पीलीभीत जिले के बीसलपुर ब्लॉक सभागार में मंगलवार को जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में ग्राम प्रधान प्रशासक, बीडीसी सदस्य और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण विकास, प्रधानमंत्री आवास योजना, मुख्यमंत्री आवास योजना, आयुष्मान कार्ड, प्राकृतिक खेती और ग्राम पंचायतों की विकास कार्ययोजनाओं पर विस्तार से चर्चा करना था, जिसमें जिलाधिकारी ने गाॅवों के विकास और युवाओं के रोजगार पर विशेष जोर दिया। जिलाधिकारी ने सभी ग्राम प्रधान प्रशासकों को निर्देश दिए कि वे अपनी-अपनी ग्राम पंचायतों की विकास कार्ययोजनाएँ शीघ्र तैयार कर प्रस्तुत करें, जिनकी ब्लॉक स्तर पर अधिकारियों की उपस्थिति में समीक्षा कर स्वीकृति प्रदान की जाएगी। उन्होंने शत-प्रतिशत आयुष्मान कार्ड बनवाने के लिए विशेष अभियान चलाने और आवश्यक शिविर आयोजित करने के निर्देश दिए। किसानों को प्राकृतिक खेती से जोड़ने पर जोर देते हुए उसके लाभ बताए गए। जिलाधिकारी ने क्षेत्र के शिक्षित युवाओं से जल्द से जल्द जिला सेवायोजन पोर्टल पर पंजीकरण कराने को कहा ताकि उन्हें निजी कम्पनियों में रोजगार के अवसर मिल सकें। इसके अतिरिक्त, उन्होंने प्रत्येक पंचायत से कम से कम 10 युवाओं को मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के तहत ₹5 लाख तक का ऋण दिलाने का प्रयास करने का निर्देश दिया और आवास सूची की जानकारी भी ली। कन्या सुमंगला योजना और मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना सहित अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी दी गई, साथ ही ग्राम प्रधानों को गांव के छोटे-मोटे आपसी विवादों को गांव स्तर पर ही सुलझाने की सलाह दी गई। मुख्य विकास अधिकारी सतीश प्रसाद मिश्र ने मुख्यमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) की प्रगति की समीक्षा करते हुए बताया कि जनपद को 1787 आवासों का लक्ष्य प्राप्त हुआ है, जबकि अभी तक विकासखंडों से केवल 890 पात्र लाभार्थियों की सूची ही मिली है। उन्होंने पात्र परिवारों से ग्राम पंचायत सचिव या खंड विकास अधिकारी से संपर्क कर योजना का लाभ उठाने की अपील की। जिलाधिकारी ने सभी ग्राम पंचायतों में श्मशान भवन निर्माण तथा जर्जर पंचायत भवनों की मरम्मत एवं सुधार कार्य कराने के निर्देश भी दिए। इस अवसर पर बीसलपुर के माननीय विधायक विवेक वर्मा ने कहा कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी चौपालों के माध्यम से गांव-गांव तक पहुंचाई जाए ताकि पात्र व्यक्तियों को पूरा लाभ मिल सके। उन्होंने ग्रामीण विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और पात्र लाभार्थियों तक लाभ पहुंचाने पर विशेष जोर दिया। विधायक ने सभी से अपने गांव को एक आदर्श गांव बनाने में योगदान देने का आग्रह किया, जिससे जनपद, प्रदेश और देश को प्रगति मिलेगी।
पीलीभीत जिले के बीसलपुर ब्लॉक सभागार में मंगलवार को जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में ग्राम प्रधान प्रशासक, बीडीसी सदस्य और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण विकास, प्रधानमंत्री आवास योजना, मुख्यमंत्री आवास योजना, आयुष्मान कार्ड, प्राकृतिक खेती और ग्राम पंचायतों की विकास कार्ययोजनाओं पर विस्तार से चर्चा करना था, जिसमें जिलाधिकारी ने गाॅवों के विकास और युवाओं के रोजगार पर विशेष जोर दिया। जिलाधिकारी ने सभी ग्राम प्रधान प्रशासकों को निर्देश दिए कि वे अपनी-अपनी ग्राम पंचायतों की विकास कार्ययोजनाएँ शीघ्र तैयार कर प्रस्तुत करें, जिनकी ब्लॉक
स्तर पर अधिकारियों की उपस्थिति में समीक्षा कर स्वीकृति प्रदान की जाएगी। उन्होंने शत-प्रतिशत आयुष्मान कार्ड बनवाने के लिए विशेष अभियान चलाने और आवश्यक शिविर आयोजित करने के निर्देश दिए। किसानों को प्राकृतिक खेती से जोड़ने पर जोर देते हुए उसके लाभ बताए गए। जिलाधिकारी ने क्षेत्र के शिक्षित युवाओं से जल्द से जल्द जिला सेवायोजन पोर्टल पर पंजीकरण कराने को कहा ताकि उन्हें निजी कम्पनियों में रोजगार के अवसर मिल सकें। इसके अतिरिक्त, उन्होंने प्रत्येक पंचायत से कम से कम 10 युवाओं को मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के तहत ₹5 लाख तक का ऋण दिलाने का प्रयास करने का निर्देश दिया और
आवास सूची की जानकारी भी ली। कन्या सुमंगला योजना और मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना सहित अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी दी गई, साथ ही ग्राम प्रधानों को गांव के छोटे-मोटे आपसी विवादों को गांव स्तर पर ही सुलझाने की सलाह दी गई। मुख्य विकास अधिकारी सतीश प्रसाद मिश्र ने मुख्यमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) की प्रगति की समीक्षा करते हुए बताया कि जनपद को 1787 आवासों का लक्ष्य प्राप्त हुआ है, जबकि अभी तक विकासखंडों से केवल 890 पात्र लाभार्थियों की सूची ही मिली है। उन्होंने पात्र परिवारों से ग्राम पंचायत सचिव या खंड विकास अधिकारी से संपर्क कर योजना का लाभ उठाने
की अपील की। जिलाधिकारी ने सभी ग्राम पंचायतों में श्मशान भवन निर्माण तथा जर्जर पंचायत भवनों की मरम्मत एवं सुधार कार्य कराने के निर्देश भी दिए। इस अवसर पर बीसलपुर के माननीय विधायक विवेक वर्मा ने कहा कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी चौपालों के माध्यम से गांव-गांव तक पहुंचाई जाए ताकि पात्र व्यक्तियों को पूरा लाभ मिल सके। उन्होंने ग्रामीण विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और पात्र लाभार्थियों तक लाभ पहुंचाने पर विशेष जोर दिया। विधायक ने सभी से अपने गांव को एक आदर्श गांव बनाने में योगदान देने का आग्रह किया, जिससे जनपद, प्रदेश और देश को प्रगति मिलेगी।
- पीलीभीत के बरखेड़ा ब्लॉक स्थित पतरासा कुंवरपुर गांव में मुख्यमंत्री के प्रस्तावित दौरे को लेकर प्रशासनिक तैयारियां तेज हो गई हैं। इस दौरे के मद्देनजर जनसभा स्थल, सुरक्षा व्यवस्था और ग्राम सचिवालय का लगातार निरीक्षण किया जा रहा है।1
- पुलिस अधीक्षक पीलीभीत श्री सुकीर्ति माधव ने मोहर्रम पर्व को सकुशल एवं शांतिपूर्ण वातावरण में सम्पन्न कराने के उद्देश्य से नगर क्षेत्र और थाना जहानाबाद क्षेत्र (ललौरी खेड़ा) में संवेदनशील एवं ताजिए रखने वाले स्थानों का गहन भ्रमण किया। इस दौरान उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण करते हुए भारी पुलिस बल के साथ रूट मार्च भी किया और यातायात व्यवस्था एवं अतिक्रमण नियंत्रण के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। पर्व के ताजिएदारों एवं आयोजकों को परम्परानुसार एवं शांतिपूर्ण ढंग से कार्यक्रम आयोजित करने, निर्धारित मानकों के अनुरूप ध्वनि यंत्रों का प्रयोग करने तथा किसी भी प्रकार के अस्त्र-शस्त्र का प्रदर्शन न करने के लिए निर्देशित किया गया। इसके अतिरिक्त, उन्हें ताजियों की निर्धारित ऊंचाई का पालन करने, उन्हें केवल चिन्हित स्थलों पर दफनाने, यातायात व्यवस्था सुचारु बनाए रखने और समस्त आयोजनों की वीडियोग्राफी सुनिश्चित कराने हेतु भी निर्देश दिए गए। पुलिस अधीक्षक ने अधिकारियों को कानून-व्यवस्था बनाए रखने तथा किसी भी अफवाह अथवा असामाजिक गतिविधि पर तत्काल प्रभावी कार्यवाही करने के निर्देश दिए। संबंधित क्षेत्राधिकारीगण एवं प्रभारी निरीक्षकों को अपने-अपने क्षेत्र में लगातार भ्रमणशील रहकर सतत निगरानी बनाए रखने, संवेदनशील स्थलों पर विशेष सतर्कता बरतने तथा किसी भी सूचना पर तुरंत आवश्यक एवं प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित करने के आदेश दिए गए। इस अवसर पर अपर पुलिस अधीक्षक श्री विक्रम दहिया, प्रभारी निरीक्षक थाना कोतवाली, प्रभारी निरीक्षक थाना जहानाबाद, यातायात प्रभारी सहित अन्य पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारीगण उपस्थित रहे।4
- बिलसंडा ब्लॉक की ग्राम पंचायत कनपरी निवासी 85 वर्षीय सुशीला देवी, पत्नी स्वर्गीय रामचंद्र लाल, ने पूरी श्रद्धा और भक्ति के साथ निर्जला एकादशी का व्रत रखा। हिंदू धर्म में इस व्रत का विशेष महत्व है, जहाँ यह मान्यता है कि बिना जल ग्रहण किए भगवान विष्णु की आराधना करने से सभी एकादशियों का पुण्य प्राप्त होता है। सुशीला देवी पिछले कई वर्षों से इस पवित्र व्रत का पालन कर रही हैं, और उनकी बढ़ती उम्र के बावजूद धर्म व आस्था के प्रति उनका यह समर्पण ग्रामीणों के लिए एक प्रेरणा का स्रोत बना हुआ है। उनके परिवार के अन्य सदस्यों ने भी निर्जला एकादशी का व्रत रखकर धार्मिक परंपराओं का निर्वहन किया। सुशीला देवी के पुत्र अशोक त्रिवेदी, जो कनपरी के बीटीसी सदस्य भी हैं, ने बताया कि उनके परिवार में धार्मिक संस्कारों को विशेष महत्व दिया जाता है। निर्जला एकादशी के इस अवसर पर भगवान विष्णु की पूजा-अर्चना के साथ-साथ भजन-कीर्तन और दान-पुण्य के कार्यक्रम भी आयोजित किए गए। ग्रामीणों ने सुशीला देवी के स्वास्थ्य और दीर्घायु की कामना करते हुए उनके धार्मिक जीवन की सराहना की। यह व्रत क्षेत्र में आस्था, संस्कृति और पारिवारिक एकता का एक महत्वपूर्ण प्रतीक बनकर उभरा है।3
- मुख्यमंत्री योगी के पीलीभीत दौरे को लेकर फिलहाल एक प्रश्नचिह्न है, लेकिन इसी संभावना के मद्देनजर पतरासा कुंवरपुर क्षेत्र में तैयारियां तेज कर दी गई हैं।1
- पीलीभीत जिले के ब्लॉक बीसलपुर के ग्राम रोहनिया में इस साल भी अलम का वार्षिक जुलूस पारंपरिक भव्यता और शानो-शौकत के साथ निकाला गया। यह आयोजन हर साल की तरह धूमधाम से संपन्न हुआ।1
- ग्राम रोहनिया में हर साल की तरह इस साल भी बड़े शानो-शौकत के साथ अलम का जुलूस निकाला गया। यह जुलूस जैनुल हसन पत्रकार के घर से होते हुए सैयद साहब की दरगाह से होकर करबला में स्थापित किया गया।3
- आज बच्चों ने राहगीरों के बीच शरबत का वितरण किया। इस पहल से राहगीरों को ठंडी राहत मिली और उन्होंने बच्चों के इस कार्य की खूब सराहना की।1
- गुरुवार, 25 जून 2026 को मरौरी ब्लॉक सभागार में जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह की अध्यक्षता में ग्राम प्रधान प्रशासकों, बीडीसी सदस्यों और विभिन्न विभागों के अधिकारियों की एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में ग्रामीण विकास, आवास योजनाओं, आयुष्मान कार्ड, प्राकृतिक खेती और ग्राम पंचायतों की विकास कार्ययोजनाओं पर गहन चर्चा हुई। जिलाधिकारी ने प्रधानमंत्री आवास योजना की सूची से नाम कटने की शिकायतों पर संज्ञान लेते हुए कहा कि जो पात्र व्यक्ति योजना का लाभ नहीं ले पाए हैं, उन्हें मुख्यमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत लाभान्वित करने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने सभी ग्राम प्रधान प्रशासकों को निर्देश दिए कि वे अपनी-अपनी ग्राम पंचायतों की विकास कार्ययोजनाएं शीघ्र तैयार कर प्रस्तुत करें, जिनकी ब्लॉक स्तर पर समीक्षा के बाद स्वीकृति दी जाएगी। जिलाधिकारी ने प्रत्येक नागरिक से अपने गांव को एक आदर्श गांव बनाने में योगदान देने का आह्वान किया। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि गांव के छोटे-मोटे विवादों को आपसी समन्वय से सुलझाया जाए, नियमित चौपालें आयोजित की जाएं, उनमें प्राप्त शिकायतों का निराकरण हो और जन-जागरूकता बढ़ाई जाए। इसके अतिरिक्त, सभी ग्राम पंचायतों में शत-प्रतिशत आयुष्मान कार्ड बनवाने के लिए विशेष अभियान चलाने और आवश्यकता पड़ने पर शिविर लगाने के भी निर्देश दिए गए। बैठक में किसानों को प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित करते हुए जिलाधिकारी ने इसके लाभों की जानकारी दी। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि प्रत्येक ग्राम पंचायत से कम से कम 10 युवाओं को मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के तहत पांच लाख रुपये तक का ऋण उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाए। कन्या सुमंगला योजना और मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना सहित अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी दी गई। जिलाधिकारी ने सभी ग्राम पंचायतों में श्मशान भवनों के निर्माण तथा जर्जर पंचायत भवनों की मरम्मत एवं सुधार कार्य कराने के भी निर्देश जारी किए। मुख्य विकास अधिकारी सतीश प्रसाद मिश्र ने मुख्यमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) की समीक्षा करते हुए बताया कि जनपद को 1787 आवासों का लक्ष्य मिला है, जबकि अब तक केवल 890 पात्र लाभार्थियों की सूची ही प्राप्त हुई है। उन्होंने पात्र परिवारों से ग्राम पंचायत सचिव अथवा खंड विकास अधिकारी से संपर्क कर सरकारी योजनाओं का लाभ लेने का आग्रह किया। इस दौरान, बरखेड़ा विधायक स्वामी प्रवक्तानन्द जी ने सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी, जबकि ब्लॉक प्रमुख सभ्यता वर्मा ने चौपालों के माध्यम से योजनाओं की जानकारी गांव-गांव तक पहुँचाने की आवश्यकता पर जोर दिया, ताकि पात्र लोगों को उनका पूरा लाभ मिल सके। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी सतीश प्रसाद मिश्र, परियोजना निदेशक, खंड विकास अधिकारी मरौरी, जिला प्रोबेशन अधिकारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, ग्राम प्रधान प्रशासक और बीडीसी सदस्य उपस्थित रहे।4