उत्तर प्रदेश के बरेली में समाजवादी पार्टी की सदस्य और एडवोकेट मनीषा सक्सेना ने अपने पड़ोसियों पर मानसिक रूप से प्रताड़ित करने और जान से मारने की धमकी देने का गंभीर आरोप लगाया है। किला थाना क्षेत्र की रहने वाली मनीषा का कहना है कि जब से उन्होंने समाजवादी पार्टी की सदस्यता ली है, तभी से उन्हें लगातार परेशान किया जा रहा है। पीड़िता मनीषा सक्सेना के मुताबिक, उनके पड़ोसी उन्हें ताने मारते हुए कहते हैं कि अब वह समाजवादी पार्टी में शामिल हो गई हैं, इसलिए उन्हें "अस्सलाम वालेकुम" कहना पड़ेगा। जब उन्होंने पड़ोसियों की इस हरकत का विरोध किया, तो उन्हें जान से मारने की धमकियां दी जाने लगीं। इस मामले में पहले पीड़िता के पिता ने किला थाना पुलिस को शिकायत दी थी, लेकिन वहां से कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। पुलिस के रवैये से निराश होकर मनीषा सक्सेना गुरुवार दोपहर करीब 2 बजे बरेली के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) अनुराग आर्य से मिलीं और शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने एसएसपी से अपनी सुरक्षा की गुहार लगाते हुए आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने शिकायत पत्र लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है और जांच के बाद मिलने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई करने की बात कही है।
उत्तर प्रदेश के बरेली में समाजवादी पार्टी की सदस्य और एडवोकेट मनीषा सक्सेना ने अपने पड़ोसियों पर मानसिक रूप से प्रताड़ित करने और जान से मारने की धमकी देने का गंभीर आरोप लगाया है। किला थाना क्षेत्र की रहने वाली मनीषा का कहना है कि जब से उन्होंने समाजवादी पार्टी की सदस्यता ली है, तभी से उन्हें लगातार परेशान किया जा रहा है। पीड़िता मनीषा सक्सेना के मुताबिक, उनके पड़ोसी उन्हें ताने मारते हुए कहते हैं कि अब वह समाजवादी पार्टी में शामिल हो गई हैं, इसलिए उन्हें "अस्सलाम वालेकुम" कहना पड़ेगा। जब उन्होंने पड़ोसियों की इस हरकत का विरोध किया, तो उन्हें जान से मारने की धमकियां दी जाने लगीं। इस मामले में पहले पीड़िता के पिता ने किला थाना पुलिस को शिकायत दी थी, लेकिन वहां से कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। पुलिस के रवैये से निराश होकर मनीषा सक्सेना गुरुवार दोपहर करीब 2 बजे बरेली के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) अनुराग आर्य से मिलीं और शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने एसएसपी से अपनी सुरक्षा की गुहार लगाते हुए आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने शिकायत पत्र लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है और जांच के बाद मिलने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई करने की बात कही है।
- उत्तर प्रदेश के बरेली में समाजवादी पार्टी की सदस्य और एडवोकेट मनीषा सक्सेना ने अपने पड़ोसियों पर मानसिक रूप से प्रताड़ित करने और जान से मारने की धमकी देने का गंभीर आरोप लगाया है। किला थाना क्षेत्र की रहने वाली मनीषा का कहना है कि जब से उन्होंने समाजवादी पार्टी की सदस्यता ली है, तभी से उन्हें लगातार परेशान किया जा रहा है। पीड़िता मनीषा सक्सेना के मुताबिक, उनके पड़ोसी उन्हें ताने मारते हुए कहते हैं कि अब वह समाजवादी पार्टी में शामिल हो गई हैं, इसलिए उन्हें "अस्सलाम वालेकुम" कहना पड़ेगा। जब उन्होंने पड़ोसियों की इस हरकत का विरोध किया, तो उन्हें जान से मारने की धमकियां दी जाने लगीं। इस मामले में पहले पीड़िता के पिता ने किला थाना पुलिस को शिकायत दी थी, लेकिन वहां से कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। पुलिस के रवैये से निराश होकर मनीषा सक्सेना गुरुवार दोपहर करीब 2 बजे बरेली के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) अनुराग आर्य से मिलीं और शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने एसएसपी से अपनी सुरक्षा की गुहार लगाते हुए आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने शिकायत पत्र लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है और जांच के बाद मिलने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई करने की बात कही है।1
- बरेली के कैंट थाना क्षेत्र के ग्राम कांधरपुर में रहने वाले 16 वर्षीय अनमोल कश्यप की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है। अनमोल के परिजनों ने उसके दोस्त हर्ष और उसके साथियों पर हत्या का सीधा आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की है। मृतक की बहन पूजा के अनुसार, अनमोल लाल फाटक, बदायूं रोड स्थित एक ढाबे पर काम करता था और बुधवार रात करीब 10 बजे ही वह घर लौटा था। आरोप है कि इसके बाद रात करीब 11 बजे उसका दोस्त हर्ष एक टेंपो लेकर उनके घर पहुंचा और अनमोल को अपने साथ बुलाकर ले गया। अनमोल की बहन पूजा का कहना है कि घर से जाते समय अनमोल ने यह आशंका जताई थी कि "ये लोग मुझे मार देंगे" और उसने अपनी मां को इस बारे में कुछ भी न बताने की कसम दी थी। परिजनों का आरोप है कि देर रात हर्ष ने अपनी पहचान की एक युवती को फोन कर बताया कि अनमोल का एक्सीडेंट हो गया है और उसकी मौत हो चुकी है, जिसके बाद उस युवती ने पूजा को इसकी सूचना दी। खबर मिलते ही जब परिवार वाले मौके पर पहुंचे तो वहां कोई नहीं मिला। बाद में पता चला कि अनमोल का शव जिला अस्पताल की मोर्चरी में रखा हुआ है। परिजनों का आरोप है कि हर्ष जिला अस्पताल में गलत मोबाइल नंबर दर्ज कराकर वहां से फरार हो गया और हर्ष ने ही अनमोल की हत्या की है। इस मामले में कैंट थाना प्रभारी ने जानकारी दी है कि अभी तक पुलिस को कोई तहरीर प्राप्त नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि तहरीर मिलने के बाद मामले की जांच कर आवश्यक विधिक कार्रवाई की जाएगी। इस घटना को लेकर मृतक के पिता नन्हे और बहन पूजा ने अपना बयान देकर इंसाफ की मांग की है।1
- बरेली जिले के दुनका निवासी ट्रांसपोर्टर रिजवान अली ने एक ट्रक चालक पर 374 क्विंटल 80 किलोग्राम कार्बन पाउडर और लाखों रुपये हड़पने का गंभीर आरोप लगाया है। रिजवान अली दुनका गांव में 'अली ट्रांसपोर्ट' नाम से व्यवसाय चलाते हैं। उन्होंने 30 मई 2026 को ट्रक संख्या UP-27 BT-2975 में ओडिशा के झारसुगुड़ा से रामपुर भेजने के लिए कार्बन पाउडर लोड कराया था। इस माल को तीन से चार दिन में पहुंचाने के लिए कुल ₹1,46,172 किराया तय हुआ था, जिसमें से ₹89,000 का भुगतान यूपीआई के जरिए किया जा चुका था। आरोप है कि रवाना होने के अगले दिन ही ट्रक चालक रवि कुमार ने फोन कर इंजन खराब होने का बहाना बनाया। इसके बाद वह लगातार 19 दिनों तक अलग-अलग बहाने बनाकर मामले को टालता रहा। जब ट्रांसपोर्टर ने दोबारा दबाव बनाकर माल के बारे में पूछा, तो चालक ने जानकारी देने से साफ इनकार कर दिया और अपना फोन बंद कर लिया। पीड़ित को अंदेशा है कि चालक ने धोखाधड़ी कर पूरे माल और किराए के पैसों को रास्ते में ही कहीं हड़प लिया है। इस मामले को लेकर पीड़ित ने पुलिस चौकी दुनका, पुलिस चौकी रिठौरा और हाफिजगंज थाने में शिकायत की, लेकिन कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद 24 जून 2026 को पुलिस अधिकारियों के समक्ष प्रार्थना-पत्र प्रस्तुत करने पर शाही थाना पुलिस को कार्रवाई के निर्देश दिए गए। पीड़ित ने इसी दिन जनसुनवाई पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कराई है, जिसकी संदर्भ संख्या 40015026032244 है। पीड़ित ने पुलिस से माल की बरामदगी और आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। अब देखना यह है कि पुलिस इस मामले की जांच कब तक पूरी करती है और गायब हुए माल का पता कब तक लगाया जाता है।1
- बरेली के सीबीगंज थाना क्षेत्र में एक महिला ने दबंगों के ऊपर गंभीर आरोप लगाए हैं। इस मामले को लेकर पीड़ित महिला ने इंसाफ की गुहार लगाई है।1
- बरेली के किला थाना क्षेत्र की रहने वाली समाजवादी पार्टी की नेता और एडवोकेट मनीषा सक्सेना ने अपने ही पड़ोसियों पर मानसिक रूप से प्रताड़ित करने और जान से मारने की धमकी देने का गंभीर आरोप लगाया है। मनीषा सक्सेना का कहना है कि जैसे ही उन्होंने समाजवादी पार्टी की सदस्यता ली, तभी से उन्हें प्रताड़ित किया जाने लगा है। उनका आरोप है कि पड़ोसी उन्हें धमकाते हुए कहते हैं कि अब समाजवादी पार्टी जॉइन कर ली है तो "अस्सलाम वालेकुम" कहना पड़ेगा, और विरोध करने पर उन्हें जान से मारने की धमकियां दी जा रही हैं। पीड़ित पक्ष का कहना है कि इस मामले में उनके पिता ने पहले किला थाना पुलिस से शिकायत की थी, लेकिन वहां से कोई कार्रवाई नहीं हुई। स्थानीय पुलिस से निराश होकर अब एडवोकेट मनीषा सक्सेना सीधे बरेली के एसएसपी अनुराग आर्य के पास गुहार लगाने पहुंची हैं और अपनी सुरक्षा के साथ-साथ आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। गुरुवार दोपहर करीब 2:00 बजे पीड़िता ने खुद इस मामले की जानकारी दी। फिलहाल यह पूरा मामला अब राजनीतिक रंग पकड़ता दिखाई दे रहा है और देखना होगा कि एसएसपी इस पर क्या कदम उठाते हैं।1
- बरेली के थाना कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत रास्ते के विवाद से क्षुब्ध होकर एक व्यक्ति ने कलेक्ट्रेट गेट पर आकर ज्वलनशील पदार्थ डाल दिया। इस मामले की सूचना मिलने के बाद पुलिस द्वारा आवश्यक कार्रवाई की जा रही है। इस पूरे प्रकरण और की जा रही पुलिसिया कार्रवाई के संबंध में बरेली के सीओ सिटी 1 (CO CITY 1) आशुतोष शिवम ने आधिकारिक तौर पर जानकारी साझा की है।1
- ऑल इंडिया मुस्लिम मजलिस पार्टी के उत्तर प्रदेश संगठन मंत्री, प्रवक्ता और विधानसभा अध्यक्ष मुख्तार अहमद ने विधानसभा में मौजूद दागी जनप्रतिनिधियों के खिलाफ जांच कराने की मांग उठाई है। उन्होंने मांग की है कि वर्तमान में विधानसभा के भीतर जितने भी दागी जनप्रतिनिधि मौजूद हैं, उनके मामलों की जांच के लिए एक विशेष कोर्ट (स्पेशल कोर्ट) का गठन किया जाए। इसके साथ ही उन्होंने मांग की है कि सभी राजनीतिक दल आने वाले 2027 के विधानसभा चुनाव में साफ-सुथरी छवि वाले प्रतिनिधियों को ही टिकट का आवंटन करें। मुख्तार अहमद का कहना है कि विधानसभा, जिला पंचायत और नगर पंचायत में मौजूद ऐसे दागी जनप्रतिनिधि और विधायक जिन पर 10 से अधिक मुकदमे दर्ज हैं, उन पर इस विशेष कोर्ट के माध्यम से मुकदमा चलाया जाना चाहिए। उन्होंने विशेष तौर पर मांग की है कि जिन प्रतिनिधियों पर हत्या, बलात्कार और राजकीय कोष के धन की लूट के मुकदमे हैं, उनके खिलाफ विशेष कोर्ट में तत्काल मुकदमा चलाकर कड़ी कार्रवाई की जाए।2
- बरेली के कलेक्ट्रेट गेट पर गुरुवार दोपहर उस समय हड़कंप मच गया जब मीरगंज थाना क्षेत्र के खमरिया साहनी गांव के रहने वाले लाल सिंह गंगवार ने जिलाधिकारी की गाड़ी पहुंचते ही अपने ऊपर पेट्रोल उड़ेलकर आत्मदाह का प्रयास किया। मौके पर तैनात पुलिसकर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए तुरंत लाल सिंह को पकड़ लिया और पेट्रोल की बोतल छीन ली, जिससे एक बड़ा हादसा होने से टल गया। पीड़ित लाल सिंह गंगवार का आरोप है कि उनके पड़ोस में रहने वाले एक होमगार्ड ने उनके घर तक जाने वाले सरकारी रास्ते को बंद कर रखा है। इस गंभीर समस्या को लेकर उन्होंने कई बार प्रशासनिक अधिकारियों से गुहार लगाई और शिकायतें कीं, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। हैरान करने वाली बात यह है कि राजस्व विभाग की जांच में भी सरकारी रास्ता बंद होने की पुष्टि हो चुकी थी और जांच रिपोर्ट में समय रहते कार्रवाई न होने पर किसी बड़ी घटना की आशंका भी जताई गई थी। लगातार हो रही अनदेखी के कारण इंसाफ न मिलने से परेशान होकर लाल सिंह का सब्र टूट गया और उन्होंने यह आत्मघाती कदम उठाने की कोशिश की। इस घटना के तुरंत बाद पुलिस ने लाल सिंह को हिरासत में ले लिया और उन्हें समझा-बुझाकर शांत कराया। वहीं, प्रशासन का कहना है कि पूरे मामले की दोबारा जांच कराई जाएगी और सरकारी रास्ते की इस समस्या का स्थायी समाधान निकाला जाएगा।1