केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी 'जल जीवन मिशन - हर घर नल जल योजना' का सपना दुर्ग जिले के धमधा ब्लॉक के ग्राम पंचायत बोरी के आश्रित ग्राम परसदा खुर्द में अधूरा रह गया है। लगभग 4 साल पहले शुरू हुआ पानी टंकी का निर्माण कार्य खंडहर में तब्दील हो चुका है, जबकि ग्रामीण चिलचिलाती गर्मी में बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे हैं। ग्रामीणों का सीधा आरोप है कि टेंडर होने के बाद काम शुरू तो किया गया, लेकिन ठेकेदार ने इसे बीच में ही लावारिस छोड़ दिया, जिससे लाखों रुपये की लागत से बन रही यह टंकी अब बर्बाद हो रही है। जल जीवन मिशन के तहत साल 2022 में इस पानी टंकी का निर्माण शुरू हुआ था, लेकिन ठेकेदार छत ढालने और पाइपलाइन बिछाने का काम अधूरा छोड़कर गायब हो गया। ग्रामीणों ने कई बार स्थानीय सरपंच, पंच और लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (PHE) विभाग के अधिकारियों से शिकायत की, लेकिन उन्हें केवल खोखले आश्वासन ही मिले। स्थानीय ग्रामीण दिनेश कुमार पटेल ने बताया कि उन्होंने 4 महीने पहले PHE विभाग के अधिकारी से दो बार फोन पर बात की थी, जिन्होंने गर्मी शुरू होने से पहले काम पूरा करने का आश्वासन दिया था, लेकिन आज तक एक ईंट भी नहीं रखी गई। मजबूरन ग्रामीणों को CM हेल्पलाइन 1076 पर शिकायत दर्ज करानी पड़ी, जिसका शिकायत क्रमांक cc260600036275 है। लंबे इंतजार के बाद अब ग्रामीणों का सब्र का बांध टूट चुका है और उन्होंने उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है। ग्रामीणों ने दो-टूक कहा है कि यदि अगले 30 दिनों के भीतर पानी टंकी का निर्माण कार्य दोबारा शुरू नहीं किया गया, तो वे जिला कलेक्टर कार्यालय का घेराव करेंगे। इसके साथ ही, वे अपनी आवाज दिल्ली तक पहुंचाने के लिए CPGRAMS (केंद्रीय लोक शिकायत निवारण और निगरानी प्रणाली) पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कराने की तैयारी कर रहे हैं। ग्रामीणों ने एक बड़ा सवाल उठाया है कि जब प्रधानमंत्री की सर्वोच्च प्राथमिकता वाली योजना का जमीनी स्तर पर यह हाल है, तो पिछले लगभग 4 सालों से जिम्मेदार अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौन क्यों हैं? वे जानना चाहते हैं कि क्या जनता के टैक्स की गाढ़ी कमाई से बना लाखों का यह सरकारी पैसा यूं ही प्रशासनिक लापरवाही की भेंट चढ़ जाएगा।
केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी 'जल जीवन मिशन - हर घर नल जल योजना' का सपना दुर्ग जिले के धमधा ब्लॉक के ग्राम पंचायत बोरी के आश्रित ग्राम परसदा खुर्द में अधूरा रह गया है। लगभग 4 साल पहले शुरू हुआ पानी टंकी का निर्माण कार्य खंडहर में तब्दील हो चुका है, जबकि ग्रामीण चिलचिलाती गर्मी में बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे हैं। ग्रामीणों का सीधा आरोप है कि टेंडर होने के बाद काम शुरू तो किया गया, लेकिन ठेकेदार ने इसे बीच में ही लावारिस छोड़ दिया, जिससे लाखों रुपये की लागत से बन रही यह टंकी अब बर्बाद हो रही है। जल जीवन मिशन के तहत साल 2022 में इस पानी टंकी का निर्माण शुरू हुआ था, लेकिन ठेकेदार छत ढालने और पाइपलाइन बिछाने का काम अधूरा छोड़कर गायब हो गया। ग्रामीणों ने कई बार स्थानीय सरपंच, पंच और लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (PHE) विभाग के अधिकारियों से शिकायत की, लेकिन उन्हें केवल खोखले आश्वासन ही मिले। स्थानीय ग्रामीण दिनेश कुमार पटेल ने बताया कि उन्होंने 4 महीने पहले PHE विभाग के अधिकारी से दो बार फोन पर बात की थी, जिन्होंने गर्मी शुरू होने से पहले काम पूरा करने का आश्वासन दिया था, लेकिन आज तक एक ईंट भी नहीं रखी गई। मजबूरन ग्रामीणों को CM हेल्पलाइन 1076 पर शिकायत दर्ज करानी पड़ी, जिसका शिकायत क्रमांक cc260600036275 है। लंबे इंतजार के बाद अब ग्रामीणों का सब्र का बांध टूट चुका है और उन्होंने उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है। ग्रामीणों ने दो-टूक कहा है कि यदि अगले 30 दिनों के भीतर पानी टंकी का निर्माण कार्य दोबारा शुरू नहीं किया गया, तो वे जिला कलेक्टर कार्यालय का घेराव करेंगे। इसके साथ ही, वे अपनी आवाज दिल्ली तक पहुंचाने के लिए CPGRAMS (केंद्रीय लोक शिकायत निवारण और निगरानी प्रणाली) पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कराने की तैयारी कर रहे हैं। ग्रामीणों ने एक बड़ा सवाल उठाया है कि जब प्रधानमंत्री की सर्वोच्च प्राथमिकता वाली योजना का जमीनी स्तर पर यह हाल है, तो पिछले लगभग 4 सालों से जिम्मेदार अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौन क्यों हैं? वे जानना चाहते हैं कि क्या जनता के टैक्स की गाढ़ी कमाई से बना लाखों का यह सरकारी पैसा यूं ही प्रशासनिक लापरवाही की भेंट चढ़ जाएगा।
- शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला कोहका में 21 जून 2026 को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस बड़े उत्साह के साथ मनाया गया। इस विशेष कार्यक्रम में गांव की महिलाएं, ग्रामीणजन, शिक्षकगण, पंचगण, छात्र-छात्राएं और पत्रकार धीरेंद्र कुमार जायसवाल सहित बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित सभी प्रतिभागियों ने सामूहिक रूप से योगासन, प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास किया। योग के विभिन्न आसनों के माध्यम से स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का महत्वपूर्ण संदेश दिया गया। शिक्षकों और वक्ताओं ने योग के शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक लाभों पर प्रकाश डाला, साथ ही सभी को नियमित योगाभ्यास करने की प्रेरणा दी। उन्होंने यह भी बताया कि योग भारत की प्राचीन संस्कृति की एक अनमोल धरोहर है, जो व्यक्ति को स्वस्थ, निरोग और तनावमुक्त जीवन जीने का मार्ग दिखाता है, तथा यह केवल व्यायाम नहीं, बल्कि शरीर, मन और आत्मा के संतुलन का माध्यम भी है। इस अवसर पर, महिलाओं, विद्यार्थियों और ग्रामीणों ने कार्यक्रम में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और स्वस्थ समाज के निर्माण के लिए योग को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।1
- अजयगढ़ वीडियो वायरल ज्यादा से ज्यादा वीडियो वायरल करने वाली2
- राजनांदगांव की संस्कारधानी में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ एक 3 वर्षीय मासूम के साथ अमानवीय कृत्य किया गया। इस मामले में कार्रवाई करते हुए, आरोपी को जेल भेज दिया गया है।1
- कबीरधाम जिले के पुलिस अधीक्षक श्री धर्मेंद्र सिंह (आईपीएस) ने पूर्व में घोर नक्सल प्रभावित रहे छत्तीसगढ़-मध्यप्रदेश सीमा से लगे लाछा-मराडबरा-उमरझोला गांवों में रात्रि विश्राम किया। इसका उद्देश्य पुलिस-जन सहयोग को मजबूत करना और दूरस्थ अंचलों की समस्याओं को समझना था। इस दौरान उन्होंने विशेष पिछड़ी जनजाति बैगा समुदाय के भाई-बहनों और अन्य ग्रामीणों से मिलकर उनकी समस्याएं सुनीं तथा उन्हें शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए प्रेरित किया। पुलिस अधीक्षक श्री सिंह ने गांव में चौपाल लगाकर ग्रामीणों से सीधे संवाद स्थापित किया, जहाँ उन्होंने मूलभूत समस्याओं, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल और सुरक्षा संबंधी मुद्दों की जानकारी ली और संबंधित अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। ग्रामीणों ने भी पुलिस अधीक्षक के पहुंचने पर खुशी व्यक्त करते हुए अपनी परेशानियां साझा कीं। इसी क्रम में, श्री धर्मेंद्र सिंह ने थाना झलमला क्षेत्र के सोनवाही, बंदूकुंदा, सिलहरी और मध्यप्रदेश सीमा से लगे सोनवाही टोला व उमरझोला गांवों का भी दौरा किया। यहां उन्होंने शाला प्रवेश उत्सव में भाग लेकर बच्चों व पालकों को शिक्षा के महत्व के प्रति जागरूक किया, बंदूकुंदा के अस्थायी प्राथमिक कोचिंग सेंटर का निरीक्षण किया, और बच्चों को शैक्षणिक सामग्री वितरित करते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने बच्चों को नियमित अध्ययन करने और जीवन में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया। वर्षा ऋतु के मद्देनजर, पुलिस अधीक्षक ने ग्रामीणों को स्वास्थ्य संबंधी सावधानियों और स्वच्छता अपनाने की सलाह दी, जिसमें कुओं, झिरियों और बोरिंग के पानी को ब्लीचिंग पाउडर से सुरक्षित रखने तथा केवल शुद्ध पेयजल का सेवन करने पर जोर दिया। उन्होंने ग्रामीणों को जहरीले सांप, बिच्छू या अन्य कीट-मकोड़ों के काटने पर झाड़-फूंक या अंधविश्वास से दूर रहने और तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या अस्पताल में उचित उपचार कराने की सलाह दी, क्योंकि समय पर चिकित्सा ही जीवन की सुरक्षा का सबसे प्रभावी उपाय है। इसके अतिरिक्त, उन्होंने क्षेत्र के आश्रम एवं छात्रावासों का निरीक्षण किया, स्कूली बच्चों को शैक्षणिक सामग्री बांटी और पालकों से बच्चों को नियमित रूप से विद्यालय तथा आश्रम-छात्रावासों में भेजने का आग्रह किया। उन्होंने छात्रावास अधीक्षकों को परिसर की स्वच्छता, शुद्ध पेयजल की उपलब्धता और स्वास्थ्य व सुरक्षा की सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। श्री धर्मेंद्र सिंह ने अपनी प्रतिबद्धता दोहराई कि कबीरधाम पुलिस केवल कानून व्यवस्था तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचकर उसकी समस्याओं का समाधान करने और जनविश्वास को मजबूत करने के लिए भी संकल्पित है।1
- मुंगेली वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल ने 20 जून को पुलिस संवाद कक्ष में जिले की एक महत्वपूर्ण अपराध समीक्षा बैठक आयोजित की। इस बैठक में एएसपी नवनीत कौर छाबड़ा सहित जिले के सभी राजपत्रित अधिकारी और थाना-चौकी प्रभारी उपस्थित रहे। एसपी पटेल ने विशेष रूप से महिला एवं गुम बालिकाओं से जुड़े अपराधों, हत्या, हत्या का प्रयास, चोरी और नकबजनी जैसे गंभीर मामलों में तत्काल कार्रवाई करने के कड़े निर्देश दिए। साथ ही, उन्होंने सभी लंबित मर्ग, शिकायतों और अन्य अपराधों को आगामी 15 दिनों के भीतर निपटाने का लक्ष्य भी निर्धारित किया। बैठक के दौरान ऑपरेशन मुस्कान में तेजी लाने, बीट प्रणाली के माध्यम से स्मार्ट पुलिसिंग सुनिश्चित करने और साइबर धोखाधड़ी को रोकने के लिए GRM-MRM पोर्टल का प्रभावी ढंग से उपयोग करने पर भी बल दिया गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी, जिससे पुलिसिंग में गंभीरता और जवाबदेही बनी रहे।1
- जन-जागरूकता और सामाजिक सुरक्षा को मजबूत करने के लिए जिला पुलिस लगातार अभिनव प्रयास कर रही है। इसी कड़ी में, पुलिस अधीक्षक ओ.पी. शर्मा के निर्देश पर पलारी थाना पुलिस ने सतनाम भवन, बालसमुंद रोड, पलारी में एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। यह कार्यक्रम कराते बेल्ट ग्रेडिंग क्लास के दौरान रखा गया था, जिसमें बच्चों, युवाओं और उनके अभिभावकों को नए कानूनों और नशामुक्ति के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। कार्यक्रम के दौरान, कराते प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे छात्र-छात्राओं को देश में लागू नए कानूनों की सरल और व्यावहारिक भाषा में जानकारी दी गई। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इन कानूनों का मुख्य उद्देश्य नागरिकों को त्वरित न्याय दिलाना और समाज में सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करना है, खासकर महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा से जुड़े कानूनी प्रावधानों पर विशेष जोर दिया गया ताकि वे अपने अधिकारों और कानूनी संरक्षण के प्रति जागरूक हो सकें। इसके साथ ही, नशामुक्ति अभियान पर भी खास ध्यान दिया गया, जिसमें युवाओं और बच्चों को नशे के गंभीर परिणामों से अवगत कराया गया। पुलिस टीम ने स्पष्ट किया कि नशा व्यक्ति के स्वास्थ्य, परिवार और समाज तीनों के लिए घातक है और यह अनेक अपराधों की जड़ भी बनता है। उपस्थित सभी बच्चों और नागरिकों से जीवनभर नशे से दूर रहने तथा नशामुक्त समाज के निर्माण के लिए दूसरों को भी प्रेरित करने की अपील की गई। इस अवसर पर, पलारी थाना प्रभारी ने जोर देते हुए कहा कि आत्मरक्षा सीखना जितना आवश्यक है, उतना ही कानून की जानकारी होना भी जरूरी है। उन्होंने बताया कि जब बच्चे अपने अधिकारों, कर्तव्यों और कानूनी प्रावधानों को समझेंगे, तभी वे जागरूक, जिम्मेदार और सुरक्षित नागरिक बन सकेंगे। थाना प्रभारी ने कराते प्रशिक्षण ले रहे बच्चों का उत्साहवर्धन किया और उन्हें अनुशासन, आत्मविश्वास तथा सामाजिक जिम्मेदारी का संदेश दिया। कार्यक्रम में कराते क्लास के मुख्य प्रशिक्षक, बेल्ट ग्रेडिंग में शामिल बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं, उनके अभिभावक और पलारी थाना पुलिस स्टाफ मौजूद रहा। अभिभावकों और स्थानीय नागरिकों ने पुलिस की इस सकारात्मक और जनहितैषी पहल की सराहना करते हुए इसे बच्चों के सर्वांगीण विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।1
- पन्ना जिले के माधवगंज क्षेत्र में एक नल खराब हो गया है। यह जानकारी पन्ना जिले के रोहनिया क्षेत्र और अजयगढ़ मोहल्ले से संबंधित है।1
- राजनांदगांव के दिग्विजय स्टेडियम में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर एक भव्य जिला स्तरीय योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डॉ. सिंह ने जोर देकर कहा कि योग स्वस्थ, संतुलित और सार्थक जीवन के लिए एक मार्ग प्रदान करता है। कार्यक्रम के दौरान अबूझमाड़ मल्लखंब अकादमी के बच्चों ने अपना शानदार प्रदर्शन दिखाया, जिस पर डॉ. रमन सिंह ने प्रभावित होकर उन्हें 51 हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि देने की घोषणा की। अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर राजनांदगांव में लोगों का जनसैलाब उमड़ पड़ा, जहाँ योग से निरोग रहने का महत्वपूर्ण संदेश दिया गया।1
- कबीरधाम जिले के बोड़ला नगर पंचायत स्थित आदिमजाति सेवा सहकारी समिति (वार्ड नंबर 10) कार्यालय के सामने अव्यवस्था का अंबार लगा हुआ है, जहाँ किसानों को अपनी जान जोखिम में डालकर भारी-भरकम खाद की बोरियाँ ढोने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। खेती-किसानी के चरम मौसम में किसान खाद-यूरिया के लिए दफ्तरों के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन प्रशासनिक अमला और ठेकेदार मिलकर उन्हें दोहरी मार दे रहे हैं। सहकारी कार्यालय के ठीक सामने नाली निर्माण का कार्य चल रहा है, जिसे ठेकेदार की सुविधा के अनुसार किया जा रहा है, न कि किसानों की सुगमता को ध्यान में रखकर। ऐसा प्रतीत होता है कि इस रसूखदार ठेकेदार के आगे पूरा प्रशासनिक तंत्र बेबस हो चुका है। सिर पर 50 किलो का वजन लेकर किसानों को "मौत के गड्ढे" जैसी खतरनाक स्थिति से गुजरना पड़ रहा है। प्रशासन पर यह सवाल उठाया जा रहा है कि क्या उन्हें यह अंदाजा नहीं था कि खेती का सीजन शुरू हो चुका है और इस दौरान सहकारी कार्यालय पर सबसे अधिक भीड़ होगी, और क्या इस हिस्से का निर्माण प्राथमिकता से पूरा नहीं किया जा सकता था ताकि किसानों को सुचारू रास्ता मिल सके।1