छतरपुर जिले के राजनगर में कलेक्टर पार्थ जैसवाल के नेतृत्व में संचालित जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत नगर परिषद राजनगर ने जनभागीदारी की एक अनूठी मिसाल पेश की है। स्थानीय नागरिकों, समाजसेवियों और जनप्रतिनिधियों के सामूहिक सहयोग से यहाँ के ऐतिहासिक धनर तालाब का गहरीकरण और जीर्णोद्धार कार्य सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है। इस पूरे अभियान की सबसे बड़ी विशेषता और उपलब्धि यह रही कि इस महत्वपूर्ण कार्य को संपन्न कराने के लिए नगर परिषद के राजस्व से एक भी रुपये का व्यय नहीं किया गया। नगर परिषद अध्यक्ष जितेंद्र वर्मा और मुख्य नगर परिषद अधिकारी अनंत श्रीवास्तव के निर्देशन में चले इस अभियान के जरिए तालाब की जलधारण क्षमता में उल्लेखनीय बढ़ोतरी हुई है। इससे वर्षा जल का अधिक से अधिक संचयन हो सकेगा, जिससे क्षेत्र के भू-जल स्तर में सुधार होगा और भविष्य में जल की उपलब्धता सुनिश्चित करने में यह कार्य अत्यंत महत्वपूर्ण साबित होगा। बिना किसी वित्तीय भार के जनसहयोग से इतने बड़े कार्य को पूरा करना नगर परिषद की एक ऐतिहासिक और उल्लेखनीय उपलब्धि बन गई है। इस अभियान की शानदार सफलता पर नगर परिषद अध्यक्ष जितेंद्र वर्मा और मुख्य नगर परिषद अधिकारी अनंत श्रीवास्तव ने सभी नागरिकों, समाजसेवियों, जनप्रतिनिधियों और सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया है। इसके साथ ही उन्होंने भविष्य में भी जल संरक्षण, पर्यावरण संवर्धन और सार्वजनिक हित के कार्यों में इसी प्रकार की सक्रिय जनभागीदारी बनाए रखने की अपील की है।
छतरपुर जिले के राजनगर में कलेक्टर पार्थ जैसवाल के नेतृत्व में संचालित जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत नगर परिषद राजनगर ने जनभागीदारी की एक अनूठी मिसाल पेश की है। स्थानीय नागरिकों, समाजसेवियों और जनप्रतिनिधियों के सामूहिक सहयोग से यहाँ के ऐतिहासिक धनर तालाब का गहरीकरण और जीर्णोद्धार कार्य सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है। इस पूरे अभियान की सबसे बड़ी विशेषता और उपलब्धि यह रही कि इस महत्वपूर्ण कार्य को संपन्न कराने के लिए नगर परिषद के राजस्व से एक भी रुपये का व्यय नहीं किया गया। नगर परिषद अध्यक्ष जितेंद्र वर्मा और मुख्य नगर परिषद अधिकारी अनंत श्रीवास्तव के निर्देशन में चले इस अभियान के जरिए तालाब की जलधारण क्षमता में उल्लेखनीय बढ़ोतरी हुई है। इससे वर्षा जल का अधिक से अधिक संचयन हो सकेगा, जिससे क्षेत्र के भू-जल स्तर में सुधार होगा और भविष्य में जल की उपलब्धता सुनिश्चित करने में यह कार्य अत्यंत महत्वपूर्ण साबित होगा। बिना किसी वित्तीय भार के जनसहयोग से इतने बड़े कार्य को पूरा करना नगर परिषद की एक ऐतिहासिक और उल्लेखनीय उपलब्धि बन गई है। इस अभियान की शानदार सफलता पर नगर परिषद अध्यक्ष जितेंद्र वर्मा और मुख्य नगर परिषद अधिकारी अनंत श्रीवास्तव ने सभी नागरिकों, समाजसेवियों, जनप्रतिनिधियों और सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया है। इसके साथ ही उन्होंने भविष्य में भी जल संरक्षण, पर्यावरण संवर्धन और सार्वजनिक हित के कार्यों में इसी प्रकार की सक्रिय जनभागीदारी बनाए रखने की अपील की है।
- छतरपुर जिले के सिगरामपुरा गांव में 22 वर्षीय प्रेमलाल रैकवार की संदिग्ध हत्या का मामला सामने आया है, जहां उसका शव अमरोनिया गांव के पास जंगल में जमीन में दफन मिला। मृतक के परिजनों ने उसकी पत्नी और उसके कथित प्रेमी पर हत्या की साजिश रचने का आरोप लगाया है। शव मिलने की सूचना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। बताया गया है कि प्रेमलाल की शादी करीब दो महीने पहले ही हुई थी। परिजनों का आरोप है कि उसकी पत्नी ने पार्टी के बहाने उसे अपने गांव बुलाया था, जिसके बाद वह देर रात तक घर नहीं लौटा। खोजबीन के दौरान परिजनों को सबसे पहले प्रेमलाल की लावारिस बाइक मिली और फिर अमरोनिया गांव से करीब दो किलोमीटर दूर जंगल में एक नाले के पास जमीन में दबी हुई उसकी लाश बरामद हुई। मृतक की बहन रामकली रैकवार ने आरोप लगाया है कि पत्नी ने अपने कथित प्रेमी के साथ मिलकर इस हत्या को अंजाम दिया है। वहीं, पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।1
- दतिया विधानसभा उपचुनाव 2026 को लेकर कांग्रेस ने आखिरकार अपने उम्मीदवार की घोषणा कर दी है, जिससे अब यहां का चुनावी मुकाबला बेहद दिलचस्प हो गया है। इस नए राजनीतिक घटनाक्रम के बाद भारत जंक्शन न्यूज ने एक विशेष विश्लेषण जारी किया है, जिसमें कांग्रेस द्वारा मैदान में उतारे गए प्रत्याशी, उनके राजनीतिक सफर और इस फैसले के प्रभाव पर चर्चा की गई है। इस फैसले के बाद अब चुनावी समीकरणों का राजनीतिक विश्लेषण तेज हो गया है और यह सवाल बड़ा हो गया है कि क्या कांग्रेस के इस कदम से भाजपा की टेंशन बढ़ने वाली है। बीजेपी बनाम कांग्रेस के इस सीधे मुकाबले को लेकर सरगर्मियां तेज हैं।1
- छतरपुर के नौगांव की कुम्हार टोली में एक 55 वर्षीय महिला की मौत हो गई है। इस मामले में मारपीट का आरोप लगाया गया है और यह पूरा मामला प्रेम प्रसंग से जुड़ा हुआ है। पुलिस इस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।1
- छतरपुर जिले के सटई थाना क्षेत्र में एक पत्नी द्वारा अपने ही पति की हत्या करवाने का मामला सामने आया है। पति की हत्या की इस वारदात के बाद पीड़ित परिवार में भारी आक्रोश है। इस घटना के बाद घर के परिजनों ने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की है।1
- मध्य प्रदेश के दतिया में आयोजित एक कार्यक्रम में मंच से भीम आर्मी के सांसद चंद्रशेखर आजाद जी ने लोगों को संबोधित किया। इस दौरान इतनी भीषण गर्मी होने के बावजूद उन्हें सुनने के लिए हजारों लोगों का भारी सैलाब उमड़ पड़ा। कार्यक्रम के दौरान मंच से सांसद चंद्रशेखर आजाद जी जमकर दहाड़े।1
- पन्ना जिले के ग्राम हरदुआ (पोस्ट लक्ष्मीपुर) निवासी 23 वर्षीय आनंद अहिरवार का चयन मध्य प्रदेश पुलिस में सब-इंस्पेक्टर (SI) के पद पर हुआ है। आनंद ने इस परीक्षा में ऑल एमपी रैंक 27 हासिल की है, जिससे उन्होंने अपने परिवार, गांव और पूरे जिले का नाम रोशन किया है। आनंद के पिता सुग्रीव अहिरवार पेशे से शिक्षक हैं और उनकी माता का नाम प्रेमा अहिरवार है। आनंद ने अपनी स्कूली शिक्षा जवाहर नवोदय विद्यालय, पन्ना से पूरी की थी। इसके बाद, उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से अपना ग्रेजुएशन पूरा किया और फिर इंदौर में रहकर मध्य प्रदेश पुलिस सब-इंस्पेक्टर परीक्षा की तैयारी में जुट गए। इस शानदार और गौरवमयी उपलब्धि पर आनंद अहिरवार को भारत जंक्शन न्यूज़ की ओर से हार्दिक बधाई दी गई है और उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं प्रेषित की गई हैं।1
- छतरपुर जिले के नौगांव थाना क्षेत्र के ग्राम कुमार टोली में बेटे के प्रेम प्रसंग की रंजिश में 55 वर्षीय महिला हरकुंवर प्रजापति की लाठी-डंडों से बेरहमी से पिटाई कर हत्या कर दी गई। यह वारदात 11 जुलाई को दोपहर करीब 1:30 बजे की है, जब मृतका गांव स्थित अपने घर गई थीं। उसी दौरान बद्री प्रजापति, सोनू, कोमल प्रजापति, रोशनी प्रजापति और रोहिणी ने उनका रास्ता रोककर लाठी-डंडों से उन पर हमला कर दिया। इस हमले के पीछे की रंजिश मृतका के छोटे बेटे पवन प्रजापति का गांव की ही एक युवती के साथ प्रेम प्रसंग होना है, जिसके चलते दोनों 25 अप्रैल 2026 को आपसी सहमति से घर छोड़कर चले गए थे। इसी डर और रंजिश के कारण पीड़ित परिवार पहले से ही नौगांव की सिल्वर सिटी कॉलोनी में किराये पर रह रहा था, लेकिन गांव के घर में पानी भरने की सूचना मिलने पर जब हरकुंवर वहां पहुंचीं, तो उन पर यह जानलेवा हमला कर दिया गया। घटना की सूचना मिलने पर मृतका का बेटा राजेंद्र प्रजापति डायल-112 पुलिस के साथ मौके पर पहुंचा, लेकिन बीच-बचाव करने के दौरान उसके साथ भी मारपीट की गई। राजेंद्र ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि मौके पर मौजूद होने के बावजूद पुलिस ने कोई प्रभावी हस्तक्षेप नहीं किया। परिजनों का यह भी आरोप है कि वे घायल महिला को लेकर जब नौगांव थाने पहुंचे, तो वहां रिपोर्ट दर्ज कराने में करीब एक घंटे का समय लगा दिया गया। इसके बाद उन्हें नौगांव अस्पताल ले जाया गया, जहां से जिला अस्पताल रेफर किया गया, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही हरकुंवर ने दम तोड़ दिया, जिसके बाद ड्यूटी पर मौजूद डॉ. अभय सिंह ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने इस मामले में पांचों आरोपियों के खिलाफ हत्या सहित संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।1