दतिया जिले के सेवढ़ा क्षेत्र की ग्राम पंचायत भगुवापुरा में शनिवार को मोहर्रम पर्व के अवसर पर पारंपरिक मातमी जुलूस पूरे श्रद्धा, आस्था और अनुशासन के साथ निकाला गया। इस जुलूस में मुस्लिम समाज के लोगों के साथ-साथ अन्य समुदायों के लोगों ने भी सक्रिय सहभागिता की, जिससे आपसी भाईचारे और सांप्रदायिक सौहार्द का स्पष्ट संदेश दिया गया। जानकारी के अनुसार, भगुवापुरा की मस्जिद वाली गली से ताजिया उठाया गया, जिसे मुस्लिम समाज के सदस्यों और गाँव के अन्य परिवारों ने सम्मानपूर्वक कंधा देकर सेवढ़ा के लिए रवाना किया। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु जुलूस में शामिल हुए और मोहर्रम की परंपराओं का पालन करते हुए मातम मनाया। पूरे गाँव में मोहर्रम के अवसर पर श्रद्धा और भक्ति का माहौल बना रहा। जुलूस मार्ग पर ग्रामीणों ने ताजिए का गर्मजोशी से स्वागत किया तथा शांति एवं सद्भाव बनाए रखने का संदेश दिया। ग्रामीणों ने बताया कि यह वर्षों पुरानी परंपरा है, जिसके तहत ताजिया गाँव से निकालकर निर्धारित मार्ग से सेवढ़ा तक ले जाया जाता है और इसमें सभी समाज के लोग मिलकर सहयोग करते हैं। सुरक्षा व्यवस्था को सुनिश्चित करने के लिए, भगुवापुरा थाना प्रभारी शाकिर अली खान अपने पुलिस बल के साथ पूरे समय मौजूद रहे। उन्होंने जुलूस के दौरान यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने और किसी भी प्रकार की अव्यवस्था को रोकने के लिए विशेष निगरानी रखी। थाना प्रभारी ने जोर देकर कहा कि मोहर्रम का यह आयोजन हिंदू-मुस्लिम एकता और भाईचारे का सच्चा प्रतीक है, जिसमें सभी समुदायों के लोग एक साथ मिलकर हिस्सा लेते हैं। पुलिस प्रशासन द्वारा किए गए पुख्ता सुरक्षा इंतजामों और ग्रामीणों के पूर्ण सहयोग के कारण, यह मातमी जुलूस शांतिपूर्ण और सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। पूरे आयोजन के दौरान गाँव में सौहार्द, एकता और सामाजिक समरसता का सकारात्मक वातावरण बना रहा।
दतिया जिले के सेवढ़ा क्षेत्र की ग्राम पंचायत भगुवापुरा में शनिवार को मोहर्रम पर्व के अवसर पर पारंपरिक मातमी जुलूस पूरे श्रद्धा, आस्था और अनुशासन के साथ निकाला गया। इस जुलूस में मुस्लिम समाज के लोगों के साथ-साथ अन्य समुदायों के लोगों ने भी सक्रिय सहभागिता की, जिससे आपसी भाईचारे और सांप्रदायिक सौहार्द का स्पष्ट संदेश दिया गया। जानकारी के अनुसार, भगुवापुरा की मस्जिद वाली गली से ताजिया उठाया गया, जिसे मुस्लिम समाज के सदस्यों और गाँव के अन्य परिवारों ने सम्मानपूर्वक कंधा देकर सेवढ़ा के लिए रवाना किया। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु जुलूस में शामिल हुए और मोहर्रम की परंपराओं का पालन करते हुए मातम मनाया। पूरे गाँव में मोहर्रम के अवसर पर श्रद्धा और भक्ति का माहौल बना रहा। जुलूस मार्ग पर ग्रामीणों ने ताजिए का गर्मजोशी से स्वागत किया तथा शांति एवं सद्भाव बनाए रखने का संदेश दिया। ग्रामीणों ने बताया कि यह वर्षों पुरानी परंपरा है, जिसके तहत ताजिया गाँव से निकालकर निर्धारित मार्ग से सेवढ़ा तक ले जाया जाता है और इसमें सभी समाज के लोग मिलकर सहयोग करते हैं। सुरक्षा व्यवस्था को सुनिश्चित करने के लिए, भगुवापुरा थाना प्रभारी शाकिर अली खान अपने पुलिस बल के साथ पूरे समय मौजूद रहे। उन्होंने जुलूस के दौरान यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने और किसी भी प्रकार की अव्यवस्था को रोकने के लिए विशेष निगरानी रखी। थाना प्रभारी ने जोर देकर कहा कि मोहर्रम का यह आयोजन हिंदू-मुस्लिम एकता और भाईचारे का सच्चा प्रतीक है, जिसमें सभी समुदायों के लोग एक साथ मिलकर हिस्सा लेते हैं। पुलिस प्रशासन द्वारा किए गए पुख्ता सुरक्षा इंतजामों और ग्रामीणों के पूर्ण सहयोग के कारण, यह मातमी जुलूस शांतिपूर्ण और सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। पूरे आयोजन के दौरान गाँव में सौहार्द, एकता और सामाजिक समरसता का सकारात्मक वातावरण बना रहा।
- दतिया जिले की ग्राम पंचायत बड़ोंनकला में गुरुवार को मोहर्रम के अवसर पर आस्था और परंपरा का अद्भुत संगम देखने को मिला। इस दौरान बीच वाली राउड से ताजिया उठाया गया, जिसे वर्षों पुरानी परंपरा के अनुसार शिवेंद्र बुंदेला, मुन्ना राजा, छोटे राजा, पग्गू राजा और समस्त बुंदेला परिवार ने कंधा देकर काजियों के चौक के लिए रवाना किया। काजियों के चौक पर पहुंचने के बाद पारंपरिक अखाड़े का आयोजन किया गया, जहां बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने मौजूद रहकर विभिन्न करतब देखे। इस कार्यक्रम में काजी रफीक मोहम्मद, सूफी हसन बाबा, उप सरपंच दिनेश अहिरवार, समाजसेवी कमल किशोर पलया और राम मिलन गुर्जर सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। ग्रामीणों के अनुसार, ताजिया काजियों के चौक से लाल के चौक, हाथी वाली राउड और चूड़ी वाले मोहल्ले से होते हुए पुनः बीच वाली राउड पहुंचेगा। इसके बाद पारंपरिक रस्म 'ठंडा' को पूरा किया जाएगा, जिसके उपरांत ताजिये को करबला ले जाया जाएगा। मोहर्रम के इस अवसर पर पूरे गांव में आपसी भाईचारे, सौहार्द और धार्मिक सद्भाव का माहौल देखने को मिला। वहीं, पुलिस प्रशासन द्वारा किसी भी अप्रिय घटना से बचाव के लिए सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए।1
- झांसी में जिलाधिकारी अब स्वयं यातायात व्यवस्था की निगरानी करेंगे। इस पहल का मुख्य उद्देश्य उन खतरनाक मार्गों को बंद करना है, जिन्हें 'मौत के रास्ते' के तौर पर चिह्नित किया गया है।1
- झांसी के सीपरी बाजार स्थित दीनदयाल नगर में एक धार्मिक स्थल, माता मंदिर में, भक्तों द्वारा सवा करोड़ शिवलिंग बनाने का संकल्प लिया गया है। मंदिर के मुख्य संयोजक भीष्म देव मिश्रा और रेल सेवा निवृत ओमप्रकाश प्रजापति सहित सभी भक्तगणों ने जानकारी दी कि यह संकल्प 8 मार्च से शुरू हुआ था। इस पुनीत कार्य में देश भर के भक्तगणों ने सक्रिय रूप से भाग लिया।1
- झाँसी के बबीना स्थित गणेश मंदिर परिसर में गहोई महिला मंडल द्वारा भारतीय वायु सेना की फ्लाइंग ऑफिसर एकता गुप्ता के सम्मान में एक विशेष समारोह आयोजित किया गया। इस अवसर पर, श्रीमती प्रीति नौगरैया और श्री जय-जय गुप्ता की सुपुत्री, फ्लाइंग ऑफिसर एकता गुप्ता को उनकी गौरवपूर्ण उपलब्धि के लिए पुष्पमालाएँ पहनाकर सम्मानित किया गया। उन्हें एक प्रशस्ति-पत्र के साथ ₹1100 की नगद सम्मान राशि भी भेंट की गई। गहोई महिला मंडल की अध्यक्ष सीमा गुप्ता और कोषाध्यक्ष रीना गुप्ता ने फ्लाइंग ऑफिसर एकता गुप्ता का सम्मान करते हुए कहा कि उनकी सफलता समाज की बेटियों के लिए एक बड़ी प्रेरणा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि यह उपलब्धि प्रत्येक बेटी को बड़े सपने देखने और उन्हें साकार करने का महत्वपूर्ण संदेश देती है। इस समारोह में गहोई महिला मंडल की कई सदस्याएँ जैसे पूनम गुप्ता, कीर्ति गुप्ता, अर्चना गुप्ता, संध्या गुप्ता, प्रियंका गुप्ता, रुचि गुप्ता, सुमन गुप्ता, रजनी गुप्ता, रूबी गुप्ता, सुधा गुप्ता, स्वीटी गुप्ता, नेहा गुप्ता, कीर्ति नौगरइया और दीप्ति गुप्ता उपस्थित रहीं। सभी ने फ्लाइंग ऑफिसर एकता गुप्ता को उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएँ दीं और उनकी राष्ट्रसेवा के लिए मंगलकामनाएँ व्यक्त कीं।1
- उत्तर प्रदेश के झांसी में जल संकट के बीच एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। शहर में जहां एक तरफ लोग पीने के पानी के लिए त्रस्त हैं, वहीं हैवट मार्केट के सामने कई घंटों पहले एक पानी की पाइपलाइन टूट गई है। इस लापरवाही के कारण हजारों लीटर स्वच्छ पानी सड़कों पर लगातार बह रहा है, जिससे भारी जल बर्बादी हो रही है। इस गंभीर स्थिति के बावजूद, जल संस्थान और जल निगम के जिम्मेदार अधिकारी तथा कर्मचारी मौके से नदारद बताए जा रहे हैं। लोगों का आरोप है कि उनकी निष्क्रियता के चलते यह समस्या विकराल रूप ले रही है और बहुमूल्य पानी व्यर्थ जा रहा है।1
- सेवढ़ा क्षेत्र की ग्राम पंचायत भगुवापुरा में मोहर्रम का मातमी जुलूस पूरी आस्था और पुरानी परंपरा के साथ निकाला गया। भगुवापुरा में मस्जिद वाली गली से ताजिया उठाया गया, जिसे मुस्लिम समाज सहित समस्त परिवारों ने कंधा देकर सेवढ़ा के लिए रवाना किया। इस अवसर पर भगुवापुरा थाना प्रभारी शाकिर अली खान ने अपने पुलिस बल के साथ ताजियों के लिए सुरक्षा व्यवस्था के इंतजाम किए, यह सुनिश्चित करते हुए कि कहीं ट्रैफिक की समस्या न हो। थाना प्रभारी ने यह भी बताया कि हिंदू और मुस्लिम भाई 'भाई चेहरे' के साथ तालियों में शामिल हैं। ग्रामीणों ने जानकारी दी कि 'काजियों' से ताजिया उठने के बाद मोहर्रम के दौरान गांव में आपसी भाईचारे और सौहार्द का माहौल दिखाई दिया। पुलिस प्रशासन द्वारा सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे।1
- भाण्डेर तहसील के ग्राम बड़ेरा सोपान में नालियां चोक होने के कारण सड़कों पर पानी भर गया है, जिससे स्थानीय ग्रामीणों को आवागमन में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सड़क पर जलभराव के चलते दोपहिया और चारपहिया वाहनों की आवाजाही बाधित हो गई है, वहीं पैदल चलने वाले लोगों को भी गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ रहा है। शुक्रवार शाम करीब 04 बजे ग्रामीणों ने बताया कि उन्होंने इस गंभीर समस्या को लेकर कई बार संबंधित अधिकारियों को अवगत कराया, लेकिन जिम्मेदार अधिकारियों की अनदेखी के चलते अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। लगातार पानी जमा रहने से आसपास गंदगी फैल रही है और मच्छरों का प्रकोप बढ़ने की आशंका भी बनी हुई है। ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल नालियों की सफाई करवाकर जल निकासी की उचित व्यवस्था करने की मांग की है, ताकि उन्हें जल्द राहत मिल सके और दैनिक आवागमन सुचारु हो सके।1
- दतिया में पावन निर्जला ग्यारस के शुभ अवसर पर, विप्र फाउंडेशन जिला दतिया ने श्री जानकी निवास मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं और राहगीरों के लिए शीतल शरबत वितरण सेवा का आयोजन किया। भीषण गर्मी के बीच आयोजित इस सेवा कार्य का श्रद्धालुओं ने हार्दिक स्वागत करते हुए संगठन की सराहना की। इस अवसर पर विप्र फाउंडेशन के जिला अध्यक्ष सुनील शर्मा ने कहा कि भारतीय संस्कृति में सेवा को सर्वोच्च धर्म माना गया है। उन्होंने आगे कहा कि निर्जला ग्यारस जैसे पवित्र पर्व पर प्यासे लोगों को शीतल पेय उपलब्ध कराना एक पुण्य का कार्य है। शर्मा ने यह भी आश्वस्त किया कि विप्र फाउंडेशन भविष्य में भी समाज के हित और जनसेवा के ऐसे कार्य निरंतर करता रहेगा। सेवा कार्यक्रम में संगठन के अनेक पदाधिकारियों और सदस्यों ने पूरे उत्साह के साथ भाग लिया। उन्होंने मंदिर पहुंचे बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और राहगीरों को शीतल शरबत वितरित किया। इस दौरान अरुण कुमार सिद्ध, मनीष शर्मा, कौशल पाठक, प्रदीप पाण्डेय, दीपेन्द्र तिवारी, प्रशांत दीक्षित और पिंटू शर्मा सहित विप्र फाउंडेशन के कई पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे।1
- भगवापुरा में एक घटना का वीडियो वायरल हो रहा है, जहाँ थरेट थाना और भगवापुरा थाना की सीमा पर खनिज विभाग की टीम पर हमला किया गया। इस हमले को रेत माफियाओं ने अंजाम दिया, जिससे उनके हौसले बुलंद दिखाई दे रहे हैं। इस मामले में अब प्राथमिकी (FIR) दर्ज करने की तैयारी की जा रही है।1