव के जयकारों से गूंज उठा। कांवड़ यात्रा में शामिल युवाओं ने धार्मिक अनुशासन का पालन करते हुए पुष्कर से पवित्र जल लेकर बीजाथल तक की यात्रा पूरी की। सावन माह में भगवान शिव की आराधना और कांवड़ यात्रा को लेकर युवाओं में विशेष उत्साह देखने को मिला। ग्रामीणों ने भी कांवड़ियों का स्वागत करते हुए उनकी यात्रा की सराहना की। कांवड़ियों द्वारा गांव स्थित भगवान शिव मंदिर में पहुंचकर पवित्र जल से भगवान शिव का जलाभिषेक किया जाएगा। इस दौरान विशेष पूजा-अर्चना कर क्षेत्र में सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की जाएगी। मंदिर परिसर में शिव भक्तों के जुटने से धार्मिक वातावरण बना रहेगा। इस धार्मिक आयोजन से पूरे गांव में श्रद्धा और भक्ति का माहौल बना रहा। पुष्कर से जल लेकर पहुंचे कांवड़ियों के स्वागत में ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी ने कार्यक्रम को सफल बनाया।1
- माननीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह जी ने प्रदेश के चहुंमुखी विकास को नई गति प्रदान करते हुए ₹5,659 करोड़ से अधिक की लागत के विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। इन परियोजनाओं से राजस्थान के विकास को नई दिशा और गति मिलेगी।1
- कड़ेल क्षेत्र से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है। एक राजकीय विद्यालय में छात्राओं ने स्कूल के प्रिंसिपल पर गंभीर आरोप लगाए हैं। छात्राओं का आरोप है कि उनके साथ अनुचित तरीके से व्यवहार किया गया और ‘बैड टच’ किया गया। कड़ेल क्षेत्र से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है। एक राजकीय विद्यालय में छात्राओं ने स्कूल के प्रिंसिपल पर गंभीर आरोप लगाए हैं। छात्राओं का आरोप है कि उनके साथ अनुचित तरीके से व्यवहार किया गया और ‘बैड टच’ किया गया। मामले की जानकारी सामने आने के बाद ग्रामीणों में भारी रोष देखने को मिला। बड़ी संख्या में ग्रामीण स्कूल परिसर पहुंचे और मामले में कार्रवाई की मांग की। सूचना पर स्थानीय पुलिस और तहसीलदार के भी मौके पर पहुंचने की खबर है। वहीं, छात्राओं ने मीडिया के सामने अपनी पीड़ा बताते हुए पूरे मामले की जानकारी दी। फिलहाल, लगाए गए आरोपों की जांच के बाद ही मामले की पूरी सच्चाई सामने आ सकेगी।1
- नाबालिग से दुष्कर्म के प्रयास का आरोपी गिरफ्तार, पीसांगन पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों से दबोचा नाबालिग से दुष्कर्म के प्रयास का आरोपी गिरफ्तार, पीसांगन पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों से दबोचा महिला अत्याचार संबंधी गंभीर अपराधों की रोकथाम एवं अपराधियों की धरपकड़ के लिए पीसांगन थाना पुलिस ने नाबालिग से दुष्कर्म के प्रयास के मामले में फरार आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार 13 अगस्त 2026 को परिवादी ने अपनी नाबालिग पुत्री के साथ आरोपी द्वारा घर बुलाकर छेड़छाड़ करने तथा दुष्कर्म का प्रयास करने के संबंध में रिपोर्ट दी थी। इस पर पीसांगन थाने में मुकदमा नंबर 160/2026 दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए थानाधिकारी पारूल यादव के नेतृत्व में टीम गठित की गई। पुलिस ने संदिग्ध मोबाइल नंबर की जांच एवं तकनीकी साक्ष्यों की सहायता से घटना के बाद से फरार चल रहे सुनील पुत्र नोरतमल, जाति रेगर, उम्र 20 वर्ष, निवासी सेठन, थाना पीसांगन को डिटेन किया। अनुसंधान के बाद आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। मामले में अग्रिम अनुसंधान जारी है। कार्रवाई करने वाली टीम में थानाधिकारी पारूल यादव, सहायक उपनिरीक्षक गणेशराम, हेड कांस्टेबल रामाकिशन, बाबूलाल व महेश कुमार तथा कांस्टेबल कमलेश और जोराराम शामिल रहे। पुलिस ने आमजन से अपील की है कि नाबालिगों की सुरक्षा सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। बच्चों के साथ किसी भी प्रकार की गलत हरकत को नजरअंदाज न करें और ऐसी घटना की जानकारी तुरंत पुलिस को दें।1