मुख्य सचिव ने सुरक्षित मातृत्व सेवाओं की समीक्षा की गर्भवती महिलाओं के लिए रेफरल परिवहन तंत्र को और सुदृढ़ किया जाए - मुख्य सचिव मुख्य सचिव ने सुरक्षित मातृत्व सेवाओं की समीक्षा की गर्भवती महिलाओं के लिए रेफरल परिवहन तंत्र को और सुदृढ़ किया जाए - मुख्य सचिव सुरक्षित प्रसव एवं जननी एक्सप्रेस के संबंध में परिपत्र जारी करने के निर्देश एनीमिया एवं हाईपरटेंशन के उपचार प्रोटोकॉल की एसओपी जारी होगी मुख्य सचिव श्री वी. श्रीनिवास ने गर्भवती महिलाओं को समय पर गुणवत्तापूर्ण उपचार उपलब्ध कराने के लिए रेफरल परिवहन तंत्र को और अधिक सुदृढ़ करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने सुरक्षित प्रसव एवं जननी एक्सप्रेस सेवाओं के प्रभावी संचालन के लिए स्पष्ट दिशा-निर्देशों सहित परिपत्र जारी करने को कहा। साथ ही निर्देश दिए कि उच्च जोखिम (हाई रिस्क) वाली गर्भवती महिलाओं को सुरक्षित प्रसव सुनिश्चित करने के लिए संभावित प्रसव तिथि से एक-दो दिन पूर्व ही उच्च स्तरीय स्वास्थ्य संस्थान में रेफर किया जाए। मुख्य सचिव शनिवार को स्वास्थ्य भवन से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से मेडिकल कॉलेजों के प्राचार्यों, अस्पताल अधीक्षकों, संयुक्त निदेशकों, पीएमओ, आरसीएचओ एवं सीएमएचओ के साथ सुरक्षित मातृत्व सेवाओं की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने गर्भवती महिलाओं में गंभीर एनीमिया (सीवियर एनीमिया) के मामलों में कमी आने तथा उन्हें माइल्ड एनीमिया श्रेणी में लाने के प्रयासों पर संतोष व्यक्त किया। बैठक में मुख्य सचिव ने मातृ मृत्यु के विभिन्न कारणों की विस्तार से समीक्षा की। उन्होंने भीलवाड़ा में हाल ही में हुई मातृ मृत्यु के मामले की विस्तृत जानकारी प्राप्त की तथा शाहपुरा सीएचसी के स्त्री रोग विशेषज्ञ और एएनएम से सीधे संवाद कर घटनाक्रम की जानकारी ली। उन्होंने संबंधित चिकित्सकों से चर्चा कर उपचार व्यवस्था एवं प्रोटोकॉल की समीक्षा भी की। श्री वी. श्रीनिवास ने ‘प्रसव सखी’ पहल के क्रियान्वयन की भी समीक्षा की तथा इसके माध्यम से गर्भवती महिलाओं को दी जा रही सहायता एवं सेवाओं के संबंध में फीडबैक प्राप्त किया। उन्होंने अलवर, भरतपुर एवं दौसा के सीएमएचओ तथा आरसीएचओ से हाई रिस्क प्रेग्नेंसी वाली महिलाओं की पहचान, उपचार तथा फील्ड स्तर पर एएनएम द्वारा एनीमिया एवं हाईपरटेंशन के लक्षणों की निगरानी की जानकारी ली। बैठक में स्त्री रोग विशेषज्ञों ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संबंधित चिकित्सकों को उपचार प्रबंधन एवं प्रोटोकॉल के संबंध में आवश्यक मार्गदर्शन भी दिया। मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं में एनीमिया एवं हाईपरटेंशन के उपचार और प्रबंधन के लिए मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) जारी की जाए, ताकि पूरे प्रदेश में एक समान उपचार प्रोटोकॉल की प्रभावी पालना सुनिश्चित हो सके। उन्होंने ब्यावर, चित्तौड़गढ़, बारां, झालावाड़ एवं सलूम्बर जिलों में एनीमिया और हाईपरटेंशन की स्क्रीनिंग एवं उपचार पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। बैठक में सर्जिकल प्रोटोकॉल, औषधि उपलब्धता तथा 104 एवं 108 एम्बुलेंस सेवाओं की समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए गए। श्री वी. श्रीनिवास ने स्पष्ट कहा कि रक्त की उपलब्धता के अभाव में किसी भी गर्भवती महिला की मृत्यु नहीं होनी चाहिए। उन्होंने आवश्यकता वाले क्षेत्रों में विशेष रक्तदान शिविर आयोजित करने के निर्देश दिए। साथ ही बीकानेर, अजमेर, जोधपुर, उदयपुर एवं कोटा मेडिकल कॉलेजों के प्राचार्यों से हाई रिस्क गर्भवती महिलाओं के प्रसव प्रबंधन, आईसीयू सुविधाओं तथा उपचार प्रोटोकॉल की जानकारी ली। प्रमुख शासन सचिव, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, श्रीमती गायत्री राठौड़ ने बैठक में ‘प्रसव सखी’ पहल, हाई रिस्क प्रेग्नेंसी वाली महिलाओं की एएनएम स्तर पर सूचीबद्धता, गंभीर एनीमिया को नियंत्रित करने के लिए किए जा रहे प्रयासों तथा विभिन्न उपचार प्रोटोकॉल के प्रभावी क्रियान्वयन की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। बैठक में मिशन निदेशक, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन डॉ. जोगाराम, चिकित्सा शिक्षा आयुक्त श्री बाबूलाल गोयल, राजस्थान हेल्थ एश्योरेंस एजेंसी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री हरजीलाल अटल, अतिरिक्त मिशन निदेशक एनएचएम डॉ. टी. शुभमंगला, राजस्थान हेल्थ एश्योरेंस एजेंसी की अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्रीमती निधि पटेल सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
मुख्य सचिव ने सुरक्षित मातृत्व सेवाओं की समीक्षा की गर्भवती महिलाओं के लिए रेफरल परिवहन तंत्र को और सुदृढ़ किया जाए - मुख्य सचिव मुख्य सचिव ने सुरक्षित मातृत्व सेवाओं की समीक्षा की गर्भवती महिलाओं के लिए रेफरल परिवहन तंत्र को और सुदृढ़ किया जाए - मुख्य सचिव सुरक्षित प्रसव एवं जननी एक्सप्रेस के संबंध में परिपत्र जारी करने के निर्देश एनीमिया एवं हाईपरटेंशन के उपचार प्रोटोकॉल की एसओपी जारी होगी मुख्य सचिव श्री वी. श्रीनिवास ने गर्भवती महिलाओं को समय पर गुणवत्तापूर्ण उपचार उपलब्ध कराने के लिए रेफरल परिवहन तंत्र को और अधिक सुदृढ़ करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने सुरक्षित प्रसव एवं जननी एक्सप्रेस सेवाओं के प्रभावी संचालन के लिए स्पष्ट दिशा-निर्देशों सहित परिपत्र जारी करने को कहा। साथ ही निर्देश दिए कि उच्च जोखिम (हाई रिस्क) वाली गर्भवती महिलाओं को सुरक्षित प्रसव सुनिश्चित करने के लिए संभावित प्रसव तिथि से एक-दो दिन पूर्व ही उच्च स्तरीय स्वास्थ्य संस्थान में रेफर किया जाए। मुख्य सचिव शनिवार को स्वास्थ्य भवन से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से मेडिकल कॉलेजों के प्राचार्यों, अस्पताल अधीक्षकों, संयुक्त निदेशकों, पीएमओ, आरसीएचओ एवं सीएमएचओ के साथ सुरक्षित मातृत्व सेवाओं की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने गर्भवती महिलाओं में गंभीर एनीमिया (सीवियर एनीमिया) के मामलों में कमी आने तथा उन्हें माइल्ड एनीमिया श्रेणी में लाने के प्रयासों पर संतोष व्यक्त किया। बैठक में मुख्य सचिव ने मातृ मृत्यु के विभिन्न कारणों की विस्तार से समीक्षा की। उन्होंने भीलवाड़ा में हाल ही में हुई मातृ मृत्यु के मामले की विस्तृत जानकारी प्राप्त की तथा शाहपुरा सीएचसी के स्त्री रोग विशेषज्ञ और एएनएम से सीधे संवाद कर घटनाक्रम की जानकारी ली। उन्होंने संबंधित चिकित्सकों से चर्चा कर उपचार व्यवस्था एवं प्रोटोकॉल की समीक्षा भी की। श्री वी. श्रीनिवास ने ‘प्रसव सखी’ पहल के क्रियान्वयन की भी समीक्षा की तथा इसके माध्यम से गर्भवती महिलाओं को दी जा रही सहायता एवं सेवाओं के संबंध में फीडबैक प्राप्त किया। उन्होंने अलवर, भरतपुर एवं दौसा के सीएमएचओ तथा आरसीएचओ से हाई रिस्क प्रेग्नेंसी वाली महिलाओं की पहचान, उपचार तथा फील्ड स्तर पर एएनएम द्वारा एनीमिया एवं हाईपरटेंशन के लक्षणों की निगरानी की जानकारी ली। बैठक में स्त्री रोग विशेषज्ञों ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संबंधित चिकित्सकों को उपचार प्रबंधन एवं प्रोटोकॉल के संबंध में आवश्यक मार्गदर्शन भी दिया। मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं में एनीमिया एवं हाईपरटेंशन के उपचार और प्रबंधन के लिए मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) जारी की जाए, ताकि पूरे प्रदेश में एक समान उपचार प्रोटोकॉल की प्रभावी पालना सुनिश्चित हो सके। उन्होंने ब्यावर, चित्तौड़गढ़, बारां, झालावाड़ एवं सलूम्बर जिलों में एनीमिया और हाईपरटेंशन की स्क्रीनिंग एवं उपचार पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। बैठक में सर्जिकल प्रोटोकॉल, औषधि उपलब्धता तथा 104 एवं 108 एम्बुलेंस सेवाओं की समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए गए। श्री वी. श्रीनिवास ने स्पष्ट कहा कि रक्त की उपलब्धता के अभाव में किसी भी गर्भवती महिला की मृत्यु नहीं होनी चाहिए। उन्होंने आवश्यकता वाले क्षेत्रों में विशेष रक्तदान शिविर आयोजित करने के निर्देश दिए। साथ ही बीकानेर, अजमेर, जोधपुर, उदयपुर एवं कोटा मेडिकल कॉलेजों के प्राचार्यों से हाई रिस्क गर्भवती महिलाओं के प्रसव प्रबंधन, आईसीयू सुविधाओं तथा उपचार प्रोटोकॉल की जानकारी ली। प्रमुख शासन सचिव, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, श्रीमती गायत्री राठौड़ ने बैठक में ‘प्रसव सखी’ पहल, हाई रिस्क प्रेग्नेंसी वाली महिलाओं की एएनएम स्तर पर सूचीबद्धता, गंभीर एनीमिया को नियंत्रित करने के लिए किए जा रहे प्रयासों तथा विभिन्न उपचार प्रोटोकॉल के प्रभावी क्रियान्वयन की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। बैठक में मिशन निदेशक, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन डॉ. जोगाराम, चिकित्सा शिक्षा आयुक्त श्री बाबूलाल गोयल, राजस्थान हेल्थ एश्योरेंस एजेंसी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री हरजीलाल अटल, अतिरिक्त मिशन निदेशक एनएचएम डॉ. टी. शुभमंगला, राजस्थान हेल्थ एश्योरेंस एजेंसी की अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्रीमती निधि पटेल सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
- आयुर्वेद विभाग से तीन कार्मिक राजकीय सेवा से सेवानिवृत हुए आमजन ने उनके कार्यकाल की सराहना की लोकेशन सरमथुरा धौलपुर रिपोर्ट विष्णु कुमार सोनी सेवा का स्वर्णिम सफर हुआ पूर्ण, आयुर्वेद विभाग के तीन समर्पित कर्मियों को सम्मानपूर्वक दी गई भावभीनी विदाई सरमथुरा-आयुर्वेद विभाग में वर्षों तक निष्ठा, ईमानदारी और सेवाभाव के साथ जनसेवा करने वाले वरिष्ठ कंपाउंडर सतीश कुमार शर्मा (खेमरिया), कंपाउंडर असलम खान एवं कंपाउंडर पीतम मीना शुक्रवार को राजकीय सेवा से सेवानिवृत्त हो गए। इस अवसर पर राधा रानी पैलेस मैरिज होम में भव्य सेवानिवृत्ति एवं सम्मान समारोह आयोजित किया गया।जिसमें विभागीय अधिकारियों, चिकित्सकों, कर्मचारियों, जनप्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों ने तीनों कर्मयोगियों को भावभीनी विदाई दी।समारोह में तीनों सेवानिवृत्त कर्मचारियों का साफा पहनाकर, शॉल ओढ़ाकर, माल्यार्पण एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मान किया गया। वक्ताओं ने कहा कि तीनों ने अपने लंबे सेवाकाल में हजारों मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करते हुए आयुर्वेद विभाग की गरिमा और जनविश्वास को मजबूत किया। उनका सेवाभाव, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा सदैव प्रेरणादायी रहेगी।अपने संबोधन के दौरान सतीश कुमार शर्मा (खेमरिया) भावुक हो उठे। विभाग में बिताए वर्षों और सहकर्मियों के स्नेह को याद करते हुए उनकी आंखें नम हो गईं। उन्होंने कहा कि अधिकारियों, सहकर्मियों और क्षेत्रवासियों का प्रेम और सम्मान ही उनके जीवन की सबसे बड़ी पूंजी है। वहीं असलम खान एवं पीतम मीना ने भी सभी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि विभाग के साथ बिताया गया समय उनके जीवन की अमूल्य धरोहर रहेगा।कार्यक्रम के अंत में तीनों कर्मचारियों के स्वस्थ एवं सुखमय जीवन की कामना की गई। सामूहिक भोज के साथ समारोह का समापन हुआ।इस अवसर पर डॉ. असलम खान,प्रीति अग्रवाल,उमा देवी, वैद्य श्रीकांत शर्मा,भरत लाल मीणा,शिवम खेमरिया सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे।4
- एसपी विकास सांगवान ने दिहोली, राजाखेड़ा व मनियां थानों का किया निरीक्षण अपराध नियंत्रण, गुणवत्तापूर्ण अनुसंधान और पंचायत-निकाय चुनावों की तैयारियों पर दिया विशेष जोर धौलपुर। जिले में कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने, अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण तथा पुलिस कार्यप्रणाली को अधिक जवाबदेह एवं परिणाममुखी बनाने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक विकास सांगवान ने शनिवार को दिहोली, राजाखेड़ा और मनियां थानों का क्रमवार निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने थानों की कार्यप्रणाली, अभिलेख संधारण, अनुसंधान की प्रगति, मालखाना, शस्त्रागार, हवालात तथा अन्य व्यवस्थाओं का निरीक्षण कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक ने प्रत्येक थाने पर अधिकारियों एवं पुलिसकर्मियों की बैठक लेकर पुलिस मुख्यालय और जयपुर रेंज स्तर पर संचालित विभिन्न अभियानों की समीक्षा की। उन्होंने अनुसंधान अधिकारियों को सभी मामलों की निष्पक्ष, समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण जांच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि पीड़ितों को शीघ्र न्याय मिल सके और न्यायालय में प्रभावी पैरवी हो सके। साथ ही लंबित प्रकरणों के शीघ्र निस्तारण, गंभीर अपराधों में त्वरित कार्रवाई तथा वांछित अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष प्रयास करने को कहा। आगामी पंचायत एवं नगरीय निकाय चुनावों के मद्देनजर एसपी ने थानाधिकारियों को संवेदनशील एवं अतिसंवेदनशील क्षेत्रों पर विशेष निगरानी रखने, शांति एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखने तथा किसी भी अवांछित गतिविधि पर तत्काल प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने हिस्ट्रीशीटरों, आदतन अपराधियों एवं असामाजिक तत्वों की सघन धरपकड़ कर उनकी गतिविधियों पर लगातार निगरानी रखने और नियमानुसार कठोर कार्रवाई करने पर जोर दिया। पुलिस अधीक्षक ने नियमित गश्त बढ़ाने, संदिग्ध व्यक्तियों एवं वाहनों की सघन जांच करने तथा सूचना तंत्र को मजबूत बनाने के निर्देश भी दिए। इसके अलावा अवैध हथियार, मादक पदार्थ, अवैध शराब, जुआ, सट्टा एवं अन्य गैरकानूनी गतिविधियों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई जारी रखने के लिए कहा। उन्होंने महिला एवं बाल अपराधों से जुड़े मामलों में संवेदनशीलता के साथ त्वरित कार्रवाई करने तथा साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए आमजन को लगातार जागरूक करने के निर्देश दिए। साथ ही थाना परिसरों की साफ-सफाई, अभिलेखों के सुव्यवस्थित संधारण, सरकारी संपत्ति के संरक्षण एवं पुलिस अनुशासन बनाए रखने पर विशेष बल दिया। एसपी सांगवान ने पुलिस अधिकारियों एवं जवानों से टीम भावना के साथ कार्य करते हुए आमजन में पुलिस के प्रति विश्वास और सुरक्षा की भावना को और अधिक मजबूत बनाने का आह्वान किया। निरीक्षण के दौरान प्रोबेशनर आरपीएस सुखराम विश्नोई, राजाखेड़ा थानाधिकारी वीर सिंह, मनियां थानाधिकारी अनिल गौतम, दिहोली थानाधिकारी अशोक पहलवान सहित संबंधित थानों के अधिकारी एवं पुलिसकर्मी उपस्थित रहे।3
- पुलिस अधीक्षक विकास सांगवान ने दिहोली, राजाखेड़ा एवं मनियां थानों का किया निरीक्षण, अपराध नियंत्रण, आगामी चुनावों की तैयारियों एवं गुणवत्तापूर्ण अनुसंधान पर दिया विशेष जोर पुलिस अधीक्षक विकास सांगवान ने दिहोली, राजाखेड़ा एवं मनियां थानों का किया निरीक्षण, अपराध नियंत्रण, आगामी चुनावों की तैयारियों एवं गुणवत्तापूर्ण अनुसंधान पर दिया विशेष जोर जिले में कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने, अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण रखने तथा पुलिस कार्यप्रणाली को अधिक जवाबदेह एवं परिणाममुखी बनाने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक धौलपुर विकास सांगवान ने शनिवार को पुलिस थाना दिहोली, राजाखेड़ा एवं मनियां का क्रमवार निरीक्षण किया।निरीक्षण के दौरान उन्होंने थानों की कार्यप्रणाली, अभिलेख संधारण, अनुसंधान की प्रगति, मालखाना, शस्त्रागार, हवालात एवं अन्य व्यवस्थाओं का अवलोकन कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। पुलिस अधीक्षक ने सर्वप्रथम थाना दिहोली, इसके बाद थाना राजाखेड़ा एवं अंत में थाना मनियां का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने प्रत्येक थाने पर पुलिस अधिकारियों एवं जवानों की बैठक लेकर पुलिस मुख्यालय एवं जयपुर रेंज स्तर से संचालित विभिन्न अभियानों की प्रगति की समीक्षा की तथा अभियानों को प्रभावी रूप से संचालित करने के निर्देश दिए। उन्होंने अनुसंधान अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी प्रकरणों का अनुसंधान निष्पक्ष, समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण तरीके से किया जाए, ताकि पीड़ितों को शीघ्र न्याय मिल सके तथा न्यायालय में प्रभावी पैरवी सुनिश्चित हो। उन्होंने लंबित प्रकरणों के शीघ्र निस्तारण, गंभीर अपराधों में त्वरित कार्रवाई एवं वांछित अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष प्रयास करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक श्री विकास सांगवान ने आगामी पंचायत एवं नगरीय निकाय चुनावों के दृष्टिगत कानून-व्यवस्था बनाए रखने के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने थानाधिकारियों को संवेदनशील एवं अतिसंवेदनशील क्षेत्रों की नियमित निगरानी करने, शांति एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखने तथा किसी भी प्रकार की अवांछित गतिविधि पर तत्काल प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने हिस्ट्रीशीटरों, आदतन अपराधियों एवं असामाजिक तत्वों की सघन धरपकड़ करने, उनकी गतिविधियों पर निरंतर निगरानी रखने तथा उनके विरुद्ध नियमानुसार प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। साथ ही नियमित गश्त, संदिग्ध व्यक्तियों एवं वाहनों की चेकिंग तथा सूचना तंत्र को मजबूत रखते हुए जिले में कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने पर जोर दिया। पुलिस अधीक्षक ने अवैध हथियार, मादक पदार्थ, अवैध शराब, जुआ, सट्टा एवं अन्य गैरकानूनी गतिविधियों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने महिला एवं बाल अपराधों से संबंधित मामलों में संवेदनशीलता के साथ त्वरित कार्रवाई करने तथा साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए आमजन को जागरूक करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने थाना परिसरों की साफ-सफाई, रिकॉर्ड के सुव्यवस्थित संधारण, सरकारी संपत्ति के संरक्षण एवं पुलिस अनुशासन बनाए रखने पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। उन्होंने पुलिस अधिकारियों एवं जवानों को टीम भावना के साथ कार्य करते हुए आमजन में पुलिस के प्रति विश्वास एवं सुरक्षा की भावना को और मजबूत करने का आह्वान किया। निरीक्षण के दौरान सुखराम विश्नोई (प्रोबेशनर आरपीएस), थानाधिकारी राजाखेड़ा वीर सिंह, थानाधिकारी मनियां अनिल गौतम व थानाधिकारी थाना दिहोली अशोक पहलवान सहित संबंधित पुलिस थानों के अधिकारी एवं पुलिस स्टाफ उपस्थित रहा।4
- राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, आरी (धौलपुर) में स्थित अत्यंत जर्जर एवं खतरनाक भवन की समस्या को लेकर 3 दिन पूर्व संगठन के तत्वावधान में जोरदार धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया था। *श्री राष्ट्रीय क्षत्रिय युवा एकता भारत का धमाकेदार असर: जिला अध्यक्ष सुखवेंद्र सिंह परमार की चेतावनी के बाद हरकत में आया प्रशासन, राजकीय विद्यालय आरी के जर्जर भवन की नीलामी प्रक्रिया शुरू* राष्ट्र एवं समाज हित में निरंतर संघर्षरत प्रमुख सामाजिक संगठन श्री राष्ट्रीय क्षत्रिय युवा एकता भारत के उग्र आंदोलन के आगे आखिरकार स्थानीय प्रशासन और शिक्षा विभाग को झुकना ही पड़ा। राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, आरी (धौलपुर) में स्थित अत्यंत जर्जर एवं खतरनाक भवन की समस्या को लेकर 3 दिन पूर्व संगठन के तत्वावधान में जोरदार धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया था। इस दौरान श्री राष्ट्रीय क्षत्रिय युवा एकता भारत के जिला अध्यक्ष सुखवेंद्र सिंह परमार ने विद्यार्थियों की सुरक्षा को लेकर प्रशासनिक अधिकारियों को 15 दिन की सख्त चेतावनी दी थी। श्री राष्ट्रीय क्षत्रिय युवा एकता भारत के जिला अध्यक्ष सुखवेंद्र सिंह परमार द्वारा दी गई चेतावनी के बाद प्रशासन तुरंत हरकत में आया। शिक्षा विभाग ने आनन-फानन में राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, आरी के मुख्य द्वार के सामने स्थित दो जर्जर कक्षा-कक्षों व बरामदे को जमींदोज करने, समतलीकरण करने तथा पुरानी निर्माण सामग्री की नीलामी हेतु सार्वजनिक सूचना जारी कर दी है। श्री राष्ट्रीय क्षत्रिय युवा एकता भारत के जिला अध्यक्ष सुखवेंद्र सिंह परमार ने कहा कि संगठन क्षेत्र के विद्यार्थियों की सुरक्षा और जनसमस्याओं के समाधान के लिए पूरी तरह समर्पित है। यदि नीलामी के बाद तय समय-सीमा में कार्य पूर्ण नहीं हुआ, तो संगठन पुनः बड़ा आंदोलन करेगा एवं तीन दिन पूर्व धरने की खबर को प्रमुखता के साथ प्रकाशित करने के लिए समस्त पत्रकारों का आभार एवं धन्यवाद व्यक्त करता हूं * ,,tv10nwes Rajasthan को लाइक शेयर और सब्सक्राइब कर समाचार व्हाट्सएप पर भेजें- 97843389331
- नगरपालिका और पंचायती राज चुनावों को लेकर बसेड़ी कांग्रेस की अहम बैठक, चुनावी रणनीति पर हुआ मंथन l बसेड़ी नगरपालिका और पंचायती राज चुनावों को लेकर बसेड़ी कांग्रेस की अहम बैठक, चुनावी रणनीति पर हुआ मंथन l आगामी नगरपालिका और पंचायती राज चुनावों की तैयारियों को लेकर बसेड़ी में कांग्रेस कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में चुनाव जीतने के लिए रणनीति तैयार करने, संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने और योग्य प्रत्याशियों के चयन को लेकर विस्तृत चर्चा हुई। बैठक में मौजूद वरिष्ठ नेताओं ने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि आगामी निकाय और पंचायत चुनाव पार्टी के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं। इसके लिए संगठन को बूथ स्तर तक पूरी तरह सक्रिय किया जाएगा। नेताओं ने कहा कि क्षेत्र की स्थानीय समस्याओं, विकास कार्यों की स्थिति और आम जनता के मुद्दों को प्रमुखता से उठाकर जनता के बीच जाया जाएगा। चुनावी सफलता हासिल करने के लिए सभी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को आपसी मतभेद भूलकर एकजुट होकर काम करने का आह्वान किया गया। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि चुनाव में ऐसे प्रत्याशियों को प्राथमिकता दी जाएगी जो स्थानीय स्तर पर जनता से जुड़े हों और कार्यकर्ताओं का समर्थन रखते हों। नेताओं ने भरा कार्यकर्ताओं में उत्साह बैठक के दौरान वक्ताओं ने कहा कि कांग्रेस की जनकल्याणकारी नीतियों और स्थानीय विकास के मुद्दों को लेकर पार्टी हर वार्ड और हर पंचायत में मजबूती से चुनाव लड़ेगी। कार्यकर्ताओं को अभी से ही घर-घर जाकर जनसंपर्क अभियान शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं। बैठक के अंत में सभी कार्यकर्ताओं और नेताओं ने आगामी पंचायती राज व नगरपालिका चुनावों में पार्टी का परचम लहराने का संकल्प लिया। इस महत्वपूर्ण बैठक में जिला अध्यक्ष एवं बसेड़ी विधायक संजय कुमार, विधानसभा प्रभारी प्रशांत उपाध्याय, पूर्व प्रधान लाखन सिंह खिड़ौरा,ब्लॉक अध्यक्ष रविंद्र सिंह, ब्लॉक प्रवक्ता रामबली शर्मा, ओमवास शर्मा, रामदीन कुशवाहा, रामगोपाल चच्चू, पूर्व प्रधान बद्री जाटव,कुसुम कुशवाहा, सत्यनारायण गोस्वामी, मवशियाराम, लाखन सिंह, बाबूलाल जाटव, मुकेश परमार,लोकेश पाराशर, बजरंग सिंह, श्यामवीर सिंह , अजय मीणा,यशु शर्मा, सोनू भगवान सिंह जगरिया, प्रवीण शाक्य, रोहित तिवारी, आशिक खान,रॉबिन खटाना, सत्यवीर सिंह,ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि, अग्रिम संगठनों के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में निष्ठावान कार्यकर्ता मौजूद रहे।1
- ब्रैकिग अंबाह- किसान बनकर खाद दुकान पर पहुंचे तहसीलदार नरेश शर्मा.. खाद वितरण मे लापरवाही और किसानो को खाद ना देने पर अम्बाह मे खाद दुकान सील्ड.. मुरैना कलेक्टर लोकेश जांगिड़ द्वारा सभी निजी खाद विक्रेताओं को किसानो को तत्काल खाद वितरण करने के निर्देश दिए गए है!तहसील अम्बाह मे सुबह 8 बजे से थाना परिसर मे तहसीलदार नरेश शर्मा की उपस्थिति मे मार्केफ़ेद द्वारा नियमित रूप से खाद का वितरण किया जा रहा है!शनिवार को खाद वितरण की ड्यूटी के दौरान तहसीलदार नरेश शर्मा को एक कृषक मकरंद शर्मा द्वारा शिकायत की गयी कि उनकी पत्नी के नाम का इ टोकन जारी होने के बाद भी नीरज उपाध्याय खाद बीज भंडार द्वारा खाद नहीं दिया जा रहा है तथा पिछले 3 दिनों से दुकान बंद है!सूचना मिलने पर तहसीलदार नरेश शर्मा स्वयं किसान बनकर नीरज उपाध्याय खाद वितरण केंद्र पर पहुंचे जहाँ दुकान बंद मिली!जब दुकान खुलवाकर खाद देने को कहा गया तो खाद की अनुपलब्धता बताकर वापस लौटाया गया!इसके बाद तहसीलदार नरेश शर्मा ने एस ए डी ओ अम्बाह महेश किरार, राजस्व विभाग के पटवारी एवं थाना अम्बाह के बल के साथ दुकान खुलवाकर निरीक्षण किया जहाँ भरपूर मात्रा मे डी ए पी एवं अन्य खाद उपलब्ध था!खाद विक्रेता द्वारा दुकान बंद रखने, इ टोकन वाले किसानो को खाद प्रदान ना करने एवं खाद वितरण मे अनियमितता करने के कारण दुकान को तत्काल सील्ड किया गया!तहसीलदार नरेश शर्मा द्वारा बताया गया कि दुकान का लाइसेंस निरस्त करने के लिए प्रतिवेदन कलेक्टर मुरैना को भेजा जायेगा साथ ही तहसील अम्बाह मे कृषकों को सही समय पर और उचित मूल्य पर खाद वितरण ना करने वाले दुकानदारों एवं सोसाइटी के विरुद्ध सख्त कार्यवाही की जाएगी!साथ ही तहसीलदार नरेश शर्मा ने तहसील अम्बाह के कृषकों के लिए अपना मोबाइल नम्बर 9174952120 भी जारी किया है जहाँ किसान खाद वितरण के अधिक मूल्य, खाद प्रदान ना करने एवं दुकान ना खुलने सम्बंधित शिकायत कर सकते है!1
- श्री राष्ट्रीय क्षत्रिय युवा एकता भारत का धमाकेदार असर: जिला अध्यक्ष सुखवेंद्र सिंह परमार की चेतावनी के बाद हरकत में आया प्रशासन, राजकीय विद्यालय आरी के जर्जर भवन की नीलामी प्रक्रिया शुरू राष्ट्र एवं समाज हित में निरंतर संघर्षरत प्रमुख सामाजिक संगठन श्री राष्ट्रीय क्षत्रिय युवा एकता भारत के उग्र आंदोलन के आगे आखिरकार स्थानीय प्रशासन और शिक्षा विभाग को झुकना ही पड़ा। राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, आरी (धौलपुर) में स्थित अत्यंत जर्जर एवं खतरनाक भवन की समस्या को लेकर 3 दिन पूर्व संगठन के तत्वावधान में जोरदार धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया था। इस दौरान श्री राष्ट्रीय क्षत्रिय युवा एकता भारत के जिला अध्यक्ष सुखवेंद्र सिंह परमार ने विद्यार्थियों की सुरक्षा को लेकर प्रशासनिक अधिकारियों को 15 दिन की सख्त चेतावनी दी थी। श्री राष्ट्रीय क्षत्रिय युवा एकता भारत के जिला अध्यक्ष सुखवेंद्र सिंह परमार द्वारा दी गई चेतावनी के बाद प्रशासन तुरंत हरकत में आया। शिक्षा विभाग ने आनन-फानन में राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, आरी के मुख्य द्वार के सामने स्थित दो जर्जर कक्षा-कक्षों व बरामदे को जमींदोज करने, समतलीकरण करने तथा पुरानी निर्माण सामग्री की नीलामी हेतु सार्वजनिक सूचना जारी कर दी है। श्री राष्ट्रीय क्षत्रिय युवा एकता भारत के जिला अध्यक्ष सुखवेंद्र सिंह परमार ने कहा कि संगठन क्षेत्र के विद्यार्थियों की सुरक्षा और जनसमस्याओं के समाधान के लिए पूरी तरह समर्पित है। यदि नीलामी के बाद तय समय-सीमा में कार्य पूर्ण नहीं हुआ, तो संगठन पुनः बड़ा आंदोलन करेगा एवं तीन दिन पूर्व धरने की खबर को प्रमुखता के साथ प्रकाशित करने के लिए समस्त पत्रकारों का आभार एवं धन्यवाद व्यक्त करता हूं4
- बाड़ी पीपल के पेड़ पर झूलता मिला 50 वर्षीय मजदूर का शव, काम धंधे के ठप्प होने और कर्ज से परेशान था मृतक पप्पू खान, बाड़ी पीपल के पेड़ पर झूलता मिला 50 वर्षीय मजदूर का शव, काम धंधे के ठप्प होने और कर्ज से परेशान था मृतक पप्पू खान, आज दिन में गया था बकरियों के लिए पीपल के पत्ते तोड़ने, तिलुआ के अड्डा पर पेड़ पर फंदा लगाकर की आत्महत्या, कंट्रोल की सूचना को पुलिस पहुंची मौके पर, मृतक के शव को लाया गया अस्पताल, परिजनों की मौजूदगी में कराया पोस्टमार्टम, मृतक पप्पू ने तीन समूह से ले रखा था पौने दो लाख का कर्जा, कोतवाली थाना एसएचओ महेंद्र शर्मा कर रहे मामले की जांच।2